- Joined
- Dec 5, 2013
- Messages
- 146,241
अपडेट 36
दोनों कुछ देर ऐसे hi चल कर बातें करते rahe…Fir अतुल एक जगह बैठ गया.
अतुल:- अब्ब सच में थक गया.
निशा को अतुल की बात पर थोड़ा हंसी आ गयी.
निशा:- (हँसते हुए) अब्ब क्या हो गया? कुछ देर पहले तो कह रहे थे की बहुत स्टैमिना hai…Abb क्या हो गया? अब्ब तो अच्छे से चल भी नहीं पा रहे हो.
अतुल:- थक गया हु लेकिन इतना भी नहीं की चल hi न paau…Thoda एनर्जी बचा रहा hu…Waapas भी तो जाना है.
निशा:- अच्छा तो ये बात है.
अतुल:- एक और वजह भी है.
निशा:- क्या?
अतुल:- बता दू क्या?
अतुल ने अपना सुन गिलास उतार कर थोड़ा स्टाइल में कहा.
निशा:- ऐसी क्या बात है और बात को घुमा क्यों रहे ho…Jo भी वजह है सीधे बता दो.
अतुल:- वजह ये है की.
निशा:- अब्ब बताओगे भी?
निशा भी अब्ब थोड़ी इर्रिटेट हो रही थी.
अतुल:- क्या तुम सुन पाओगी?
अतुल को निशा की हालत पर मजा आ रहा था.
निशा:- वो तो पता नहीं लेकिन तुम इसी तरह बकवास करते रहे तो इतना मारूंगी की तुम बोल नहीं पाओगे.
अतुल ने डरने की एक्टिंग करते हुए कहा.
अतुल:- इतना बड़ा धमकी.
अगर सुन्ना hi चाहती हो तो suno…Tumhaari बोरिंग बातें सुन सुन कर मेरा कान भी थक गया है.
अतुल की बात सुन कर निशा उसको घूरने लगती hai…Fir कुछ देर इसी तरह दोनों में हंसी मजाक चलता है.
अतुल:- निशा एक बात पूछना चाहता hu…Sach bataana…Waise पूछने का कोई मतलब भी नहीं है फिर भी पूछ रहा हु.
निशा ने कुछ कहा nahi…Aankho से hi सहमति दिया उसने.
अतुल:- क्या तुम किसी से प्यार करती हो?
अतुल की इस सवाल पर निशा अचानक से चौंक gayi…Wo कुछ नहीं बोली बस अतुल को hi देखती रही.
अतुल:- तुम मुझसे हमेशा प्यार के बारे में पूछती रहती हो na…Issi लिए लगा की कही तुम किसी से प्यार तो नहीं करती और इसी लिए प्यार में तुम्हारा इंटरेस्ट ज्यादा है.
निशा को कुछ न बोलता देख अतुल ने फिर से pucha…Iss बार भी निशा चुप hi रही.
अतुल:- अगर बताना नहीं चाहती तो भी कोई बात नहीं.
अतुल के कहने के कुछ देर बाद hi निशा बोली.
निशा:- Ha…Karne लगी हु किसी से प्यार.
बहुत सोचने के बाद निशा ने कहा.
निशा की इस बात से अतुल को थोड़ा ख़ुशी और थोड़ा हैरानी दोनों हो रहा tha…Khushi इस लिए की उसके दोस्त के साथ अच्छा हो रहा था और जैसा लड़का वो चाहती थी वैसा उससे मिल गया और हैरानी इस लिए की निशा की इस जवाब का उम्मीद नहीं था.
अतुल:- Congratulations…Aur वो लकी कौन है?
अतुल ने मुस्कुराते हुए बहुत ख़ुशी के साथ kaha…Lekin उसका इस रिप्लाई निशा को बिलकुल पसंद नहीं आया.
भले hi वो प्यार अतुल से करती थी लेकिन अतुल का कुछ ख़ास फर्क न पांडा उससे बिलकुल भी अच्छा नहीं लग रहा tha…Jaanti तो वो भी पहले से थी की अतुल उससे प्यार नहीं करता और अतुल का खुस होने से उससे एक और साबुत मिल गया.
निशा:- ये थोड़ा सीक्रेट hai…Vakt आने पर बता दूंगी.
निशा ने अपने इमोशंस पर कण्ट्रोल करते हुए कहा.
