Meri Police wali Biwi - Page 21 - SexBaba
  • From this section you can read all the hindi sex stories in hindi font. These are collected from the various sources which make your cock rock hard in the night. All are having the collections of like maa beta, devar bhabhi, indian aunty, college girl. All these are the amazing chudai stories for you guys in these forum.

    If You are unable to access the site then try to access the site via VPN Try these are vpn App Click Here

Meri Police wali Biwi

माँ के बेटे का नाम वीर हे जो खुद तपन हे. तिगर ने नहीं वीर ने कॉल किया था. माँ अपने पेशे के कारन अलग रहती हे.

माँ त्रिनेत्र की चीफ हे और गॉड फादर उस से भी बड़ी. *** का चीफ हे. गॉड फादर ने माधुरी को ट्रैन किया और अपने बेटे की सुरक्षा के लिए भेजा हे. और उसे पुलिस में भेजा ताकि पकड़ बानी रहे. माँ ने ट्राइंग से माधुरी पर नजर डाली. आने वाले खतरे का आभास उसे पहले से था. साथ hi वो उसकी दोस्त अंजलि की बेटी थी. माँ की मुताबिक वो रिश्वत खोर और हवस खोर पुलिस वाली दिखाया गया. क्यों की माधुरी के स्कूल के कारनामो पर नजर डाली.

माँ ने माधुरी का सही इस्तेमाल किया पर उसे नहीं पता वो आल रेडी गॉड फादर की एजेंट हे. जो अपना किरदार बखूबी से निभा रही हे. वो एक बर्फ के टुकड़े की तरह हे. शैतान को लगता हे माधुरी उसके हाथ हे. पर मेने स्टोरी में अब भी कुछ छुपाए रखा हे
 
ेराम सुबह उठी उस वक्त माधुरी और शिल्पा भी उठ चुकी थी. शिल्पा रूम में आई.

शिल्पा ; गुड मॉर्निंग लो चाय और फ्रेश हो जाओ में देखती हु. तुम्हारे लिए कोनसी ड्रेस बेस्ट रहेगी.

ेराम स्माइल करती हे.

ेराम ; कल तक गोवा में मुझे पिट रही थी और आज एक बहन का प्यार.

शिल्पा ; (स्माइल) तुमने देख लिआ न हम दुश्मनी और दोस्ती दोनों डिल से निभाते हे.

ेराम भी हसने लगी वो कड़ी हुई और शिल्पा के गले लग गई. माधुरी भी अंदर आई.

माधुरी ; ये प्यार व्यार बाद में पहले तैयार हो जाओ. हमें लेट होगा.

ेराम ; में अपने घर जा कर आती हु. में कोई सामान नहीं ले. कोई ड्रेस भी नहीं हे.

माधुरी ; अरे क्यों. शिल्पा हे न.

शिल्पा ; क्यों मेरी ड्रेस नहीं पहनोगी.

ेराम ; अरे बाबा शादी में तुम जो भी डौगी में वही पहनूंगी पर इस वक्त मुझे घर जाना हे.

माधुरी ; अच्छा ठीक हे. पर जल्दी आना. बारात ये होटल से आएगी.

ेराम ; (स्माइल) अच्छा ठीक हे.

ेराम जाने लगी तो माधुरी ने उसका हाथ पकड़ के गले लगा दिया. जो ेराम ने कभी एक्सपेक्ट नहीं किया था. वो सोक हो गई. और उसकी आँखों से संशु आ गए.

ेराम ; क्यों??? रट हुई.

माधुरी ; (स्माइल) पता नहीं.

ेराम ने अंशु पोछे. और एक बार नजर निचे की और फिर माधुरी की आँखों में देखते हुए बोली.

ेराम ; तुम्हारे पति की बीवी तो बन न सकीय. तुम hi अपनी बहन बना लो.

माधुरी ; बस लो आज से में वादा करती हु. तुम मेरी बहन हो. और आज के बाद तुम अकेली कभी नहीं रहोगी. मेरी बहन और मेरे पति की माशूका.

ेराम को हसी आ गई.

ेराम ; वह अपनी hi बहन को शैतान बना रही हो क्यों??

माधुरी ; क्यों की जिस वक्त हम दुल्हन होंगे उस वक्त वो अकेले होंगे. और दुश्मन बहोत हे.

ेराम ; इस घर के दुश्मनो को पहले मुझसे गुजरना होगा. तुम्हारा शोहर जब तक तुम्हारे पास नहीं सही सलामत पहोच माता ेराम मारेगी भी नहीं. ये ेराम का वादा एक बहन का वादा.

वो वह से चली गई. शिल्पा सोक हो गई.

शिल्पा ; दीदी तुम इस पर भरोसा करती हो??? तुम जानती हो न ये किस मिटटी की बानी हे.

माधुरी ; (स्माइल) है जानती हु. में इस पर बिलकुल भरोसा नहीं करती. पर इसके प्यार पर पूरा भरोसा हे. ये हमारे पति को कुछ नहीं होने देगी. पर पता नहीं क्यों इस से थोड़ी अपने पैन की बू एस्टी हे. और मेरे अपने तो सेल सरे कमीने.

शिल्पा ; बस दीदी आज तो ऐसा मत बोलो चलो अब वो उठ गए होंगे.

माधुरी ; (स्माइल) तुजे बड़ी जल्दी हे.

शिल्पा ; (स्माइल) क्यों तुम्हे नहीं हे. पहले टंगे तो आप की hi उठेगी.

माधुरी ; (स्माइल) बस जा अब उन्हें चाय दे उठने वाले हे.

शिल्पा ; आलिया रेडी हे. अब तो उसे भी टाइम पता चलने लगा.

मेरी नींद आज भी अपने आप hi खुली. और रोज की तरह मुझे आज भी प्यारा सा गुड मॉर्निंग सुनाई दिया. और जब मेरी नजर सामने गई तो मेरी सुन्दर सी छोटी बीवी मेरे सामने कड़ी थी.

IMG-20201109-115627.jpg


आलिया ; गुड मॉर्निंग जानेमन. (स्माइल)

मेरा डिल मशाल गया. मेने चाय लेने के बहाने उसका हाथ पकड़ने की कोसिस की पर वो चालक मेरे हाथ नहीं आई

आलिया ; आए आए न न आज कुछ भी नहीं. रत का इंतजार कीजिये आज तक कभी रोका क्या.

में ; तो क्या मुझे अभी तरसना होगा??

आलिया ; (स्माइल) सिर्फ आज के लिए शोहर सब आज थोड़ा कण्ट्रोल कीजिये. कनीज कूद चल कर आप के पास आएगी.

में : ये तुम अपनी शादी में पहनोगी. जोड़ा नहीं लिआ.

आलिया ; (स्माइल) लिआ हे न ये आप की और दीदी की शादी में सरिक होने के लिए. जोड़ा हमारी शादी के लिये.

में ; फिर अभी एक किश तो दो.

आलिया ; no अभी नहीं मेरे सरताज. आज थोड़ा इंतजार कीजिये.

वो जाने लगी. उसकी अदाए जान लेवा. सुबह सुबह hi मेरे डिल में एक रोमांच भर गया. वो पलट कर मुझे स्माइल करते हुए देखने लगी.

IMG-20201109-115727.jpg


ेराम घर पहोच कर देखा तो. उसे गुस्सा आया. डीके से पहले जो बजी मरने की उम्मीद थी खराम हो गई. शर्मीला हाथ से जा चुकी थी. पर शर्मीला ने सोनिआ से झूठ बोलै. शर्मीला ने ेराम को बहोत कुछ बता दिया था. ेराम अब सोनिआ के बारे में भी जान गई थी और फार्मूला मैप सब के शर्मीला द्वारा बनाए गए डुप्लीकेट उसके पास थे. पर सब हाफ था. अब ेराम सब सिर्फ जोड़ सकती थी. हमला नहीं. पर वो भावुक हो गई थी. उसने फैसला किया वो सब कुछ रोक कर रहेगी. वो अपने बाप मौलवी को कॉल करती हे.

मौलवी ; बोलो ेराम आज अपने अबू की याद आई न वो तुम्हारा नहीं हुआ.

ेराम ; अबू शर्मीला मेरे हाथ से निकल गई.

मौलवी ; तो इसमें मेरा क्या घटा. धमाका तुम करो या शैतान या फिर वो डीके या नेता क्या फरक पड़ेगा. मुझे तो धमाका चाहिए. तुम्हारा बहोत नुकशान हुआ न तुम काज़ी बन पहोगी. न उसकी बेगम तुम हर गई मेरी बची अब वापस आ जाओ. या िण्यकम लो. उसके शोहर को मर डालो.

मौलवी ; अबू?????

मौलवी ; है मेरी बची. उन सब को ख़तम कर दो.

ेराम ने कॉल कटा आज उसके सामने 2 रस्ते थे. या वो अपने बाप की बात मने की तपन के पुरे परिवार को मर दे. या फिर वो माधुरी को किया वादा निभाए. ेराम ने अंशु पोछे और गुर्रा कर बोली.

ेराम ; जिस में हिम्मत हे आए और उन्हें एक खरोच भी आई तो दुनिया तबाह हो जाएगी.

ेराम वह से माधुरी की बताई होटल पहोच गई. जहा से तपन की बारात जनि थी.

शैतान के बगल में कल्पना किसी माशूका की तरह चिपकी हुई थी. शैतान के साथ निचे जा रही थी. वो निचे गए सुरभि निचे जमीं पर बैठी रो रही थी. सिर्फ उसपर hi उजाला और चारो तरफ अँधेरा थे.

शैतान ; किसी हो डॉक्टर?

शैतान एक कामिनी मुस्कान हस्ता हे. जो बहोत भयानक थी. सुरभि ने सर उठा कर उसे देखा. वो रो रही थी. सुरभि से एक गलती और हो गई.

सुरभि ; वो तुम्हे छोड़ेगी नहीं.

शैतान ; ओह्ह्ह्ह तो तुम उसकी जासूस हो. तब तो तुम उसकी शादी में नहीं गई तो उसे पता चल जाएगा. की जोकर मेरे पास हे.

सुरभि को एहसास हुआ उसने मुँह खोल कर गलती कर दी. लेकिन अगर शादी में गई तो वो भाग सकती हे.

शैतान ; ये मोहिनी भी चलो आज तुम्हे उसकी शादी में साथ ले चलता हु. रत को तुम्हारा मुँह खिलवाऊंगा.

कल्पना ; लेकिन वह इसने मुँह खोल दिया तो???

शैतान ; शैतान नाम हे मेरा. शैतान शिंघ ये वह छू भी नहीं कर सकती वो देखो.

अँधेरे के एक हिस्से में उजाला हुआ और वह जग्गू बंधा हुआ था. कहउँ से लटपट. वो कराह रहा था. सुरभि उसे देख कर उस तरफ भागने गई. पर पाव में बंधी चैन की वजह से बुरी तरह गिरी. वो चिकने लगी. उसकी हालत देख के उसकी आँखों से अंशु निकल आए.

सुरभि ; जग्गू...

कल्पना सुरभि के पास गई. और उसे उसके बल पकड़ के बोली.

कल्पना ; कण खोल के सुन ले अगर तूने वह कोई चालाकी करि तो समझ लेना ये यहाँ गया काम से.

सुरभि ; नहीं नहीं तुम जो बोलेगे में करुँगी प्लीज इसे कुछ मत करना.

शैतान ; सबस समज़दार हो तुम.

मुझे बारात लेकर शिल्पा के घर जाना था. में एक होटल में था. और तैयार होने वाला था. तभी मेरी तरफ से ेराम वह आई. लेकिन वो खुश थी.

ेराम ; हम्म्म तो जनाब तुम घोड़ी चढ़ने को तैयार हो.

वो स्माइल करती हुई मुझे देख रही थी.

IMG-20201109-115857.jpg


वो तो खुश थी बावजूद मुझे अफ़सोस हुआ की वो भी मेरी बीवी बन सकती थी.

में ; मेरा कोई दोस्त नहीं बस मेरी बहन और बहनोई hi हे.

ेराम ; तो क्या तुम मुझे नहीं लजाओगे. अपनी गर्लफ्रेंड को???

वो स्माइल करते हुए मुझसे सवाल पूछती हे. में बस उसे देखता रहर गया

IMG-20201109-115935.jpg


में ; ओह है तुम भी हो मतलब. कितना अजीब लग रहा हे. में खुद अपनी गर्लफ्रेंड को अपनी बारात में लेजा रहा हु.

ेराम ; तो क्या में तो आज डिल खोल के नाचने वाली हु बॉय फ्रेंड. वैसे तीन तीन बीविया हे सुहागरात किसके साथ मनाओगे.??

मेने तुरंत hi ेराम को पकड़ने की कोसिस की. मेरे हाथ में उसकी ड्रेस का एक हिस्सा हाथ आ गया.

IMG-20201112-090532.jpg


वो मुझे सवालिया नजरो से देखने लगी.

में ; अभी तुम्हारे साथ मन लू क्या.

ेराम ; पागल हो गए हो.

ेराम ने एक झटका मारा मेरे हाथ से उसकी देस छूट गई

IMG-20201112-090511.jpg


ेराम ; में अब हाथ नहीं आने वाली.

वो मुझसे छूट कर भागने लगी.

IMG-20201112-090553.jpg


में भी उसके पीछे भगा और वो मेरे हाथ आ गई. हम धड़ाम से बाद पे गिरे. लेकिन आज उसकी आँखों में दर्द नहीं ख़ुशी थी. वो मेरी बहो में मुझे मुश्कुराते हुए देख रही थी. में ज़ुका और हमारे लिप्स आपस में टकरा गए. एक प्यारी सी किश के बाद वो बोली.

ेराम ; बस बस आज में अपनी बहन को जूठा नहीं खिलाऊंगी.

में सोक हो गया वो क्या बोल रही हे. वो कड़ी हुई.

में ; क्या??? क्या कहा तुमने.

ेराम गैलरी की तरफ गई और ऊपर से निचे देखती हुई बोली.

ेराम ; देखो आप की बारात में कोण कोण आ रहा हे.

में उसके पास गया और देखा तो सोक हो गया. निचे फैक्टरी के साडी मजदुर पार्टी थी. हर एक वर्कर आया हुआ था. मुझे देख कर सब खुश हो गए. निचे मेरी बहन और विक्रम भी तैयार the.unhone मुझे बोलै.

वर्कर्स ; सब जल्दी तैयार हो जाओ. हमें तो आप ने बुलाया नहीं. पर हम मजदुर भाई आप को कभी अकेला नहीं छडेंगे.

में खुश हो गया आज में अकेला नहीं. फौज जैसी बड़ी बारात मेरी निकलने वाली थी. में तैयार होने लगा मेने अपनी शेरबानी उठाई.

ेराम निचे गई और मजदूरों को तैयार करने लगी. तपन ऊपर तैयार हो रहा था.

ेराम ; दोस्तों तुम जानते हो तुम्हारे मालिक के दुश्मन बहोत हे. हो सकता हे उनके ऊपर हमला हो उन्हें मरने की कोसिस की जाए आज हमें आप की जरुरत हे दोस्तों.

वर्कर ; मेडम आप फ़िक्र न करे जब तक हम हे सब का बल भी बका नहीं होने देंगे.

सब का साथ पाकर ेराम भी जोश में आ गई. तपन निचे आ चूका था. बंद बजा बजने लगा और बारात निकल गई. सोनिआ विक्रम ेराम सब नाचते हुए बारात में जा रहे थे. तपन की बारात किसी राजा की बारात जैसे निकल रही थी. ेराम बार बार इधर उधर नजरे भी घूमती और चौकन्ना भी रही. क्यों की कही न कही खतरा जरूर था.

में बार ात लेकर पहोच गया. विक्रम सोनिआ और ेराम बहोत अच्छा नाच रहे थे. में घोड़ी पर बैठा अपने बीवियों के दीदार को तरस रहा था. पर प्यास मुझे माधुरी को देखने की थी. क्यों की वो मेरे डिल की मलिका हे. ऊपर वाले से कुछ मांगू और वो न दे ऐसा हो hi नहीं सकता. वो ऊपर रूम के दूर से बहार आ कर. ऊपर से hi मुझे देख रही थी.

मेरी बीवी सुंदरता की मूरत.

images-6.jpg


वो मुझे देख कर किसी कमसिन लड़की की तरह शर्मा रही थी. में उसे शादी के जोड़े में देख कर मोहित हो गया. मेने निचे से hi उसे फलाय किश किया और वो मुट्ठी बंद कर के शरमाते हुए वह से अंदर भाग गई.

मेरे डिल पर पहेली बिजली गिरा चुकी थी मेरी शवों की रानी मेरी माधुरी. हम घोड़ी से उतरे. मेरी आरती उतरी. वो भी सुरभि ने. लेकिन सुरभि के फेस मुझे कुछ अजीब लगा.

सुरभि ; (स्माइल) आइये जीजू आइये आप का स्वागत हे.

विक्रम ने मुझे कुछ पैसे की गद्दी दी. मेने उसे सुरभि की थाली में दाल दिया. सुरभि ने मुझे रास्ता दिखाया. हम अंदर आए. ेराम मेरे आगे चल रही थी.

IMG-20201112-192145.jpg


मेरी नजर ेराम से मिली वो स्माइल करते हुए मुझे hi देख रही थी. बार बार मुड़कर. मेरी नजर तो उसकी कमर पे जा रही थी. वो मुड़ी तो उसने भाप लिया और वो कमर पे एक हाथ रख कर सखियों से मुझे देखने लगी.

IMG-20201112-192217.jpg


वो ऐसे आगे चल रही थो जैसे मेरी बॉडीगार्ड हो. मुझे देख कर रुक गई और गरदन जैसे न में हिला रही हो.

IMG-20201112-192410.jpg


वैसे कई मर्द ेराम को भी ताड रहे थे. सोनिआ ने मेरे कंधे पर हाथ रखा और में रुक गया. हमें कुछ देर एक कमरे में ले गए. और चाय पानी सुरभि बहोत सेवा कर रही थी. वाकई में शादी में इन शान एक राजा hi होता हे.

विराम बार बार तपन के पास बैठा बैठा सोनिआ को ताड रहा था. सोनिआ भी बहोत सुन्दर लग रही थी. तपन से छुप कर ने मटक्का करते करते कुछ और करने को डिल कर गया. विक्रम खड़ा हुआ और सोनिआ को हुसारा कर के बहार चले गया. सोनिआ भी बहाना बना कर बहार आई. उसने विक्रम को देखा वो एक तरफ खड़ा हे वह उसके इलावा और कोई नहीं था. सोनिआ को उसे देख कर हसी आ गई. विक्रम भी सोनिआ को अपनी तरफ आते देख अपना सीना मशलने लगा.

images-22.jpg


सोनिआ ; (स्माइल) क्या हे???

विक्रम सोनिआ को ऊपर से निचे तक देखता हे.

विक्रम ; सससस माँ कशम पताका लग रही हो.

images-23.jpg


विक्रम ने सोनिआ का हाथ खींचा और अपनी बहो में भर लिआ.

सोनिआ ; ससस अह्ह्ह यार छोडो ससस मरूँगो में.

विक्रम ने सोनिआ का हाथ पकड़ा और सीने से दबा लिया.

विक्रम ; तो मर न ससस तेरे हाथो से तो मरने को तैयार हु.

सोनिआ शर्मा गई. विक्रम ने बहो में भर लिया. विक्रम ने सोनिआ के बूब्स भी एक बार दबा दिए. सोनिआ पूरी hi विक्रम के गले लग गई. सोनिआ की नजर विक्रम के पीछे परदे में कुछ 3 आदमियों की हलचल महसूस हुई. उसे कुछ 3 की परछाई आपस में तलवार बात ते दिखी.

सोनिआ ; (सोक) विक्रम विक्रम. अरे सिनो यार.

विक्रम ; क्या हुआ कुछ बात हे क्या??

सोनिआ विक्रम की बहो से निकली. और परदे के पीछे की तरफ जाने लगी.

सोनिआ ; किसी को इधर मत आने देना.

सोनिआ अंदर गई. विक्रम को परदे के पीछे बस परछाई hi दिख रही थी. विक्रम बस परदे के पीछे की पड़छै से देख रहा था कैसे सोनिआ ने अंदर घुसते hi सात सात तीनो को मारा. सिर्फ 5 मिनिट और सोनिआ स्माइल करते हुए बाबर आई. सोनिआ अपने हाथ ज़द के विक्रम को देखती हे.

उधर ेराम भी जगह जगह घूम रही थी. उसके हाथ में एक छोटी सी केचि जिसमे दो उंगलिया hi जा सके. ेराम जगह जगह पहोच कर दुश्मनो को मर रही थी. एक ठन्डे के स्टाल पे एक गुंडा ेराम को देख कर खड़ा हो गया. ेराम उसके पास से गुजरी. ेराम आगे जेक रुकी. फिर स्माइल कर के दो कदम पीछे आई. उसने उसकी गर्दन पे पसीना देखा. तुरंत hi उसके गले में हाथ डाला और गले में केचि घुसा दी. और उसे वह भीड़ से बड़े आराम से गायब कर दिया. तभी दूल्हे की एंट्री हुई. ेराम विक्रम और सोनिआ ने सरे गुंडे मर दिए थे. सिर्फ 2 बचे थे. जो अब हमला नहीं करना चाहते थे. ेराम तपन के देख कर वही कड़ी हो गई और स्माइल करते हुए उसे देखने लगी. वो आज खुश थी क्यों की पहेली बार लाइफ में उसने क़ुरबानी दी अपने प्यार की और फिर भी उसे घटा नहीं हुआ. सुरभि माधुरी के साथ रही पर माधुरी ने सुरभि पर ध्यान hi नहीं दिया. वो अपनी ख़ुशी में अंधी हो चुकी थी.

मुझे शादी के मंडप में बुलाया गया. पंडित ने मंत्र पढ़ना सुरु किया फिर पंडित ने दुल्हन को बुलवाया

पंडित ; अब श्री मन जी दुल्हन को बुलाइये.

जब पंडित ने दुल्हन को बुलाओ बोलै तो में रोमांचित हो गया. में अपनी बीवी माधुरी का इंतजार कर रहा था कब वो आए. और वो सुंदरता की मूरत आई.

IMG-20201103-073716.jpg


माधुरी को पंडित ने बैठने का हिसार किया. वो मेरे पास बैठी. हम दोनों का घुटना आपस में टाच हो रहा था. मेने धीरे से कहा.

में ; किसी हो मेरी जान.

वो कुवारी लड़की की तरह शर्मा रही थी. उसका शर्माना भी उसकी सुंदरता को चाँद चाँद लगा रहा था. उसने जरा सा घूँघट हटा कर मुझे देखा

IMG-20201103-073742.jpg


और धीमी आवाज में शरमाते हुए बोली.

माधुरी ; अच्छी हु.

पंडित में मंत्र पढ़ना सुरु किया तो माधुरी ने रोका. और अपनी सुरीली आवाज में बोलै.

माधुरी ; रुको रुको पंडित जी. हम दो दुल्हन हे.

एक पल पंडित चुप हो गया फिर बोलै.

पंडित ; फिर दो no दुल्हन साथ बैठे.

फिर हुई मेरी बीवी no 2 की एंट्री शिल्पा. जो मुजे भी लम्बी थी. मेरे डिल का एक और टुकड़ा. वो आई कोई शर्माना नाह ी एक प्यारी स्माइल के साथ.

images-19.jpg


शिल्पा तो आते हुए ढोलक की आवाज पे नाच भी रही थी. और मुझे देखते hi आंख मर दी. मुझे हसी आ गई. वो सब का आदर भी कर रही थी. उसके पापा के दोस्तों को हाथ जोड़ कर प्रणाम भी कर रही थी.

images-20.jpg


वो आई और वो माधुरी के बगल में बैठी. पंडित ने फिर मंतर पढ़ना सुरु किया. नजाने कोण से मंतर पढ़ रहा था. पर मजा बहोत आ रहा था.

पंडित ; यजमान अपना नाम बताए.

जब पंडित ने बोलै में एक पल खामोश रहा. सब मेरी तरफ देखने लगे. माधुरी ने भी थोड़ा घुघट हटा कर मुझे देखा.

images-10.jpg


पंडित ; बोलो यजमान अपना नाम बताए.

मेने एक बार सब पर नजर डाली. और मुस्कुराते हुए बोलै. जोर से चीख के.

में ; जोधपुर रियासत का एक लोटा राजकुमार वीर सींग.

जब मेने अपनी असली पहचान बताई तो सरे चोन गए. माधुरी घूरते हुए मुझे देखने लगी. पर मेरे फेस पे एक रॉयल मुस्कान थी. पंडित ने बीवी का नाम पूछा. माधुरी खामोश मुझे देखती रही. उसके फेस से स्माइल गायब हो गई थी.

पंडित ; कुमारी का नाम बताए.

माधुरी भी कोई जवाब नहीं दे रही थी. बस मुझे घूरे जा रही थी. तो शिल्पा ने जवाब दिया.

शिल्पा ; जी पंडित जी माधुरी और शिल्पा.

पंडित ने मेरे नाम के साथ माधुरी और शिल्पा का नाम जोड़ जोड़ के कई मंतर पढ़े.

पंडित ; अब आप खड़े हो जाइये फेरे का वक्त हो चूका हे.

शिल्पा कड़ी हुई. पर माधुरी मुझे hi घर घर कर देख रही थी.

images-13.jpg


में ; उठो मधु. फेरे का वक्त हो गया हे.

वो कड़ी तो हुई पर मुझे घूरते हुए बोली.

माधुरी ; क्या तुम तिगर भी हो??? (बहोत hi धीमी आवाज में)

में ; है में hi तिगर हु( बड़े प्यार से स्माइल करते हुए) और वो हे मेरी माँ. (जोर से चीख कर)

सब की नजर माँ पे गई. पर वो मेरी माँ थी. जिसने मुझे जनम दिया. और वो हर वो रत जगी हे जिस रत में सोया हु. उसके फेस पे आज भी वही मुस्कराहट थी.

IMG-20201112-195332.jpg


वो आलिया के साथ बैठी हुई थी. माधुरी जोर से मुझपर चिकने लगी. और मेरे गिरेबान को पकड़ लिया.

माधुरी ; धोखेबाज हो तुम. में तुमसे शादी नहीं करुँगी.

शिल्पा ; ऐसे कैसे नहीं करोगी. सुनिए दीदी ऐसे कण्ट्रोल नहीं आएगी एक रेप्टा दो साडी अकड़ निकल जाएगी.

माधुरी घूम कर शिल्पा के बल पकड़ने गई. तो मेने एक खींच कर उलटे हाथ से लगाया. माधुरी का मुँह घूम गया.

IMG-20201112-013031.jpg


में ; तू मेरी हे मेरी samzi.or टाइम सिर्फ मेरी hi बन कर जीना होगा.

माधुरी की मुस्कान गायब हो गई. उसे मेने बिना मेकअप के गाल गुलाबी कर दिए. वो रट हुए मुझे देखने लगी.

IMG-20201112-013004.jpg


माधुरी ; (रट हुए) में ये शादी हर गिज नहीं करुँगी. तुम धोके बज हो.

(लेकिन इन सब में ेराम की नजर जब माधुरी पे गई और उसे दुल्हन के जोड़े में देखा तो उसका मैथ्स ठसक गया.

ेराम ; या अल्लाह दुलहन ये हे!!!!)
 
माधुरी ; में ये शादी हर गिज नहीं करुँगी. तुम धोखेबाज हो.

माधुरी ने मुझसे रट हुए कहा. मेने भी उसे अपना असली गुस्से वाला रूप दिखाया और जब में चीख के बोलै एक बार माधुरी की पूरी बॉडी कप गई. वैसे माधुरी पहेली ऐसी औरत थी जिसपर मेने हाथ उठाया हे. पर वो भी इस लिए क्यों की वो मेरी हे. सिर्फ मेरी.

में ; तुजे मुझसे शादी करनी hi होगी. आज अभी इसी वक्त.

माधुरी रट हुए फेस से पहले सोनिआ की तरफ उम्मीद से देखा.

माधुरी ; सोनिआ...

सोनिआ ; आप दोनों तो पहले से पति पत्नी हो. में बिच में आकर कैसे बुरी बन सकती हो.

शिल्पा ने सख्त हाथो से माधुरी का हाथ पकड़ा. और थोड़ी सकती से बोली.

शिल्पा ; चलो दीदी फेरे लेलो फिर जितना मर्जी रो लेना.

माधुरी ; तू तो मेरी बहन हे. इसकी जिंदगी में तुजे में hi ले और आज तू इसका साथ दे रही हे.

शिल्पा ; तुम मुझे नहीं में तुम्हे इनकी जिंदगी में ले हु. राज बाद में बताउंगी. और ये इसका इसका क्या लगा रखा हे. थोड़ा तमीज से ये अब सिर्फ तुम्हारे नहीं मेरे भी पति हे.

में ; सोनिआ.

माधुरी ने आलिया की तरफ उम्मीद से देखा.

आलिया ; सॉरी दीदी. मुझे आप hi ने इनके पल्ले बंधा हे. और आप hi ने सिखाया हे इनके खिलाफ कोई भी आए हर हल में इनका साथ देना. में तो अब इन्ही का हुकुम मानूंगी.

माधुरी रोने लगी. आलिया ने मेरी तरफ देखा और आंख मर दी. वो स्माइल कर रही थी. मेरी होने वाली छोटी बीवी रेड साड़ी में बहोत खुबशुरत लग रही थी. उसके गाल के गड्ढे उफ्फ्फ.

IMG-20201112-012939.jpg


में भी उसे चूमने के लिए इंतजार कर रहा था.

में ; थन्क्यौ आलू.

आलिया ; (स्माइल) लव यू डार्लिंग.

सोनिआ भाग के आई. और दोनों के साथ हमारी जोड़ी बनाई. मेरे कंधे पर रखे कपडे से शिल्पा और माधुरी का साड़ी का पल्लू बन्द्ग दिया. मेने माधुरी का हाथ पकड़ा और दूसरी तरफ शिल्पा ने हमने उसे खींच कर जबरदस्ती फेरे लेने लगे. कभी में उसे खींचता तो कभी शिल्पा उसे धक्के से आगे करती. 4 फेरो के बाद.

पंडित ; अब आगे अपनी पत्नियों को आगे आने दे ताकि हर दुःख में वो आप को आने वाली बुराइयों से बचा सके.

मुझे हसी आई.

में ; सही कहा पंडित जी वैसे आज तक इसने मुझे बहोत साडी बुराइयों से बचाया हे. अब मेरी बरी हे.

मेने माधुरी की थोड़ी एक विलन की तरह पकड़ी जिसे माधुरी ने जातक दिया. मेने उसे पकड़ कर आगे को दक्का दिया वो मुझसे आगे हो गई. हमने बाकि 3 फेरे भी जबरदस्ती hi लिए. अब बरी पाव छूने की थी.

पंडित ; अब अपने पथ के फिर आपने अपने माता पिता के पाव छुइए.

शिल्पा ने तुरंत hi ज़ुका कर मेरे पाव छू लिए. लेकिन माधुरी थोड़ा एत्थ दिखा रही थी. मेने उसे उसके बालो के जुड़े को पकड़ कर निचे झुकाया. उसे गिरने से बचने के लिए हाथ निचे टिकना पड़ा. उसका हाथ मेरे पाव पे hi टिका.

में ; पुत्र भवः मेरी जानेमन.

और उसे वैसे hi खड़ा किया. शिल्पा और में माधुरी को पकड़ा और पंडित के जबरदस्ती पाव छुवै. उसके बाद हम मेरी माँ की तरफ बढे. मेरी माँ हमें देख कर कड़ी हुई. माँ ने तो मुझे गले hi लगा लिया.

माधुरी ; मुझसे जबरदस्ती की आप ने क्यों नहीं रोका ( रट हुए)

माँ ने एक प्यारी स्माइल की और फिर उसे भी वैसे hi गले लगाया उसका तो माथा भी चूमा.

माँ ; तुम तो शेरनी हो न आज तुम्हारा पला शेर से पड़ा हे.

माँ ने एक गहनों की पोटली माधुरी के हाथ में रख दी.

