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- Dec 5, 2013
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तब नुसरत को फिर से कुछ याद आटा है तब वो फिर से नवाज़ को कॉल लगाती है
"झगड़ा उनके वजह से hi तोह हुआ न?"
नुसरत ने अगला सवाल दागा.
नवाज़ ने सफाई दी,
"नहीं, नीता के साथ झगड़ा उनके वजह से कैसे होगा?"
"मैं नीता की नहीं, उस मॉल की पार्किंग वाले झगडे के बारे में बोल रही हूँ,"
नुसरत ने साफ़ किया.
नवाज़ ठिठक गया.
"आपको किसने बोलै?"
"किसने भी बोलै हो... पर बात सच है न?"
नुसरत की आवाज़ में फ़िक्र थी.
नवाज़ कुछ नहीं बोलै. उसने देखा की आरती उसे शक भरी नज़रों से देख रही है.

नवाज़ ने बात ख़तम करने की कोशिश करते हुए कहा,
"आप, अब मैं रखता हूँ, रस्ते में हूँ."
उसने तुरंत फ़ोन काट दिया और एक गहरी सांस ली. रात की ठंडी हवा में अब थोड़ी गर्मी आ गयी थी.
आरती ने फ़ोन पर्स में रखते हुए पूछा,
"नुसरत आप को मॉल वाली बात कैसे पता चली? और वो मेरे बारे में ऐसा क्यों बोल रही थी?"
नवाज़ ने बाइक की रफ़्तार बधाई और कुटिल मुस्कान के साथ उसके गाल को किश करते हुई बोलै,

"दुनिया है रानी... लोगों का काम है बोलना. तू बस परसो का याद रख."
कोण है साथ .. मेमसाब है न
नहीं है
ठीक है मई वीडियो कॉल करती हु
तू जानती है न मेरा छोटा मोबाइल है उसमे वीडियो नहीं होता
what's अप्प मई तो होता है न
मैंने नया मोबाइल लिया है .. अभी तक उसमे व्हाटप्प डाउनलोड नहीं किया है
मुझसे झूट मत बोल
झूट नहीं सच
कोनसा लिया है
ीफोने
उसके मू से निकल गया तब आरती आपने सर को मार लेती है
पर नुसरत आप कहाँ मैंने वाली थी, उनका शक यक़ीन में बदल रहा था. उसने फिर से कॉल किया
"फ़ोन क्यों रखा मेरा ! पहले बता कौन है साथ... मेमसाब है न तेरे साथ?"
"नहीं है आप, क्यों baar-baar वही बोल रही हो,"
नवाज़ ने ढीठपन से झूट बोलै.
"ठीक है, अगर नहीं है तोह मई वीडियो कॉल करती हूँ, दिखा मुझे अपना दोस्त,"
नुसरत ने सीधा चैलेंज दे दिया.
नवाज़ थोड़ा हड़बड़ाया पर दिमाग चलाया,
"आप, तू जानती है न मेरा छोटा मोबाइल है, उसमें वीडियो कॉल नहीं होता."
नुसरत ने तुरंत पकड़ लिया,
"व्हाट्सप्प में तोह होता है न? आज कल सबके पास है होता है what's अप्प."
नवाज़ ने फास्ट हुए देख नया बहाना बनाया,
"आप, मैंने नया मोबाइल लिया है... अभी तक उसमें व्हाट्सप्प डाउनलोड नहीं किया है."
"मुझसे झूट मत बोल नवाज़!
झूठ नहीं बोल रहा हु
बता कौनसा मोबाइल लिया है?"
नुसरत ने सख्ती से पूछा.
नवाज़ की जुबां फिसल गयी और उत्तेजना में उसके मुंह से निकल गया,
"ीफोने!"
जैसे hi उसने 'ीफोने' कहा, आरती ने शर्म और गुस्से में अपना सर पीट लिया. उसे पता था की अब नवाज़ बुरी तरह फस गया है. ीफोने बोलते hi नुसरत आप का शक पक्का हो गया की एक नौकर के पास इतना मेहेंगा फ़ोन कहाँ से आया.
"ीफोने?!"
नुसरत की आवाज़ हैरानी से पहात गयी.
"तेरे पास इतने पैसे कहाँ से आये? और अगर ीफोने है तोह उसमें वीडियो कॉल क्यों नहीं हो सकता? नवाज़, तू पक्का मेमसाब के साथ है! वो तुझे बिगड़ रही हैं."
आरती ने नवाज़ की कमर पर एक ज़ोर की चुटकी काटी और धीरे से घुरैया,
"पागल हो क्या? ीफोने क्यों बोलै?"
नवाज़ ने घबरा कर फ़ोन काट दिया और बाइक की रफ़्तार और तेज़ कर दी. उसका चेहरा पसीने से तर था.
"अरे रानी, गलती से निकल गया... अब आप पीछा नहीं छोड़ेगी."
आरती ने परेशानी में कहा,
"अब कल कंचन और सब लोग मुझसे सवाल करेंगे. आपकी एक गलती हमें मुसीबत में दाल देगी."