अतुल:- Ok…Jab ठीक लगे बता dena…Ha एक और baat…Jitna जल्दी हो सके प्रोपोज़ कर देना वर्ण कोई और लड़की उससे ले कर न भाग jaaye…Ladke भी दो टाइप के होते hai…Ek मेरे टाइप जिससे प्यार पर भरोषा नहीं होता और दूसरा जिन्हे बहुत जल्दबाज़ी होते hai…Aur अट्रैक्शन को भी प्यार समझ कर जल्दबाज़ी में रिलेशनशिप में चले जाते है.
अतुल ने हँसते हुए कहा.
निशा:- प्रोपोज़ तो कर देती पर वो थोड़ा बुद्धू hai…Abhi प्यार के बारे में ज्यादा नहीं जानता है wo…Lekin कब तक bachega…Pyar करना और प्यार पर विश्वास करना उससे सीखा hi दूंगी.
निशा ने ये बात अतुल की आँखों में देख कर kaha…Uski बातो में एक अलग hi हौसला था.
लेकिन अतुल निशा की इंदिरेक्ट बात को समझ नहीं पाया.
अतुल:- अगर फिर भी तुम्हारा प्यार को इंकार करे तो मुझे बता na…Kaan के निचे दो थप्पड़ lagaaunga…Apne आप लाइन में आ जाएगा.
अतुल ने हँसते हुए kaha…Aur निशा को भी उसकी इस बात पर हंसी aaya…Atul का खुद को hi मारने की बात सोच सोच कर वो हांसे जा रही थी.
निशा:- खबरदार जो आगे फिर ऐसा कुछ बोलै to…Usko मारने का हक़ सिर्फ मेरे पास है और किसी के पास नहीं.
निशा की बात पर अतुल थोड़ा मुस्कुराया.
अतुल:- मुझे प्यार में ज्यादा इंटरेस्ट नहीं hai…Lekin तुम्हे कभी एडवाइस नहीं दूंगा की तुम भी प्यार मत karo…Agar लड़का अच्छा है और जिंदगी भर साथ निभाने वाला है तो जरूर karo…Sacha प्यार अगर किसी को मिल जाए तो उसका जिंदगी स्वर्ग से काम नहीं है.
बस इतना याद रखना की कभी चालबाज़ लड़के से प्यार मत कर baithna…Dhokha hi milega…Aise लड़के बहुत देखा है मैंने bhi…Sabhi लड़के अच्छे भी नहीं होते है.
निशा:- बात तो तुम्हारा सच hai…Aur मई आँख बंद कर उस पर विश्वास कर सकती hu…Wo कोई चालबाज़ नहीं है.
अतुल:- होप ये सिर्फ कॉन्फिडेंस hai…Over कॉन्फिडेंस nahi…Mai यही दुआ करूँगा की जिस किसी को भी तुमने पसंद किया है वो तुम्हे मिल जाए और तुम दोनों का प्यार हमेशा के लिए सही सलामत रहे.
मई भी और खुस हो jaaunga…Meri जिंदगी में और है भी क्या पढ़ाई, घर के लिए जिम्मेदारी और दोस्ती के alawa…Dosto को खुस देख मई भी खुस हो जाऊँगा.
अतुल की बातो से hi लग रहा था की जो दुआ उसने माँगा है वो सच्चे दिल से माँगा hai…Aur यही बात दिखा रहा था की कितनी जल्द अतुल और निशा का दोस्ती इतना गहरा हो गया है.
निशा:- मई भी यही दुआ करती हु की तुम्हारा माँगा हुआ दुआ सच हो जाए.
निशा ने मुस्कुरा कर कहा और अतुल को देखने lagi…Usko अतुल पर बहुत ज्यादा प्यार आ रहा tha…Atul की बातें और जितना भी अतुल को वो जान रही थी उससे वो और भी इम्प्रेस हो रही थी.
अब्ब निशा को भी लग रहा था की अतुल से प्यार करके उसने कोई गलती नहीं किया hai…Abb बस उसको एक hi काम करना बाकी tha…Atul को प्यार पर विश्वास दिलाना और ये एहसास दिलाना की वो अतुल से कितना प्यार करती है.
लेकिन इस बार अतुल ने निशा की बात पर बिलकुल भी ध्यान नहीं diya…Wo एक अनजाना सा खतरा को महसूस कर रहा था और हर बढ़ते वक्त के साथ उसके चेहरे के भाव बदलता जा रहा tha…Nisha भी कुछ समझ नहीं पा रही थी अतुल की हालत देख कर.