माँ ; ये मेरे शादी के और इनके पुरखो के गहने हे. इस पर तुम तीनो का हक़ हे तुम बड़ी हो इस लिए ये जिम्मा तुम्हारा. अब जल्दी से मुझे पोते का मुँह दिखा दो. हम्म

मेने और शिल्पा ने फिर माधुरी और शिल्पा के पापा की तरफ रुख किया. वो लचर व्हिले चेयर पे भी एक लाठी लिए बैठे थे. हाथ पाव मुँह टेड़ा हो रखा था. हम माधुरी को प्रेस कर के उनका आशीर्वाद लेने झुके तो वो अपनी लाठी से मुझे मरने की नाकाम कोसिस करने लगे. शिल्पा ने उनकी लाठी छीन के साइड राखी और बड़े खट्टे सब्दो में बोली.

शिल्पा ; रहने दो पापा जमाई पे हाथ उठाओगे तो नरक में जाओगे. इसे तुम्हारे सहारे के लिए रहने दो. जयदा अपनी बड़ी बेटी से प्यार दिखाया तो इन्हे तुम्हारी चिटा को भी आग लगाने नहीं दूंगी.

माधुरी गुस्से से शिल्पा से बोली.

माधुरी ; शिल्पा (जोर से)

शिल्पा ; अब तुम भी जयदा नाटक मत करो दीदी बाप हे तो क्या मेरे पति पे हाथ उठाएंगे.

मेने शिल्पा को रोका.

में ; जयदा मत बोलो शिल्पा बाप हे तुम्हारा.

माधुरी के लिए पहेली बार उसके पापा ने कुछ किया. वो लचर हे तो क्या हुआ. पर उन्हेने माधुरी के लिए मुझे मरने की लचर कोसिए की माधुरी भावुक हो गई और अपने पापा से लिपट कर रोने लगी. मुझे महसूस हुआ. आज बाप बेटी दोनों hi सच्चे प्यार में रो रहे हे. उन दोनों का प्यार तो मुझे अच्छा hi लगा हम पालते तो शैतान हमारे सामने आया और उसके साथ नेताजी भी थे

शैतान ; तूने मेरी पोतियो को बहेला फुसला कर तूने उनकी जहेदाद के लिए शादी की. तुजे तो जेल भुजवा कर रहूँगा.

शिल्पा ; दादा जी. (गुस्से में).

मेने शिल्पा को रोका. और शैतान की तरफ देख के बोलै.

में ; है क्या बोल रहे थे आप. पेसो के लिए. जितना तुम्हारे पास जहेदाद हे न. उतना तो मेरे घोड़े का तबेला हे. राजा का बीटा हु में. समझे क्या अब खाना खाइये आशीर्वाद दीजिये और निकालिये समझे.

नेताजी ; में इस मुड़े को संसद में ुत्त्वाउँगा तुम एक लड़की से जबरदस्ती नहीं कर सकते.

में अपना फेस नेताजी के कण के पास ले गया और एक दान धीमे से बोलै.

में ; सेल चूतिये सर्कार गिरा दूंगा तेरी क्या सोच रहा हे तू. अब अपनी इज्जत बचानी हे तो चुप रहे. नहीं तो विकास के बाप के सामने तेरी पोल खोल दूंगा.

वो भी पीछे हो गया. सोनिआ ने hi हमारी गठ खोली. मेने माधुरी का हाथ पकड़ा और उसे एक ऐसे रूम में बंद किया जहा से भागने के लिए सिर्फ एक hi दूर था. सब मेरा और शिल्पा का hi प्लानिंग था. माधुरी जोर जोर से दरवाजा पीटने लगी. मेने फिर दूर खोला और उसकी गर्दन पकड़ कर बोलै.

में ; ज्यादा होसियारी की तो तेरे बाप को ऊपर से फेक दूंगा अब चुप चाप पड़ी रह समझी.

मेने उसे बाद पे धक्का दिया और बहार आया तो सामने मोनी थी. वो बहोत गुस्से में मेरे पास आई.

IMG-20201115-192220.jpg


मोनी ; दोखेबाज कही के. में कभी किसी लड़की का डिल नहीं तोड़ता ऐसा hi कहते थे न मुझसे. क्यों किया उसके साथ ऐसा.

मेने अपने हाथो से उसके हाथ पकडे और उसे पीछे किया.

में ; इस वक्त में तिगर नहीं हु तुम्हारा. जब तुमसे तिगर मिले तो उस से पूछना.

मोनी ; तो तुम कोण हो??? (गुस्से में)

में ; वीर सिंह. उर्फ़ तपन.

में वह से आगे बढ़ा. सामने से निदा मेरी तरफ आ रही थी.

IMG-20201112-191950.jpg


निदा ; (स्माइल) हम्म्म शादी मुबारक सेंटा. अब क्या मुझे खुशिया नहीं बाटोगे. जब में दुखी होउंगी मेरी मदद को नहीं आओगे???

में ; जरूर आऊंगा ऐसा कभी हो सकता हे की तिगर अपना वादा भूल जाए.

निदा ; फिर तुम्हे देखने के बाद दिल में बेचैनी बढ़ गई हे. सांसे भरी लग रही हे . अभी सिर्फ एक किश hi दे दो.

में ; हम्म्म्म सॉरी इस वक्त में तिगर नहीं हु.

निदा ; स्माइल ओह्ह्ह हूँ इस वक्त आप तपन हो. सससस सॉरी तो तो मेरे जीजू डार्लिंग हुए बस अब तो साली की सगुन किसी दिए बगैर तुम कही नहीं जा सकते.

निदा इतराते हुए मेरा रास्ता रोक के कड़ी हो गई

IMG-20201112-192019.jpg


में निदा को ऊपर से निचे तक देखता रहा. वो मेरे लिए एक खुली किताब थी. और दुनिया के लिए एक राज. आज वो भी क़यामत लग रही थी.

मेने उसे कमर से जकड़ा. और अपने करीब खींच कर उसे एक किश कर दिया. मुझे पता नहीं थी. पीछे मुद कर फिर मोनी वापस आ जाएगी. ध्यान तो निदा का गया.

निदा ; तिगर तिगर वो यही हे.

में ; कोण ??

में पीछे मुदा तो मोनी गुस्से में मुझे घर के देख रही थी.

IMG-20201115-192157.jpg


वो मुझे घर के अपना पाव पटक के गुस्से में वह से चली गई.

में ; ओह्ह गॉड ये यही थी.

निदा को हसी आ गई.

निदा ; फ़िक्र मत करो ये अब भी वापिस आएगी. ये तुम्हे छोड़ कर कही नहीं जाएगी.

में ; (स्माइल) तिगर को.

निदा ; है बाबा तिगर को.

में वह से अपनी माँ के पास आया. माधुरी की टीम से घसीटा और पहलवान के शिव और कोई नहीं आया था. में माँ से बाटे करने लगा.

में ; माँ अब तो हम साथ रहे सकते हे न.

माँ स्माइल कर के मेरे गलो पे हाथ रखा. मेने उनका हाथ चुम लिया.

माँ ; नहीं बीटा अभी नहीं पहले मौलवी का पता लगा लो. वैसे भी में हर पल तेरे साथ होती हु.

में ; पर मेरे सामने तो नहीं. न में आप के हाथो से कुछ खा सकता हु. न में आप की गॉड में सर रख कर सो सकता हु.

माँ ; मधु हे तो सही.

माँ बोल कर हसने लगी.

माँ ; बीटा आज तक तेरे पापा ने मुझपर कभी हाथ नहीं उठाया लेकिन तूने मेरे hi सामने मेरी बहु को.

में ; माँ माँ माँ में आप को बाद में समझाउंगा माँ.

माँ ; वादा कर आज के बाद ऐसा कभी नहीं होगा.

में ; वादा माँ पर आज तो उसे पहले नाचना सिखाऊंगा

में हर बार की तरह वह से खिसक गया. माँ मुझे किसी न किसी बात पर फसा hi देती और में खिसक hi जाता. में आलिया को दूध रहा था. मेरे सामने घसीटा और पहलवान आ गए.

घसीटा ; शादी मुबारक हो शब्.

में ; बहोत बहोत सुक्रिया. अरे चाचा आप मुझे शब् मत बोलिये.

घसीटा ; जब चाचा बोल hi दिया तो में बता दू. आप जो हमारी मेडम के साथ कर रहे हो वो ठीक नहीं कर रहे.

माधुरी ने जब पूछा क्या तुम hi तिगर हो वो उसने बहोत धीरे से पूछा जो नज़दीक में hi जो थे उन्हीने सुना. शिल्पा माधुरी पंडित बस. और तपन ने भी आराम से है कहा जो किसी को नहीं सुनाई दिया. सिर्फ एक्स्ट्रा पंडित hi था.

में ; स्माइल चाचा वो बात नहीं हे.

घसीटा ; तो ऐसी क्या बात हे जिस से आप की अपनी बीवी आप के खिलाफ हो गई. और खिलाफ hi नहीं आप से रिस्ता तोड़ने की कोसिस.

में ; (गुस्से में) फिर जा कर उसी से पूछ लो.

घसीटा ; वैसे अगर में ने आप के खिलाफ कम्प्लेन की तो में आप को गिरफ्तार कर hi लूंगा. वैसे बता दू की कोर्ट की डेट भी नज़दीक आ रही हे.

में ; तो क्या करू नाचू??

घसीटा को में जान बच कर गुस्सा दिला रहा था. ताकि उसके लिए में एक विलन बने राहु. और मेरी तिगर वाली पहचान छुपी रहे. है पर मेरा रियल नाम तो सब को पता चल hi गया.

घसीटा ; वैसे कोर्ट सजा देते वक्त ये नहीं देखेगा की आप तपन हो या वीर. कोई साधारण इन्शान हो या कोई राजकुमार.

में ; शादी में आए हो खाना खाओ आशीर्वाद दो और जाओ. ये फालतू भासन मत दो समझे.

वो चले तो गया पर में जनता था. अब वो मेरे पीछे लग जाएगा. और मुझपर कोई पीछे से वॉर किया तो यही मुझे बचाएगा. मुझे बिना मांगे एक अच्छी गार्ड मिल गई. अब में आलिया को दूध रहा था. मुझे वो दिखी वो ऊपर रूम में जा रही थी. आखिर हमारी अब शादी हे. उसने मुझे देख लिआ में उसी की तरफ

IMG-20201109-115652.jpg


जा राग था. में उसके रूम के पास पहोचा वो दूर पे स्माइल करती हुई मुझे hi देख रही थी.

में ; आलू सुनने.

वो हसने लगी.

आलिया ; (हस्ते हुए) अभी नहीं शादी के बाद.

उसने दूर बंद कर लिआ. और में दूर पे hi टकरा गया. वो अंदर से है रही थी.

शैतान गुस्से में वह से चले गया. उसका गुस्सा देख कर सुरभि दर गई. सुरभि को दर ये था पता नहीं शैतान गुस्से में कही उसे और जग्गू को नुकशान तो नहीं करेगा. जैसे hi वह से बार निकले शैतान अपने डट पीस ते सुरभि के बल पकडे और उसे धकेल ते हुए कार के दूर को खोल कर धक्का देता हे. सुरभि अपनी सीट पर गिरी और जैसे तैसे संभल कर बैठने लगी.

शैतान ; साली हरामजादी बैठ साली कुटिया.

शैतान गाड़ी चालू की और वह से गुस्से में तेज भागने लगा. और गाड़ी चलता हुआ बाद बढ़ाने लगा. आंखे लाल फेस कप रहा था गुस्से में.

शैतान ; साला हरामजादा. राजा निकला. लेकिन उसे पता नहीं ये जुल्म की दुनिया हे. और यहाँ का राजा में हु.

सुरभि भले फांसी हुई थी. पर वीर सिंह उर्फ़ तपन ने जो शैतान की बजती की वो सुरभि ने सुन ली थी. वो अंदर से थोड़ी खुश हुई. जिसकी वजह से उसके फेस पे एक छुपी हुई स्माइल आ गई. और छोटी सी ख़ुशी ने उसे बचने का रास्ता दिखा गई. लेकिन शैतान ने वो छुपी हुई स्माइल देख ली. जिस से उसे बजती महसूस हुई और उसने सुरभि के बल पकड़ कर अपनी और खींचे.

शैतान ; साली हरामजादी. तू मेरी बजती पे खुश हो रही हे न है???

सुरभि ; अहह ससस नहीं ससस अहह प्लीज छोडो बहोत दर्द हो रहा हे.

शैतान ; तू साली उस चूतिये की आरती उतर रही थी. क्यों साली उसका बिस्तर गरम करती हे क्या.

सुरभि ; ससस नहीं प्लीज छोडो बहोत दर्द हो रहा हे.

सुरभि की आँखों में अंशु आ गए. सुरभि को बहोत दर्द हो रहा था. शैतान ने सुरभि का सर सामने ताकरवया. सुरभि को चक्कर भी आने लगे.

शैतान ; साली कुटिया तू हॉली चल तुजे में दीखता हु. तेरा आशिक गया अब. बता तुजे मोहिनी ने क्यों भेजा बोल साली??

सुरभि ने बस एक चीज ध्यान में राखी. कैसे भी शैतान का ध्यान कही और मोड़ना हे. उसे माधुरी से ध्यान हटाना था. वो कामयाब तो हुई पर फिर भी उसे कुछ फायदा नहीं हुआ.

सुरभि ; उफ्फ्फ ससस मुझे माधुरी मेम ने नहीं डीके ने भेजा था. अस्स

शैतान ने एक डैम से ब्रेक मरी. वो सोक हो गया. उसने सुरभि को छोड़ा और एक डैम से स्माइल करने लगा. एक डैम गन्दी स्माइल.

शैतान ; नहीं नहीं नहीं. साला मुझे तू चुटिया समाज रही हे.

सुरभि ; में सच कहे रही हु. मेडम तो आज भी आप से प्यार करती हे. मेने मेडम को बताया तो मेडम ने बोलै शैतान शब् के साथ रहे. मौज कर पर जब डीके कोई हरकत करे तो मुझे जल्दी बता देना. वो डीके आप को मर कर आप की जगह लेना चाहता हे.

शैतान ; तो तू उस रैंड के पास क्यों गई.

सुरभि सोच में पद गई. अब वो क्या बोले. पर उसे ये पता था की वो डीके का मॉल हे या थी.

सुरभि ; वो इस लिए क्यों की जब वो यहाँ से भागेगी तो उसे माधुरी मेम डीके के सामने मर सके. मेम और में आप की तरफ हे.

शैतान ; और ये बात झूठ निकली तो??

सुरभि ; तो मुझे मर देना.

शैतान ; जो भी हे. मोहिनी के पति ने मेरी बजती की हे. और तू छिड़ी की बेगम हे. तुजसे hi में मोहिनी के पति से बदला लूंगा फ़िलहाल घर चल तुम दोनों में कोण सही वो वही पता चलेगा.

शैतान कार स्टार्ट कर के घर की तरफ चल दिया.

शर्मीला की बेटी स्वीटी मुंबई से अपनी माँ को ढूढ़ती हुई वापस इनडोर पहोच जाती हे. वो एयरपोर्ट से एक ऑटो पकड़ कर वो लाला की दुकान की तरफ जा रही होती हे. डीके के सरे गुंडे जिसे उसने वीर माधुरी और शिल्पा की शादी में हमला करने के लिए लाया था वो सब ेराम विक्रम और सोनिआ ने मर दिए. डीके वह से गुस्से में नेताजी के साथ उसकी कार में निकल जाता हे. स्वीटी ने उसे देख लिया. वो उसका पीछा करने लग गई. स्वीटी जानती थी. वो डीके हे और उसकी चची कल्पना का यार हे. उसे सायद वह से कुछ पता लग सकता था. वैसे स्वीटी किसी की सगी नहीं थी. उसे बस पेसो से प्यार था. वो किसी के भी पैसे चुरा लेती थी. और इस काम में वो माहिर थी.

स्वीटी ; भैया उस कार का पीछा करो. पेसो की चिंता मत करना.

स्वीटी के पास अपने चाचा मुंशी का लुटा हुआ. करोड़ रुपया तो था hi. वो डीके की कार के पीछे लग गई.

डीके ; अरे नेताजी आप तो नेता हो. शादी रुकवा सकते थे न. वैसे भी वो रैंड भी उसके खिलाफ हो गई हे.

नेताजी ; बात को समझा कर में नेता हु. बजती हो गई हे. किसी को पता चला तो कल के अख़बार में मेरा नाम बदनाम.

डीके ; अब क्या.

नेताजी ; तू फ़िक्र मत कर में उस रैंड से hi उसके पति को मरवा दूंगा.

डीके ; मुझे बस शिल्पा चाहिए.

नेताजी ; अच्छा ये बता तेरे पास सही में ब्लू प्रिंट और फार्मूला हे क्या.

डीके ; आ जाओ खुद देख लो.

डीके ; ड्राइवर गाड़ी मेरे फार्म हॉउस पे ले लो.

डीके और नेता दोनों डीके के बताए नए अड्डे पर गए. जहा कोई गार्ड नहीं बस एक चौकीदार और एक नौकर था. वो अंदर गए. और पीछे पीछे स्वीटी भी पहोच गई. वो दीवार फंड कर अंदर पहोच गई.

नेताजी ; यहाँ तो कोई भी आ कर ये ले जाएगा और तुम्हे पता भी नहीं चलेगा.

डीके ; ये जगह मेने राईस को तक नहीं बताई सिर्फ आप hi हो खास इस लिए आप को यहाँ लाया हु.

डीके नेता को अंदर रूम में ले गया. स्वीटी भी छुप कर अंदर घुस गई. डीके ने एक छोटी सी मूर्ति को उसकी जगह से गोल घुमाया और एक तिजोरी खुली. उसमे पैसा और ब्लू प्रिंट थी. जिसपर स्वीटी की नजर पड़ी.

स्वीटी ; हम्म पैसा और वो सब कागज इनके काम के हे. मतलब बदले में बहोत मॉल मिलेगा. सॉरी माँ तुजे बाद में ढूढूँगी. तू कही जिन्दा hi रहना में मॉल लेकर आती हु.

नेताजी ; बोल बदले में क्या चाहिए???

डीके ; काज़ी.

नेताजी ; वो मुमकिन नहीं. मॉल तो उसका हे.

डीके ; (स्माइल) लेकिन हे तो आप के पास.

नेताजी ; (स्माइल) साला तू बड़ा कमीना हे. चल दारू पिटे हे.

वो दोनों बहार लोन में दारू पिटे वीर सिंह की बर्बादी का प्लान बना रहे थे. वह स्वीटी सारा मॉल और ब्लू प्रिंट उड़ा ले गई. स्वीट वह से भाग गई. और कुछ छुपने की जगह ढूढ़ने लगी.

शैतान के गुंडे मुंबई में शर्मीला के आने का वेट कर रहे थे. उन्हें पता था. आज नहीं तो कल वो जरूर आएगी. ताकि वो उसे पकड़ सके. सब को मालूम था. शर्मीला की याद सकती बहोत खुखार हे. वो नै पकड़ी गई तो सब का तोड़ निकलवा सकती हे.

आलिया ने शादी का जोड़ा पहना पर उसे कुछ कमी लग रही थी. वो निचे माँ के पास जाना चाहती थी. पर उसे पता चला जिसे वो अपनी माँ मानती हे वो hi उसकी सास हे. अब वो किस की मदद ले. शिल्पा भी निचे थी. आलिया माधुरी जिस रूम में बंद थी उस रूम में जाने लगी.

IMG-20201109-115215.jpg


माधुरी एक बाद पे बैठी रो रही थी. आलिया ने बहार से दूर खोला और आलिया अंदर आई.

आलिया ; दीदी देखो न कुछ ठीक नहीं लग र........

आलिया चुप हो गई. माधुरी का माउस फेस देख कर उसे दुःख हुआ. आलिया को देख कर माधुरी सिर्फ. उसका नाम hi पुकार सकीय

माधुरी ; आलू......

आलिया ; दीदी आप रो रही हो.

आलिया भाग कर उसके गले लग गई. माधुरी आलिया के गले लग कर बहोत रोटी हे.

आलिया ; मत रो दीदी सब कुछ ठीक हो जाएगा. वो ख़राब नहीं हे.

माधुरी ने अपने अंशु पोछे और बोली.

माधुरी ; तुजे किसी ने रोका नहीं??

आलिया ; नहीं. मुझे कुछ ठीक नहीं लगा तो में आ गई. देखो न कुछ अजीब लग राणा हे.

माधुरी आलिया का फेस थम कर उसे स्माइल कर के देखती हे.

माधुरी ; (रट हुए स्माइल) रुक मेरी आलू.

आलिया ; अब शादी हे न मेरी.

माधुरी आलिया की साडी पिन ठीक से सेट कर के देती हे कुछ ड्रेसिंग. और गए हे no को ठीक से पहनती हे. फिर उसे स्माइल कर के देखती हे. वो अपनी आँखों के किनारे से ऊँगली कर के थोड़ा सा काजल आलिया के गले पर लगा देती हे. आलिया खुश हो कर झूमने लगी. वो खुसी के मरे गोल गोल घूमने लगी.

IMG-20201109-115342.jpg


IMG-20201109-115308.jpg


आलिया ; (वैरी हैप्पी स्माईलीलिंग) दीदी किसी लग रही हु??

माधुरी ; (स्माइल) बहोत प्यारी मेरी गुड़िया. आलिया निचे आई. वो दूर खुला छोड़ कर भागने लगी. आलिया अंदर उसे जिस रूम में रुकवाया उस रूम में आई. निचे से ेराम आलिया को देख कर स्माइल करती हे.

IMG-20201112-192248.jpg


वो आलिया के रूम की तरफ जा कर. उसके दूर पे रुक गई.

ेराम ; (स्माइल) सुभान अल्लाह.

आलिया ने मुद के पीछे ेराम को देखा उसकी स्माइल चली गई.

आलिया ; सुक्रिया. कहिये कैसे आना हुआ.

ेराम ; डिल किया अपनी छोटी बहन से पूछ लू. उसे मेरी कोई जरुरत.

आलिया गुस्से से उसे देख कर बोली.

आलिया ; में तुम्हारी बहन नहीं हु. और मुझे तुम्हारी कोई जरुरत नहीं हे. आप दफा हो जाइये यहाँ से.

ेराम की फेस पे मौसी आ गई. फिर भी झूठी स्माइल ले कर वह से जाने लगी. उसे एहसास हुआ. उसकी जिंदगी में वो खुशिया अब भी नहीं आ सकती. सायद क़ुरबानी इतनी ाशन नहीं हे. वो वह से निकल कर अपने संशु पोछती हे. और फिर अपने आप से बोली.

ेराम ; कोई बात नहीं ेराम एक न एक दिन तू हर डिल जित लेगी.

ेराम निचे गई. वही वीर अपनी तीसरी बीवी से शादी के लिए बैठने वाला था. की उसकी न जार ऊपर अपने रूम से बहार निकल कर निचे देख रही माधुरी पर गई. दोनों की नजर आपस में मिली. माधुरी भी चौक गई. वीर गुस्से से खड़ा हुआ और ऊपर स्पीड में जाने लगा. माधुरी पीछे मुड़ी और वापस रूम में घुस गई. उसने अंदर से दूर बंद कर लिया. वीर ने जोर से एक लत मरी और दूर धड़ाम से खुल गया.

माधुरी एक दीवार से सात कर कड़ी घबरा रही थी. वीर उसके पास गया और एक खींच कर उसे थपड मरता हे. और उसके बल पकड़ कर खींच के बोलै.

वीर ; साली भागने की कोसिस कर रही हे है. तू सिर्फ मेरी हे मेरी. भूल गई.

माधुरी ; (गुस्से में चिल्लाकर) अहह ससस छोडो मुझे दर्द हो रहा हे.

वीर ; बोल क्यों निकली बहार आई??

वीर ने माधुरी का हाथ सकती से पकड़ा.

वीर ; बोल.???

माधुरी जोर से चीखी.

माधुरी ; आलिया के लिए. वो मेरी बहन हे. अब में अपनी बहन की शादी भी नहीं देख सकती क्या. मर दो मुझे लो.

माधुरी जोर जोर से चीख रही थी. जो निचे भी सब को सुनाई दिया. वीर माधुरी का हाथ पकड़ कर निचे लाया. और मेरे पास पीछे hi बैठा दिया.

वीर ; इधर बैठ जा और जब तक में न कहु यहाँ से कही जाना नहीं वार्ना ठीक नहीं होगा.

माधुरी ने अपनी कलाई सहेली वो अब भी रो रही थी.

पंडित ने फिर मसंतर सुरु किए. सब ठीक चल रहा था. पडित ने कहा दुलहन को बुलाइये. तब आलिया की एंट्री हुई. में आलिया को देखने के लिए बेताब हो गया. और वो आई. उफ्फ्फ जस्बारदास्त ब्यूटीफुल. आज तो तीसरा झटका डिल को लगा. माधुरी शिल्पा फिर आलिया. आलिया के गलो में जो गद्दे पद रहे थे. उसकी स्माइल. में तो बेताब था उसे छूने को उसे चूमने को उसे गले लगाने को. मेरी नजर उस से और उसकी न जार मुझसे नीली. उसे मेरे डिल की बात बिना कहे hi पता चल गई. मेरी आंखे में देख वो हसने लगी.

IMG-20201109-112413.jpg


हम दोनों एक दूसरे की आँखों में खो गए. जैसे पूरी कायनात बस सिर्फ हम दो hi हे. मेरी न जार उस से हैट hi नहीं रही थी.

IMG-20201109-112441.jpg


हमारा ध्यान पंडित ने तोडा.

पंडित ; यजमान देर न करे जल्दी कन्या को बुलाए.

मेरी आंखे का हिसार समझते वो मेरी तरफ बढ़ी. वो स्लो स्लो आ कर मुझे तड़पा रही थी.

IMG-20201109-115518.jpg


वो मेरे पास बैठी. फिर सोनिआ ने hi गठ बंधी. पंडित ने मंत्र पड़े. फिर हम ने साथ hi फेरे लिए. फेरे लेती वक्त मेरी नजर मेरी बीवी माधुरी पर गई. वो एक प्यारी सी लचर स्माइल के साथ हम पर फूल फेक रही थी. जैसे मेरी और उसकी नजर मिली उसकी स्माइल गायब हो गई. 7 फेरो के बाद हमने पंडित के आशीर्वाद लिए फिर आलिया ने मेरे पाव छुए. आलिया ने हमारी शादी में जो जो हुआ सब ध्यान रखता उसे सीखना नहीं पड़ा और फिर हम मेरी माँ की तरफ मुड़े. माँ हमें देख कर कड़ी हुई.

IMG-20201112-195314.jpg


हम दोनों माँ के पास उनके सामने खड़े हुए.

आलिया ; (स्माइल) मुझे पता नहीं था. आप hi मेरे शोहर की अम्मी हो. अब आप सास हो मेरी तो मुझसे बहुओ जैसे तंग तो नहीं करोगे??

माँ ; तंग केसा तंग??

आलिया ; अरे सारा काम. तना मरना. ये वो मत करो वो सब.

माँ ; है है वो तो पक्का करुँगी. अब तो तू मेरी बहु हे. चल पहले गले लग.

माँ जैसे आलिया को गले लगाया आलिया ने उनके गलो को कटा. उनके गलो को जबड़े में पकड़ के कड़ी रही. में सब देख कर है रहा था. दोनों में बहोत प्यार था.

माँ ; ससस अह्ह्ह छोड़ कस्मिनी. सससस अच्छा अच्छा कुछ नहीं करवावुंगी बाबा. तू तो मेरी बेटी हे ससस.

आलिया ने उन्हें छोड़ा और गले लगाया फिर स्माइल कर के मुझे देखने लगी.

आलिया ; ओह्ह्ह सॉरी.

आलिया माँ के पाव छूने ज़ुकी. साथ में भी झुक कर माँ के पाव छुए.

माँ ; (स्माइल) दूतो नहो फूलो फलो.

उसके बाद हम सब के बिच गए. आलिया माधुरी के गले लगी. शिल्पा भी आ गई.

में ; आलिया मधु तुम्हारी बड़ी बहन हे. और उसी ने तुम्हे ज्यादा स्मभाला हे. वो भी तुम्हारी माँ की जगह hi हे. उसके पाव तुम्हे छूने चाहिए.

आलिया ज़ुकी और माधुरी के पाव छू लिए.

माधुरी ; (स्माइल) अरे नहीं आलू. पागल.

वो दोनों गले मिले. जैसे वो दोनों माँ बेटी हो. मेने माधुरी के कंधे पर हाथ रखा.

में ; अब जाओ तैयार हो जाओ. में सुहागरात मन ने के लिए आ रहा हु.

माधुरी ; (गुस्से में) ऐसा कभी नहीं होगा.

उसने मुहे गुस्से से देखा. और मेरा हाथ जातक दिया वो ऊपर जाने को मुड़ी. मेने उसका हाथ पकड़ लिया.

में ; तो फिर तुम्हारा रैप होगा. बलात्कार.

माधुरी ऊपर चली गई. और दूर बंद कर दिया.

शैतान हवेली पहोच कर सुरभि का हाथ पकड़ कर खींच के उतरता हे. और गुंडों के आगे फेक देता हे. वो कल्पना के पास जाता हे. वो उसके लिए एक जैम बनती हे. शैतान जैम पिने के बाद उसको बहो में लेकर तहखाने में चल पड़ा. गुंडों ने सुरभि और जग्गू जो बांध दिया था. जग्गू पूरा नुदे घायल भी. गले में फांसी का फंदा और वो सुरभि के कंधो पे खड़ा था. जग्गू के हाथ तो बंधे हुए थे. लेकिन सुरभि ने अपने दोनों हाथो से जग्गू के पाव पकडे हुए थे. कही वो गिर न जाए. सुरभि थक जा रही थी. जग्गू का वेट बहोत था. अगर सुरभि खिसकी तो जग्गू गया काम से.

शैतान ; कल्पना इस से सच बुलवाओ ये यहाँ क्यों आई हे???

कल्पना कड़ी हुई. और अपनी चितेर स्माइल के साथ वो सुरभि की तरफ जाने लगी.

images-6.jpg


उसके पास पहोचने के बाद उसने अपनी पॉकेट से सिगरेट का पैकेट निकला. एक सिगरेट जलाई. और गहरा काश लिआ. सुरभि के फेस के एकदम नज़दीक अपना फेस ले गई. और फिर सुरभि के फेस पे धुँआ फेका. सुरभि पहले से दरी हुई थी. उसे खासी भी आई.

सुरभि ; शैतान सब में सच कह रही हु आप विस्वास कीजिये. (रट हुए)

कल्पना ; सच बोल तू क्यों आई हे??

सुरभि ; मुझे मेडम ने सब का डिल बहलाने भेजा हे. और कोई खतरे पे मेडम को बताना हे बस.

कल्पना ने बेरहमी से सिगरेट सुरभि की नाभि के छेड़ में घुसा दी. वो भी जलती हुई.

सुरभि जोर से चीखी वो रोने लगी.

सुरभि ; aaaaaaaaaa..... ससस अह्ह्ह में सच आह्हः कहती हु शैतान सब आप को खतरा मुझसे नहीं इस से हे. ये डीके के लिए आप को मरने आई हे.

सुरभि ने एक बार तो शैतान को सोचने पर मजबूर कर दिया. कल्पना को गुस्सा आया. उसने लैटर जलाया और हाथ ऊपर कर के जग्गू के लैंड को जलने लग्गी.

जग्गू ; aaaaaaaaaaaa.

वो इतनी बे रहेमि से चीख रहा था. की पूरी हवेली. गूंज गई. सुरभि ने जग्गू को बचने के लिए अपना घुटना जोर से कल्पना की छूट पे दे मारा. कल्पना दूर गिरी. अपने दोनों हाथ को अपनी छूट पे दबा कर दोनों टंगे फॉल्ट कर लिआ. उसकी आवाज भी नहीं निकल रही थी.

सुरभि ; आप इस पर भरोसा मत करो.

शैतान ; भरोसा तो तुजपे भी नहीं तू निचे गई hi क्यों थी.

सुरभि ; में वो.

शैतान ; बस.

शैतान ; इन दोनों का पूरी रत बलात्कार करो मुझे रूम में इनकी चीखे सुनाई देनी चाहिए. कल इन दोनों एक खेल खेलना हे. दोनों लड़ेगी. कोई एक hi जिन्दा बचेगा.

वो वह से चला गया.

स्वीटी जानती थी. उसे होटल में कोई नहीं दूध पाएगा. वो एक 5 स्टार होटल में रूम बुक कर के छुप गई. अंदर पैसे गिने जो कुछ 1 करोड़ थे. फिर उसने कागजो को देखा जो बम की ब्लू प्रिंट थी. वैसे तो उसे कॉलेज सिर्फ मटकने जाना था पर वो पढाई में अपने माँ की तरह तेज़ थी. वो उन्हें देखने लगी. एक सोफे पे धड़ाम से कुड़ी

IMG-20201117-181157.jpg


सब देख के उसके होश उड़द गए. रॉकेट और बम दोनों की टेक्नोलॉजी मतलब मिढ़ैल. सब देख के उसके होश उड़द गए. वो उठ के बैठ गई.