नवाज़ ने जब 'ीफोने' बोलै तोह नुसरत आप का शक यक़ीन में बदल गया. उन्होंने तुरंत अगला सवाल दागा,
"ीफोने किसने दिया? मेमसाब ने?"
नवाज़ ने हड़बड़ाते हुए संभाला,
"पागल हो क्या आप? मेमसाब क्यों देंगी? मैंने अपनी कमाई से लिया है."
नुसरत आप कहाँ मैंने वाली थी, उन्होंने ज़िद्द पकड़ ली,
"ठीक है, मैं वीडियो कॉल करती हूँ, ीफोने में तोह होता hi है. दिखा मुझे कौन है तेरे साथ."
नवाज़ ने देखा की अब बचने का कोई रास्ता नहीं है. उसने तुरंत बाइक साइड में रोकी. आरती घबरा गयी,
"नवाज़ जी, ये क्या कर रहे हो? वो मुझे देख लेंगी!"
नवाज़ ने कुटिल मुस्कान के साथ आरती को थोड़ा बाजु किया और उसे अँधेरे में पेड़ के पीछे छुपने का इशारा किया. फिर उसने नुसरत आप का वीडियो कॉल उठाया.
"देख लिया आप? मेमसाब नहीं है यहाँ,"
नवाज़ ने कैमरा चरों तरफ घुमाया, पर आरती को इतनी सफाई से बचाया की वो फ्रेम में नहीं आयी.
नुसरत आप ने स्क्रीन पर घूरा,
"ठीक है, मेमसाब नहीं है... पर तेरा वो दोस्त कहाँ है जिसके बारे में बोल रहा था?"
नवाज़ ने बिना सोचे तुरंत ढीठपन से जवाब दिया,
"वो... वो मूतने गया है! अब क्या उसका भी वीडियो दिखाऊं?"
नुसरत आप थोड़ा शर्मा गयी और चिढ कर बोली,
"बेशरम! चल रखती हूँ अब."
फ़ोन kat-te hi नवाज़ ने चैन की सांस ली और आरती को अँधेरे से बहार बुलाया. आरती भांपते हुए आयी और उसके सीने पर हाथ मार कर बोली,
"आप तोह एक नंबर के झूठे हो! मूतने गया है... कुछ भी बोल देते हो!"
नवाज़ ने हस्ते हुए उसे फिर से बाइक पर बिठा लिया और बोलै,
"रानी, तुम्हारे लिए तोह पूरी दुनिया से झूट बोल दूँ. चलो अब, रास्ता साफ़ है."
"झगड़ा उनके वजह से hi तोह हुआ न?"
नुसरत ने अगला सवाल दागा.
नवाज़ ने सफाई दी,
"नहीं, नीता के साथ झगड़ा उनके वजह से कैसे होगा?"
"मैं नीता की नहीं, उस मॉल की पार्किंग वाले झगडे के बारे में बोल रही हूँ,"
नुसरत ने साफ़ किया.
नवाज़ ठिठक गया.
"आपको किसने बोलै?"
"किसने भी बोलै हो... पर बात सच है न?"
नुसरत की आवाज़ में फ़िक्र थी.
नवाज़ कुछ नहीं बोलै. उसने देखा की आरती उसे शक भरी नज़रों से देख रही है.

नवाज़ ने बात ख़तम करने की कोशिश करते हुए कहा,
"आप, अब मैं रखता हूँ, रस्ते में हूँ."
उसने तुरंत फ़ोन काट दिया और एक गहरी सांस ली. रात की ठंडी हवा में अब थोड़ी गर्मी आ गयी थी.
आरती ने फ़ोन पर्स में रखते हुए पूछा,
"नुसरत आप को मॉल वाली बात कैसे पता चली? और वो मेरे बारे में ऐसा क्यों बोल रही थी?"
नवाज़ ने बाइक की रफ़्तार बधाई और कुटिल मुस्कान के साथ उसके गाल को किश करते हुई बोलै,

"दुनिया है रानी... लोगों का काम है बोलना. तू बस परसो का याद रख."
कोण है साथ .. मेमसाब है न
नहीं है
ठीक है मई वीडियो कॉल करती हु
तू जानती है न मेरा छोटा मोबाइल है उसमे वीडियो नहीं होता
what's अप्प मई तो होता है न
मैंने नया मोबाइल लिया है .. अभी तक उसमे व्हाटप्प डाउनलोड नहीं किया है
मुझसे झूट मत बोल
झूट नहीं सच
कोनसा लिया है
ीफोने
उसके मू से निकल गया तब आरती आपने सर को मार लेती है
पर नुसरत आप कहाँ मैंने वाली थी, उनका शक यक़ीन में बदल रहा था. उसने फिर से कॉल किया
"फ़ोन क्यों रखा मेरा ! पहले बता कौन है साथ... मेमसाब है न तेरे साथ?"
"नहीं है आप, क्यों baar-baar वही बोल रही हो,"
नवाज़ ने ढीठपन से झूट बोलै.