तभी…
दोनों कुछ देर ऐसे hi चल कर बातें करते rahe…Fir अतुल एक जगह बैठ गया.
अतुल:- अब्ब सच में थक गया.
निशा को अतुल की बात पर थोड़ा हंसी आ गयी.
निशा:- (हँसते हुए) अब्ब क्या हो गया? कुछ देर पहले तो कह रहे थे की बहुत स्टैमिना hai…Abb क्या हो गया? अब्ब तो अच्छे से चल भी नहीं पा रहे हो.
अतुल:- थक गया हु लेकिन इतना भी नहीं की चल hi न paau…Thoda एनर्जी बचा रहा hu…Waapas भी तो जाना है.
निशा:- अच्छा तो ये बात है.
अतुल:- एक और वजह भी है.
निशा:- क्या?
अतुल:- बता दू क्या?
अतुल ने अपना सुन गिलास उतार कर थोड़ा स्टाइल में कहा.
निशा:- ऐसी क्या बात है और बात को घुमा क्यों रहे ho…Jo भी वजह है सीधे बता दो.
अतुल:- वजह ये है की.
निशा:- अब्ब बताओगे भी?
निशा भी अब्ब थोड़ी इर्रिटेट हो रही थी.
अतुल:- क्या तुम सुन पाओगी?
अतुल को निशा की हालत पर मजा आ रहा था.
निशा:- वो तो पता नहीं लेकिन तुम इसी तरह बकवास करते रहे तो इतना मारूंगी की तुम बोल नहीं पाओगे.
अतुल ने डरने की एक्टिंग करते हुए कहा.
अतुल:- इतना बड़ा धमकी.
अगर सुन्ना hi चाहती हो तो suno…Tumhaari बोरिंग बातें सुन सुन कर मेरा कान भी थक गया है.
अतुल की बात सुन कर निशा उसको घूरने लगती hai…Fir कुछ देर इसी तरह दोनों में हंसी मजाक चलता है.
अतुल:- निशा एक बात पूछना चाहता hu…Sach bataana…Waise पूछने का कोई मतलब भी नहीं है फिर भी पूछ रहा हु.
निशा ने कुछ कहा nahi…Aankho से hi सहमति दिया उसने.
अतुल:- क्या तुम किसी से प्यार करती हो?
अतुल की इस सवाल पर निशा अचानक से चौंक gayi…Wo कुछ नहीं बोली बस अतुल को hi देखती रही.
अतुल:- तुम मुझसे हमेशा प्यार के बारे में पूछती रहती हो na…Issi लिए लगा की कही तुम किसी से प्यार तो नहीं करती और इसी लिए प्यार में तुम्हारा इंटरेस्ट ज्यादा है.
निशा को कुछ न बोलता देख अतुल ने फिर से pucha…Iss बार भी निशा चुप hi रही.
अतुल:- अगर बताना नहीं चाहती तो भी कोई बात नहीं.
अतुल के कहने के कुछ देर बाद hi निशा बोली.
निशा:- Ha…Karne लगी हु किसी से प्यार.
बहुत सोचने के बाद निशा ने कहा.
निशा की इस बात से अतुल को थोड़ा ख़ुशी और थोड़ा हैरानी दोनों हो रहा tha…Khushi इस लिए की उसके दोस्त के साथ अच्छा हो रहा था और जैसा लड़का वो चाहती थी वैसा उससे मिल गया और हैरानी इस लिए की निशा की इस जवाब का उम्मीद नहीं था.
अतुल:- Congratulations…Aur वो लकी कौन है?
अतुल ने मुस्कुराते हुए बहुत ख़ुशी के साथ kaha…Lekin उसका इस रिप्लाई निशा को बिलकुल पसंद नहीं आया.
भले hi वो प्यार अतुल से करती थी लेकिन अतुल का कुछ ख़ास फर्क न पांडा उससे बिलकुल भी अच्छा नहीं लग रहा tha…Jaanti तो वो भी पहले से थी की अतुल उससे प्यार नहीं करता और अतुल का खुस होने से उससे एक और साबुत मिल गया.
निशा:- ये थोड़ा सीक्रेट hai…Vakt आने पर बता दूंगी.
निशा ने अपने इमोशंस पर कण्ट्रोल करते हुए कहा.