IMG-20201117-181139.jpg


वो शीशे में अपने आप को देखते हुए अपने आप से बोली.

IMG-20201117-181214.jpg


स्वीटी ; स्वीटी बीटा मुँह मांगे पैसे मिलेंगे तू तो बैंकाक जाने की तयारी कर
 
स्वीटी के दमाग में पैसा घूम रहा था. बम फाटे कोई मरे उस से उसे कोई फरक नहीं पद रहा था. वो सोच रही थी किस से सोडा करे. क्यों की ये कागज तो उसकी माँ खुद लेकर भागी थी. और उसका बाप और चाचा दोनों इसके पीछे लगे हुए थे. स्वीटी को िद्या आया की वो अपने बाप से कंटेंट करे. वो उसे नुकशान तो नहीं पहोचेगा. उसने अपने मोबाईल से अपने बाप को कॉल किया

लाला ; hello कोण ???

स्वीटी ; (स्माइल) आप की बेटी आप की वारिस. आप की जहेदाद की इक लोटी वारिस पापा.

लाला ; तू मुझे आज फोन कर रही हे. मुहे छोड़ कर अपनी कम्युनि माँ के साथ बैग गई. नजाने किसके किसके साथ मुँह कला करती रहती हे और में तुजे अपनी जहेदाद दूंगा.

स्वीटी ; पापा पापा पापा देखो दूध के धुले तो आप भी नहीं हो. और में आप की hi बेटी तो सरीफ जड़ी कैसे हो सकती हु. और माँ जो लेकर भागी वो तो मेरे पास हे.

लाला ; (लालची स्माइल) शाबाश मेरी बेटी शाबाश. वो किसी को मत देना बेटी मेरे घर का चिराग.

स्वीटी ; बहोत कमीने हो आप पापा वो तो में किसी को नहीं दूंगी ये बताओ आप पैसे कितने डोज.

लाला ; तू अभी कहा हे??

स्वीटी ; क्या पापा जैसे में आप को बता दूंगी. में मुंबई में हु. एड्रेस सेंड करू क्या आ जाओ मिलने.

लाला समझ गया उसकी बेटी हाथ नहीं आएगी

लाला ; बीटा वो शैतान को पता लगा तो वो तुम्हे मर डालेगा.

स्वीटी ; तो फिर उस से बात कराओ में उसी से डील करुँगी. वैसे भी आप बहोत कंजूस हो.

लाला ; बीटा में तुम्हे पुरे 10,000 दूंगा. वो मुझे दे दो.

स्वीटी ; तो में 20 दूंगी आप मुझे शैतान से मिलवाओ.

लाला सोच में पद गया अब वो क्या बोले. उस से उसकी बेटी काबू में आने का मौका भी नहीं दे रही थी.

लाला ; ठीक हे में बार करूँगा मुझे पैसे नहीं तेरी जिंदगी ज्यादा प्यारी हे. और वो बेरहम हे. बस तू कही भी बहार मत निकलना और किसी से भी कांटेक्ट मत करना. में भी कुछ वक्त मुँह बंद hi रखता हु.

लाला को अब उसकी फ़िक्र होने लगी. चाहे कुछ भी हो वो उसका बाप था.

स्वीटी के दमाग में पैसा घूम रहा था. बम फाटे कोई मरे उस से उसे कोई फरक नहीं पद रहा था. वो सोच रही थी किस से सोडा करे. क्यों की ये कागज तो उसकी माँ खुद लेकर भागी थी. और उसका बाप और चाचा दोनों इसके पीछे लगे हुए थे. स्वीटी को िद्या आया की वो अपने बाप से कंटेंट करे. वो उसे नुकशान तो नहीं पहोचेगा. उसने अपने मोबाईल से अपने बाप को कॉल किया

लाला ; hello कोण ???

स्वीटी ; (स्माइल) आप की बेटी आप की वारिस. आप की जहेदाद की इक लोटी वारिस पापा.

लाला ; तू मुझे आज फोन कर रही हे. मुहे छोड़ कर अपनी कम्युनि माँ के साथ बैग गई. नजाने किसके किसके साथ मुँह कला करती रहती हे और में तुजे अपनी जहेदाद दूंगा.

स्वीटी ; पापा पापा पापा देखो दूध के धुले तो आप भी नहीं हो. और में आप की hi बेटी तो सरीफ जड़ी कैसे हो सकती हु. और माँ जो लेकर भागी वो तो मेरे पास हे.

लाला ; (लालची स्माइल) शाबाश मेरी बेटी शाबाश. वो किसी को मत देना बेटी मेरे घर का चिराग.

स्वीटी ; बहोत कमीने हो आप पापा वो तो में किसी को नहीं दूंगी ये बताओ आप पैसे कितने डोज.

लाला ; तू अभी कहा हे??

स्वीटी ; क्या पापा जैसे में आप को बता दूंगी. में मुंबई में हु. एड्रेस सेंड करू क्या आ जाओ मिलने.

लाला समझ गया उसकी बेटी हाथ नहीं आएगी

लाला ; बीटा वो शैतान को पता लगा तो वो तुम्हे मर डालेगा.

स्वीटी ; तो फिर उस से बात कराओ में उसी से डील करुँगी. वैसे भी आप बहोत कंजूस हो.

लाला ; बीटा में तुम्हे पुरे 10,000 दूंगा. वो मुझे दे दो.

स्वीटी ; तो में 20 दूंगी आप मुझे शैतान से मिलवाओ.

लाला सोच में पद गया अब वो क्या बोले. उस से उसकी बेटी काबू में आने का मौका भी नहीं दे रही थी.

लाला ; ठीक हे में बार करूँगा मुझे पैसे नहीं तेरी जिंदगी ज्यादा प्यारी हे. और वो बेरहम हे. बस तू कही भी बहार मत निकलना और किसी से भी कांटेक्ट मत करना. में भी कुछ वक्त मुँह बंद hi रखता हु.

लाला को अब उसकी फ़िक्र होने लगी. चाहे कुछ भी हो वो उसका बाप था.

शिल्पा सुहागरात के रूम में गई. जहा माधुरी बीएड पे बैठी रो रही थी. शिल्पा अंदर आई. और बैठ गई. फिर उसी रूम में ेराम,

सोनिआ निदा आई. निदा के हाथो में ट्रे थी. जिसमे 3 गिलास बादाम और छुआरे वाला दूध था. वो माधुरी के पास बैठ गई.

निदा ; क्या बात हो गई मेम आप कल तक तो उनपे जान छिड़कती थी अब आज क्या हो गया मेम.

माधुरी ; (गुस्से में) क्यों की वो फ्लोड हे. मुझे प्यार का जैसा देकर मेरा उसे कर रहा था.

बोलते बोलते माधुरी की आंखे बड़ी हो गई.

शिल्पा ; कुछ भी बकवास मत करो दीदी. वो आप को पता कर आप से बिना शादी के भी आप से अपना काम निकलवा सकते थे. लेकिन वो आप से जब आप स्कूल में थी तब से प्यार करते थे. भूल गई आप वीर आप का पहला प्यार. ये वही हे. और आप मुझे उनकी गर्लफ्रेंड बना कर कही दूर जाना चाहती थी.

माधुरी पलटी और जाप्ता मरने की कोसिस की पर शिल्पा पीछे हैट गई.

माधुरी ; (गुस्से में) साली तू उसकी चमची.

शिल्पा ; मुकाबला करना हे तो सीधा करो ऐसे फालतू में नाटक मत करो.

माधुरी ; आज फिर आजा देखती हु तुजमे कितनी ताकत हे.

माधुरी कड़ी हुई उसे अचानक एक खींच के थपड पड़ा. वीर अंदर आ चूका. नेडा सोनिआ ेराम बहार जाने लगे. ेराम रुक गई.

ेराम ; आज पहेली बार आप से मुझे नफरत हुई हे. और में आज तक इसे अपना दुशमन समज़ती थी.

ेराम वह से अपने घर जाने लगी. क्या हो रहा हे उसे खुद पता नहीं चल रहा था. सोनिआ कुछ भी नहीं बोली. सरे गेस्ट जा चुके थे. आलिया माँ निदा विक्रम और सोनिआ निचे बैठ कर सब कुछ ठीक हो जाए ऐसी भगवन से दुआ मांग रहे थे. माधुरी को ये सब से तगड़ा तमाचा लगा था. एक पल माधुरी जैसे बेहोश हो गई. शिल्पा ने वीर के सामने अपने हाथ जोड़ लिए.

शिल्पा ; (आँखों में अंशु) (धीमी आवाज में) प्लीज मेरी बहन हे.

वीर ने सिर्फ है में सर हिलाया और माधुरी उठी और अपने अंशु पोछे और वीर की तरफ ऊँगली करते हुए बोली.

माधुरी ; में इसे छोडूंगी नहीं.

वीर ने एक झटके से माधुरी का फेस पकड़ा और जबरदस्ती एक लिप किश कर ली. फिर माधुरी को बाद पे दक्का दिया.

वीर ; तुजे बोलै था न तुजे पटक कर छोडूंगा.

वीर ने माधुरी के पाव पकडे और स्पीड में माधुरी की पंतय पकड़ ली. घाघरा ऊपर उठ चूका था. माधुरी पीछे को खिसक रही थी. जिस वजह से पंतय का इलास्टिक पूरा बड़ा छोटा होता. और अंदर का नजारा दिख रहा था. वीर ने उसे छोड़ा और अपने कपडे उतरे माधुरी पीछे खिसक चुकी थी. सुहागरात का बिस्तर तहस महेस हो गया. शिल्पा ने जल्दी दूर बंद किया. वीर ने माधुरी का फिर पाव पकड़ कर खींचा और ऊपर चढ़ गया. माधुरी ने वीर के मुँह पे हाथ रख कर ऊपर को पूरी जोर से प्रेस करती.

पर वीर ने उसका हाथ पकड़ा और जबरदस्ती ऐसी किश की के माधुरी के होतो से खून निकलने लगा. वीर का घुटना माधुरी की दो टैंगो के बिच में घुस गया और माधुरी की तंग खुल गई. वीर बहोत कोसिस करता पर माधुरी उसे कामयाब होने नहीं देती. दोनों पसीना पसीना हो गए. तभी वीर ने अपना रियल देव मारा. उसकी खासियत थी वीर किसी भी लड़की को किश में बदहोश कर सकता था. उसने वही किया. माधुरी की सांसे उखड गई. गरम संशो में अजीब सा नशा था. कुछ पल माधुरी जैसे बेहोश हो गई हो. जब होश आया तो माधुरी की दोनों टंगे खुली और उसमे वीर का लिंग पूरा अंदर था.

माधुरी ने वीर को हटाने की बहोत कोसिस की पर वीर जातको पे झटके मरने लगा. माधुरी आँखों में अंशु सरे प्रयास छोड़ के निढाल पड़ी रही. वीर अपना काम करते रहा. वीर की पिचकारी छूती और वो माधुरी के लिप्स को चुम के बोलै.

वीर ; मेने बोलै था न पटक के छोडूंगा.

माधुरी ने वीर से नज़ारे मिले. और एक स्माइल कर के वीर के लिप्स पे एक छोटी सी किश कर दी. माधुरी वीर के बालो में अपनी उंगलिया घूमने लगी. शीलो सोक हो गई. ये क्या माधुरी पल में बदल गई. वीर खड़ा हुआ और एक सिगरेट जलाते हुए बोलै.

वीर ; इतना सोक मत हो शिल्पा ये तुम्हारी बहन की फंतासी थी. वो hi चाहती थी में उसका रैप करू.

शिल्पा ; (सोक) पर कैसे.

माधुरी स्माइल करते हुए बाद पे लेती thi.or शिल्पा को देखते हुए स्माइल कर रही थी.

वीर ; एक तीर से दो सीकर.

माधुरी ; (स्माइल) दो नहीं तीन.

वीर भी पलट कर माधुरी को देखता हे.

माधुरी ; (स्माइल) दो तुम बताओ.

वीर ; 1 तुम्हारी दीदी हम सब के सोने के बाद एक डायरी लिखती थी. जिसमे लिखा था मेरे पति मुझे बेरहमी से रैप करे ये मेरी फंतासी हे.

माधुरी ; राइट. और वो पूरी हुई.

वीर ; दूसरी दुश्मनो के खेमे में आज सेंध लग गई. वो अपना प्लान बदलेंगे पर कल मधु अपने पुराने रूप में आएगी तब वो मधु से बात करने की कोसिस करेंगे. उनकी नजरो में मधु मुझसे चीटिंग करेगी और वो मधु को उनकी समझेंगे.

माधुरी ; और तीसरा मेरे पति देव तुम्हारी जुबान की थी. आप hi मुझे मुझसे hi रैप करने का दवा थोक चुके थे. और में आप को कैसे हरने देती.

वीर ; तब तो में हर गया क्यों की ये सब तुम्हारा प्लान था. और तुम मेरी ख़ुशी के लिए सब होने दे रही थी.

माधुरी ; अरे बाबा ये रियल रैप था.

नहीं समझे???

चलो में समझती हु. अगर आप अपने आप को ये मन ले की मेरा हाथ टूट चूका हे और मुझे दर्द हो रहा हे तो आप का माइंड उसे काबुल करने की कोसिस करेगा. और 4 से 5 दिन बाद आप को आप के हाथ में अपने आप एक दर्द पैदा होगा. और एक वीक बाद वो सच में हो जाएगा जो सच में आप ने जो सोचा हे.

शिल्पा ; ओह माय गॉड ये सच हे. में खुद ये अच्छे से जानती हु.

लेकिन वीर माधुरी की तरफ देखता हे जैसे छह रहा हो माधुरी ठीक से बताए.

माधुरी ; मेने अपने डिल को आर्डर दिया में एक आम लेडीज हु और तुमने मेरे साथ धोखा किया. कुछ पल बाद तुम्हारा रवैया और मुझपे वार में बेसहारा और तुमने मुझे.

वीर ; पेल दिया. लेकिन ये सीखा कहा से तुम तो सिर्फ पुलिस ट्रेनिंग लेकर आई. और ये ट्रिक हम एजेंट की हे.

माधुरी ; क्या ये राज में सही वक्त पे खोल सकती हु???

वीर ; है इतस OK. बूत तुम मेरी चली जिसे मेने ट्रेन किया शिल्पा को चैलेंज दे रही थी. तुम्हे मालूम हे ये क्या चीज हे.

माधुरी ; सब पता हे इसमें भी बहोत कमी हे हर जाएगी.

शिल्पा ; रहने दो दीदी.

माधुरी ; तू हर बार की तरह हर जाएगी. फिर रोना मत.

शिल्पा ; वो बचपना था.

वीर ; एक मिनिट. मुकाबला यही होगा. फ्रेंडली. बूत दोनों फुल दुल्हन होनी चाहिए. क्यों की ये मेरी फंतासी हे.

माधुरी ; वाओ दो दुल्हनों की फाइट.

निचे आलिया माँ सोनिआ विक्रम और निदा थी. आलिया माँ की गॉड में सर रख कर बैठी हुई थी. माँ उसके सर पर ठोकी मर रही थी.

निदा ; अब मेरे ख्याल से मुहे चलना चाहिए.

माँ ; बैठ यहाँ कहा जाएगी. तुजे शैतान और डीके ने देख लिआ हे. बड़ी कमर मटका के घूम रही थी. पर ऐसे मोके पर बहार नहीं निकलेगी तो कब निकलोगी.

निदा के फेस पे स्माइल आ गई.

निदा ; तो क्या अब तो माँ डेड ने मुझे वापस अपना लिआ हे. और कल से पापा ऑफिस भी जाएंगे.

माँ ; तेरा पीछा होगा. फिर वह जो हे सब फसेंगे. और शिल्पा की और तेरी वो मशीन सब खतरे में समझी. आज रत रुक जा कल में छोड़ दूंगी.

निदा ; जी ठीक हे.

सोनिआ और विक्रम की नज़ारे आपस में मिली. सोनिआ हिसार करती हे. विक्रम न में सर हिलता हे. सोनिआ मुक्के का हिसार करती हे.

माँ ; तुम दोनों भी जाओ सो जाओ.

दोनों तुरंत खड़े हुए और एक रूम में घुस गए. आलिया ने सर उठाया और माँ को देखा.

आलिया ; माँ में भी ऊपर जाऊ.

माँ ; (स्माइल) तू कहा जाएगी बैठ इधर तेरी सुहागरात आज नहीं कल हे.

आलिया ; तो एक बार जा के तो औ.

माँ ; मुझे अकेला छोड़ेगी. चल आज हम दोनों सोफे पर hi सो जाते हे.

आलिया तुरंत hi कड़ी हुई और बोली.

आलिया ; (गुस्से में) ओफ्फो तुम्हे सास बन न जरुरी था. जैसे बड़ी दादी अम्मा बन गई हो.

माँ ; चुप होजा दादी तो तू हे चल अब सजा यही.

आलिया सोफे पर माँ की गॉड में सर रख कर लेट गई. तभी ऊपर माधुरी के चीखने की आवाज आई. आलिया तुरंत उठ कर बैठ गई.

आलिया ; माँ???

माँ को पता थी. ऊपर माधुरी का रैप हो रहा हे वो तुरंत उसे फिर सर दबा कर बोली.

माँ ; चुप चाप सजा कल तेरे साथ भी ऐसा होगा.

आलिया थोड़ी देर चुप रही. ऊपर आ रही आवाजे उसे सोचने पर मजबूर कर रही थी.

आलिया ; माँ???? माँ...???

माँ ; बोल क्या हुआ अब.

आलिया ; क्या आप की भी सुहागरात हुई थी???

माँ एक बार आलिया को देखती हे. उसे हसी आती हे पर कण्ट्रोल कर के बोली.

माँ ; है अब ये मत पूछना किसी.

आलिया ; पर ऊपर तो धड़ाम धुड़ुम आवाजे आ रही हे.

माँ ; ऐसा hi होता हे बीटा मेरे वक्त तो बाद टूट गया था.

आलिया ; पर सुहागरात में तो मिया बीवी प्यार करते हे न.

माँ ; वो कल पता चल जाएगा.

आलिया ने माँ की साड़ी खींची और ओढ़ ली. सुकुद के माँ को कमर से जकड कर बोली.

आलिया ; मुझे नहीं माननी कोई सुहागरात.

माँ ने आलिया की खिचाई की आलिया पे माँ को हसी आ रही थी.

कुछ देर बाद आवाजे बंद हो गई. आलिया सोचती हे ये आवाजे क्यों बंद हो गई. आलिया को अजीब लग रहा था. उसकी कन्फूसिओं माँ के लिए हसने का कारन बन गई. वो माँ की तरफ फेस कर के बोली.

आलिया ; माँ सुहागरात ख़तम हो गई.

माँ उसकी बात सुन कर जोर से हस्ती हे. आलिया को बुरा लगता हे.

आलिया ; आप मुझपर है रही हो न जाओ में आप से बात नहीं करुँगी.

आलिया कड़ी हुई और शादी के जोड़े में hi ऊपर अपने पति और बहेनो के सुहाग रत वाले रूम के दूर की तरफ चल दी.

उधर होटल में बोर हो रही स्वीटी. होटल के hi रेस्टोरेंट में hi देना करने जाती हे. वो देना कर के बिल पेमेंट करने रिसेप्शन पे गई. वह होटल का मनगर उसपे लार टपकते हुए घर के देखता हे. जो स्वीटी को पता था.

स्वीटी ; (स्माइल) बिल.

मेनेजर ; डिल.

स्वीटी ; नहीं बिल. (स्माइल)

मेनेजर ; ओह्ह्ह सॉरी.

तभी मनगर को किसी का फोन आया.

मनगर ; hello है में कुछ नहीं जनता. में शैतान शब् को बता दूंगा. अरे भाई तीन गिर. तुम समझे के नहीं.

स्वीटी समाज गई वो शैतान के लिए क्या बंदोबस्त कर रहा हे.

मनगर ; है 2 लाख है मिल जाएंगे. अरे शैतान शब् के लिए चाहिए बाबा है अब रख.

वो स्वीटी के सामने देखता हे. स्वीटी ने पैसे दिए एक डैम राइट बिल एक भी रुपया ज्यादा नहीं. वो लाला की बेटी थी. और उसे पैसा बहोत प्यारा था.

ऊपर जाने के बाद स्वीटी सोचती हे उसका बाप तो शैतान से मिलवाएगा नहीं उसे hi कुछ करना होगा. वो रिसेप्शन पे कॉल करती हे. मनगर hi कॉल उठता हे.

स्वीटी ; होई.

मनगर ; ही कोण???

स्वीटी ; में रूम no 13 से बोल रही हु.

मनगर ; जी कहिये मेम कुछ प्रॉब्लम??

उसे याद आया वो अभी hi देना कर के गई थी.

स्वीटी ; ये शैतान शब् कोण हे???

मनगर ; हमारे मालिक क्यों. ये उन्ही की होटल हे.

स्वीटी खुश हो गई. उसे जिसका काम था वो उसी की होटल में छुपी हे.

स्वीटी ; कुछ नहीं बस ऐसे hi पूछा. क्या आप ऊपर आ सकते हो???

मनगर ; यस मेम में खुद आता हु अभी बस 10 मिनिट्स में.

स्वीटी कॉल रख कर सोचती हे फिर फटाफट अपनी छोटी सी निघ्त्य निकल कर पहन लेती हे और उसका वेट करती हे. कुछ hi देर में उसके दूर पे नॉक हुआ.

स्वीटी ; के.

वो अंदर आया स्वीटी को देख के वो सकक हो गया स्वीटी भी उसे hi देख रही थी. स्वीटी को इस रूप में देख कर उसके होश उड़द गए.

IMG-20201120-194759.jpg


मनगर ; ययएस मेम???

स्वीटी ; जी ाचूली एक प्रॉब्लम हे. और में ीे..

मनगर ; यस में आप बोलिये में आप की प्रॉब्लम सोल्वे कर दूंगा.

स्वीटी ; में मुंबई में रहती हु. मेरे पापा मेरी जबरदस्ती शादी करना चाहते हे. तो में घर से भाग आई. और में यहाँ छुपी हु.

मनगर ; आप फ़िक्र मत करिये मेम आप तो अबोवे 18 हो आप को यहाँ से कोई नहीं लेजा सकता.

स्वीटी ; नहीं वो बात नहीं हे. दरसल होटल का बिल देने लायक मेरे पास पैसे नहीं हे.

मनगर ; ये तो आप बड़ी मुसीबत में हो में आप की मदद नहीं करूँगा.

स्वीटी ने मनगर का हाथ पकड़ लिआ. और गीध गिडाने लगी.

मैनेजर ने स्वीटी को ऊपर से निचे देखा उसकी नजर पहले बूब्स और फिर संगो पे गई.

IMG-20201120-194818.jpg


स्वीटी भी अपना फेस बना कर उसे ऐसे देखती हे जैसे वो सच में फास गई हो.

मनगर ; एक काम हो सकता हे आप को बिल भी नहीं देना पड़ेगा लेकिन आप कर नहीं पाओगी. और किसी को बोलै तो में फास जाऊंगा.

स्वीटी ; don't वर्य में कुछ भी करने को रेडी हु बस मुझे बचा लो.

स्वीटी ने एक स्माइल की और मनगर का हाथ पकड़ कर अपनी पंतय के ऊपर से अपनी छूट पर रखा दिया. वो भी खुश हो गया. धीरे धीरे मशाल ने लगा. स्वीटी भी सेक्सी फेस बना कर सिसकारी लेती हुई बोली.

स्वीटी ; ससस अह्ह्ह लेकिन किसी को कुछ बताना नहीं प्लीज....

मनगर ; ससस फ़िक्र मत करो मेडम किसी को कुछ नहीं बताऊंगा.

मेने मेरी दोनों बीवियों को आपस में hi चुनौती दे दी थी. शिल्पा को तो मेने hi ट्रेन किया था. माधुरी बहोत जबरदस्त फाइटर थी. मेरी नजर हमेसा से hi उस पर थी. मेने देखा था उसकी दिमागी हालत ठीक नहीं हे. वो पागल पैन का शिकार हे. लेकिन वो अपने पागलपन को hi हथियार बना कर और भी घातक हो चुकी थी. शिल्पा का भी अंडरवर्ल्ड में आतंक था. उसका आगे बढ़ने का जस्बा ला जवाब था. उसमे जोश और होश दोनों था. शिल्पा भी जाने मने बड़े बड़े फाइटर को हरा चुकी थी.

दोनों hi मिरर के सामने बैठ कर मेकअप कर रही थी. में अभी भी पूरा नंगा बाद पर लेता उन्हें hi देख रहा था. ये मेरी फैंटसी थी की कोई एक फीमेल फाइटर को दुल्हन ड्रेस में फाइट लड़ते देखु इस लिए दोनों को चुनौती दी. माधुरी गहने पहन ने लगी. सरे गहने दोनों ने पहने. माधुरी कानो में झुमके पहनते हुए मुद कर मुझे देखती हे और एक बहोत खुबशुरत स्माइल करती हे. मेने भी उसे स्माइल किया. उसे देखते हुए में अपने डिल में बोलै. लव यू मेरी जान. लेकिन ये क्या. जैसे उसने मेरे डिल की आवाज सुन ली. उसने भी मुझे एक फलाय किश की और बोली.

माधुरी ; लव यू तू मेरी जान में सुन सकती हु.

में तो फ़िदा हो गया उसपर अभी कुछ लम्हे पहले उसका जबरदस्त बलात्कार किया. वैसे ये मेरी आदत नहीं पर बीवियों की ख्वाइस पूरी करना मेरा hi फर्ज हे. दोनों फुल दुल्हन के ड्रेस में आमने सामने दोनों ने साड़ी को लपेटा नहीं बालजी अपने सर के जुड़े में पिन के साथ बंधा. मतलब दोनों के 34स और 34डी उभर कर सामने आ रहे थे. दोनों ने कमर पर जाली दर चंडी का कमर बांध जो ज्यादा घेराव करता हे वैसा पहना हुआ था. दोनों का मेकअप और नूरानी चहेरा. में बेटसब था. हो तो फाइट का मुकाबला लेकिन देख कर मेरी सेक्सुअल फंतासी ज्यादा जग रही थी. दोनों आमने सामने आ गए. दोनों के फेस पे सुपर्ब स्माइल थी.

शिल्पा ; सोच लो दीदी में बहोत बेरहम हु.

माधुरी ; है वो तो हे. मर खाएगी तब hi तो सुधरेगी.

शिल्पा ; आज पहेली बार आप हरोगी न.

माधुरी ; जागते हुए शापना मत देख दर लग रहा हे तो तू सो जा.

दोनों एक दूसरे की तरफ अटेक करते हे. शिल्पा की ताकत उसके हिल और लम्बी टंगे. उसने राउंड किक घुमाई. तो माधुरी ने भी होश न खोते हुए सिर्फ हाथ उठाया और कोणी से कलाई के बिच के हिस्से से रोका कोई फालतू एक्शन नहीं. दोनों इसी पोजीशन में रुके. उफ्फ्फ शिल्पा का हाफ घाघरा ऊपर उठा तो उसकी केले जैसी गोरी गोरी कासी हुई टंगे. और रसीले रेड लिप्स की प्यारी स्माइल.

वही जो माधुरी का रोकने का सिंपल अंदाज़ उसकी जबरदस्त स्माइल और आँखों की एक हीब्रू को ऊपर कर के देखने का तरीका.

माधुरी ; चहु तो तेरी हिल की नोक तोड़ कर तेरी ताकत काम कर दू पर तुजे पूरा मौका दूंगी. जा नहीं तोड़ी तेरी हिल.

शिल्पा को गुस्सा आया ऐसा उसके साथ पहेली बार हुआ था. उसकी स्माइल गायब हो गई. पर उस से पहले कुछ होता. किसी ने दूर नॉक किया.

में ; रुको.

दोनों रुक गए. माधुरी स्माइल करती हुई. अपनी कलाई मरोड़ कर शिल्पा को देख रही थी वही शिल्पा गुस्से में कभी मुझे तो कभी माधुरी को देख रही थी. मुझे मालूम हे उसे आज हर बर्दाश नहीं होगी. वो आज यदि छोटी का जोर लगा देगी. में खड़ा हुआ और दूर खोला आलिया तुरंत मेरे गले लग गई.

में ; क्या हुआ आलू.

आलिया ; कुछ नहीं ये आवाजे किसी थी. मुझे दर लग रहा हे.

आलिया मेरी बहो में पूरी दुल्हन ड्रेस में.

आलिया ; दीदी आप तो ठीक हो.

माँ ने आलिया को डरा दिया था.

माधुरी ; (स्माइल) क्यों मुझे क्या हुआ.

आलिया ; नहीं वो आज आप की सुहाग रा...

हम सब हसने लगे.

में ; आओ आलिया हम गेम देखेंगे. तुम्हारी दोनों दीदियो के बिच मुकाबला हे.

में नुदे hi बाद पर बैठ. आलिया आई और मेरी गॉड में. मेरे दोनों हाथ उसकी कमर को जकड़े हुई.

में ; अब आलिया आई हे तो वो बताएगी फाइट में हर जित का फैसला कैसे होगा.

आलिया ; तो दोनों में से वो जीतेगा जो दूसरे को घुघट में करेगा. और जो हारेगा उसका घुघट में उठाउंगी.

शिल्पा और माधुरी दोनों hi हसने लगे. मुझे भी आलिया का िद्या पसंद आया. मेने आलिया के गुलाबी गलो को चूमा और

में ; वाओ आलू तुम किसे शापोर्ट करोगी में तो तुम्हारी शिल्पा दीदी के फीवर में हु.

आलिया ; के ों दीदी आज दिखादो आप hi बेस्ट हो.

आलिया माधुरी की तरफ थी. और दोबारा मेरी फंतासी का उद्धघाटन हुआ. जैसे hi माधुरी ने शिल्पा की तरफ देखा. शिल्पा एक हिल पे बैठ चुकी थी और ग्राउंड किक घुमा चुकी थी. माधुरी भी उस से दो गुना स्पीड में जम्प कर के शिल्पा के घुटने पर आई और शिल्पा को एक थपड मारा. गुलाबी गलो को मेक उप की क्या जरुरत. माधुरी शिल्पा के पीछे आई और

उसके दोनों हाथो को जकड के बहो में भर लिया. शिल्पा के दोनों हाथ बांध गए. वो छुड़ाने की कोसिस कर रही थी. क्यों की उसका एक पाव आगे फैला था. और दूसरे की हिल पे वो कड़ी थी. माधुरी ने शिल्पा के उसी गाल पे किश किया.

माधुरी ; आज पहेली बार तुजपे हाथ उठाया हे सॉरी डार्लिंग.

शिल्पा ; पर अब कोई फायदा नहीं.

शिल्पा ने अपनी कोणी बहोत जोर से माधुरी के पेट में मरी. माधुरी पीछे हुई. और अपना पेट मशलने लगी.

माधुरी ; (स्माइल) सब्बास छोटी.

में ; रुको. मधु तुम उसे भावनाओ में बांधने की कोसिस कर रही हो. ओनली फाइट.

मुझे गुस्सा आ रहा था. शिल्पा को वो हरा hi नहीं रही थी. उसका जैसे मज़ाक भी उड़ा रही थी. उसे थपड मारा और उसी गाल पे किश किया.

आलिया ; ये क्या मुझे उम्मीद नहीं थी. आप ऐसे गलत फेवर करोगे.

माधुरी ; चुप होजा आलू.

माधुरी ; जी ठीक हे में कुछ नहीं बोलूंगी.

पर सायद मेने गलती कर दी. मदभरी बोल कर संत थी. अब वो वर करेगी. मुझे एहसास हो गया शिल्पा माधुरी से नहीं जित पाएगी. उसके सामने तो नोवसिखियो की तरह उसका मजाक बन चूका था. अगर शिल्पा हरी तो मुझे लगा में हरा. मेने शिल्पा को डाटा.

में ; क्या इतना hi डैम हे तुजमे मेरी नक् कटवाएगी.

मुझे गुस्सा आ रहा था. मुझे याद हे बर्लिन में उसपर देव लगता था और वो जित जाया करती थी. वो स्तित फाइट लढा करती थी. शिल्पा को भी जोश आया. वो लगातार राउंड फिर ग्राउंड 3 बार घुमाया. माधुरी दो बार बची पर तीसरी बार वो जमीं पर गिरी.