"ठीक है, अगर नहीं है तोह मई वीडियो कॉल करती हूँ, दिखा मुझे अपना दोस्त,"
नुसरत ने सीधा चैलेंज दे दिया.
नवाज़ थोड़ा हड़बड़ाया पर दिमाग चलाया,
"आप, तू जानती है न मेरा छोटा मोबाइल है, उसमें वीडियो कॉल नहीं होता."
नुसरत ने तुरंत पकड़ लिया,
"व्हाट्सप्प में तोह होता है न? आज कल सबके पास है होता है what's अप्प."
नवाज़ ने फास्ट हुए देख नया बहाना बनाया,
"आप, मैंने नया मोबाइल लिया है... अभी तक उसमें व्हाट्सप्प डाउनलोड नहीं किया है."
"मुझसे झूट मत बोल नवाज़!
झूठ नहीं बोल रहा हु
बता कौनसा मोबाइल लिया है?"
नुसरत ने सख्ती से पूछा.
नवाज़ की जुबां फिसल गयी और उत्तेजना में उसके मुंह से निकल गया,
"ीफोने!"
जैसे hi उसने 'ीफोने' कहा, आरती ने शर्म और गुस्से में अपना सर पीट लिया. उसे पता था की अब नवाज़ बुरी तरह फस गया है. ीफोने बोलते hi नुसरत आप का शक पक्का हो गया की एक नौकर के पास इतना मेहेंगा फ़ोन कहाँ से आया.
"ीफोने?!"
नुसरत की आवाज़ हैरानी से पहात गयी.
"तेरे पास इतने पैसे कहाँ से आये? और अगर ीफोने है तोह उसमें वीडियो कॉल क्यों नहीं हो सकता? नवाज़, तू पक्का मेमसाब के साथ है! वो तुझे बिगड़ रही हैं."
आरती ने नवाज़ की कमर पर एक ज़ोर की चुटकी काटी और धीरे से घुरैया,
"पागल हो क्या? ीफोने क्यों बोलै?"
नवाज़ ने घबरा कर फ़ोन काट दिया और बाइक की रफ़्तार और तेज़ कर दी. उसका चेहरा पसीने से तर था.
"अरे रानी, गलती से निकल गया... अब आप पीछा नहीं छोड़ेगी."
आरती ने परेशानी में कहा,
"अब कल कंचन और सब लोग मुझसे सवाल करेंगे. आपकी एक गलती हमें मुसीबत में दाल देगी."
नवाज़ ने जब 'ीफोने' बोलै तोह नुसरत आप का शक यक़ीन में बदल गया. उन्होंने तुरंत अगला सवाल दागा,
"ीफोने किसने दिया? मेमसाब ने?"
नवाज़ ने हड़बड़ाते हुए संभाला,
"पागल हो क्या आप? मेमसाब क्यों देंगी? मैंने अपनी कमाई से लिया है."
नुसरत आप कहाँ मैंने वाली थी, उन्होंने ज़िद्द पकड़ ली,
"ठीक है, मैं वीडियो कॉल करती हूँ, ीफोने में तोह होता hi है. दिखा मुझे कौन है तेरे साथ."
नवाज़ ने देखा की अब बचने का कोई रास्ता नहीं है. उसने तुरंत बाइक साइड में रोकी. आरती घबरा गयी,
"नवाज़ जी, ये क्या कर रहे हो? वो मुझे देख लेंगी!"
नवाज़ ने कुटिल मुस्कान के साथ आरती को थोड़ा बाजु किया और उसे अँधेरे में पेड़ के पीछे छुपने का इशारा किया. फिर उसने नुसरत आप का वीडियो कॉल उठाया.
"देख लिया आप? मेमसाब नहीं है यहाँ,"
नवाज़ ने कैमरा चरों तरफ घुमाया, पर आरती को इतनी सफाई से बचाया की वो फ्रेम में नहीं आयी.
नुसरत आप ने स्क्रीन पर घूरा,
"ठीक है, मेमसाब नहीं है... पर तेरा वो दोस्त कहाँ है जिसके बारे में बोल रहा था?"
नवाज़ ने बिना सोचे तुरंत ढीठपन से जवाब दिया,
"वो... वो मूतने गया है! अब क्या उसका भी वीडियो दिखाऊं?"
नुसरत आप थोड़ा शर्मा गयी और चिढ कर बोली,
"बेशरम! चल रखती हूँ अब."
फ़ोन kat-te hi नवाज़ ने चैन की सांस ली और आरती को अँधेरे से बहार बुलाया. आरती भांपते हुए आयी और उसके सीने पर हाथ मार कर बोली,
"आप तोह एक नंबर के झूठे हो! मूतने गया है... कुछ भी बोल देते हो!"
नवाज़ ने हस्ते हुए उसे फिर से बाइक पर बिठा लिया और बोलै,
"रानी, तुम्हारे लिए तोह पूरी दुनिया से झूट बोल दूँ. चलो अब, रास्ता साफ़ है."