अतुल:- Ok…Jab ठीक लगे बता dena…Ha एक और baat…Jitna जल्दी हो सके प्रोपोज़ कर देना वर्ण कोई और लड़की उससे ले कर न भाग jaaye…Ladke भी दो टाइप के होते hai…Ek मेरे टाइप जिससे प्यार पर भरोषा नहीं होता और दूसरा जिन्हे बहुत जल्दबाज़ी होते hai…Aur अट्रैक्शन को भी प्यार समझ कर जल्दबाज़ी में रिलेशनशिप में चले जाते है.
अतुल ने हँसते हुए कहा.
निशा:- प्रोपोज़ तो कर देती पर वो थोड़ा बुद्धू hai…Abhi प्यार के बारे में ज्यादा नहीं जानता है wo…Lekin कब तक bachega…Pyar करना और प्यार पर विश्वास करना उससे सीखा hi दूंगी.
निशा ने ये बात अतुल की आँखों में देख कर kaha…Uski बातो में एक अलग hi हौसला था.
लेकिन अतुल निशा की इंदिरेक्ट बात को समझ नहीं पाया.
अतुल:- अगर फिर भी तुम्हारा प्यार को इंकार करे तो मुझे बता na…Kaan के निचे दो थप्पड़ lagaaunga…Apne आप लाइन में आ जाएगा.
अतुल ने हँसते हुए kaha…Aur निशा को भी उसकी इस बात पर हंसी aaya…Atul का खुद को hi मारने की बात सोच सोच कर वो हांसे जा रही थी.
निशा:- खबरदार जो आगे फिर ऐसा कुछ बोलै to…Usko मारने का हक़ सिर्फ मेरे पास है और किसी के पास नहीं.
निशा की बात पर अतुल थोड़ा मुस्कुराया.
अतुल:- मुझे प्यार में ज्यादा इंटरेस्ट नहीं hai…Lekin तुम्हे कभी एडवाइस नहीं दूंगा की तुम भी प्यार मत karo…Agar लड़का अच्छा है और जिंदगी भर साथ निभाने वाला है तो जरूर karo…Sacha प्यार अगर किसी को मिल जाए तो उसका जिंदगी स्वर्ग से काम नहीं है.
बस इतना याद रखना की कभी चालबाज़ लड़के से प्यार मत कर baithna…Dhokha hi milega…Aise लड़के बहुत देखा है मैंने bhi…Sabhi लड़के अच्छे भी नहीं होते है.
निशा:- बात तो तुम्हारा सच hai…Aur मई आँख बंद कर उस पर विश्वास कर सकती hu…Wo कोई चालबाज़ नहीं है.
अतुल:- होप ये सिर्फ कॉन्फिडेंस hai…Over कॉन्फिडेंस nahi…Mai यही दुआ करूँगा की जिस किसी को भी तुमने पसंद किया है वो तुम्हे मिल जाए और तुम दोनों का प्यार हमेशा के लिए सही सलामत रहे.
मई भी और खुस हो jaaunga…Meri जिंदगी में और है भी क्या पढ़ाई, घर के लिए जिम्मेदारी और दोस्ती के alawa…Dosto को खुस देख मई भी खुस हो जाऊँगा.
अतुल की बातो से hi लग रहा था की जो दुआ उसने माँगा है वो सच्चे दिल से माँगा hai…Aur यही बात दिखा रहा था की कितनी जल्द अतुल और निशा का दोस्ती इतना गहरा हो गया है.
निशा:- मई भी यही दुआ करती हु की तुम्हारा माँगा हुआ दुआ सच हो जाए.
निशा ने मुस्कुरा कर कहा और अतुल को देखने lagi…Usko अतुल पर बहुत ज्यादा प्यार आ रहा tha…Atul की बातें और जितना भी अतुल को वो जान रही थी उससे वो और भी इम्प्रेस हो रही थी.
अब्ब निशा को भी लग रहा था की अतुल से प्यार करके उसने कोई गलती नहीं किया hai…Abb बस उसको एक hi काम करना बाकी tha…Atul को प्यार पर विश्वास दिलाना और ये एहसास दिलाना की वो अतुल से कितना प्यार करती है.
लेकिन इस बार अतुल ने निशा की बात पर बिलकुल भी ध्यान नहीं diya…Wo एक अनजाना सा खतरा को महसूस कर रहा था और हर बढ़ते वक्त के साथ उसके चेहरे के भाव बदलता जा रहा tha…Nisha भी कुछ समझ नहीं पा रही थी अतुल की हालत देख कर.
तभी…