आलिया ; अच्छा अब आप सही कर रहे हो.

डुबो हसिनाए लड़ते हुए मुझे गरम कर रही थी. जोश में में आलिया को मशाल ने लगा. उसे भी मजा आ रहा था. में उसके कंधो को चूमने और चाटने लगा वो मेरी गॉड में बिखरने लगी. में उसके बूब्स मशालते हुए. उसे किश कर रहा था. साथ दोनों को लड़ते हुए भी देखता. अचानक माधुरी उलटी गिरी. जिस से उसका घाघरा ऊपर उठ गया और रेड पंतय में उसकी फूली हुई हिप्स. मुझे देख कर बरदास नहीं हुआ. मेने भी आलिया के घाघरे का नाडा खींच लिया. अब हम फाइट में काम और अपने आप में ज्यादा खो गए. धीरे धीरे में आलिया को हर जगह चूमता और दोनों में से जो भी गिरता मेरा हाथ आलिया पे सकती से मशलता.

आलिया की सिसकारियां और में पोजीशन में आ गया. मेने फाइट छोड़ दी. और आलिया में खो गया. आलिया मेरे हर झटके के साथ पूरी कप रही थी. मेरी सुहागरात की तो बंद बज गई.

वीर जहा आलिया में खो चूका था वही माधुरी शिल्पा पे पूरी हावी थी. शिल्पा के पैट पे बाथ कर अपने दोनों हाथो से शिल्पा की चेस्ट पे दबा दिया. अब शिल्पा के सर की तरफ माधुरी ने हाथ बढ़ाया. वो उसके सर की क्लिप खोल देती तो शिल्पा के सर से पल्लू निचे गिरता और माधुरी जित जाती. शिल्पा भी हर मन चुकी थी. वो जोर जोर से हर रही थी. तभी उसने अचानक सर उठाया और अपने लिप्स माधुरी के लिप्स से जोड़ दिए. माधुरी एक पल रुक गई. क्लिप खोलने की बजाय वो उसके सर पे हाथ घूमने लगी. शिल्पा और माधुरी दोनों की सांसे जयदा फूली हुई थी. माधुरी शिल्पा में खो गई. तभी चालाकी से शिल्पा ने माधुरी के सर पे हाथ रखा और हाथ फिरने लगी. शिल्पा ने कब क्लिप खींच ली माधुरी को पता hi नहीं चला.

शिल्पा ; ससस अह्ह्ह में जित गई दीदी. (स्माइल)

माधुरी ; (स्माइल) मालूम हे.

लेकिन माधुरी ने शिप के दोनों हाथ दबा दिए और पुरे फेस और गले तक चूमने लगी. वो दोनों बहोत बार लेस्बियन सेक्स कर चुके थे.

जब में और आलिया चरम सुख भोग चुके थे. हम दोनों माधुरी और शिल्पा को देखने लगे. माधुरी का पल्लू गिरा हुआ था. मुझे सन्ति हुई की शिल्पा जित चुकी हे पर उन दोनों में कुछ और hi चल रहा था. ऐसा लग रहा था जैसे माधुरी मेल और शिल्पा फीमेल की भूमिका निभा रही हे. मगर माधुरी शिल्पा के गले को हल्का हल्का काट रही थी. मुझे दर लगा कही वो पागल पैन में शिल्पा को कुछ कर न दे.

में ; मधु उउउ... तुम हर चुकी हो.

माधुरी शिल्पा के ऊपर से कड़ी हुई दोनों मेरे पास आए.

आलिया ; अब दीदी घुघट करो में घुघट उठाउंगी.

माधुरी बाद पे घुघट कर के बैठी में और शिल्पा माधुरी के अगल बगल थे. आलिया ने माधुरी का घुघट बड़े प्यार से उठाया और लिप किश कर दिया जैसे वो आलिया की दुल्हन हो.

शैतान ने कल्पना और सुरभि दोनों को रत भर रगड़ने का हकीम दिया और वो जग्गू को गर्दन से उठता हे. उसकी हिम्मत टूट चुकी थी. पूरा लहू लुहान हो चूका था. उसे घसीट कर एक जाली के पास ले गया और धक्का दिया जग्गू ने जाली पकड़ ली. सहारे के लिए. रत का अँधेरा और शैतान का बगीचा. बिच में 5,6 लाइट लगी हुई थी. और जमीं पर एक बड़ा गलीचा बिछा हुआ था. जिसमे 5 हब्सी लम्बे काळा और हट्टे कटी. 6 पैक बने हुए मस्त बॉडी बिल्डर थे.

सुरभि और कल्पना को एक विदेशी मर्द धक्के मर कर उस तरफ लेजा रहा था.

कल्पना ; साली हरामजादी तेरी वजह से में फांसी हु. तुजे छोडूंगी नहीं में.

सुरभि ; तूने जो मेरे साथ किया मेने वही तेरे साथ किया. और हम जिन्दा बचे तो तू मेरा कुछ बिगड़ेगी न.

कल्पना ; है तेरी बात तो सच हे. आज नहीं बचूंगी सब मर्दो ने धोखा दिया.

सुरभि ; फिर लास्ट बार इस औरत पे भी भरोसा कर ले. माँ कसम तेरी जान बचा लुंगी.

कल्पना सुरभि को घर के देखती हे.

सुरभि ; देख हम दोनों में से कोई एक जिन्दा बच सकता हे. में इन्हे संभालती हु. तू भाग लेना यहाँ से सब की नजरे मुझपर hi होगी.

कल्पना ; लेकिन तेरा क्या फायदा???

सुरभि ; में जिन्दा नहीं बचूंगी पर माधुरी मेम तक मेरी खबर पहोचा दे. जग्गू को बचा ले.

कल्पना ; तू पागल तो नहीं हे मत कर इन मर्दो पे भरोसा.

सुरभि ; तूने बेईमान पे भरोसा किया. एक बार इमां पे भरोसा कर बस किसी भी तरह मेरा जग्गू बच जाए.

तभी दोनों को चेस्ट पे धक्का लगा देखा तो एक मर्द ने उन्हें रोका.

गुंडा ; ये लो. दोनों ये वायग्रा हे. रत भर बरदास करना हे तो. 3,3 गोली खा लो.

दोनों ने गोलिया ले ली.

सुरभि ; ला गोलिया इधर दे.

कल्पना ने गोलिया सुरभि को दे दी.

सुरभि ; तू दर मत. मेरा छोड़ तू अपना निकलने का रास्ता देख.

पहेली बार कल्पना की आँखों में रियल अंशु आए.

कल्पना ; तेरा जग्गू पक्का बचेगा में वादा करती हु.

सुरभि ने वह पहोच कर एक बोत्तल शारब की उठाई. और 6 गोलिया मुँह में ठुस्स दी. फिर नीट hi शराब मुँह लगा कर जातक ने लगी. वो बिना रुके आधी बोतल पि कर सर ऊपर उठा कर शैतान को देखती हे. जैसे उसने चुनौती काबुल की.

सुरभि ; हे हे हे. म हंगरी. ी वांट हार्ड फ़क. ी वांट एव्री ओने. म चैलेंज एव्री ओने.

सभी हब्सी हसने लगे. और सुरभि की तरफ बढे. शराब का नशा भी हावी होने लगा. ुड़का बदन जलने लगा. दो मर्द सुरभि के ऊपर निचे. जमीं पर कुटिया बानी सुरभि के मुँह में एक और दोनों हाथो में एक एक. सुरभि अपने आप को बुरी तरह से रगड़वा रही थी. सुरभि को वायग्रा गोली खाने के बाद भी बिलकुल सेक्स करना अच्छा नहीं लग रहा था. वो दर्द महसूस कर रही थी. आगे और पीछे दोनों जगह पेट तक उनके मोठे लैंड को महसूस कर रही थी. 5 हब्शियो के बिच वो एक खिलौना बन चुकी थी. मुँह के अंदर लैंड जाने की वजह से उसे खासी और उबकाई आ रही थी. उसकी आँखों में अंशु थे. क्यों की जग्गू उसे बेसहारा लचर देख के चीखे मर रहा था. दर्द नक् चिके. जग्गू निचे गिर गया और बेहोस हो गया.

धीरे धीरे उसे शंस लेने में इतनी तकलीफ हो रही थी की उसकी पूरी बॉडी अकड़ गई. एक ऐसा सदमा उसे आया की उसकी आँखों के सामने अँधेरा छ गया. और घुटन की वजह से वो अपनी जान बाबा चुकी थी. रगड़ने वालो को ये नहीं पता थी. सुरभि मर चुकी थी. वो उसे जिन्दा समाज के रगड़ रहे थे. काफी देर तक वो उसकी लाश के साथ सेक्स करते रहे

हब्सी ; ओह माय गॉड शी इस डेड. सर सर.

शैतान को हसी आई और उसने गोलिया चलना सुरु किया. सब हब्शियो को भी मर डाला. लेकिन माधुरी की दोस्त सुरभि मर चुकी थी. शैतान कल्पना को देखने की कोसिस करता हे पर वो दिखाई नहीं देती.

शैतान ; कमीनो दूसरी कहा गई. लाइट चालू करो जल्दी.

लाइट चालू हुई तो देखा की कल्पना उन्हें कही नहीं मिल रही थी. सब जगह तलाश करने के बाद पता चला वो घर में हे hi नहीं.

ेराम रोटी हुई वीर के घर से निकली. आज वो माधुरी के लिए वीर से नाराज हुई. क्यों ki,apni दुश्मन को hi उसने दोस्त मन लिआ था. वो कार लेकर वह से निकली. तभी उसे मौलवी का कॉल आया. ेराम ने फोन कण से लगाया. मौलवी गुस्से से बोलै.

मौलवी ; मेरी निकामी औलाद. किसी काम की नहीं. भेजा दुशमन को मरने उसी की हिफाज़त कर रही हे. ला हॉल बिला कुवैत. क्या बेहूदगी हे ये.

मौलवी जोर से चिलता हे. तो जोश में ेराम भी जवाब देती हे.

मौलवी ; तुम्हे धमाका चाहिए न हो जाएगा. उस परिवार पे आंख उठाई तो जिन्दा दफना दूंगी. भूल जाउंगी की आप मेरे अबू हो समझे.

मौलवी ; तुम शैतान के पास जाओ. और उसकी मदद करो. और आखिर तक उसके साथ रहना.

मौलवी को गुस्सा आया. वो फोन रख कर बोलै.

मौलवी ; मेरी बिल्ली मुझसे म्यू. तुजे भी उनके साथ hi मरूंगा.

ेराम अपनी कार स्टार्ट कर के शैतान की तरफ जाने लगी. अचानक उसकी कार से एक औरत आ कर टकरा गई. वो कल्पना थी. जिसे ेराम नहीं जानती थी. ेराम ने उसे उठाया और उसका फेस देखा. फिर सोचती हे इसे कहा देखा हे. कल्पना जोर से टकराई इस लिए उसके सर में बहोत गहरी चोट आई. और खून भी बहने लगा. ेराम में अच्छे पैदा हो चुकी थी. इस लिए उसे वो हॉस्पिटल लेजाती हे. पर उसे होश नहीं आता. ेराम रत वही रुकने का फैसला करती हे.

में और मेरी तीन बीविया बड़े से बाद पे थे. मेरी अगल बगल मेरी दोनों बीविया माधुरी और शिल्पा मेरे कंधे पर सर रख कर लेते हुए थे. और आलिया मेरे ऊपर. हम दोनों की चेस्ट आपस में पूरी चिपकी हुई और हम दोनों पुरे नंगे नुदे.

शिल्पा ; तो दीदी ये तिगर हे आप को मालूम हुआ इस लिए आप ने अपनी अंदर hi एक img बनाई.

माधुरी ; नहीं. जेए तुम्हारे पास एक स्टोरी हे वैसे मेरे पास भी एक स्टोरी हे.

शिल्पा ; (स्माइल) पहले आप.

माधुरी ; ठीक हे. तो कहानी वह से सुरु हुई जब मेरा पहेली बार रैप हुआ. में कितनी तकलीफ में थी. एक साल तक तो किसी से बात तक नहीं की. बस अपना दर्द सहती रही. तब एक लड़का था. जिसने मुझसे दोस्ती की. प्यार दिया. हसाया मेरे अंशु पोछे. मुझे भी प्यार हो गया. हम जवानी की तरफ बढ़ रहे थे.

शिल्पा ; वो कोण था दीदी.

माधुरी ने स्माइल कर के मुझे देखा.

में ; वो में था शिल्पा. लेकिन तुम्हारी दीदी को सब याद हे.

माधुरी ; है है स्कूल का गिलिण्डर ड्रामे बज लड़का अक्षर मेरे साथ वक्त बीतता था. लेकिन.

में ; लेकिन तुम मुझे छोड़ कर चली गई. ये कहे कर की में तुम्हारे लायक नहीं हु. और मेने तुम्हे ढूढ़ने के लिए शिल्पा को ढूढ़ा.

शिल्पा ; इन सब बातो का जीकर आप लोग अब कर रहे हो??

माधुरी ; क्यों की में पागलपन का शिकार होने लगी थी. स्कूल की उस मोहिनी को दोबारा माधुरी बन ने के लिए बहोत तकलीफ साहनी पड़ी.

में ; लेकिन हर बार में तुम्हे कहता था न.

माधुरी ; है मुझे याद हे. सेंटा सब ठीक कर देगा. बस एक ये भी कारन था. मुझे तुम्हे खोने का दर लगने लगा तुम हर लड़की के पास सेंटा बन कर पहोच जाते. मुझे लगा मुझे भी तुम कुछ वक्त के लिए hi.

में ; तुम गई उसके बाद में पागल सा हो गया सिर्फ तुम्हे ढूढ़ने के लिए hi में माँ के साथ जुड़ा एजेंट बना और मेने शिल्पा को धधा. उसके जरिये में ये पता किया तुम कहा हो. फिर तुम्हारी कॉलेज में एक लूज़र बन कर आया मुझे लगा तुमने नहीं पहचाना.

माधुरी ; में तो तुम्हे देखते hi पहचान गई थी. मेने अपने आप को बदल लिया था. और वो थपड मुझे लेट ढूढ़ने के लिए था. उसके बाद मेने सोच लिआ जब तक तुम खुद मुझे नहीं बताओगे में नहीं पूछूँगी और में भी तपन की मधु बन कर रहने लगी.

शिल्पा ; वाओ बचपन का प्यार पर दीदी ने मुझे उस वक्त कभी बताया नहीं की उनका कोई बॉयफ्रेंड भी हे.

माधुरी ; उस वक्त तुम ज्यादा समज़दार तो थी नहीं और तुम्हारा मुँह भी तो बंद नहीं रहता था.

शिल्पा ; लेकिन ये तिगर हे ये आप को नहीं पता था न.

माधुरी हसने लगी. और शिल्पा के गले में जो उसने लॉकेट दिया था वो पकड़ कर बोली.

माधुरी ; इस से तुम जो भी बात करती में हर वक्त सुन लिआ करती थी. इसे सिर्फ आलिया hi तोड़ पाई. आलिया hi थी जो इसे उयर देती. पर सुकर हे माँ उसके साथ होती हे.

में ; हम्म वैसे तुम्हारे गले में भी मेने कुछ डाला हे.

माधुरी ने अपना पुराण मगलसूत्र पकड़ा.

माधुरी ; ये विथ कैमरा में जिस से भी मिलती तुम देख रहे होते थे न. तभी मेरी मदद के लिए तुमने शिल्पा को भेजा.

शिल्पा ; इतना सस्ता मंगल सूत्र क्या दीदी. इतनी गरीबी.

माधुरी ; बेवकूफ ये तपन का दिया मंगलसूत्र की कीमत वीर के दिए मंगल सूत्र से कही जयदा हे.

(शिल्पा ने सोचा माधुरी को तिगर और वीर दोनों के राज पता हे और वीर को माधुरी का हर सच पता हे. वो वीर की तरफ देख कर बोली.)

शिल्पा ; मतलब दीदी ने जो किया वो सब आप ने देखा.

(माधुरी भी समाज गई वो जो कर चुकी थी वो वीर जनता था. )

माधुरी ; क्या तुम सोकॉल्ड हो??

मुझे हसी आ गई माधुरी मुझसे क्या पूछना चाहती हे. पर मुझसे पहले शिल्पा ने जवाब दिया.

शिल्पा ; नहीं दीदी सोकॉल्ड वो नहीं तुम हो. और बहोत hi ज्यादा बीमार.

माधुरी का चहेरा उदास हो गया.

में ; तुम्हारी बीमारी hi तुम्हारी दवा हे तुम्हारा इलाज तुम सच में शेरनी हो. और शिकार को मत छोड़ना. क्यों की ये लड़ाई मेरी नहीं तुम्हारी हे. और इस कहानी की हीरो तुम हो. कुछ पल ख़ामोशी छै रही. माधुरी कुछ सोच रही थी.

में ; मधु में चाहे तपन राहु या वीर या तिगर. मेरा डिल हमेसा तुम्हारा हे.

माधुरी ; वैसे शिल्पा को तुम कैसे मिले.

में ; हम्म्म पहले में इनडोर आया. मेने तुम्हे देखने की कोसिए की पर तुम तो उस घर को छोड़ चुकी थी. शिल्पा भी हॉट स्कूल गर्ल बन चुकी थी. पर वो लड़को पर ध्यान hi नहीं देती. ऐसे में मुझे इसे पटना जरा मुश्किल हो गया. मेने तुम्हारे है के वॉचमन से पता किया तो पता चला बड़ी बेटी अपने दादा शैतान सिंह के पास रहती हे. वह पता किया तो ये पता चला की तुम वह से घर छोड़ कर भाग चुकी हो.

उस वक्त में चोरी से तुम्हारे घर में घुसा. में तुम्हारा रूम दूध रहा था. सायद तुम्हे ढूढ़ने का कोई सुराग मिले. पर कुछ कामयाबी हासिल नहीं हुई. शिल्पा वह तुम्हारे जाने के बाद तुम्हारे रूम में रहने लगी. शिल्पा की हरकतों को नोट किया तो बंदी को वंडर वुमन बन न था.

शिल्पा ; तो क्या करती मुझे फिल्म देख कर बहोत सोख चढ़ा. फिर किसी ने कट्वोमान फिल्म की डीवीडी मेरे बाद पे राखी. मेने फिल्म देखि और सोच लिआ में भी बड़ी हो कर ऐसी hi बनूँगी.

में ; वो मेने hi राखी थी. फिर मेने सीधा hi एक लेटर लिखा और शिल्पा के बाद पे छोड़ दिया.

शिल्पा ; है सीधा लिखा था. अगर अपने मुल्क से प्यार हे और क़ुरबानी का जस्बा हे तो आओ हमारे साथ. त्रिनेत्र. में एक पल दर गई. फिर मेरे डिल ने कहा शिल्पा यही मौका हे. अपनी असली जिंदगी जीने का. अंदर लिखा था अगर तुम हमें जॉइंट करना चाहती हो तो बर्लिन पहोच जाओ.

में ; वो मेने इस लिए लिखा क्यों की वो मेरा 1सत मिस्सों था.

शिल्पा ; है बिलकुल में बर्लिन गई पापा जाने नहीं देना चाहते थे. में घर पापा के नाम लेटर लिखा और भाग गई. वह मुझे एयरपोर्ट से hi कोई फॉलो कर रहा था. वह पहोचने से पहले मुझे एयरहोस्टेस ने एक नेपकिन दिया में हाथ पहोचने गई तो उसमे 333 लिखा था. मेने अपने उस से हाथ पोछे और फेक दिया वो उसी एयरहोस्टेस ने उठा लिया. फिर में बर्लिन पहोची. वह एयरपोर्ट से बहार निकली तो मुझे एक टेक्सी दिखी. जिसका दूर खुला था. टेक्सी का no भी 333 था. में टेक्सी में बैठी.

में ; बस बस इतना पूरा मत बताओ. में बताता हु. वह मेने इसे सब कुछ बता दिया. में तुम्हे दूध रहा था. तो शिल्पा ने एक शर्त राखी.

माधुरी मेरी बात सुन कर हसने लगी. शयद वो जानती थी उसने क्या शर्त राखी होगी.

शिल्पा ; (स्माइल) वो ये था की अगर दीदी और इनको में मिलवा दू तो आप दीदी से शादी करोगे और जिंदगी भर साथ निभोगे.

में ; (स्माइल) में बस इतना सा???

शिल्पा ; बता रही हु बाबा. और रररर दीदी के साथ साथ मुझे भी प्यार करना होगा उतना hi. और शादी भी.

माधुरी ; हम दोनों बहने एक दूसरे से अलग नहीं होना चाहती थी. हमें पता था हमारे पति अलग हुए तो हम एक साथ नहीं रहे सकते थे. में शिल्पा से मिलने अक्षर उसकी स्कूल में आ जाया करती थी. इस लिए इसने तुम्हे मेरे बारे में बताया. और तुम मेरी कॉलेज भोपाल में तपन बन कर आए.

हम सब एक दूसरे के गले मिले मुझे पता था. आलिया को आधा तो ऊपर से गया होगा.

माधुरी ; कल का क्या प्रोग्राम हे????

शिल्पा का फेस डाउन हो गया.

शिल्पा ; कल सेल कमीने डीके के हाथ पूरी प्रॉपर्टी लग जाएगी. हम सब आप hi के घर रहेंगे.

माधुरी ; ऐसे कैसे वो चुटिया इनका साला लगता हे क्या.

माधुरी की बातो से मुझे हसी आई. माधुरी ने मुझे मेरा पजामा दिया.

माधुरी ; आओ मेरे साथ.

मेने पजामा पहना और आलिया ने चादर लपेटी. हम सब माधुरी के पीछे चलने लगे. माधुरी सिडिया उतरने लगी. वह माधुरी के परदादा की तश्वीर थी. माधुरी ने पीछे हाथ डाला और 2 वसीयत निकली. नई और ओल्ड. ओल्ड के हिसाब से 50% माधुरी और 50% शिल्पा के पति के नाम था. और जो नई जो गायब कर दी गई थी. वो जिसमे माधुरी के 15 और उसके पति की 15 और शिल्पा की भी शामे थी. बाकि 40 अब भी उसके पापा के नाम थी. माधुरी ने तुरंत hi नई वाली फाड् के जलने लगी. मेने रोकना चाहा तो वो घूम गई. अब सब कुछ मेरा था.

माधुरी ; ये एक और जिसमे हम दोनों बहेनो के 15, 15 % और हमारे पतियों के 15,15 % हे और हमारे पति तो एक hi हे. (स्माइल)

में ; तुमने सब मेरा क्यों किया.

माधुरी ने मेरी चेस्ट पे उंगलिया घुमाई फिर मुझे बहो में लेकर कहा.

माधुरी ; सससस राजा हो न. इसे सिर्फ तुम hi संभल सकते हो. कोई और होता तो सब बिगड़ देता ये सब और हम तुम्हारे हे जनाब.

माधुरी मेरी चेस्ट की निप्पल्स को चूमने लगी.

माधुरी ; अम्म्म शिल्पा ससस कल तुम जाओ और बम फोड़ दो मीटिंग में हम तुम्हे वही मिलेंगे.
 
रत तक़रीबन बिट hi चुकी थी. शिल्पा को अब जोश आने लगा. कल की मीटिंग में वो डीके को कैसे सोक दे वो ये सोच सोच कर स्माइल कर रही थी. उसका पति वीर और आलिया नुदे और माधुरी ने अब भी ड्रेस चेंज नहीं की थी. शिल्पा ने करवट बदली तो वो माधुरी को देख के बहोत जयदा सोक हो गई. शिल्पा माधुरी के साथ सोती थी तो कई बार नोट किया की माधुरी नीड में जिसके भी साथ सोती थी. उसका जबड़ा उसकी गर्दभ पे होता और वो हल्का हल्का उसे गलती से दर्द भी देती. ऐसा तभी होता था जब माधुरी गहरी नीड में सो जाती. जयदा तर माधुरी सोती hi नहीं थी. बस बितर में आंखे बंद किये पड़ी रहती. मगर आज वो बहोत गहरी नींद में थी.

और उसकी जीभ वीर की गर्दन पे घूम रही थी. वो डट भी गदा देती.

वीर भी सोया नहीं था. वो भी माधुरी पर hi नजर जमाए था. शिल्पा कुछ दर भी लगा. उसे पता था वो उसके पति को कोई नुकशान तो नहीं करेगी. पर गलती से हो गया तो.

वही रत भर नेताजी और डीके ने बहोत शराब पि. उन्हें नहीं पता था. जिस लिए वो बहोत खुश हो कर पार्टी कर रहे हे. वो ख़ुशी तो स्वीटी ले ुड्डी हे. दोनों की शराब की बोतल ख़तम हो गई.

डीके ; सिर्रर्र. बोतल खटमंमं. आप को भी नषाआ हो गया चलाऊ अंदर कल चले जाना.

नेताजी ; ठीक हे यार चालू अंडरररर.

दोनों झूमते हुए अंदर गए. डीके के वही रूम में जब पहोचे और देखा तो दोनों का पूरा नशा उतर गया. नेताजी को तो बहोत गुस्सा आया.

नेताजी ; सेल मादरचोद तू तो कहता हे ये जगह सब से सेफ हे. अब शैतान तुजे खा जाएगा.

डीके भी सोचने लगा अब वो क्या करे उसके पास शैतान की वफ़ादारी भी जा चुकी थी. नेताजी गुस्से में वह से चले गया.

वही कल्पना को हॉस्पिटल में डॉक्टर के पास लेकर गई ेराम बहोत घबराई हुई थी.

डॉक्टर ; आप फ़िक्र मत करे सिर्फ इन्हे सोक लगा हे. चोट की वजह से भी बेहोश हे. मेने िंगजेटिओं लगा दिया हे. सुबह तक होश आ जाएगा. वैसे आप इनकी क्या लगती हो.

ेराम ; कुछ नहीं.

डॉक्टर ; तब तो हमें पुलिस को कॉल करना होगा.

ेराम ; आप फ़िक्र न करे में इंस्पेक्टर माधुरी की बहन हु.

डॉक्टर ; ओह्ह तब तो कोई बात नहीं. वैसे आप मेडिकल स्टोर से ये मेडिसिन ले आइए.

ेराम मेडिसिन लेने बहार जाती हे. उसे हॉस्पिटल के पास वाले स्टोर से वो दवाई नहीं मिलती.

स्टोर मन ; मेडम आप सिटी हॉस्पिटल चले जाइए वह निचे स्टोर से दवाइया मिल जाएगी.

ेराम अपनी कार निकल कर रोड पे लती हे. उसे महसूस होता हे उसकी कार में कोई पीछे हे. उसे मिरर में एक नकाब और ब्लैक चश्मे वाला. जिसने ब्लैक बड़ा सा छोत और हाथो में ग्लब्स पहन कर मुँह से धुँआ निकल रहा हे. उसके हाथो में पाइप थी. ेराम ने पीछे मुद के देखा वो मौलवी था.

ेराम ; अब्बू...

मौलवी ; किसी हो मेरी बची.

ेराम कुछ नहीं बोलती.

मौलवी ; मेरी खुद की औलाद आज मुझे आँखे दिखा रही हे. जिस से मिलने मुझे इस रत के अँधेरे में यहाँ आना पड़ा.

ेराम ; आप का काम तो होने वाला हे फिर आप ने तकलीफ क्यों की.

मौलवी ; क्यों की तुमने मेरा एतबार तोड़ दिया हे. फिर भी में तुम्हे एक मौका दूंगा. कल 12 बज तक तुम शैतान के घर पहोच जाओ और मेरे साथ दोबारा शामिल हो जाओ. या फिर दुश्मनो के साथ में तुम्हे भी मोत की सजा दूंगा.

मौलवी का खौफ ेराम के फेस पे दिख रहा था. मौलवी कार से बहार निकला और कार के पीछे अँधेरे में गायब हो गया. ेराम कुछ देर सोचती रही फिर उसने कार स्टार्ट की और आगे बढ़ी.

शैतान की हवेली में गुंडों और नोकरो की अफरातफरी मची हुई थी. शैतान जोर जोर से चीला रहा था. सुबह होने वाली थी.

शैतान ; जल्दी करो हरामजादो. उजाला होने से पहले सरे काळा परदे लग जाने चाहिए. मौलवी सब उजाले में बहार नहीं निकलते कमबख़्तो.

सभी ने मुशीबत से सारा इंतजाम कर दिया. एक ब्लैक लम्बी कार आ कर रुकी उसमे से मौलवी बहार आया. ब्लैक कोटे काफी लम्बा ब्लैक गूगल. ब्लैक हैट. और ग्लब्स. लम्बे काळा बूट से थक थक करता हुआ वो शैतान की तरफ आया.

शैतान ; (स्माइल) वेल के मौलवी शब् आइये अंदर.

दोनों अंदर गए. शैतान मौलवी को एक रूम में ले गया. जहा एक बाद पे सुरभि की लाश थी. जिसे देख कर मौलवी बोलै.

मौलवी ; बहोत खूब शैतान शब् में खुश हुआ बेहद खुबशुरत हे. लेकिन मेने तुम्हे दो हसीनाओ की लाश के लिए कहा था.

शैतान ; एक भाग गई मौलवी शब् कहो तो एक लाश का इंतजाम और करू???

मौलवी ; नहीं रहने दो. आज इसी से वक्त खुजार लूंगा.

मौलवी ने अपने फेस से कपडा हटाया और सुरभि के लिप्स पे अपनी जीभ घूमने लगा. शैतान को कुछ अजीब लगा. वो जनता था. मौलवी लाशो के साथ सेक्स करने का सोखिन हे. मौलवी ने हाथ पीछे किया और ऊँगली से शैतान को बहार जाने का हिसार किया. वो बहार चले गया. मौलवी ने खुद दूर बंद किया और अपने सरे कपडे उतर कर सुरभि के ऊपर लेट गया.

बहार गुंडा शैतान से सवाल करता हे.

गुंडा ; सब ये मौलवी शब् सच में मुर्दा लाश के साथ सेक्स करते हे??

शैतान ; (स्माइल) है उसे हसीना मुर्दा जयदा पसंद हे. बहोत जालिम हे वो. उनके घर में एक अलग hi मुर्दा घर हे. वह खुबशुरत से खुबशुरत ोर्टो और लड़कियों की लाश हे.

डीके उसके कुछ देर बाद वह पहोच जाता हे. अपनी कार छोड़ कर वो भागते हुए शैतान के पास पहोचा. नेताजी ने फोन से सारा किस्सा शैतान को सुना hi दिया था. वो डीके को गीध गिदाता देख खुश होता हे.

डीके ; शैतान शब् शैतान शब्.

शैतान ; आओ आओ डीके मुझे पता था. तुम यहाँ जरूर आओगे.

डीके ; शब् मुझे एक मौका दो में अपनी वफ़ादारी तुम्हे शॉप दूंगा.

शैतान ; तुम जैसे गद्दारो से दोस्ती करने से अच्छा हे में तुम्हारे नाम का कुत्ता पल लू.

डीके ; नहीं नहीं शैतान शब् एक मौका दीजिये शैतान शब्.

अंदर से आवाज आती हे.

मौलवी ; उसे अंदर लेकर आओ शैतान शब्.

शैतान डीके को देखता हे और स्माइल करते हुए बोलै.

शैतान ; वह क्या किस्मत हे तुम्हारी.

डीके ने हिसार से पूछा कोण हे.

शैतान ; मौलवी सब.

डीके और शैतान रूम में जाते हे. सुबह हो चुकी थी. फिर भी अंदर अँधेरा था. सिर्फ एक छोटे से बल्ब की लाला रौशनी वो भी मौलवी और सुरभि की बॉडी के चेस्ट से निचे तक hi दिख रहा था.

डीके अंदर का नजारा देख के सोच में पद गया ये केसा इन्शान हे. उसे नहीं मालूम था की जिस लाश के जिश्म पर वो हाथ घुमा रहा हे अपने लैंड को उसकी जंगो पे मशाल रहा हे वो और कोई नहीं सुरभि हे.

शैतान ; मौलवी सब ये कमीना मेरे किसी काम का नहीं इसे अभी में मौत देने hi वाला था की आप की रहमदिली से ये बच गया. इसने मुझे मरने की कोसिस की.

डीके ; नहीं मौलवी सब मेने ऐसा कुछ नहीं किया.

मौलवी ने लाश को दक्का मारा जो डीके के पास गिरी. सुरभि को देख के डीके घबराते हुए पीछे हो गया.

डीके ; मम्मेने इसे भेजा जरूर था पर सिर्फ नजर रखने के लिए में सच कहता हु मौलवी सब.

डीके ने शैतान की तरफ उम्मीद से देखा सायद वो उसे बॉक्स दे.

शैतान ; तो कल्पना क्यों थी यहाँ??( स्माइल)

डीके ; वो मुझसे बागी हो गई अब वो मुझे hi मरना चाहती हे. मेने तो आप को कहा hi था मर दो उसे.

मौलवी ; अब इन सब बातो का फायदा नहीं तुम्हे सिर्फ एक मौका मिलेगा. क्यों शैतान शब्.

शैतान हसने लगा.

शैतान ; आज वो मोहिनी मुझपे हमला करने आएगी. अगर तुमने उसे हरा दिया तो तुम्हारी वफ़ादारी शामिल. में उसे अभी नाराज नहीं कर सकता क्यों की. वो hi हे जो हमारे काम को अंजाम देगी.

सुबह मेरी नींद खुली और जब मेने आलिया जो देखा तो में सच में सोक हो गया. आलिया साड़ी में. और एक डैम तहजीब में. शर्माती हुई. बक बक करने वाली बिलकुल काम और सिर्फ काम की hi बात बोल रही थी.

आलिया ; जी गुड मॉर्निंग चाय.

images-12.jpg


मुझे भरोसा नहीं हो रहा था. क्या ये वही आलिया हे जो जम्प कर के मुझपे कूद जाया करती थी. जो मेरी चेस्ट पे बैठ कर मुझे रत को सोने नहीं देती थी. उसने मुझे हाथो में चाय दी. में उसके फेस को देखते रहे गया.

images-1.jpg


सच में सिंपल में तो आलिया जान निकल लेती. मेने माधुरी को देखा वो है रही थी. में सोच रहा था आज हो क्या रहा हे मेरे साथ.

में ; मधु इसे क्या हुआ???

माधुरी ; टीवी सीरियल देख के वाइफ बन ने की प्रैक्टिस हो रही हे.

मुझे हसी आ गई में और माधुरी जोर जोर से हसने लगे. आलिया रुकी और हम दोनों को गुस्से से देखने लगी.

images-11.jpg


आलिया ; है लो है लो. देखना एक अच्छी बीवी में बन के दिखाउंगी.

वो अंदर गई.

माधुरी ; शिल्पा चली गई. वो वकील के साथ कंपनी में जाएगी. आप आलिया को कॉलेज छोडो और फिर आप भी आ जाना. में मार्किट में आप का वेट करुँगी.

में ; कही यूनिफार्म में मत आ जाना कुछ ऑफिसियल हॉट पहन न.

माधुरी ; ( स्माइल ) अच्छा? आज तो सुबह से hi रोमांटिक बन रहो हो आप.

में आलिया को कॉलेज लेजाने लगा. आलिया ने बहोत जिद की के वो अब कॉलेज नहीं जाना चाहती. पर में उसे जबरदस्ती कॉलेज ले गया. उसके बाद में वह से निकल कर पुलिस ठाणे की तरफ गया जहा माधुरी मेरा इंतजार कर रही थी. में बाइक रोकी भी नहीं मेरी नजर माधुरी पे गई. में उसके पास पहोचा और माधुरी को देखता hi रहे गया. ऑफिसियल पिंक में माधुरी बहोत जबरदस्त हॉट लग रही थी.

images-7.jpg


माधुरी मुझे देख कर स्माइल करती हे. उसे पता थी में उसे देख कर इम्प्रेस हो गया हु. वो मुझे स्माइल करती हुई बोली.

माधुरी ; चले???? (स्माइल)

में ; हम्म्म.

माधुरी ने मेरे गलो पे एक प्यारी किश की और मेरे पीछे चिपक कर बैठ गई. माधुरी का स्कर्ट ऊपर होने से घुटने तक का नजारा साफ दिख रहा था.

शिल्पा कंपनी बोर्ड मीटिंग के लिए पहोच चुकी थी. वह सरे सेर होल्डर बैठे हुए थे.

सिर्फ शिल्पा hi ऐसी थी की गेम सुरु होने से पहले hi उसके पास कुछ नहीं था. मगर जो ऐसा सोचते हे उन सब को शिल्पा चौकाने वाली थी. वो मीटिंग में शूट पहन कर आई थी. वो जान बच कर ऐसे बैठी जैसे बहोत टेंशन में हो. एक लम्बे टेबल पे सभी लोग बैठे हुए थे. डीके की बस यही उम्मीद थी की अजय ठीक न हो पाए और डीके साडी प्रॉपर्टी हड़प ले. वो मीटिंग में आया. सभी लोग खड़े हो गए. शिल्पा ने अपना लाचारी वाला रूप चेंज नहीं किया था. पर फिर भी वो कड़ी नहीं हुई. डीके ने शिल्पा को देखा और स्माइल करते हुए बोलै.

डीके ; शिल्पा जी सायद आप को मालूम न हो तो में बता दू की में अभी कंपनी का बॉस हु.

शिल्पा ; अभी बने नहीं हो. आज स्तेय हटने वाला हे हटा नहीं.

शिल्पा तो माधुरी और वीर का इंतजार कर रही थी.

वो लाचारी वाले फेस को बरक़रार रखती हे.

डीके ; वैसे में कोर्ट से पार्टीशन ले आया हु. अब तुम सिर्फ अजय सब की बेटी हो. में तुम्हारी जगह

किसी और को तुम्हारी जगह दे दूंगा.

शिल्पा ; तुम्हारा शापना कभी पूरा नहीं हो सकता.

डीके जोरो से हँसा.

डीके ; होगा और जरूर होगा. पर तुम अपनी जगह पे हो सकती हे. लेकिन.

बोर्ड मीटिंग में नेताजी के समधी कपाड़िया और उसके बेटे विकास को भी बुलाया गया था. ये सब नेताही का hi क्रोप्शन की चल थी. लेकिन उसमे भी कपाड़िया, विकास, और अजय की कंपनी को hi चुना लगाने का प्लान था. शिल्पा ने एक बार डीके को गुस्से से देखा और फिर सामने देखने लगी.

IMG-20201113-183422.jpg


माधुरी ; कुत्ते मालिक की जगह पे नहीं दवाजे के बहार अच्छे लगते हे समझा.

डीके को खड़ा किया और माधुरी ने उसे दक्का दे दिया. डीके गिरने लगा और वीर से टकरा गया. वीर ने उसे खड़ा किया और उसका शर्ट जड़ने लगा.

वीर ; यार तुम तो वैसे भी गिरे हुए हो अब तो और ज्यादा गिर गए यार.

डीके जोर से चिलाय.

डीके ; ोययययय तपन.

डीके के कण पे माधुरी ने इतना खतरनाक तमाचा मारा की डीके का कण बंद हो गया. माधुरी जबरदस्त गुस्से में डीके की तरफ मरने गई. पर वीर ने उसे रोक लिया.

वीर ; नहीं मधु प्लीज मधु. तुम्हे मेरी कसम.

वो रुक गई. डीके अपने गाल पे हाथ रख कर गुस्से में चले गया.

डीके ; आज तुम्हे पता चलेगा के डीके क्या चीज हे. साला मुझे मारा.

माधुरी ने वीर का हाथ पकड़ा और उसे जबरदस्ती बॉस की चेयर पे बितीहै दिया. माधुरी वीर के कंधो पे हाथ रख कर वीर के पीछे कड़ी हो गई.

माधुरी ; (स्माइल) तो दोस्तों ये हे कंपनी ने नए मालिक. अजय अग्रवाल के एक लोटे दामाद और उनकी दोनों बेटियों के पति मर वीर सिंह. ये बेहत ईमानदार और महेनति हे. ये सब को वो बुलंदियों पे ले जाएंगे जहा जाना सायद सब की कल्पना होगी. में आशा करती हु आप सब इनका पूरा साथ देंगे.

सभी ने तालिया बजे. कपाड़िया और विकास भी तालिया बजा रहे थे. उनके फेस पे भी स्माइल थी.

कपाड़िया ; कॉंग्रट्स मर वीर मेने आप का बहोत नाम सुना हे. आप की कंपनी के वर्कर्स आप के लिए जब छिड़कते हे. आप की कंपनी के साथ काम करने में मुझे बहोत ख़ुशी होगी. आप के ससुर मर अजय ने 2 साल पहले मेरी कंपनी के साथ पावर प्रोजेक्ट पे काम करना चाहा था. अब सब आप के ऊपर हे.

वीर ; क्यों नहीं कपाड़िया सब मेने आप की कंपनी का कोटेशन देखा हे और हम आप की कंपनी के साथ hi काम करेंगे.

विकास ; आज मेरे घर पार्टी हे और कल आप प्लीज हमारी कंपनी के साथ एक मीटिंग कीजिये.

वीर ; जी जरूर.

वीर ने कपाड़िया और विकास का इनविटेशन काबुल किया मीटिंग ख़तम हुई. शिल्पा कंपनी के जरुरी काम करने लगी.

वीर ; आओ मधु में तुम्हे कंपनी दिखता हु.

दोनों कंपनी देखने लगे वीर सभी मज़दूरों से माधुरी को मिलवाता हे. दोनों बहार आ जाते हे.

images-10.jpg


वीर ; क्या देख रही हो.

माधुरी ; अब तुम मालिक हो. मेरे बाप की महेनत को एक नै दिशा देना.

माधुरी बहोत खुश थी. वो वीर का हाथ पकड़ कर कंपनी की बिल्डिंग को देखती हे.

माधुरी ; कल तक तुम इस कंपनी में काम करते थे अब मालिक बन गए.

images-9.jpg


वीर ; अरे जानेमन मालिक तो तुम हो आओ चलो बॉस की चेयर पे बैठो. लोगो को भी एक हॉट सेक्सी बॉस मिलजाए.

माधुरी हस्ते हुए वीर को रोकती हे.

images-8.jpg


माधुरी ; न बाबा तुम hi ठीक हो.

हॉस्पिटल में कल्पना को होस आया. उसे ये पता नहीं थी की वो कब से बेहोश हे. ेराम उसके पास थी.

ेराम ; ओह सुकर हे तुम्हे होश आ गया अब तुम ठीक हो.

कल्पना को फिर भी सुरभि की फ़िक्र होती हे. वो घबराते हुए बोली.

कल्पना ; प्लीज प्लीज मेरा एक काम kardo.please प्लीज.

ेराम ; है है बोलै क्या बात हे.

कल्पना ; इंस्पेक्टर है है इंस्पेक्टर माधुरी यही इसी ठाणे में हे उस से कहो सुरभि की जान बचा ले. वो लोग उसे वो लोग.

ेराम ; है बोलै वो लोग क्या??

कल्पना ; वो लोग उसे मर डालेंगे.

ेराम भी सोक हो गई. उसने वीर को कॉल लगाया पर वो मीटिंग में होने के कारन कॉल नहीं उठता हे. क्यों की उसका फ़ोन साइलेंट था. Fîr माधुरी को कॉल लगाया उसने कॉल पिक किया.

माधुरी ; बोलो ेराम क्या हुआ.

ेराम के हाथ से कल्पना ने फोन छीन लिया. और जोर से चीख के बोली.

कल्पना ; जल्दी करो वो सुरभि को मर डालेंगे जग्गू को बचा लो.

स्वीटी ने सुबह का ब्रेकफास्ट तो फ्री में कर लिया था. और दोपहर के लंच का इंतजार कर रही थी. मनगर को अपना मोहरा बना ने के बाद वो शैतान से मिलना चाहती थी. लंच लेकर मनगर उसके रूम में खुद आया. सामने तीन गर्ल स्वीटी को देख कर उसकी लार फिर टपक गई. जैसे दूर खोल कर वो अंदर आया उसे स्वीटी एक सेक्सी स्माइल में दिखी.

IMG-20201126-082133.jpg


मनगर ; (स्माइल) मेडम गई किसी हो.

स्वीटी ; आओ आओ केसा लगा रत मेरा जलवा.

मनगर ; अरे मेडम रत तो में आप का दीवाना hi हो गया. आप फ़िक्र न करे मेडम. आप को कोई भी बिल पेड करने की जरुरत hi नहीं.

स्वीटी ने जातक कर बालो को पीछे किया और अपना यौवन आगे कर के स्माइल करते हुए बोली .

IMG-20201126-082109.jpg


स्वीटी ; सच........

मनगर ; है मेडम बिलकुल सच.

स्वीटी ; लेकिन कुछ सोचो न में ज्यादा टाइम बिना पैसे के कैसे रहूंगी कुछ सोचो न. में कुछ भी कर लुंगी. किसी के भी साथ.

मनगर ; जो रत मेरे साथ किया वो कर लोगी किसी और के साथ.

स्वीटी ; है है बस किसी को पता न चले. प्लीज.

मनगर ; उसकी फ़िक्र मत करो. लो लंच करो.

स्वीटी फ्री का लंच ठूसने लगी. मनगर सोचने लगा किसके पास भेजे.

मनगर ; तुम मुझे कितना डौगी.

स्वीटी ; 10%.

मनगर ; बस कमसे काम 20% तो दो.

स्वीटी मुँह में खाना ठुसे hi बोली.

स्वीटी ; अरे रो मत यार 25 दे दूंगी मगर एक काम और.

मनगर ; वो क्या.???

स्वीटी ; एक सिम लो नई. और में जो जो बोलू वैसे सिर्फ मुझे hi कॉल करना.

मनगर ; वो क्यों???

स्वीटी ; तुम्हे पैसा चाहिए या फिर मुझसे hi खुश हो. तुम्हे तो में वैसे भी खुश कर hi दूंगी तो फिर.

मनगर ; ओह तो फिर दोने. एक शेट्ठ हे. लाला राम. चुटिया साला तुम्हारे लिए तो 5 लाख दे देगा.

स्वीटी ; बे चूतिये बाप से छुड़वाएगा क्या.

मनगर सोक हो गया. एक तो स्वीट की लैंग्वेज और वो निकली लाला की बेटी.

मनगर ; तुम सच में.

स्वीटी ; है वो मेरे पापा हे.

मनगर ; बाप रे नहीं नहीं मुझे कुछ नहीं चाहिए. वो शैतान शब् के साथ काम करते हे. अगर पता चला तो मेटे बीवी बचे सब उठा लेंगे.

स्वीटी ; वो तो मेने मुँह खोल दिया रत मेरे साथ मजा किया तो भी ये हल होगा डरो मत में तुम्हे कही फसने नहीं दूंगी. वैसे भी मेरे पापा को कुछ पता नहीं चलेगा.

स्वीटी ने लंच ख़तम कर लिया वो हाथ धो कर आई.

स्वीटी; में 25 लाख दूंगी. और वादा में फांसी तो भी तुम्हारा नाम नहीं आएगा. मनगर को थोड़ा रह ात हुई. वो है में सर हिलता हे. स्वीटी को पता था. वो अभी भी डरा हुआ हे.

स्वीटी ; अरे बाबा अब खुश हो या में अपने कपडे उतारू.

IMG-20201126-082053.jpg


स्वीटी ने अपने बेबी शूट के स्टॉप डाउन करने लगी. मसनगर ने स्वीटी को इस रूप में देखा तो वो सब भूल कर उसे भूखे खुट्टो की तरह ताड़ने लगा.

ेराम ने कल्पना के हाथ से फोन लिया और उस से पूछा.

ेराम ; सुरभि कहा फांसी हे.??

कल्पना ; स यह शैतान की कोठी पर. वो लोग आज रत उसे मर देंगे में वह से भाग आई. सुबह होने से पहले उसकी लाश निकलेगी उसे जल्दी जाना होगा.

ेराम ; वक्त ज्यादा हो चूका हे. अभी दोपहर के 1 बज रहे हे.

कल्पना चौक गई उसे नहीं पता था वो कितनी देर बेहोश रही. उसे चाँद लम्हे hi लगे. वो रोने लगी. फिर उसने ेराम से कहा.

कल्पना ; वो तो अब तक मर चुकी होगी. लेकिन उसका दोस्त अब भी वही हे जग्गू नाम हे उसका प्लीज तुम उसे बचने के लिए इंस्पेक्टर से कह दो.

ेराम माधुरी को कॉल लगाती हे वीर को लगाती हे पर वो नहीं उठती. फिर ेराम सोचती हे वो खुद hi सुरभि के दोस्त को बचाएगी.

माधुरी ने जैसे सुना सुरभि खतरे में हे. वो थोड़ा घबरा गई.

माधुरी ; सुरभि की जान खतरे में हे.

वीर ; क्या वो हे कहा.????

माधुरी ; इस वक्त वो शैतान की हवेली पे हे.

वीर गुस्से से बोलै.

वीर ; तुम पागल हो. वो इस खेल का हिस्सा नहीं हे. तुम किसी भी इनोसेंट को देव पे कैसे लगा सकती हो.

माधुरी ; मुझे जाना होगा उसे बचने.

वीर ; हम सब को जाना होगा पागल.

माधुरी वीर को देखती हे. और फिर उसने आलिया को कॉल किया. आलिया ऑफिस से गुल्ली मर कर माँ के घर थी.

माधुरी ; (गुस्से और जोश में) आलिया तैयार होजाओ. आज मुझे तेरी जरुरत हे. अपनी गन निकल लो. तुम्हारे निशाने की आज असली परख हे.

आलिया ; (स्माइल) फ़िक्र मत करो दीदी वैसे भी मेरा हथियार हमेसा पास hi होता हे.

माधुरी ; में आ रही हु तुम्हे लेने.

माधुरी ने कॉल कट किया.

माधुरी ; मेरी टीम रेडी हे.

माधुरी जोश में वीर की तरफ देखती हे. जैसे वो कहना चाहती हो हम दोनों hi काफी हे. वीर भी जोश में आ गया. उसने भी शिल्पा को कॉल लगाया.

वीर ; रेडी हो जाओ नाईट फाइटर.

शिल्पा ; लेकिन अभी अन्हेरा नहीं हुआ.

वीर ; वक्त तुम्हारा इंतजार नहीं करेगा.

वीर भी माधुरी के सामने देखता हे. जैसे वो भी साबित करना चाहता हो. किस्मे डैम हे ज्यादा. दोनों hi अलग अलग दिशाओ में भागते हे. माधुरी अपनी जीप में और वीर अपनी बाइक पे. माधुरी ने घसीटा को कॉल किया. वो ड्राइव करते हुए बात करती हे.

माधुरी ; घसीटा रेडी हो जाओ. सुरभि खतरे में हे. जग्गू को बोलो तैयार रहे मुझे मेरा नेटवर्क चाहिए.

घसीटा ; मेडम वो गायब हे. न रत से कॉल लगा न मश्ग. उसका कुछ पता नहीं हे.

माधुरी ; (सोक) क्या???

माधुरी ; ठीक हे पहले सुरभि को बचाना हे में उसे बाद में देखती हु.

माधुरी जीप भगा कर अपने घर पहोची. आलिया घर नज़दीक होने के कारन पहले से रेडी थी. आलिया और माधुरी ने एक्शन लुक लिया और दोनों hi जीप में शैतान की हवेली की तरफ जाने लगे. आलिया माधुरी की बगल में बैठी स्माइल करते हुए बहार सर निकलती हे. उसके बल हवाओ में उड़द ने लगे. जैसे हवा में तैर रहे हो. आलिया को फेस पे लग रही हवा बहोत सुकून दे रही थी.

माधुरी ; आलिया निशाना न चुके. में होश में राहु न राहु. तुम अपने होश मत खोना तुम्हे हर हल में हिम्मत और सुजबुझ से काम लेना हे.

आलिया सिर्फ माधुरी को प्यारी सी स्माइल के साथ है में सर हिलती हे. तभी माधुरी की जीप के पास एक बाइक आ जाती हे. माधुरी ने सर घुमा कर देखा तो उसका पति और उसके पीछे मास्क में शिल्पा थी. माधुरी और वीर ने दोनों ने एक दूसरे के सामने गर्दन घुमा कर देखा. वीर ने हेलमेट का कच डाउन किया. दोनों की नज़रे मिली. मगर दोनों में से किसी ने स्माइल नहीं की. आलिया घुटनो के बल सहित पर बैठ कर शिल्पा को देखती हे. वो उसे पहचानी नहीं. शिल्पा ने मास्क उतरा और उसे स्माइल करते हुए अपना फेस दिखाया.

आलिया ; (स्माइल) डीडीईई.....

शिल्पा ने वापस मास्क पहन लिया.

शैतान जोर जोर से चिल्ला रहा था.

शैतान ; जल्दी करो हराम जड़ो वो आने वाली होगी.

शैतान के पास डीके और मौलवी था. शैतान ने डीके की तरफ देखा और उस से कहा.

शैतान ; वफ़ादारी चाहिए न तुम्हे. वो आ रही हे. उसका मुकाबला सिर्फ तुम करोगे. उसे हरा दो तुम अपनों जगह वापस कमा लो.

डीके ने सर है में हिलाया और वह से निचे जाने लगा. मौलवी अब भी फुल मास्क में था. आवाज भी कंप्यूटर वाली.

मौलवी ; क्या बात हे शेतसँ सब ये अकेला क्या करेगा.

शैतान हसने लगा.

शैतान ; मिल्वी सब ये मेरा खेल हे. दोनों में से किसी का नुकशान हो फायदा मेरा हे. में अभी मोहिनी को नहीं खो सकता. वो hi मेरे काम को अंजाम देगी.

मौलवी ; (स्माइल) बहोत शातिर खिलाडी हो.

शैतान ; आओ खेल देखते हे.

मौलवी और शैतान ऊपर एक बड़े मिरर से निचे देखते हे. वो आर पर देख सकते थे. पर उस तरफ से कोई उन्हें नहीं देख सकता था. ेराम अपनी कार को दूर रख कर वो भी शैतान की हवेली की तरफ जाने लगी. उसने देखा उसका प्यार वीर किसी को ले कर शैतान की हवेली की तरफ जा रहा हे. साथ जीप में उसने माधुरी और आलिया को देखा. वो हवेली के पीछे की तरफ जाने लगी. वो जानती थी. सब का ध्यान आगे माधुरी की पूरी टीम को रोकने में जाएगा. वो पीछे दीवार के पास सात कर छुप गई.

माधुरी जीप ले कर हवेली के नज़दीक पहोच चुकी थी. बिलकुल नज़दीक.

माधुरी ; चालू जीप में निशाना लगा सकती हो??

आलिया ; (स्माइल) मुझे पूछ रही हो या अपने आप से.

आलिया ने मैगजीन लगाई अपनी स्नाइपर राइफल को कॉक किया. और माधुरी के हुकुम का इंतजार करने लगी. माधुरी ने बहोत तेज़ नज़रे घुमाई. उसकी नजर गेट पे गई.

माधुरी ; रुकने से पहले हथियार वाला.

आलिया ने तुरंत hi एक hi एआईएम लिया और गोली इतनी फ़ास्ट चलाई जैसे कोई वीडियो गेम खेल रही हो. उसने बन्दे के सर के बिच कोसिस की पर उसकी नोज के पास लगी. वो नजारा बहोत भयानक था. दूसरे गार्ड ने बंदूख उनकी तरफ तानी. शिल्पा बाइक पे hi कड़ी हुई. एक हाथ वीर के ऊपर और जोर से लम्बी चाबुक घुमाई. गार्ड के गले में लिपट गई. शिल्पा ने जोर से खींचा. गार्ड उछाल के गिरा वो उठ hi नहीं पाया. माधुरी ने उसपे से जीप चढ़ा दी. माधुरी जीप को गेट को ठोकर मर के अंदर घुस चुकी. गेट टूट चूका था. माधुरी और वीर उतरे और सीधा अंदर जाने लगे. शिल्पा आलिया निचे से hi रास्ता साफ करती गई.

अंदर एक सोफे पे तंग पसरे डीके बैठा था.

डीके ; वेल के वेल के तपन ओह ओह ओह सॉरी मर वीर. आओ आओ.

वीर के बगल में माधुरी और दे बै शिल्पा और आलिया. शिल्पा ने अपना हंटर घुमाया पास एक चेयर थी. उसे चाबुक से खींचा चेयर को माधुरी ने कैच किया और निचे रखा. वीर गुस्से में बीठ गया. माधुरी वीर के पीछे थी. और शिल्पा और आलिया वीर के अगल बगल. डीके देख के हसने लगा.

डीके ; वग राजा सब वह राजाओ वाला तरीका. लेकिन इन ोर्टो की आड़ में कहा छुपे हे.

वीर ; तुजे कोनसी औरत मारेगी ये बाद में सोचूंगा पहले ये बता शैतान कहा हे.

डीके ; है है है अब में बॉस हु. तुम उस रंडी को दूध रहे हो न क्या नाम हे उस डॉ का

माधुरी तुरसंत समाज गई वो सुरभि की बात कर रहा हे. माधुरी तुरंत बोली.

माधुरी ; कहा हे सुरभि. (गुस्से में)

डीके ; अम्म्म सोच रहा हु उसकी लाश का क्या करू उसे दफना दू या जला दू.

माधुरी को एक दक्का सा लगा सब में आलिया का खून डीके को देख के खोल रहा था. आलिया की राइफल लोडेड थी. उसने सीधा निशाना सर में मारा. मगर सामने जहा गोली लगी वो एक मिरर था. सामने एक बहोत बड़ा कच टूट गया. वीर खड़ा हो गया. आलिया भी टेंशन में आ गई. सामने एक और मिरर था. आलिया ने फिर गोली चलाई. उस पर एक और मिरर मिला. आलिया आप खो चुकी थी.

माधुरी ; आलिया नहीं आलिया नहीं होश मत खो.

आलिया ने तीसरी गोली भी चलाई उसके चलते hi जब तीसरा मिरर गिरा तो वह सुरभि की लाश थी. माधुरी खुद भी होश खो बैठी थी. वो भाग कर सुरभि के पास गई. और घुटनो के बल बैठ कर रोने लगी. वो जोर से चिल्लाई.

माधुरी ; सुरभि.....

माधुरी की आवाज पुरे हवेली में गूंज गई. माधुरी सिसक सिसक कर रोने लगी. वीर ने तुरंत hi अपना जैकेट उत्तरा और सुरभि के नंगे बदन पे डाला. वीर ने सुरभि को गॉड में उठाया और ऊपर मिरर की तरफ गुस्से से देखा.

शैतान को लगा वीर उसे hi देख रहा हे वो थोड़ा पीछे हुआ. मौलवी हसने लगा. माधुरी ने अपनी गन निकली. और गुस्से से कड़ी हुई. लेकिन उसे वीर ने रोक लिया.

माधुरी ; रुको मधु वैसे भी ये वक्त हमारा नहीं हे. वो अब नहीं मिलेगा.

माधुरी ; वो अब जिन्दा नहीं बचेगा.

आलिया ; (गुस्से में) उसे सिर्फ में मरूंगी दीदी.

शैतान और मौलवी दोनों उनकी बात सुन रहे थे. शैतान ज्यादा खुश हो रहा था. क्यों की वो डीके को भी मरवाना चाहता था. लेकिन शैतान के फेस पे भी उन सब को देख कर पसीना आने लगा.

मौलवी ; (स्माइल) क्या हुआ शैतान सब क्या तुम्हे दर लगा???

शैतान कुछ बोलै नहीं बस वो उन सब को देखते hi रहा. वीर पीछे मुदा और जाने लगा. उसने अपनी ये हर काबुल की थी. माधुरी आलिया और शिल्पा तीनो की आंख में अंशु थे बस खामोश था तो वो वीर था. हर एक के डिल में बदले की आग सुलगने लगी. वो वापस सुरभि के घर पहोचे. डीके ने सुबह की हर का बदला कुछ नए अंदाज़ में लिआ था.

माधुरी ; निदा ये मेरी दोस्त हे और इसकी लाश को जग्गू hi आग देगा जब तक वो नहीं मिलता सुरभि को संभल के रखो. निदा भी सुरभि की लाश देख कर दर गई.

स्वीटी ने मेनेजर को बोतल में उतर लिया. पैसा और अपनी जवानी का रास पीला कर वो अपने प्लान में शामिल कर लिया. और फिर वो शैतान को कॉल करती हे.

स्वीटी ; hello अंकल में स्वीटी.

शैतान ; कोण हो तुम क्यों कॉल किया. और मेरा no तुम्हारे पास कैसे.

स्वीटी ; अरे आराम से अंकल आराम से सब बताती हु. पहले मेने कुछ डॉक्यूमेंट सेंड किये पहले उसे देख लो.

शैतान ने अपना मोबाइल निकला और देखा. एक ुणों नंबर से कुछ फोटोज सेंड हुए थे. पर सब हाफ सीधे खड़े हाफ आधा पेज लेकिन खड़े रुख में. शैतान समाज गया की वो क्या हे. उसने फ़ोन मौलवी की तरफ किया वो स्माइल करते हुए बोलै.

मौलवी ; वह शैतान शब् आप तो नशीब वाले हो आँगुर पाक कर जोली में गिरने को तैयार हे. तुम्हारा गेम हे तुम सम्भालो.

मौलवी ने मोबाइल शैतान की तरफ किया शैतान ने कॉल बैक किया.

शैतान ; hello.

स्वीटी ; में जानती थी आप कॉल बैक जरूर करोगे.

शैतान ; कोण हो तुम क्या चाहिए.

स्वीटी ; अरे अंकल ऐसी बाटे फ़ोन पे hi करोगे हमें चाय पे बुलाओ.

शैतान ने स्वीटी को उसी के होटल में मिलने को बुलाया. स्वीटी ने है कहा. और कॉल कट कर दिया. स्वीटी ने बहोत बाटे मनगर को समझे.

स्वीटी ; में जब भी तुम्हे कॉल करू तुम बस यही पूछना मेडम जला दू. में सिर्फ इतना कहूँगी नहीं रुको. वो मुझे कुछ नहीं करेंगे और दूसरा तुम रुमाल रख कर बोलना. तुम्हे तुम्हारे पैसे मिल जाएंगे.

मनगर ; ok मेडम.

स्वीटी के मोबाइल पे शैतान का मश्ग आया. रूम no 211. स्वीटी ने स्माइल किया. और मनगर के गले लग गई. 20 मिनिट बाद फिर मश्ग आया.

शैतान ; 211 में आ जाओ में वही मिलूंगा.

स्वीटी अपना गेटउप चेंज करती हे और शैतान के रूम की तरफ चल देती हे. शैतान रूम में अंदर जा कर बाद पे बैठ गया और स्वीटी का वेट कर रहा था. स्वीटी आई और दूर खोल कर अंदर इन हो गई. वो दूर बंद कर के बड़ी अदाओ से कड़ी हो गई.

IMG-20201126-182715.jpg


स्वीटी ; hello अंकल.

शैतान ने सर उठाया और स्वीटी को देखा तो देखता रहे गया. मस्त जबरदस्त मॉल तीन गर्ल उसके सामने थी.

IMG-20201126-182625.jpg


विदेशियों की तरह गोरी और स्टाइलिश. शैतान सोचने लगा पैसा तो देना नहीं पर इसे जरूर रगड़ना हे. साली को मर कर मौलवी के आगे फेक देगा उसकी लाश के साथ मौलवी सेक्स करेगा.

स्वीटी अंदर आई और शैतान की बगल में बैठ गई. शैतान के कंधो और चेस्ट को अपने हाथो से मशालते हुए बोली.

स्वीटी ; फ़िक्र मत करो अंकल में सब बता रही हु.

शैतान सोच में पद गया ये क्या कर रही हे. स्वीटी खुद hi शैतान की जंगो और पेण्ट के ऊपर से hi शैतान के लैंड पे हाथ घूमने लगी. वो स्माइल करते हुए शैतान को देखती हे.

स्वीटी ; अच्छा लग रहा हे न.

स्वीटी ने शैतान के दोनों हाथ उठाए और अपने बूब्स पे रख दिए.

स्वीटी ; ारी don't वैर्य अंकल मुझे मालूम हे मुझे देख कर आप की लार टपक गई होगी. वैसे भी में आप hi के दोस्त की बेटी हु.

शैतान चौक गया. स्वीटी ने शैतान के पेण्ट की जीप खोल दी और लैंड बहार निकल दिया. स्वीटी ने जब शैतान के लैंड को देखा तो वो समाज गई की शैतान से छोड़ना उसके बस की नहीं हे. उसे लगा बूढ़ा समाज कर उसने गलती कर दी. लेकिन अभी भी बजी उसके हाथ में हे. वो लैंड को अपनी लिप्स पे रगड़ने लगी.

शैतान ; क्या तुम रंडी पैन hi करोगी या कुछ काम की बात करोगी.

स्वीटी ; बताती हु. में तो बस तुम्हे बोर न हो इस लिए थोड़ा. है है है. (स्माइल)

स्वीटी ; ok तो में लाला चाँद की बेटी हु. मेरे पापा को बताने की गलती मत करना वार्ना मेरा आदमी सब जला देगा. वो रेडी हे. मेरा कॉल नहीं भी गया तो भी.

तभी रिंग बजी.

स्वीटी ; (स्माइल) देखो आ गया.

मनगर ; मेडम जला दू??

स्वीटी ; (स्माइल ) अभी नहीं बाबा पर में कॉल न पिक करू या में कॉल न करू तो पक्का जला देना.

स्वीटी ने कॉल कट किया और फ़ोन शैतान को दिखाया.

शैतान ; क्या चाहती हो.

स्वीटी ; मेरी ोकड़ hi कितनी हे अंकल सिर्फ 2 करोड़ बस और बैंकाक की एक टिकिट विथ वीसा.

स्वीटी ने शैतान के लैंड को मुँह में भर लिया और बहोत अच्छे से अंदर बहार करने लगी. शैतान की भी आह निकल गई.

शैतान ; अह्ह्ह्ह ससस ठीक हे शाम को कम सब के घर आ जाना वो सारा इंतजाम करररररर सससस देंगे.

स्वीटी ने मुँह ऊपर उठाया. और स्माइल करती हुई बोली.

स्वीटी ; केसा लगा अंकल.

शैतान ; मजा आ गया. स्माइल.

स्वीटी फिर कड़ी हुई और जाने लगी. शैतान चौक गया.

शैतान ; ख़तम तो करो इसे.

स्वीटी ; अंकल में रंडी नहीं हु. सॉरी बी.

स्वीटी शैतान का सिर्फ लैंड खड़ा कर के वह से चली गई. शैतान कुछ देर बाद पे hi बैठा रहा फिर हवेली आ गया. और मौलवी के सामने खड़े रहे कर बोलै.

शैतान ; सैम 7 बज ब्लू प्रिंट मेरे हाथ लग जाएगी. और तुम्हारे लिए एक नए जिश्म का भी बंदोबस्त हो जाएगा.

मौलवी खड़ा हुआ और शैतान को एक तपाद मर देता हे.

मौलवी ; कभी कभी मुझे लगता हे इतना हम काम दे कर मेने गलती कर दी. तुम तो भादवा गिरी hi अच्छी करते हो.

मौलवी वह से ऊपर रूम में चले गया. अँधेरे में. शैतान को गुस्सा आ गया. वो सोच लेता हे मौलवी को भी वो मर कर उसकी जगह खुद लेगा.

वही स्वीटी अपने रूम में पहोची और जम्प मर कर वो मनगर के ऊपर कूद gai.or एक जबरदस्त लिप किश कर देती हे.

स्वीटी ; सबस तूने तो बहोत मस्त काम किया. ये लो 5 लाख और ये तुम्हारा पाश मेने चुराया था.

मनगर सोक हो गया वो अपना पर्श दूध दूध कर थक चूका था. स्वीटी. ने उसे 5 लाख कॅश दिया.

मनगर ; शैतान शब् का तो बहोत बड़ा हे. और तुम कैसे जेल गई. आज तक उसके निचे सोने वाली कभी सीधी तो टैंगो पे नहीं पहोची.

स्वीटी हसने लगी.

स्वीटी ; उसका बहोत बड़ा हे क्यों बे सेल तू क्या उस से गांड मरवाता हे???
 
बदले की भावना में जल रही माधुरी सुरभि का सर अपनी गॉड में लिए उसके फेस पे हाथ घुमा रही थी. उसकी आँखों में अंशु थे. वीर से हर बरदास नहीं हो रही थी. इस मिस्सों को वो माधुरी के हाथो hi पूरा करवाना चाहता था. शिल्पा और आलिया भी वही थे. हर कोई सुरभि से प्यार करता था.

वीर ; जुंग में सिपाही मरते हे मधु. इसका मतलब ये नहीं की हम रुक जाए.

माधुरी ने वीर को देखा.

माधुरी ; पर ये तो सिपाही नहीं थी.

वीर ; सिपाही तो थी मधु. लेकिन इसकी मौत की जिम्मेदार सिर्फ तुम हो. तुमने बिना वजह उसे वह भेजा जहा उसे नहीं होना चाहिए था.

माधुरी ; है सायद आप ठीक कहे रहे हो. में hi हु इसकी मौत की जिम्मेदार. ये मेरी गलती हे.

वीर ; जो हो गया सो हो गया. सिपाही का धरम मत भूलो. बेरहम, बेपरवाह, और बेवजह और बे दर. ये एक सिपाही के बुनियादी उसूल हे. आईटी थो अब तुम्हे hi रास्ता ढूढ़ना हे. आज मेरे साथ शाम को कपाड़िया की पार्टी में चलना हे. मेने वह महेमानो की लिस्ट हैक कर ली हे.

माधुरी ने अपने अंशु पोछे. और जोश में बोली.

माधुरी ; में आज पार्टी में नहीं जाउंगी जग्गू को ढूढ़ना हे मुझे.

वीर ; होश खो बैठी हो क्या. सब की नजर तुम पर हे. अगर तुम नहीं दिखी तो दुश्मन सतर्क हो जाएगा. हो सकता हे तुम जग्गू को भी खो दो. तभी वह सुरभि आई. उसे देख कर माधुरी बस इतना hi बोली.

माधुरी ; इस वक्त जाओ ेराम. ये वक्त न मेरे पास प्यार बचा हे न अपनापन.

ेराम ; प्यार तो जितना दिया उतना hi जिंदगी गुजरने को काफी हे मेरी बहन. अभी तो तेरा कर्ज चुकाने की बरी हे. तेरा जग्गू घायल हे. खून से लटपट. जंजीरो से बंधा हुआ. वो लोग उसकी मौत का भी इस्तेमाल करना चाहते हे. सायद इसी लिए वो जिन्दा हे.

माधुरी ; तू सच कहे रही हे.??

ेराम ने सर है में हिलाया.

माधुरी ; उसे लेने में जाउंगी.

वीर ; मेने तुम्हे संजय तुम्हे समाज क्यों नहीं आता. आज पार्टी में तुम्हे सब की नजर तुमपे रखनी हे.

ेराम ; तेरे जग्गू को तेरी ये बहन लेकर आएगी.

ेराम की आँखों में एक अजीब सा सवाल था. माधुरी और उसकी बहने सोचने लगी उसपे भरोसा करे या नहीं. ेराम भी उन्हें देखती हे और आँखों से सवाल करती हे. क्या तुम्हे भरोसा हे??

IMG-20201127-182432.jpg


वो वह से चली गई. उसे अपना जवाब मिल चूका था. कोई तीनो में से कोई भी उसपे भरोसा नहीं करता. ेराम अपने आप से बाटे करते हुए जाती हे.

ेराम ; तेरी दो पल की ख़ुशी इन लाखो आंशुओ पे भरी हे बहन. तेरे जग्गू को में लेकर आउंगी.

वो चली गई. वह आलिया जोश में बोली.

आलिया ; में लेकर आउंगी जग्गू भैया को.

माधुरी ; (गुस्से में) नहीं तू नहीं.

आलिया ; क्या मुझपे भरोसा नहीं.

माधुरी जोर से छिलाई.

माधुरी ; एक बार बोलै न तू नहीं तो नहीं. अब तू कुछ नहीं बोलेगी.

आलिया रोने लगी और वह से अंदर चली गई.

वीर ; शिल्पा आज इस काम को तुम अंजाम डौगी.

शिल्पा ने सर है में हिलाया. माधुरी ने अपना फ़ोन निकला और शैतान को कॉल लगाया.

माधुरी : hello तुमने hi उस कुत्ते की मदद की हे न. मेरी बंदी मर कर कहा छुपे हो.

शैतान शातिर था. वो एक तीर से तीन सीकर खेलना चाहता था. डीके की मौत, माधुरी और मौलवी की दुश्मनी. और खुद से माधुरी की पुराणी दोस्ती.

शैतान ; नहीं मोहिनी. में तुम्हारे खिलाफ कभी नहीं गया. उसके सर पर मौलवी का हाथ हे. वो अब मेरी जगह ले चूका हे. सुरभि को मेने नहीं मारा

माधुरी ; तो फिर किसने मारा.

शैतान ; मौलवी. और उसकी लाश के साथ बहोत hi घिनोना बलात्कार. वो तुम्हारे साथ भी वही करना चाहता हे. तुम आज अपने पति के साथ कपाड़िया की पार्टी में आ जाओ. हम मिलकर प्लान बनाएँगे.

शैतान ने बहोत गहरी चल खेली. माधुरी को पार्टी में बुलाया ताकि जग्गू तक कोई न पहोच सके.

माधुरी ; में जरूर आउंगी.

माधुरी ने कॉल काट दिया. वीर समाज गया था वो शैतान से बात कर रही हे.

वीर ; क्या कहा तुम्हारे पुराने आशिक ने.

माधुरी को एक झटका लगा. सायद वीर ने माधुरी के जले पर नमक छिड़क दिया था. माधुरी की आँखों से अंशु भी आ गए. वो जैसे टूट सी गई.

माधुरी ; तुमममम पर क्यूओ???

वीर ; (गुस्से में) इस लिए क्यों की मेरा डिल हे. और उसमे तुम हो. और दर्द होता हे कोई तुम्हे छूटा हे. दर्द होता हे की तुम्हारे डिल में अब भी वो हे.

माधुरी ; मेरे डिल में सिर्फ तुम हो.

वीर ; फिर वो कमीना अब तक हिंदा क्यों हे. क्या तुम्हे आज भी उस से प्यार हे.

माधुरी ; नहीं. उसकी मौत होगी जरूर होगी. पर अफ़सोस की तुम्हे मुझपर भरोसा नहीं हे.

वीर ; है आज भरोसा नहीं हे. क्यों की सुरभि इस दुनिया में नहीं हे. क्या मेरे साथ कई लड़किया सोती हे उसका बदला हे या उसे तुम्हे प्यार हे जो वो जिन्दा हे.

माधुरी ; नहीं उसे में जरूर मरूंगी पर मुझे वक्त चाहिए. उसका खून मेरे जबड़ो में होगा.

वीर ; सॉरी मधु ये सिर्फ सुरभि के गम से तुम्हे ध्यान भटकने के लिए मेने तुम्हे गुस्सा दिलाया. म सॉरी में तुम पर अपने आप से भी ज्यादा भरोसा करता हु.

माधुरी की आंखे अब भी फटी फटी सी हो गई थी. वीर ने उसे एक सदमा दिया था. वो टूट गई थी.

माधुरी ; दोबारा मत करना वार्ना.... मेरी लाश मिलेगी.

वीर ने माधुरी को गले लगा दिया.

वीर ; नहीं मधु ऐसा मत बोलो.

माधुरी की आँखों में अंशु थे.

माधुरी ; में जाती हु तुम्हे दर्द होता हे. जब में अपने चरित्र से निचे गिर जाती हु. जब में वो घिनौनी गंदगी में दुब जाती हु. पर सायद तुम्हे वो माधुरी नहीं मिल पाएगी जब तक ये ख़तम न हो जाए.

वीर माधुरी का डिल दुख कर खुद दुखी हो गया.

वीर ; मुझे माफ़ कार्डो मधु.

माधुरी ने अंशु पोछे और जोश में बोली.

माधुरी ; मुझे सुरभि की जगह एक डॉक्टर चाहिए जो भरोसे के लायक हो.

वीर ने आवाज लगाई.

वीर ; समां अंदर आ जाओ.

अंदर आई वो सुरभि की hi ननद थी. समां. वो उदास थी अपनी भाभी की मौत से.

images-4.jpg


माधुरी ने सवालिया नजरो से वीर की तरफ देखा.

माधुरी ; ये??????

वीर ; है वही जिस से हम हॉस्पिटल में मिले थे. ये मेरे लिए काम करती हे. अब तुम्हारे साथ काम करेगी.

दोनों ने समां की तरफ देखा. वो अब भी रो रही थी.

images-3.jpg


वीर ; तुम जाओ समां और अपने आप को सम्भालो.

वो अंदर गई माधुरी वीर को देखती हे जैसे कुछ पूछ रही हो.

वीर ; है मधु ये भी निदा और मोनी की तरह मेरे प्यार के जल में फांसी हे.

माधुरी ने रट हुए प्यार से वीर की चेस्ट पे छोटा सा मुक्का मारा.

माधुरी ; रट हुए आप भी न.

माधुरी को आज जलन हुई और वो अपने आप को रोक नहीं पाई. वो वीर की बहो में और सिमट गई.

वीर ; मधु. तुम जैसी हो मेने तुम्हे वैसे hi प्यार किया हे. और में कोनसा दूध का धुला हु. मुझे तुम्हारा डिल चाहिए जिश्म नहीं. तुम्हे अपने आप को बदलने की जरुरत नहीं हे. बस मेरी hi रहना.

माधुरी ; मधु तो हमेसा तुम्हारी हे.

वीर ने माधुरी का माइंड डाइवर्ट कर दिया ताकि सैम की पार्टी में माधुरी अपना गन्दा खेल खेल सके. और शिल्पा वह अपने मकशद में कामयाब हो जाए.

स्वीटी को नेताजी के वह पैसे लेने जाना था. स्वीटी ने अपने प्लान के मुताबिक मनगर को संजय.

स्वीटी ; देखो मेने जो कहा सिर्फ उतना hi करना. उनको कभी पता नहीं चलेगा की तुम मेरे साथ हो.

मनगर ; लेकिन मुझे दर लग रहा हे. वो शैतान शब् हे. उड़ती चिड़िया के पंख गईं लेते हे.

स्वीटी ; (स्माइल) तो गईं ने दे यार. में फसूंगी तब भी तू थोड़ी हाथ आएगा. अगर मेरा फ़ोन नहीं आया तो तू बस इस फ़ोन को तबाह कर देना.

मनगर ; ठीक हे.

वो कुछ देर खामोश रहा.

स्वीटी ; अरे अब क्या हुआ तू चुप क्यों हो गया.

मनगर का फेस उतरा हुआ था.

मनगर ; तुम सच आज hi बैंकाक चली जाओगी???

स्वीटी ; (स्माइल) यार में कोई तेरी बीवी थोड़ी हु यार. अब तू भी न यार ये सेंटी विनती मत हो यार.

मनगर ; लेकिन मुझे तो तुम से प्यार हो गया.

स्वीटी ; ोयययय ये स्वीटी हे स्वीटी. मुझे सिर्फ पेसो से प्यार हे समझा.

मनगर ; जिस दिन तुम्हे प्यार होगा न तो कितना भी पैसा हो सब छोड़ कर तुम उसके पास भागोजी.

स्वीटी ; टूउउउउ... यार मुझे एक रैंड समाज ज्यादा डिल पे मत ले. तुजे 25 लाख दे तो रही हु. चल ले ये 5 लाख. बाकि तेरे A/C में दाल दूंगी.

मनगर ; थैंक यू इतना कमाने में तो मुझे कितने साल लग जाते.

स्वीटी ; सोच सोच की बात हे. ये मुझे उड़ने में सिर्फ 1 दिन लगेगा.

स्वीटी ने मजगर को सीखा कर उसकी जगह भेज दिया. वो नेताजी के बंगलो की तरफ निकल गई. शैतान और नेताजी ने भी स्वीटी को फसा ने का प्लान बना लिया था. स्वीटी को नेताजी का no सेंड हो चूका था. वो नेताजी के बंगलो पे पहोच कर कॉल करती हे.

नेताजी ; hello कोण??

स्वीटी ; (स्माइल) स्वीटी...

नेताजी ; ओह्ह आओ में गेट पे आ रहा हु.

काँटी ने स्वीटी को देखा वो समाज गया की वो नेता से मिलने hi आई होगी. काँटी ने बिना कुछ बोले गेट तो खोल दिया पर नेताजी भागते हुई आ रहे थे.

नेताजी ; (बिग चुटिया लालची स्माइल) ओह्ह्ह आए में तुम्हारा hi इंतजार कर रहा था.

नेताजी जैसे तैसे भागते हुए आए और स्वीटी को गले लगा लिया. स्वीटी भी उसका इरादा समाज hi गई थी. पर उसे कोई फर्क नहीं पड़ता. वो स्माइल करती हे. दोनों एक दूसरे के बगल में हाथ दाल कर अंदर जाने लगे. नेताजी ने पीछे से हाथ स्वीटी के हिप्स पे रख दिया. जिस से स्वीटी का थोड़ा 1 पइसे थोड़ा उठ गया. स्वीय की फूली हुई हिप्स पे वैट पंतय पर वो अपने हाथ से मसल ने लगा जो काँटी ने देखा और वो भी हस्ते हुए बोलै.

काँटी ; साला बूढ़ा.

काँटी ने अपना मोबाईल निकला और एक क्लिक किया. उसे माधुरी के मोबाईल पे सेंड कर दिया. नेताजी स्वीटी को अंदर लेजाने लगे.

नेताजी ; तुम लाला की बेटी हो न काफी बड़ी हो गई हो.

स्वीटी ; सीधा बोलो न अंकल मॉल बन गई हु.

नेताजी ; है है अरे बिटिया तुम तो बड़ी मजाकिया हो. है है.

स्वीटी ; साला ठरकी बूढ़ा.

स्वीटी ने उसे ओपन बोल दिया फिर भी नेताजी उसपे लार टपकते हसने लगे.

नेताजी ; है है है देखो फिर मजाक है है तुम बहोत मजाक करती हो.

स्वीटी ने ऐसा इस लिए बोलै क्यों की नेताजी बिटिया बोलते वक्त स्वीटी की पंतय में हाथ दाल कर हिप्स की दरार के बिच ऊँगली डालने की कोसिए कर रहे थे. और स्वीटी उसे बिलकुल नहीं रोक रही थी. वो दोनों आगे दूर तक पशुचे. दूर पे hi उसे ादः मिल गई. नेताजी की नजर सीधी उसकी बूब्स की खुली हुई गली पे नजर गई.

IMG-20201128-125942.jpg


ादः ; ओह्ह होई नेताजी.

नेताजी एक डैम से हड़बड़ाते हुए हसने लगे.

नेताजी ; ओह्ह hi hi hi. (Smaile)Ha है है

ादः ने स्वीटी की तरफ गर्दन घुमाई

IMG-20201128-130019.jpg


ादः ; hi.

स्वीटी ; hi.

स्वीटी और ादः दोनों की नजर आपस में मिली तो दोनों एक दूसरे को पहचान गए. स्वीटी चौक गई. ये तो वही हे मेरे घर की काम वाली. लेकिन ये तो साली पुलिस वाली हे. इस से बच के निकलना पड़ेगा. लेकिन ादः भी सोचने लगी साली ने दुश्मन से हाथ मिला लिया. साली तेरा इरादा कुछ भी हो कामयाब तो नहीं होगा.

ादः ; हम्म्म नेताजी क्या गर्लफ्रेंड हे आप की???

IMG-20201128-130102.jpg


स्वीटी ने जैसे पूछा स्वीटी की जाट सुलग गई. वो मन में बोली. साली खुद तो बूढ़े नौकर से चुदवाती थी ये तो फिर भी कम हे.

नेताजी ; अरे नहीं नहीं ये मेरे दोस्त की बेटी हे. मुझसे मिलने आई हे. क्यों बेटी ानमम्म.

नेताजी ने स्वीटी के गाल पकड़ कर जोर से चिमटी कटी.

नेताजी ; आओ बीटा थोड़ा गर्दन में बैठ कर बात करे तुम्हारे पापा कैसे हे.

स्वीटी और नेताजी गर्दन में गए. स्वीटी ने एक सोफे वाली बड़ी चेयर पे बैठ गई. नेताजी उसके सामने बेथ गया और गौर से स्वीटी को ताड़ने लगा. स्वीटी सिर्फ हिप्स से निचे तक एक सेक्सी पिंक ओने पइसे में थी. वो स्माइल करते हुए नेताजी को देखती हे.

IMG-20201128-134421.jpg


स्वीटी ; मेरे पैसे???

नेताजी ; अरे मिलजाएँगे मिलजाएँगे कुछ देर रुको तो.

स्वीटी ; (स्माइल) अंकल ये चुतियापा मुझे मत दिखाओ काम की बात करो.

नेताजी स्वीटी को देखते रहे गए स्वीटी जो तीन गर्ल थी. इतनी छोटी उम्र में जबरदस्त चालाकी सीधा काम की बात करना चाहती थी.

IMG-20201128-134448.jpg


नेताजी ; क्या क्या डिमांड हे बीटा तुम्हारी??

नेताजी की नजर स्वीटी की मस्त पतली केले जैसे टैंगो पे गई. स्वीटी ने अपने पाव को देखा फिर हस्ते हुए अपनी टंगे फैला कर आराम से बैठी.

IMG-20201128-134356.jpg


स्वीटी ; 2 करोड़ और बैंकाक की टिकिट आज रत 11 बज की फ़्लैट हे. कोई चालाकी नहीं तुम्हे तुम्हारा सामान मेरे फ़्लैट में बैठने के बाद hi मिलेगा.

नेताजी ; बीटा इतने पेसो का क्या करोगी अभी तुम छोटी हो.

स्वीटी ; ीे बूढ़े ज्यादा फालतू बात मत कर. मेने लूटने में अपने बाप और चाचा को नहीं छोड़ा तो तू क्या चीज हे.

नेताजी ; और हमने तुम्हे जाने hi नहीं दिया तो.

स्वीटी ने तुरंत कॉल किया और स्पीकर पे लगाया.

मनगर ; मेडम जला दू क्या???

स्वीटी ; नहीं अभी नहीं पर अगर मेरा कॉल न आए और कोई भी तुम्हे सक हो तुम जला सकते हो.

स्वीटी ने कॉल कट किया और स्माइल करते हुए नेताजी को देखती हे.

नेताजी ; बहोत चालक हो बिटिया. चलो अंदर.

नेताजी ने स्वीटी की तरफ हाथ बढ़ाया और बहो में भर लिया. स्वीटी के गाल पे एक पप्पी की और दोनों अंदर जाने लगे. स्वीटी को बहोत हसी आ रही थी. नेताजी कभी पाजामे के ऊपर से लैंड मशलता तो कभी कभी स्वीटी की दोनों छोटी छोटी हिप्स को दबा के मशलता.

स्वीटी ; (स्माइल) अंकल आप के दोस्त की बेटी हु.

नेताजी ; लेकिन बहोत मस्त हो सससस तुम्हारी फ़्लैट तो रत 11 बज की हे स्स्स्सह्ह्ह और अभी तो बज रहे हे. कुछ वक्त मेरे साथ गुजरो ससस.

स्वीटी ; अंकल अंकल अंकल. पहले पैसे. कॅश और ट्रास्पर अभी मेरे सामने.

दोनों रूम में आ गए. नेताजी ने अपना लेपटॉप निकला और बैठ गया. जब कीबोर्ड पे अपने पंजे रखे तो बोलै.

नेताजी ; (सोक) अरे मेरी अँगूठिया कहा गई.

स्वीटी ; (स्माइल) अंगूठी किसी अंगूठी??

नेताजी ; अरे 3. 3 थी. सोने की थी. अंदर हिरे जेड हुए थे. बहोत महंगी थी डेड दो लाख की एक एक थी.

स्वीटी हस्ती हे. नेताजी को ये नहीं पता था. 3 रिंग के साथ उसके गले की चैन और ब्रिलाते भी गायब हो चूका था. सब तो स्वीटी की पंतय में छूट की दरार में छुपा था. नेताजी स्वीटी को भाप hi नहीं पाया.

आज शाम पार्टी में मुझे जाना था. में माधुरी के साथ जाने वाला था. माधुरी का मानिंद डाइवर्ट करना मुझे भरी पड़ा जाने अनजाने में मेने उसके डिल को ठेस पहोचे मगर ये गलत नहीं था की वो किसी और के पास हो तो में खुश कैसे रह सकता हु. लेकिन वो सिर्फ मेरी थी. लेकिन डिल में एक जलन थी. में नहीं चाहता था की कोई और उसे छुए उसे टाच करे. लेकिन वो कैयो के साथ हम बिस्तर हो चुकी थी. लेकिन आज अगर वो ऐसा नहीं करेगी तो सायद शिल्पा वह कामयाब नहीं हो सकेगी. मिरर में वो साक्ष कोण था में नहीं जनता लेकिन सायद असली दुश्मन वही था. वो सायद शैतान भी हो सकता हे या कोई और. आज माधुरी रोकना सही नहीं था.

क्यों की पार्टी में सब को गुमराह वही करेगी. मगर मुझे बहोत जलन भी हो रही थी.

में ; क्या बात हे बहोत खुबशुरत लग रही हो.

माधुरी ; क्या शिल्पा तैयार हे.

में ; है आज पार्टी में कोई तुमसे नजर हटा नहीं पाएगा.

माधुरी ने ैरफोन वाली बलिया प् हैं ी जो मुझसे कनेक्ट थी. मेरी नजर उस से हैट hi नहीं रही थी.

IMG-20201128-172319.jpg


माधुरी ; में सब को रोकने की कोसिए करुँगी.

में ; लेकिन में सह नहीं पाउँगा.

माधुरी ; जानती हु इस लिए कह रही हु. ये मंगलसूत्र न में उतर पाऊँगी और न आप मुझे देखोगे

वो जैसे बेपरवाह थी. जैसे कोई फर्क नहीं पद रहा हो. अपनी साड़ी को ठीक करते हुए वो बोली.

images.jpg


में ; अपने पुराने यार के लिए तैयार हो रही हो??

माधुरी ; तुम बस एक बार बोलो में अभी रुक जाउंगी. मेरे लिए आप का हुकम hi सब कुछ हे.

में ; नहीं पर मुझे जलन हो रही हे. तकलीफ हो रही हे.

माधुरी ; आप तो अब तक हर बार मुझे देख चुके हो न.

में ; तुम बहोत खुबशुरत हो मधु. और में तुमसे बहोत प्यार करता हु.

वो मुझे एक कातिल स्माइल से देखने लगी.

IMG-20201128-172152.jpg


माधुरी ; फिर मुझे रोकते क्यों नहीं. जितना प्यार आप मुझे करते हो उस से कई ज्यादा में आप से करती हु. ये आप भी जानते हो न.

में ; लेकिन आज में नजरे नहीं हटाऊँगा.

माधुरी ; लेकिन आप सोकॉल्ड नहीं हो. आप बरदास नहीं कर पाओगे. प्लीज संजो.

में ; तुम नहीं देखने देना चाहती तो अपना मंगलसूत्र उतर देना. वैसे भी में उनलोगो को नहीं सिर्फ तुम्हे देखता हु. तुम्हारी हर ऐडा कातिल हे.

माधुरी ; (स्माइल) ऑफ फ़ो फिर यू मत कहना मेरी बीवी बेवफा हे.

वो बोलते बोलते एक गहरी स्माइल कर गई.

IMG-20201128-172401.jpg


मेरा मकशद कामयाब हो गया था. में सुरभि की मौत को उसे बुलाने की कोसिस कर रहा था. ताकि वो अपने मकशद में कामयाब हो सके. और हुआ भी. मुझे शिल्पा ने बताया था. दीदी सोकॉल्ड हे. और वो सही निकला. मगर मुझे उस से ये बीमारी छीन नई थी. पर कैसे वो खुद hi अपनी मदद कर सकती हे. मेरे प्यार के लिए hi वो वापस लोटे. पर मुझे अनजान बन कर रहना होगा. उसे ये पता हो में उसे देख रहा हु. तब या वो मुझे देखने से रोकेगी या मुझे जान बच कर और दिखाएगी. अगर उसने मुझे कैसे भी देखने से रोका तो वो वापस जरूर लौटेगी.

में ; आज तो तुम्हे देख कर सच में कही जाने का मन hi नहीं कर रहा.

वो मुझे बहोत प्यार से देख रही थी.

IMG-20201128-172228.jpg


(माधुरी भी अपने मन में बोली. प्लीज मत देखो मेरी गंदगी वार्ना में मर जाउंगी. न तुम बरदास कर पाओगे और न hi में.)

में माधुरी को पीछे से काश के पकड़ लिया और अपने आप से सत्ता लिया. एक पल तो माधुरी को देख कर सायद सुरभि की मौत को भूल गया. मगर ये एक जलन थी.

डिम्पल अपने घर थपड के साथ वापस आ चुकी थी. वो अपनी पुराणी जिंदगी में लौट कर खुश थी. लेकिन डिम्पल कानूनन मोहद नहीं थी. उसे थपड ने खुश देखा.

IMG-20201129-012804.jpg


थपड ; क्या बात हे बहोत खुश लग रही हो.

डिम्पल ; खुश क्यों न होउंगी तुम वापस मुझे पहले जैसा प्यार करने लगे. हमारी जिंदगी वापस ठीक हो गई.

थपड ; है वो तो हे.

डिम्पल ; क्या आप कही जा रहे हो????

थपड अपने बूट की लॉस बांध रहा था. उसने पीछे मुद कर अपनी बीवी की प्यारी स्माइल देखि. जिसमे उसके लिए आज सच्चा प्यार था.

IMG-20201129-012823.jpg


थपड ; है कपाड़िया की पार्टी हे.

डिम्पल ; में भी साथ चालू क्या बहोत वक्त हो गया साथ वक्त गुजरे.

थपड ; नहीं. मुझे तुम्हारी फ़िक्र हे. डीके तुम्हे मरना चाहता हे. तुम सरकारी गवाह जो हो. में तुम्हारी जगह उस तुम्हारी हम सकल सलीम को ले जाऊंगा मेने देश जी से बात कर ली हे.

दीमपल को थपड पे प्यार आने लगा वो पहले जेए उसकी परवाह करने लगा. वो उसे प्यार से देखती रहती हे.

IMG-20201129-012840.jpg


थपड ; ऐसे क्या देख रही हो??

डिम्पल ; तुम्हे ी लव यू.

थपड ; (स्माइल) लव यू तू.

मौलवी ने शैतान को बहार जाते देखा. उसने डीके को बुलाया. वो उसके पास आया.

डीके ; जी मौलवी सब कहिये मेने आप का भरोसा तो जीता न???

मौलवी ; बिलकुल मुझे तुम पहले से hi काम के लग रहे हो. लेकिन शैतान तुम्हे मरवा देगा. में तुम्हे अपने साथ ले जाऊंगा. तुम माइंड गेम hi ज्यादा खेलो.

डीके झुक कर मौलवी का हाथ थम लेता हे और उसे किश करता हे.

मौलवी ; आज वो इंस्पेक्टरनी का शोहर वो वीर कपाड़िया की पार्टी में आएगा लेकिन अकेला घर जाने की कोसिस करेगा. तुम बहोत सरे आदमी ले जाओ. उसे बचने वो पुलिस वाली भी नहीं आएगी. मर डालो उसे.

डीके ; जी शब् आज उसकी आखरी पार्टी होगी.

स्वीटी ने नेताजी को तो लूट hi लिया था. उसकी रिंग, चैन, ब्रिसलते सब चुरा लिया. नेताजी को भी ढूढ़ने से रोका.

स्वीटी ; अरे जाने दो न अंकल आप तो और बनवा लोगे. पहले पैसे तो ट्रास्पर करो.

नेताजी ; ओह है है. ये लो बस खुल गया.

स्वीटी उसके बगल में बैठी और नेताजी के कबधो पर सर रखा एक हाथ उसकी जंगो पर रख के सहलाने लगी. नेताजी इतने मूरख की पासवर्ड भी उसी के सामने दाल दिया.

नेताजी ; बोलो a/c no बोलो.

स्वीट ने अपना एक no बताया.

नेताजी ; कितने 50,000???

स्वीटी ने जंगो से हाथ आगे बढ़ाया और लैंड पकड़ लिया.

स्वीटी ; नहीं 2 करोड़.

नेताजी ने 1 के बदले 2 दाल दिया. तुरंत hi स्वीटी कड़ी हो गई.

नेताजी ; सससस क्या हुआ.

स्वीटी ; कुछ नहीं और मेरा कॅश. 1 करोड़.

नेताजी ; ओह्ह्ह है.

नेताजी ने स्वीटी के सामने एक बैग निकला उसमे पुरे 50,000 लाख थे. ये उसका पहले से hi प्लान था.

नेताजी ; लो तुम्हारे 1 करोड़.

स्वीटी ने स्माइल करते हुए पेसो पे हाथ घुमाया. फिर बैग उठा कर बोली.

स्वीटी ; काम हे अंकल.

नेताजी ; नहीं नहीं पुरे हे गईं लो.

स्वीटी ; (स्माइल) और काम निकले तो???

नेताजी ; अगर काम निकले तो 50,000 लाख मेरी तरफ से. बोलो मंजूर.

स्वीटी स्माइल करते हुए नेता को देखने लगी. नेता स्वीटी को रोकने के लिए पैसे लुटा रहा था.

स्वीटी ; मंजूर हे.

नेताजी ; अह्ह्ह है है ऐसे नहीं. (समिले) अपनी ये ड्रेस उतर के गिनो. वो भी ये टेबल पे. खड़े खड़े.

स्वीटी ने टेबल को देखा उसकी हिघ्त काम थी. मतलब उसे सिर्फ बिकनी में झुक कर पैसे गईं ने पड़ेंगे.

स्वीटी ; (स्माइल) ठीक हे मंजूर.

स्वीटी ने एक hi झटके में अपनी छोटी सी फ्रॉक जैसी ड्रेस उतर दी. वो बदन से चिपके हुए जॉइंट ब्रा पंतय में आ गई. स्वीटी स्माइल करते हुए नेता को देखती हे. नेता का लैंड देख कर पाजामे में hi फैन फ़ना रहा था. स्वीटी टेबल के सामने जहा पैसे थे वह कड़ी हो गई. नेताजी ने भी अपनी चेयर उठाई और स्वीटी के पीछे रख कर बैठ गया. स्वीटी ने स्माइल करते हुए पूछे देखा. नेताजी के सामने स्वीटी की आधी नंगी गोरी गोरी फूली हुई हिप्स थी.

नेताजी की लार टपक ने लगी. आधी नंगी गोरी गोरी हिप्स के बिच की गहरी दरार में एक छोटी सी पंतय की पति घुसी हुई थी. स्वीटी ने पैसे गईं न सुरु किया. वो पैसे जब हाथ हो कुछ भी हो वो पेसो पे hi ध्यान देती थी. उसने नोटों का एक बण्डल उठाया और गईं न सुरु किया. नेताजी ने भी अपने दोनों पंजे स्वीटी की हिप्स पे टिकाए और मशलने लगा. मगर नोटों की खुसबू इतनी प्यारी थी की स्वीटी ने कोई प्रति क्रिया नहीं दी. वो बस पैसे गिनती hi रही.

नेताजी ने भी दरारों में फांसी पंतय की पट्टी को अपनी दो उंगलियों से पकड़ा और हलके से साइड किया. पैसे गिनते गिनते स्वीटी ने स्माइल किया पर पीछे नहीं देखा. नेताजी हिप्स के बिच की दरार देखने लगे. अपनी नोज को नज़दीक लेजा कर एक बार खुशबु लेने की कोसिए की और फिर दरारों में मुँह दाल दिया. स्वीटी को एकदम झटका सा लगा उसने फेस थोड़ा ऊपर उठा के नेताजी को देखा.

IMG-20201128-122826.jpg


नेताजी लालची स्माइल करते हुए बोलै.

नेताजी ; है है फ़िक्र मत कर मेरी जान सससस बस मेरी प्यास भुजा दे. तुजे काम नहीं ज्यादा दूंगा.

स्वीटी ; मगर ये तो 1 करोड़ नहीं हे न.

नेताजी ; है लाला की बेटी रुक.

नेताजी ने अंदर से एक और बैग निकला उसमे पुरे 1 करोड़ थे. नेताजी को स्वीटी की छूट बड़ी महंगी पड़ी पर उस वक्त और कुछ माँगा होता तो वो भी दे देता. स्वीटी ने दूसरा बैग खोका और पेसो को हाथ लगाया फिर पेसो की खुशबु ली.

स्वीटी ; सससस अह्ह्ह्ह. वह अंकल अब आप अपने दोस्त की बेटी को कुछ भी करो कोई प्रॉब्लम नहीं हे हे.

स्वीटी निचे खिसक कर बैठ गई. वो निचे बैठ कर सर उठा के नेताजी के फेस को देखती हे.

IMG-20201128-122924.jpg


नेताजी ने भी अपना लैंड निकला और स्वीटी के सामने कर दिया. स्वीटी नेताजी को hi एक तक देखे जा रही थी. नेताजी स्वीटी का ऐसा रूप देख कर गरम होने लगे. स्वीटी ने नेताजी से नजर हटाई और फिर नेताजी के काळा लैंड पे गई. वो भी पूरा उफान पे था. स्वीटी ने होल से उसे मुँह में लिया. स्वीटी के लिए तो ये आम बात थी. पर नेताजी बहोत जयदा एक्साइट हो गए तीन कोई कॉलेज गर्ल वो भी बहोत सुन्दर हॉट जिसे पाने के लिए जवान लोंदे मर काट कर दे वैसी लड़की नेताजी का लैंड मुँह में ले राखी थी. स्वीटी ने जीभ की नोक से नेताजी के लैंड का टोपा कुरेदा. स्वीटी के मुँह की गर्मी और स्वीटी की चालाकी से जल्दी hi नेताजी की पिछकारी छूट गई. नेताजी जोर जोर से सांसे लेने लगा. वो स्वीटी के सामने hi एक चेयर पे बैठ गया.

स्वीटी भी बीएड पे लेती अपने बालो को सवारते हुए देखती हे.

IMG-20201128-122852.jpg


नेताजी तेल लेकर आए स्वीटी बाद पे कड़ी हो गई. और दोनों हाथ ऊपर उठा कर नेताजी को देखने लगी. नेताजी ने तुरंत तेल की बोतल राखी और दोनों हाथो से स्वीटी की कम्बाइन ब्रा पंतय ु तर दी. स्वीटी की पिंक निप्पल्स और छूट की गुलाबी चमड़ी देख कर नेताजी की आंखे बड़ी हो गई.

नेताजी ; ससस यह है है.

स्वीटी ; (स्माइल) मजा आया न.

नेताजी तुरंत hi स्वीटी की ब्रेस्ट पे टूट पड़े एक बूब्स को मुँह में भर लिया और दूसरे को जोर जोर से मशलने लगे. स्वीटी के 32 साइज के बूब्स में सनसनी फेल गई.

स्वीटी ; ससस अह्ह्ह चूतिये आराम से.

लेकिन नेताजी की ोकड़ के बहार हॉट मॉल नंगी हो उस से बरदास कहा होगा. नेताजी धीरे धीरे चूमते हुए निचे की तरफ जाने लगे. वो स्वीटी की नाभि चूमने लगे. स्वीटी सिसकारियां भरने लगी.

स्वीटी ; ससस अहह गुड ससस सबस थोड़ा और निचे ससस.

स्वीटी का हुकुम मन कर नेताजी ने छूट पे मुँह मर दिया. स्वीटी ने अपने पंजो के डैम पर झटके से चक्र आसान के जैसे उठ गई. नेताजी थोड़ा पीछे हो गए. नेताजी स्वीटी की दोनों टैंगो के बिच मुँह मर रहे थे और स्वीटी नेताजी के बालो को सहलाने लगी. तभी स्वीटी को लगा कोई दूर पे हे. हे स्वीटी ने नेताजी को एक लत मरी वो दूर जा गिरा. उसने एक चादर खींची और अपने आप को ढकते हुए दूर पे देखा.

IMG-20201128-165205.jpg


वह दूर पे शैतान खड़ा था. हत्ता कट्टा लम्बा. और अपने लैंड को हलके हलके आगे पीछे करते हुए स्माइल करते हुए स्वीटी को देख रहा था.

शैतान ; (स्माइल) बेटी तो तुम मेरे दोस्त की भी हो मुझे प्यासा छोड़ डौगी.

स्वीटी घबरा गई. उसे पता था शैतान उसकी हालत ख़राब कर देगा.

स्वीटी ; देखो अंकल तुम्हारे साथ कुछ नहीं. मुझे सलामत जाना हे.

शैतान ; अह्ह्ह फ़िक्र मत करो में बड़े प्यार से पेस आऊंगा.

स्वीटी ; न न में रिस्क बिलकुल नहीं.

शैतान ; फिर ऐसे तो में जाने दूंगा नहीं मेरा पैसा ले जा रही हो काम से काम तुम्हे टेस्ट तो करना पड़ेगा बेटी.

स्वीटी ; है बेटी छोड़ ठीक हे पर मेरी शर्त पे. में जैसे चाहूंगी वैसा होगा.

शैतान ; (सममिल) मंज़ूर.

स्वीटी ; रस्सी मंगवाओ में तुम्हे बांधूगी.

शैतान ; क्यों??

स्वीटी ; अह्ह्ह है याद करो आज से 11 साल पहले में बहोत छोटी थी. आप ने मेरी माँ की क्या हालत की थी. वो दो दिन तक चल भी नहीं पाई थी.

शैतान अपनी तारीफ सुन कर बहोत खुश हुआ.

शैतान ; ओह उस वक्त तो तुम बहोत छोटी थी. पर तुम्हारी माँ तो बहोत मस्त थी. तुम्हारी तरह.

स्वीटी ; तो क्या जरुरी हे जिसकी माँ छोड़ ली उसकी बेटी भी छोड़ोगे. मुझे एक्स्ट्रा पैसे मत दो यार पर मुझे बॉक्स दो.

शैतान ; नेताजी इसे रस्सी ला दो ये जैसे चाहे हम वैसा करेंगे.

स्वीटी ; अगर तुम करोगे तो इसे कुछ नहीं.

नेताजी ; अरे पर.

स्वीटी ने हाथ दिखा कर चुप करवाया तभी फोन आया.

मनगर ; है मेम जला दू.

स्वीटी ; अभी नहीं पर अब 1 घंटे बाद hi कॉल करना.

मनगर ; मगर क्यों मेम आप ने तो सिर्फ आधे घंटे के लिए कहा था.

स्वीटी गुस्से से चिल्ला कर बोली.

स्वीटी ; बे चीटिये इस लिए क्यों की तेरी मैडम अब छोड़ने वाली हे बड़े लैंड से और उसकी फसने वाली हे रख अब जितना बोलै उतना किया कर.

मनगर ; ok मेम.

स्वीटी ; रख अब और 1 घंटे बज अपना घंटा बजा देना समझा.

स्वीटी की फैट रही थी ये देख कर शैतान को हसी आ रही थी. स्वीटी ने हेल्प के लिए नेताजी को बुलाया.

स्वीटी ; ोय चूतिये इधर आ.

वो आया. स्वीटी के हिसार पर शैतान के हाथ पाव बांधने लगा. बड़े से बाद के चारो कॉर्नर से स्वीटी ने शैतान को बांध दिया. फिर शैतान को देख कर मन में बोली.

स्वीटी ; चल बीटा स्वीटी दर मत. स्वीटी हे तू. चुद ले ये भी साला याद रखेगा.

नेताजी ; क्या सोच रही हो.

नेताजी की बात पे स्वीटी को गुस्सा आया. वो थोड़ा गुस्से से बोली.

स्वीटी ; चुप बे चूतिये सेल तुजसे तो कुछ हुआ नहीं पैसे वसूल करने अपने बाप को लेकर आया.

नेताजी सच में चुतियो के जैसे हसने लगा.

स्वीटी अपना हाथ नेताजी के हाथो में दे कर बीएड पे चढ़ी और 69 पोजीशन में बैठ गई.

फिर पीछे मुँह कर के बोली.

स्वीटी ; अंकल थोड़ा तो आप को भी करना पड़ेगा.

और फिर नेताजी के सामने देख कर बोली.

स्वीटी ; ोय तू जहा मर्जी मुँह लगा पर लैंड को अपने hi अंदर रखना समझा.

स्वीटी ने सोचा लगता हे बूढ़ा सेमिना वाला हुआ तो उसकी हालत ज्यादा ख़राब कर देगा. स्वीटी ने शैतान के लैंड को मुट्ठी से पकड़ा जो पहले से पुरे उफान पे था. अपना मुँह थोड़ा ज़ुका कर टोपे को मुँह में भर लिया. स्वीटी जानती थी ज्यादा मुँह में नहीं जाएगा फिर भी उसने अपना मुँह को थोड़ा जान बच कर प्रेस किया. मोटाई इतनी थी की स्वीटी को अपना मुँह फाड़ना पड़ा.

वही शैतान तो ऐसे बंधा हुआ था. वो सिर्फ सर ऊपर कर सकता था. स्वीटी ने थोड़ा पीछे को खिसक कर अपनी दोनों टैंगो के बिच छूट वाला हिस्सा शैतान के फेस की तरफ कर दिया. शैतान सिर्फ खुशबु लेता हे और हस्ता हे. स्वीटी वेट कर रही थी शैतान अपना मुँह उसकी छूट पर टाच करे पर शैतान सर उठा hi नहीं रहा था. स्वीटी को गुस्सा आया उसने शैतान के फेस पे hi अपनी छूट को प्रेस कर दिया. शैतान की लम्बी नक् (नोज) स्वीटी के छूट की चमड़ी पर रगड़ गई. वो सिसकारी भरना चाहती थी. पर क्या करती शैतान का बड़ा सा पुर्जा मुँह में जो भर रखा हुआ था.

स्वीटी थोड़ा अपनी हिप्स को हिलती हे गोल घूमती हे. शैतान के पुरे फेस पे स्वीटी की छूट का हिस्सा घिसने लगा. लेकिन स्वीटी आवाज भी नहीं निकल सकती थी. हलाकि दुबली पतली स्वीटी भी एक्साइट होने लगी.

स्वीटी मुँह को भी आगे पीछे करने की पूरी कोसिस कर रही थी. पर उसका मुँह थक गया. वो मुँह से शैतान का पुर्जा निकल कर हाफने लगी. उसका मुँह पूरा लाल हो गया. मुँह से लार तक टपक गई. उसने पीछे की तरफ निचे देखा वो शैतान के फेस पे बैठी थी. वो कड़ी हुई और लैंड पे बैठने की तयारी करने लगी.

लैंड के आजु बाजु जंगो के ऊपर अपने पंजे जमा लिए मतलब वो जहा कड़ी थी उसके दोनों पंजो के बिच शैतान का लैंड था. स्वीटी धीरे से निचे बैठने लगी. उसने टोपा पकड़ा और छूट के फूल के बिच रखा शैतान स्माइल करते हुए उसे hi देख रहा था. स्वीटी ने अपने होतो को दातो में दबाया और अपने आप को निचे पुस किया. गलती से थोड़ा जरुरत से ज्यादा हो गया. स्वीटी की सांसे अटक गई.

स्वीटी ; (चोकते हुए) ओह्ह्ह हो ससस.

शैतान ; (स्माइल) सबस कुछ नहीं हुआ.

स्वीटी ने दोनों जंगो पे अपने हाथ और पाव के पंजो की पकड़ बनाई. और धीरे से ऊपर उठ कर निचे हुई. उसे मजा भी आया. वो सिसकारी लेते हुए थोड़ी करवाई तेज़ करती हे. उसके मुँह से कराह निकलती हे.

स्वीटी ; अह्ह्ह्ह ससस अहह.

तभी नेताजी स्वीटी के पीछे आया और उसकी गांड के छेड़ में अपनी ऊँगली से कुरेदने लगा. स्वीटी को ऐसा झटका लगा की वो अपनी जगह से छटक गई. पाव की पकड़ हैट गई और वो गलती से शैतान की गॉड में hi गिर गई. काफी सारा अंदर घुस गया. पर स्वीटी की बुरी फैट गई.

स्वीटी ; अह्ह्ह्ह ससस अम्माँ.

स्वीटी दर्द से कराह ने लगी वो न कड़ी हो प् रही थी न बैठ प् रही थी. तभी नेता ने शैतान के दोनों हाथ खोल दिए. शैतान स्वीटी को गॉड में hi लेकर बैठ गया सरुअत में तो स्वीटी को पता नहीं चला पर बाद में कुछ होश आया तो देर हो चुकी थी. स्वीटी की हिप्स पर अपने दोनों पंजे टिका कर स्वीटी को ऊपर निचे कर रहा था. स्वीटी की छूट भी गीली थी. उसका सर पीछे शैतान की चेस्ट पे टकरा रहा था. अब स्वीटी खिलौना बन चुकी थी.

शैतान ; (स्माइल) मेरे पाव खोलो स्वीटी देखो तुम्हे मजा आ रहा हे.

अब स्वीटी अगर आगे झुकेगी तो शैतान का लैंड और अंदर जाएगा. स्वीटी को तो अच्छा लगने लगा था. स्वीटी कड़ी होने गई. तो शैतान ने कंधे से पकड़ कर रोक लिया.

शैतान ; कहा जा रही हो बेटी.

स्वीटी ; मुझे घूमना हे.

शैतान ने छोड़ा. स्वीटी आहिस्ता से कड़ी होने लगी.

स्वीटी ; ससस अह्ह्ह ससस.

स्वीटी को दर्द हुआ हे. जैसे वो कड़ी हुई तो शैतान का लैंड स्वीटी की चिकनाई की वजह से बहार आया. स्वीटी को ऐसा लगा जैसे किसी ने उसकी छूट में से बेलन निकला हे. शैतान को लगा स्वीटी शैतान के पाव खोलेगी पर वो घूम गई. और दोनों के फेस आमने सामने हो गए. स्वीटी ने शैतान की आँखों में देखा और फिर लैंड को पकड़ कर अपनी छूट के मुँह को लगाया. फिर धीरे से आहिस्ता से बैठी.

स्वीटी ; ा मम मम मम. ससस सससस अह्ह्ह्ह

स्वीटी ने इस बार 80 % अंदर ले लिया.

स्वीटी ; बस सससस इस से जयदा नहीं अंकल.

स्वीटी ने शैतान की चेस्ट पे अपना एक पंजा टिकाया और शैतान के लिप्स को छोटी सी किश कर दी.

शैतान ; छोड़ दी न माँ बेटी.

स्वीटी ने शैतान के निचले होठ को अपने दातो से पकड़ा. और हल्का सा खींचा. स्वीटी खुद ऊपर निचे होने लगी. वो तेज नहीं बहोत स्लो कर रही थी. नेताजी भी बाद पे आ कर स्वीटी की नंगी पीठ पर हाथ फिरने लगा. स्वीटी ने पीछे मुद के देखा तो नेताजी ने भी स्वीटी का फेस पकड़ के एक जबरदस्त किश कर दी. नेताजी स्वीटी की हिप्स पे हाथ घूमने लगा. स्वीटी उसे रोक नहीं रही थी. नेताजी स्वीटी के पीछे आए और आयल की बोतल से तेल निकल कर अपने लैंड पे लगाने लगे. स्वीटी ने भी हाथ फैलाया. नेताजी ने थोड़ा तेल स्वीटी के हथेली में दाल दिया.

स्वीटी जैसे गांड धोते हो वैसे हिप्स के बिच वाले छेड़ पर तेल रगने लगी. नेताजी ने भी मोर्चा पकड़ा और स्वीटी के पिछवाड़े पर टूट पड़ा. स्वीटी ने घुटनो की मदद ली और

रुक गई. शैतान और नेताजी दोनों ने प्रहार चालू कर दिया. स्वीटी बस अपनी आंखे बंद कर के शैतान की बहो में पड़ी रही.

नेताजी ; बिटिया शैतान सब का बहोत बड़ा हे तुम्हे दर्द तो नहीं हो रहा.

स्वीटी ; (आंखे बंद सिसकारियां लेते) ससस मादरचोद अपनी गांड में ली सससस पता चल जाएगा.

शैतान स्वीटी के जवाब से हस्ता हे.

शैतान ; (स्माइल) कैसे लगा तुम्हे मेरा लैंड.

स्वीटी ; ससस जरूर तुम्हारी माँ किसी अफ्रीकन हब्सी से चूड़ी होगी.

शैतान को पल तो गुस्सा आया पर फिर हसी आ गई.

शैतान ; तुम इस वक्त मुझे खुश कर रही हो इस लिए बच गई. वार्ना इतना बोलने पर में किसी को जिन्दा नहीं छोड़ता.

रफ़्तार दोनों तरफ से बढ़ गई. स्वीटी को दोनों तरफ से मजा आने लगा. अचानक नेताजी की पिचकारी स्वीटी के पिछवाड़े में छूट गई.

स्वीटी ; सससस मदर छोड़ड़ड़ड़......

वो पीछे से हैट गया. स्वीटी खिलोनो के जैसे उछाल रही थी तब hi स्वीटी को एहसास हुआ वो बहोत जोर से चरम सिमा पर आ रही हे

स्वीटी ; स अअअअअअअ अहहहास.

स्वीटी ज़द गई. लेकिन शैतान पागलो की तरह स्पीड में लगा हुआ था. तभी शैतान को भी पता चल गया वो जड़ने वाला हे वो स्वीटी को धक्का मरने गया पर तब तक देर हो गई. पिचकारी अंदर hi छूट गई. दोनों मर्दो के बिच दबी बैठी हुई थी. शैतान ने उसे धक्का दिया और रूम से नंगा hi चले गया.

नेताजी ; वो चले गए.

स्वीटी ; मुझे दर्द हो रहा हे. मुझे बाथरूम ले चलो.

स्वीटी ने अपनी ब्रा पंतय उठाई. नेताजी स्वीटी को सहारा दे कर बाथरूम ले गया. स्वीटी ने अपने आप को गरम पानी से धोया. उसे बहोत दर्द हो रहा था. उसे गरम पानी से काफी आराम मिला पर दर्द अब भी बहोत था. स्वीटी ने ब्रा पंतय पहन ली और मिरर के सामने कड़ी हो गई.

IMG-20201128-122756.jpg


स्वीटी सोचने लगी. सेल ने फाड् डाली.

शाम के वक में और माधुरी मेरे घर थे. माधुरी पार्टी में जाने के लिए तैयार हो चुकी थी. हमें निकलना था. अँधेरा हो चूका था. शाम के 7:40 हो रहे थे. माधुरी ने मिजे कई बार गिड़गिड़ा कर कहा प्लीज मत देखना तुम. लेकिन मेने उस से कहा नहीं तुम मंगलसूत्र उतर देना. में उसके दिमाग से सोकॉल्ड पैन ख़तम करना चाहता था. में उसे थोड़ा जोर दे कर कहा.

में ; बस मधु बस अब तुम्हे जो करना हे वो तुम करो मुझे जो करना हे वो में करूँगा. अब आगे इस सुब पर कोई बात नहीं.

माधुरी के फेस पे उदासी छ गई. उसकी आँखों में अंशु भी आ गए. मेने उसका हाथ पकड़ा और बोलै.

में ; चलो थोड़ा वाक करते हे.

उसने एक प्यारी मुस्कान के साथ मुझे देखा. आँखों में अब भी अंशु थे पर वो उसके फेस को और ज्यादा आकर्षक बना रहे थे. हम दोनों ने हाथो में हाथ डाला और सामने रोड पर निकल गए. माधुरी ने अपने hi हिल ऊपर से घर में फेक दिए घर भी ऐसे hi खुला पड़ा रहा. तो मेने भी अपने जुटे और सेक्स सीढ़ियों पे फेक दिए. हम दोनों हाथो में हाथ डेल रोड पे पेडल चलने लगे.

में ; मधु तुम्हे हमारी सुहागरात याद हे ?? कैसे तुम्हारा घुघट उठाया था.??

माधुरी का फेस खिल उठा.

माधुरी ; (स्माइल) है याद हे मुझे. लेकिन उस वक्त मुझे नहीं मालूम था आप एक्टिंग कर रहे हो.

में ; (स्माइल) बताओ न उस वक्त तुमने क्या फील किया.

माधुरी ; (स्माइल) आप रूम में आए में घुघट में थी. मेने आप के पाव छुए और आप कुछ बोल hi नहीं रहे थे.

में ; में जब अंदर आया तो मेने सोचा आज ताज महल से पर्दा उठाऊंगा. (स्माइल)

माधुरी ; (स्माइल) अपनी सब से जयदा गन्दी बीवी की तारीफ कर रहे हो जो तुम्हे बेवफाई दे चुकी हे.

में ; नहीं उस बीवी को जो बीमार हे. और उसके मन में जो दुश्मनो ने एक गंदगी का ज़हर भरा हे उसे में क्या पि कर ख़तम करू या वो खुद उसे उगल कर मेरे पास हमेसा के लिए आ जाएगी.

माधुरी फुट फुट कर रोने लगी. वो मेरी चेस्ट पे सर रख कर मेरे शर्त को पकड़ लिया. और रट हुए बोली.

माधुरी ; में नहीं चाहती थी ये जिंदगी. पर पता नहीं क्यों बदले की भावना में अंधी हो कर ये ज़हर को रगो में बहा रही हु. में तो तुम्हे एक राजा बना न चाहती थी.

में ; ये भी फंतासी नहीं हे मधु क्यों की ये भी एक गुलामी हे जो तुम्हारे अंदर का एक जहर hi हे. तुम अपने आप को किसी का गुलाम बना न चाहती हो ये भी तो एक बीमारी हे.

माधुरी ने सर उठाया और जोर से बोली.

माधुरी ; तो ये बीमारी में नहीं छोडूंगी. मेने ये दोनों से की भगवन और शैतान दोनों से. शैतान से की तो उसने देखो क्या बना दिया. आज में एक बाजारू औरत से ज्यादा गन्दी हो गई.

में ; तो क्या तुम उसकी गुलामी की दवा समझ कर मेरी गुलामी करने की कोसिस करती हो.

माधुरी ; इसे आप सिर्फ एक hi नजर से क्यों देख रहे हो. ये मेरे प्यार करने का तरीका हे. शैतान से ऐसा प्यार किया तो उसने गंदगी बना दिया और भगवन से प्यार किया तो उसने अपनी जिंदगी बना दिया. प्लीज संजो तपन.

हम चुप हो गए. हम एक दूसरे के सामने देखते रहे और जोर से है दिए.

माधुरी ; सॉरी वीर.

में ; बहोत वक्त बाद तुम्हारे मुँह से मेरा नाम सुना.

हम घर की तरफ वापस चलने लगे.

माधुरी ; वो इस लिए क्यों की में हमारे पुराने वक्त में पहोच गई थी.

में ; वादा करो माधुरी तुम खुद अपने अंदर का ज़हर निकलोगी.

माधुरी ; है में वादा करती हु. में अपने अंदर के ज़हर को ख़तम करुँगी और आप के पास लौटूंगी. लेकिन वो गुलामी वाली बात वो आप ज़हर मत संजो. वो नेचुरल हे. और वो मेरे प्यार का hi रूप हे मेरे सरताज. में ऐसे hi प्यार करती हु.

में ; वाओ लव यू.

माधुरी ; लव यू तू. लेकिन आज एक और स्टोरी भी बता देती हु.

में ; क्या??

माधुरी ; की मुझे लाइफ में सब से ज्यादा शापोर्ट करने वाला कोण हे.

में ; तुम मेरा नाम hi लोगी यार ये गुलामी मत किया करो.

माधुरी ; नहीं बाबा.

माधुरी ने मुझे एक गाल पर किश कर लिया.

माधुरी ; वो आप नहीं हो.

में सोक गया.

में ; तो वो कोण हे???

माधुरी ; तुम जब मुझे ढूढ़ते हुए मेरी कॉलेज में तपन बन कर आए तब मुझे तुम्हे प्रोटेक्ट करने का एक मिस्सों दिया था.

में बहोत ज्यादा एक्साइट हो गया. सायद माँ ने पर माँ को तो मेने कन्विंस किया था तो माँ क्या माधुरी को पहले से जानती थी.???

में ; वो कोण था???
 
शैतान माधुरी से प्यार नहीं करता. उसकी माँ से बदला लेने के लिए उसे इतेमाल करता हे. उसे एक रैंड की तरह सब को परोसता हे. और प्यार के जल में फसा कर उसकी ताकत का पूरा इस्तेमाल करना चाहता हे. वो जनता हे माधुरी बहोत काम की हे. पर वो सुन्दर और आकर्षित हे इस लिए उसे अपनी रखेल भी बना न चाहता हे. उसकी दुसरो से माधुरी को छुड़वाने की आदत से माधुरी सोकॉल्ड बानी क्यों की वो शैतान से प्यार करती थी.

इस कारन वो अपने प्यार के सामने छुड़वा कर एक नै फंतासी को जनम दे चुकी थी. शैतान के बाद माधुरी को वीर उर्फ़ तपन से प्यार हुआ उसे ये पसंद नहीं हे. तो उसकी ख़ुशी के लिए माधुरी अपने आप को बदलना चाहती हे
 
माधुरी ; उस रत मेने बगावत की थी. मुझे उस पहले प्यार ने नीलम करना सुरु कर दिया था. में उसके लिए सब कुछ करती थी. बड़े बड़े बिज़नस मन को मन न कैसे भी. शाम डैम दंड भेद सब कुछ. जरुरत पड़े तो खरीद लेना. या खुद बिक जाना बिस्तर गरम करना या उन्हें मर डालना. में शैतान को जुल्म की दुनिया में एक अलग hi मुकाम पे पहोचा चुकी थी.

एक रत एक बड़ा स्मगलर आया हुआ था. वो अरेबिन था. खालिद मकसूद. बहोत ज्यादा खतरनाक. उस से डील किसी भी कीमत पे शैतान करना चाहता था. हम साथ गए. उसने मुझे देखा और एक डिमांड रख दी. डील फाइनल हो चुकी थी. उसने एक रत के लिए मुझे मांग लिया. शैतान ने भी उसे स्पेशल इन्वाइट कर दिया. में शैतान की एक ऐसा हथियार बन चुकी थी की वो कोई भी बजी हारता नहीं था. क्यों की उसके साथ में थी. में उस रत एक कमुख रूप लेकर गई. शैतान और मकसूद दोनों शराब पि रहे थे. तभी में वह गई. उन्दोनो मर्दो को रिझाने.

मक्शुद मुझे देख कर बस उतना hi बोलै.

images-1.jpg


सुभान अल्लाह. में उसे रिझाने लगी. कभी अपना बदन दिखा कर तो कभी अपनी अदाए दिखा कर. उसने मुझे बेपर्दा होने को कहा. में उसे तड़पने लगी आहिस्ता आहिस्ता अपने आप को नंगा करने लगी

images-3.jpg


वो मुझे बेपर्दा देखने के लिए बेताब था. शैतान शराब पिटे हुए मुझे और मकसूद को देख रहा था. वैसे में उसे नहीं उस रत शैतान को मरना चाहती थी. वो दोनों मर्द मेरे पास आ गए और मुझे चूमने लगे. मेने उन्हें रोका और जैम पिने को कहा. में मक्शुद को तो मर सकती थी पर शैतान को नहीं. में उन दोनों के लिए जैम बनाया पर शैतान के लिए जैम बनाया था उसमे ज़हर दाल दिया. मेने अपने लिए भी जैम बनाया और उनके पास गई. वो हाथो में जैम लेकर मुझे मशाल रहे थे. तभी उन्दोनो जैम रखा और मुझे चूमने लगे में परेशां थी वो जैम पि नहीं रहे थे. मेने उनसे कहा अरे जैम तो पि लो हमने जैम पिया पर किसी को कुछ हुआ नहीं. तभी कुछ hi देर में मुझे पसीना आने लगा में समझ गई की ज़हर वाला जैम उन्होंने मुझे पीला दिया हे.

मेने उन्हें एहसास नहीं होने दिया की जैम में ज़हर भी था. क्यों की शैतान किसी पे भरोसा नहीं करता. में अपने मरने से पहले किसी एक को मरना चाहती थी. मेने मकसूद को चुना. में जानती थी शैतान भी उसे मरना hi चाहता हे. में उसकी चेस्ट और गाला को चूमने लगी. वो भी मुज में खो चूका था. पर में उसके गले पे अचानक वर कर दिया. मेरे जबड़े में सीकर हो और वो जिन्दा बच जाए ऐसा कभी नहीं हो सकता. और शैतान हसने लगा. वो तड़प रहा था. और में उसे तड़पा रही थी. मेने उसे मर दिया. पर अब में वह से जाना चाहती थी. शैतान को मालूम हो जाता की मेने जहर पिया हे. पर में तब चौक गई जब उस कमीने ने मुझे हस्ते हुए कहा. मोहिनी कितना भागोजी. ज़हर तुम्हारे बदन में फेल चूका हे. में अपनी जान बचने के लिए एक कच की खिड़की से कूद गई. उसके कुछ गुंडों ने मुझे रोकने की कोसिस की पर न कामयाब रहे.

शैतान ने मुझे जाने दिया क्यों की वो जनता था में बचूंगी नहीं. में वह जडियो में छुप गई गुंडे मुझे दूध दूध कर थक गए और वापस चले गए. में बहार आई. तभी सड़क पर एक कार रुकी. बिलकुल मेरे सामने. उसमे से एक देवता उतरे. और मेरी तरफ आए.

images-4.jpg


उन्होंने मेरा सर उठाया मेरे मुँह से खून निकल रहा था. उन्होंने मुझे कार में डाला और मुझे बचा लिया. में तो बेहोश थी. जब होश आया तो उन्होंने मुझे मेरी पूरी पहचान बता दी.

में ; पर वो थे कोण.

माधुरी ; बताती हु रुको. में तो एक जवान लड़की थी. मेने उनसे पूछा आप ने मेरी जान बचाई हे मुझे एक नया जनम दिया हे. में आप के लिए क्या कर सकती हु. वो हसने लगे. वो बोले तुम क्या कर सकती हो मेरे लिए. मेने कहा सब कुछ. और चाहो तो मुझे हम बिस्तर भी बना सकते हो. लेकिन पता हे उस देवता ने क्या कहा.

में ; क्या_???

माधुरी ; अभी तुमने कहा मेने तुम्हे नया जनम दिया हे तो जनम देने वाला माँ बाप होता हे. और माँ बाप अपनी औलाद के साथ हम बिस्तर नहीं हुआ करते.

में ; ये विचार सच में वो देवता hi होंगे.

माधुरी ; है जनम देने वाले माँ बाप भगवन hi होते हे.

में ; में उस देवता से मिलना चाहूंगा उनके पाव छूना चाहूंगा. मेरे प्यार की जान बचाई हे उन्होंने.

माधुरी ; आप की ये हसरत जरूर पूरी होगी. क्यों की वो और कोई नहीं आप को जनम देने वाले आप के पापा hi हे.

मुझे सुनके एक झटका सा लगा मेरी आँखों में अंशु आ गए में जमीं पर बैठ गया. और मेरे मुँह से बस पापा... इतना hi निकला.

में ; मेरे पापा ज़िंदा हे. मेरे पापा जुन्दा हे.

माधुरी ; है वीर लेकिन आप ने वादा किया था आप उन्हें माफ़ कर देंगे प्लीज.

में रट हुए बोलै. में बहोत खुश था. मेरे फेस पे स्माइल और अंशु दोनों थे.

में ; पागल वो मेरे पापा हे. पापा

में बहोत खुश हो गया था. में अपनी ख़ुशी बयां hi नहीं कर प् रहा था. क्यों की जब मधु को उसके पापा ने अपनाया कही न कही मुझे भी मेरे पापा की याद आई थी. माधुरी मुझे रोटा हुआ देख कर खुद भी रोने लगी.

में ; मधु आज जो तुमने मुझे ख़ुशी दी हे में बता नहीं सकता.

उसने मुझे अपने दोनों हाथ दिए में उसे खींच कर खड़ा हुआ. हम दोनों बहो में बहे दाल कर ऊपर जाने लगे.

माधुरी ; उन्होंने मुझे ट्रेन किया. मुझे और लड़ना सिखाया. और उनकी सिख में कभी नहीं हरी. पापा को पता था शैतान ने मुझे दूध लिया हे. एक दिन पापा ने आप की फोटो दी. वो चाहते थे में आप को धुधु. मगर आप मेरी hi कॉलेज में आ गए. में आप पे नजर रखने लगी. पापा ने मुझे पहले hi कहा था. आप लड़किया पटाने में माहिर हो. आप सरीफ भोले बन कर लड़कियों के डिल में बस जाते हो. उनके मुताबिक मुझे आप के प्रेम जल में फसना था. पर में पापा को कैसे बोलती ये तो मेरा पुराण स्कूल वाला वीर हे जो अक्सर विंडो से मुझे पुकारा करता था.

में ; (स्माइल) तुम्हे याद हे में तुम्हे किश नाम से बुलाता था??

माधुरी ; (स्माइल) निशा.

वो हसने लगी हम दोनों घर के अंदर आ चुके थे. में सोफे पर बैठा और वो मेरी गॉड में,

माधुरी ; में तो खुद तुम्हे प्यार करने लगी थी. छुप छुप कर हम वो खदेड़ और जंगल में मिला करते थे

images-8.jpg


हम दोनों का प्यार परवान चढ़ने लगा था. फिर उस दिन जब में तुमसे मिलने आई थी थी

images-7.jpg


आप ने मुझे बहो में लिया और मुझसे क्या पूछा था.

में ; है याद हे. मधु कब तक बस ऐसे मिलते रहेंगे ऐसे छुप छुप कर सिर्फ मिलते रहने से तो मेरा काम नहीं चलेगा.

माधुरी ; है मुझे लगा तुम मुझे सेक्स करने के लिए पता रहे हो. पर आप ने तो मुझे शादी के लिए पूछ लिया उस वक्त भी मेरी आँखों से संशु आ गए थे. आप वो अंशु पि गए और मेरा सर चुम लिया.

images-6.jpg


पर में पापा को कैसे बताती की में भी तुमसे प्यार करती हु. सायद वो मुझे न अपने क्यों की में क्या थी पहले. मेने उन्हें बताया वीर मुझसे शादी करना चाहता हे. तब वो सच में चौक गए. वो क्या बोले पता हे??

में ; क्या.

माधुरी ; वो बोले क्या. वो नालायक सच में तुमसे शादी करना चाहता हे. पहेली बार उस लड़के ने किसी लड़की से वफ़ा की हे. बेटी में नहीं जनता की तुम उस से प्यार करती हो या नहीं. पर में चाहता हु की तुम मेरी बहु बन जाओ और मेरे बेटे की हिफाजत करो. में ख़ुशी के मरे खानोश हो गई. मुझे समाज hi नहीं आ रहा था में क्या बोलू. वो थोड़ा चिंतित हो गए. बोले मधु बीटा क्या हुआ. क्या तुम उस से शादी करना नहीं चाहती. में जनता हु बीटा वो धोकेबाज हे पर बीटा मेरी खातिर. उस दिन तुम कह रही थी न में तुम्हारे लिए क्या कर सकती हु. आज में अपने बेटे के लिए तुम्हे मांग रहा हु.

में ; हम्म में जनता हु. पापा इसी लिए तो मुझसे नफरत करते थे. पर मुझे कोई उस वक्त जुंग का सिपाही नहीं बन न था. में तो प्ले बॉय hi रहना चाहता था. पर तुमसे प्यार हो गया. और में जनता था तुम बहोत मजबूत हो इसी लिए मुझे तुम्हारे सामने एक आदर्शवादी और साधारण बन न होगा. पर पापा मेरे बारे में ऐसा सोचते हे मुझे नहीं मालूम था.

माधुरी ; (स्माइल) वो तो क्या हम दोनों जानते थे आप कितने बड़े धोखे बज हो कब डिल चुरा लेते हो पता नहीं चलता. उस वक्त मेरी खमोशो को पापा इंकार समझ रहे थे. पापा ने मेरे सामने हाथ जोड़ लिए तब मेरे मुँह से सिर्फ पापा इतना hi निकला उन्होंने मुहे गले लगा लिया. मुझे लगा पापा से छुपाने से उन्हें धोखा देना होगा. मेने पापा को बता दिया. आप के बेटे ने मुझे कब से फसा लिया हे और मेरा डिल चुरा लिया हे. उन्ही के हुकुम से मेने आप से शादी की. और हर वक्त आप की हिफाजत करती रही.

में ; पर मुझे कोण मरता मेरी किध से दुश्मनी थी. में तो रमता जोगी हु. बस हसीनाओ से बिस्तर पे खेलना ये तो मेरी कला हे.

माधुरी ने मेरे गलो पे किश किया और बोली.

माधुरी ; दुश्मन आप के नहीं आप के पापा के थे. परिवार को बचने के लिए जिन्दा होते हुए भी मारा साबित रहे. उनके दुश्मन कभी भी आप पर हमला कर सकते थे. पर जब शादी के बाद हमें पता लगा तिगर आप hi हो तो वो बहोत खुश हुए वो भी आप को यही तो बना न चाहते थे.

में ; बहोत बहोत सुक्रिया मुझे पापा से मिलना हे.

माधुरी ; रुको सही वक्त आने दो. अब चले रत हो चुकी हे और महफ़िल इंतजार कर रही हे.

हम दोनों खड़े हुए. मेने माधुरी का हाथ पकड़ा और कहा.

में ; उसे जिन्दा मत छोड़ना मधु. चाहे कोई भी कीमत चुकानी पड़े.

माधुरी ; उसे तो में hi मरूंगी और तड़पा तड़पा कर मरूंगी. अभी उसे खेलने दो हमारी बरी जरूर आएगी.

हम वह से कपाड़िया की पार्टी के लिए निकल गए.

स्वीटी की हालत ख़राब तो हो चुकी थी. मगर पैसे भी उसके पास आ गए थे. वो बाथरूम में जा कर फ्रेश होने लगी. वो बाथ लेने के बाद बहार आई और अपने कपडे पहन ने लगी. वो रेडी हो गई. और पैसे वाला बैग को घिसड़ा कर कड़ी हो गई.

नेताजी ; तुम्हारी टिकिट और वीसा ये लो. अब हमारा सामान हमें दो.

स्वीटी ; हे हे अंकल क्या मुझे तुम चुटिया समाज रहे हो. में फ़्लैट में बेठुंगी तब सेंड होगा समझे अब गाड़ी भेज जल्दी मुझे एयरपोर्ट जाना हे.

स्वीटी को नेताजी ने कार में एयरपोर्ट की तरफ भेज दिया. स्वीटी टाइम पे बैंकाक की फ़्लैट में बैठ गई. और अपने मोबाईल से शैतान को कॉल किया.

शैतान ; मेरा सामान दिए बिना जा रही हो.

स्वीटी ; इतनी धोखेबाज भी नहीं हु अंकल आप जिस रूम में मुझसे मिले उसी रूम में आप का सामान हे अंकल.

शैतान ; वह बड़ी काम की चीज हो तुम मेरे साथ काम करो बहोत मॉल कमाओगी.

स्वीटी ; स्वीटी किसी के साथ काम नहीं करती अंकल बस पेसो के लिए.

शैतान ; फिर कब मिलोगी.

स्वीटी ; सॉरी अब कभी नहीं. आप को आप का सामान मिल गया न अब मुझे भूल जाओ.

स्वीटी ने कॉल कट कर दिया. काँटी का एक no उसके पास था. उसने उसके एक में 25 लक्स डेल. और अपने मोबाईल को गलो से टाच कर के सोचने लगी. तभी उसके बगल में कोई आ कर बैठा. एयर होस्ट्स ने कहा मेम सीट बेल्ट लगा लीजिये. सब ने सीट बेल्ट लगा लिया. उसके बगल में जो बैठा वो विक्रम था.

विक्रम ; hi.

स्वीटी मन में सोचती हे ये तो साला पुलिस वाला हे ये यहाँ कहा से आ गया. स्वीटी ने विक्रम को मुंबई में देखा था. स्वीटी भी स्माइल कर के बोलती हे.

स्वीटी ; hi. आप यहाँ.

विक्रम ; वो दरसल में हे न मुंबई जा रहा हु.

स्वीटी ; तो आप गलत फ़्लैट में बैठ गए.

विक्रम ; आ है में बिलकुल सही फ़्लैट में बैठा हु.

स्वीटी ; लेकिन ये तो बैंकाक जाएगी.

विक्रम ; है मगर ये वापस भी तो यही आएगी.

स्वीटी ; साफ साफ कहो की कहना क्या चाहते हो???

विक्रम ; में ये कहना चाहता हु की हम इसी फ़्लैट से रेतुर्न आएँगे. तुम कुछ सवालो के जवाब डौगी. अगर सही जवाब दिया तो ठीक हे वार्ना तुम्हे मुंबई लेजाकर जेल में बंद.

स्वीटी ; ऐसे कैसे लजाओगे. मेने क्या किया हे.

विक्रम ; वो तो तुम्हारा एक बोल रहा हे.

स्वीटी सोच में पद गई अब इस से कैसे निपटे स्वीटी ने विक्रम को लालच दिया.

स्वीटी ; अरे पुलिस वाले हो न पकड़ लिया मन गए अंकल आप को. सच में बाकि यहाँ के तो सब निकम्मे हे.

विक्रम ; मेने तुम्हे यहाँ के पुलिस वालो की मदद से पकड़ा हे.

स्वीटी सोच में पद गई वो क्या बोले.

स्वीटी ; हाफ हाफ मेरे पास बहोत हे.

विक्रम हसने लगा. छोटी हे लोदिया पर दिमाग हे.

विक्रम ; रिस्वत ??? और मुझे तुम्हे तो जेल भिजवा कर रहूँगा.

स्वीटी ; क्या अंकल जेल जेल कर रहे हो. देखो मेरे पास बहोत पैसा हे. बैंकाक चलते हे किसी होटल में रत गुजरेंगे और फिर आप अपने पैसे लेकर यहाँ वापस आ जाना और क्या.

विक्रम ; और यहाँ की पुलिस को क्या जवाब दूंगा.

स्वीटी ; अरे बाबा ये भी क्या पुलिस वाले को सीखना पड़ेगा बोलो न लोदिया भाग गई.

विक्रम हसने लगा वो पैसे के साथ अपने जिश्म का भी लालच दे रही थी. स्वीटी ने एक हाथ विक्रम की चेस्ट पे रखना चाहा मगर जब उसने हाथ उठाया तो देखा विक्रम ने स्वीटी के एक हाथ में उसके और एक अपने हाथ में हथकड़ी बांध दी थी. विक्रम बोलै.

विक्रम ; ये मुंबई पुलिस हे बीटा. तेरे जैसी हर रोज मुल्क के कोने कोने से आती हे. अब फ़्लैट टेक ऑफ करने वाली हे. तुम्हे कुछ खाना हे.?????

स्वीटी ; (गुस्से से) नहीं

हम दोनों जीप से कपाड़िया के आलीशान बंगलो पे पहोच चुके थे. माधुरी और मेरी सिमेट्री अब कुछ और hi फ़ास्ट हो चुकी थी. क्यों की वो मेरी असली पहचान पूरी तरीके से जान चुकी थी. में और माधुरी दोनों अंदर जाने लगे में रुक गया माधुरी भी सिर्फ एक स्टेप आगे गई थी वो मुझे सवालिया नजर से देखने लगी.

में ; नहीं मधु अभी दुनिया की नजर तुम पर आएगी. तुम पहले जाओ.

माधुरी ; (स्माइल) राजा पहले जाता हे.

में ; पर शेर नहीं. शेर का रास्ता हमेसा उसकी शेरनिया साफ करती हे. और मेरी शेरनी तुम हो. जाओ और शिकार करो. आज तुम्हे खून चखना हे. और शैतान की मौत में खुद अपनी आँखों से देखना चाहता हु.

माधुरी ; उसके लिए तुम्हे इंतजार करना पड़ेगा.

में ; जनता हु. अब जाओ शिल्पा भी रेडी हे.

वो अंदर गई. में जनता था उसकी हॉटनेस सब को उसकी तरफ ज्यादा एक्टेस करेगी और शिल्पा को मौका मिलेगा.

माधुरी अंदर जाती हे. अचानक कोई 4 ,5 आदमी में से एक उसे देखता हे. वो माधुरी को देखता हुआ दूसरे के कंधे पर हाथ मरता हे. वो उसे क्षेता हे क्या हे यार. वो आदमी बस माधुरी की तरफ हिसार करता हे सभी माधुरी की तरफ देखते हे.

images-4.jpg


आदमी ; क्या हॉट हे यारररर....

आदमी ; 2 सेल कुछ पन्गा मत ले ये पुलिस वाली हे. शहर की सब से हॉट पुलिस इंस्पेक्टर.

आदमी 3 ; और डेंजर भी. साली बात काम और मरती ज्यादा हे. पर बंदी मस्त हे. गरीबो की बहोत मदद करती हे.

आदमी 1 ; अरे तो में भी गरीब हु यार एक बार बस बूब्स मशलने दो न सससस.

आदमी 3 ; वो मन नहीं करेगी बस तेरी गोटिया निचोड़ देगी फिर हो जाएगा खस्सी.

सब जोरो से हसने लगे. कपाड़िया ने जब माधुरी को देखा तो उसकी भी लार टपक गई. उसकी नजर भी माधुरी के जोबन पे hi गई. फिर उसका निरानी फेस और उसपर जो स्माइल थी. कपाड़िया का भी डिल जोरो से धड़का.

images-2.jpg


कपाड़िया वैसे तो कोई गुनेहगार नहीं था. पर उसे शादी शुदा ोर्टो को पटना ज्यादा पसंद था. वो और विकास दोनों माधुरी की तरफ आए.

कपाड़िया ; (स्माइल) जी नमस्ते मेडम वीर बीटा नहीं आए.

माधुरी ने कपाड़िया की मंशा भाप ली. पर कपाड़िया उसके कोई काम का नहीं था. तभी उसके कानो में उसके पति की आवाज आई जो ैरफोन से थी. माइक्रो हड़फोन.

वीर ; सेल बूढ़े की लार टपक गई.

माधुरी ; जी आए हे न अभी अंदर आते होंगे.

वीर ; अरे मेरा इंतजार कोण करेगा.

तभी माधुरी ने विकास के कंधे पर हाथ रखा. कपाड़िया का डिल जोरो से धड़का.

कपाड़िया ; (स्माइल) आई ये आप पार्टी इंजॉय करे.

माधुरी आगे बढ़ी. उसकी नजर थपड पे गई. जो अकेले जैम पि रहा था. माधुरी उसकी तरफ बढ़ी.

वीर ; ओह ससस इसे जाने दो ये तो सुधर गया हे.

माधुरी ; कुत्ते कभी सुधरते हे क्या सेल ने बस पार्टी बदली हे.

माधुरी थपड की तरफ गई उसे देखते hi थपड के फेस पे स्माइल आई और बस इतना hi कहा.

थपड ; (स्माइल) मालकिन....

माधुरी ; (स्माइल) देखा कुत्ता कुत्ता hi होता हे.

माधुरी उसके पास गई. उसके सर पे हाथ घुमाया.

माधुरी ; केसा हे मेरा टौमी कहा चले गया था.

थपड ; मालकिन आप ने मुझे बचाया नहीं वो कमीना डीके साला मुझे कैद कर के रखा हुआ था. पर मेने भी कह दिया मेरी मालकिन आएगी और तुजे तड़पा तड़पा कर मारेगी. है अब आप आ गई न आप की बहोत सेवा करूँगा.

माधुरी ने अपनी एक ऊँगली तपाद के लिप्स पे रगड़ी थपड ने उसे मुँह में लेकर चूस लिया. माधुरी बहोत नशीले अंदाज़ में बोली.

माधुरी ; जरूर मेरे कुत्ते टौमी तुजे बस थोड़ी देर इंतजार करना पड़ेगा.

तपाद ; वो कस्मिना शैतान भी आया हे मालकिन वो मुझे घर रहा था. वो मुझे मर डालेगा मालकिन प्लीज मुझे बचा लो न मालकिन मम मम में तो आप का कुत्ता हु न मालकिन.

माधुरी ; सबस मेरे टौमी अब ये जैम मुझे दे दो. तुम फ़िक्र मत करो.

माधुरी ने थपड के हाथ से जैम ले लिया. थपड दर की वजह से पटियाला पग बना के लाया था. जो माधुरी ने ले लिया और एक hi साँस में पूरा पग पि कर गिलास थपड के हाथ में थमा कर वह से आगे चली गई.

वीर ; अरे रे रे नशा हो जाएगा.

माधुरी हसने लगी.

माधुरी ; (स्माइल नस्ली) सससस आप के प्यार का नशा इतना ज्यादा हे की ये शराब का कोई असर hi नहीं होता.

तभी माधुरी की नजर शैतान पे गई जो उसी को देख रहा था. माधुरी ने उसे कोई पुराणी प्रेमिका की नजर से देखा.

images-6.jpg


शैतान भी उसे क़यामत रूप में देख कर मचल गया. माधुरी के फेस में कुछ अलग hi कसीस थी. वो चाहता था वो वापस उसकी हो जाए क्यों की अब वो और भी घातक और हॉट भी हो चुकी थी. माधुरी भी उसकी तरफ एक सेक्सी स्माइल करते हुए अपनी कमर मटकते हुए उसके पास जाने लगी. शैतान थोड़ा साइड में हो गया जिस से उसके कोई देख न सके. माधुरी उसके पास आई शैतान ने उसकी गोरी कमर पकड़ी और अपने से सत्ता लिया. दोनों के लैब आपस में टकराए और एक कमुख जोरदार किश हो गई. शैतान ने माधुरी के एक बूब्स पे अपने पंजे टिका दिए और हल्का सा गोल मशाल दिया.

माधुरी की आंखे बंद हुई और एक बहोत hi मादक सिसकारी निकल गई.

माधुरी ; ससससस अह्ह्ह्ह सससस. कुछः बताओगे नहीं.

तभी माधुरी को किसी का हाथ अपनी हिप्स पे महसूस हुआ. माधुरी ने पीछे मुद कर देखा तो नेताजी खड़ा था. जो माधुरी को देख कर अपनी लार टपका रहा था. माधुरी ने नेता के गाल को सहलाया. नेताजी तुरंत hi माधुरी के पीछे चिपक गया. कपड़ो के ऊपर से hi वो माधुरी की हिप्स की दरारों में अपने लैंड की रगड़ लगाने लगा. माधुरी शैतान की बहो में थी.

वो पूरी शैतान में सात गई. वो दोनों तरफ से सैंडविच बन गई. तभी अचानक वह वेटर आ गया. वो उन्हें देख कर चौक गया.

वेटर ; ओह्ह सॉरी.

माधुरी ; (नशीली स्माइल) मेरे लिए एक वङ्का विथ चिल्ली ले आओ दोस्त.

वेटर कपङे लगा था वो सर निचे कर के पीछे मुदा और चले गया.

शैतान ; कहो जानेमन फिर क्या सोचा हे.

नेताजी कमर से निचे माधुरी की हिप्स के बिच दबाव बनाए जा रहा था और माधुरी के बगलो में से हाथ दाल कर उसके बूब्स दबाए जा रहा था.

माधुरी ; किस बारे में.

शैतान को ख्याल आया नेताजी वह हे. मौलवी से बगावत की बात उसके सामने बोलना ठीक नहीं हे.

शैतान ; अंदर इंतजाम हे आओ.

तभी वेटर आ गया और नजरे निचे कर के ट्रे उनके सामने कर दी. वो जैसे बहुत देख कर दर गया हो. माधुरी ने पग उठाया और वेटर के गलो पे किश कर दिया.

माधुरी ; बहोत बहोत सुक्रिया मेरे दोस्त.

माधुरी का अंदाज़ बहोत सेक्सुअल और नशीला था. माधुरी ने शैतान से नजरे मिले और एक गहरी स्माइल दी. नेताजी हटने का नाम नहीं ले रहा था. माधुरी ने वो पग जातक लिया और थोड़ा घूमी. दोनों मर्दो के लैंड पर कपड़ो के ऊपर से हाथ घूमती हे.

माधुरी ; कही चले?? (सेक्सी स्माइल)

शैतान ने अंदर चलने को हिसार किया.

में माधुरी की हरक्से देख चूका था. वो अपने आप को शराब के नशे में डुबोने की कोसिस कर रही थी. में अंदर आया तो देखा विकास और मोनी आपस में कुछ बहस कर रहे हे. उसने विकास को कुछ मंगवाया और वो उसके लिए कुछ लेने गया. में आगे बढ़ा और कपाड़िया से बाटे की उस से हल चल पूछा मेरी नजर मोनी पर hi थी. उसने अब तक मुझे नहीं देखा था. अपने बालो को सवारती हुई वो एक साइड कड़ी थी.

IMG-20201201-214952.jpg


कपाड़िया के जाने के बाद मेने दोबारा मोनी पे नजर डाली वो मुझे hi देख रही थी.

IMG-20201201-215033.jpg


में जनता था वो खुद मेरे पास आएगी. वो मुझे बहोत जिससे से देख रही थी. जैसे अभी आ कर मेरा मुँह नोच लेगी.

IMG-20201201-215117.jpg


मेने उसे जानबूछ कर एक बार देखा और उस से नजरे हटा ली. उसे और गुस्सा आया. में वह से जाने लगा. उसे लगा में उस के पास जा कर उसे मनाऊंगा. लेकिन में उसे इस वक्त नहीं मन सकता था. मुझे जाते देख उसे और गुस्सा आया. और वो मुझे अब भी घर रही थी.

IMG-20201201-215055.jpg


में आगे बढ़ा और ऐसी जगह दूध रहा था जहा पे बैठ कर में माधुरी को देख सकू. मेने अपना मोबाईल निकला और उसमे माधुरी के सामने जो था वो मुझे नजर आने लगा. क्यों की माधुरी ने जो मेरा दिया मंगल सूत्र पहना था कैमरा उसी में था. वो कही किसी रूम की तरफ जा रही थी. मेने शिल्पा को कॉल में किया.

शिल्पा ; बोलो जानेमन. तो सुरु करू.

में ; देखो शिल्पा तुम जरा भी रिस्क मत उठना सरे दुश्मन यहाँ हे तुम बस जग्गू को लेकर आओ.

शिल्पा ; हो जाएगा मेरी जान आप का हुकुम सर आँखों पे.

में जनता हु शिल्पा हमेसा बिंदास रहती हे और एक अच्छी फाइटर हे.

में ; अगर फास जाओ तो मुझे तुरंत बुलाना.

ेराम ने थान लिया था वो अपनी वफ़ा माधुरी के लिए जरूर साबित करेगी. वो भी इस जुंग में कूद चुकी थी. अँधेरी रत में ेराम शैतान की हवेली में दाखिल हो चुकी थी. उसे अंदर रास्ता तलाशना था जग्गू को छुपा कर जहा रखा हुआ था. वो अँधेरे में एक रस्ते से गुजरती हे.

Ekl-B-g-XUAIs1j0.jpg


वो पूरी तयारी के साथ आई थी. ेराम खंजर चलने में माहिर थी. वो कुछ कदम आगे चली और उसके पीछे कोई जम्प मार्के निचे कूड़ा. ेराम ने तुरंत hi पोजीशन ले ली. वो अपने हाथो में खंजर ले कर पीछे घूमी एक पाव आगे और एक क्रॉस में. देखा तो पीछे सोनिआ थी. सोनिया भी पूरी एक योद्धा की तरह.

IMG-20201126-201344.jpg


ेराम ; उफ्फ्फ सुकरे अल्लाह.

सोनिया ; याद आ गए अल्लाह मेरे भाई की गर्लफ्रेंड को.

ेराम ; तुम्हे यहाँ नहीं आना चाहिए था. यहाँ बहोत कहती होगा.

सोनिया ेराम को क्रॉस कर के आगे बढ़ गई.

सोनिया ; पता हे तभी तो आई हु. आओ मेरे पीछे.

दोनों रास्ता ढूढ़ने के लिए आगे बढे सोनिआ रुक गई

सोनिया ; हमें अलग अलग हो कर ढूढ़ना होगा.

ेराम ; में इधर जाती हु.

दोनों अलग अलग दिशा में चले गए. लेकिन घूम फिर के दोनों शैतान के मैं ड्रॉविंग रूम में hi आ गए. दोनों आए तो शिल्पा की आवाज आई. तालिया बजा कर.

सोनिआ ; वह तुम दोनों भी आ गए 1 शॉट ान और दूसरी नानन्द.

IMG-20201204-172859.jpg


ेराम ; काम से काम कुछ अच्छा hi बोल लेती.

शिल्पा ; क्यों तुम मेरे पति की गर्लफ्रेंड हो तो मेरी तो शैतान hi हुई. इसमें गलत क्या he.bhai दोनों को उनसे प्यार हे.

ेराम को शैतान वार्ड पे गुस्सा आया पर बाद में उसे यही ाचा भी लगा. काम से काम कोई रिस्ता तो जुड़ा.

सोनिआ ; अरे यार यहाँ ये ड्रामा नहीं प्लीज चलो यार सब मिल के ढूढ़ते हे.

शिल्पा ; आओ वो निचे hi होगा मुझे रास्ता पता हे.

शिल्पा के पीछे वो दोनों चलने लगी.

माधुरी नेता और शैतान दोनों के कंधे में कंधे डेल रूम में पहोच गई. कपाड़िया भी पीछे पीछे आने लगा. नेता साड़ी के ऊपर से hi पीछे से माधुरी की हिप्स मशाल रहा था. रूम में एक बहोत बड़ा टेबल और उसपे बहोत साड़ी चेयर लगी हुई थी. वो सायद घर के अंदर ऑफिस के कॉन्फ्रेंस रूम था. वह मीटिंग हुआ करती थी. शैतान एक मैं चेयर पे बैठ गया. उसके सामने माधुरी और शैतान थे. माधुरी बिच में टेबल के पीछे थी. नेता ने माधुरी के कंधो से पिन खोली और एक झटका मारा. माधुरी के अचल से साड़ी का पल्लू निचे जमीं पर गिर गया. शैतान की आँखों में आंखे डेल माधुरी मुश्कुरा रही थी.

माधुरी के कमर तक साड़ी उतर चुकी थी. उसके छोटे से ब्लाउज में उसके जोबन को देख कर नेताजी पागल हो गए. वो उसे जोर जोर से मशलने लगा. माधुरी जब बचकर आवाज निकलते हुए नशीली सिसकारी लेती हे.

माधुरी ; अह्ह्ह सससस उफ्फ्फ्फ़.... सससससस.

माधुरी की नजरे तो शैतान की नजरो में और एक बहोत जबरदस्त मादकता उसके फेस पे थी. माधुरी के सिसकारियों की आवाज से hi दोनों मर्दो के लैंड खड़े हो गए थे. तभी अचानक दरवाजा खुला और कपाड़िया अंदर आया. उसने जैसे दूर बंद किया और जो नजारा देखा वो देख कर उसका खुद का हाथ खुद hi अपनी पेण्ट के ऊपर से अपने लैंड पे चला गया.

कपाड़िया ; (कपटी आवाज में) क्क्क्य मी भी जजों कर सकता हु.

माधुरी बस ुए एक बार स्माइल करते देखती हे. वो तुरंत hi झुक कर माधुरी को कमर से जकड लेता हे. और माधुरी की नाभि में जीभ दाल देता हे. नेताजी तुरंत hi माधुरी के ब्लाउज पूछे से हुक खोल देता हे. ब्लाउज आगे की तरफ झुक गया अंदर डार्क ग्रीन ब्रा थी. माधुरी के बूब्स आधे से ज्यादा बहार दिख रहे थे. नेताही बूब्स का खुला हिस्सा चाटने लगा. चाट ते हुए वो गले तक पहोचा माधुरी को भी नशा होने लगा. वो और मस्त होने लगी. लेकिन वो ऐसे hi कड़ी मुश्कुराते हुए शैतान को hi देखती रही. पर शैतान जनता था. माधुरी के दिमाग में कुछ और hi चल रहा हे.

में बहोत परेशां था. में अब तक मेरी बीवी जो सामने हो रहा था वो सब देख रहा था. एक सीने में दर्द होने लगा. हे भगवन ये मेरे साथ ऐसा क्यों हो रहा हे में उस से प्यार करता हु. मुझे बहोत तकलीफ हो रही थी. तभी मुझे सामने कपाड़िया दिखा. उसका फेस अचानक कमरे के सामने आया. मतलब में समाज गया की वो माधुरी के बूब्स में मुँह दाल रहा हे. और माधुरी की उंगलिया उसके सर में घूम रही हे.

मुझे उनकी आवाज भी सुनाई दे रही थी.

कपाड़िया ; सससस कही तुम्हारे पति को शक तो नहीं होगा ससस बहोत गरम हो तुम ससस अह्ह्ह्ह तुम्हारे ये रसीले आम सससस.

माधुरी हसने लगी.

माधुरी ; तुम जानते हो मेरा पति क्या कर रहा हे??

माधुरी ने उसके सर के बल पकडे और जोर से खींच कर उसका सर ऊपर कर दिया. कपाड़िया को बहोत दर्द हो रहा था.

माधुरी ; वो इस वक्त तुम्हारी होने वाली बहु के साथ बिस्तर पर हे. दोनों बिना कपड़ो के. एक दूसरे से चिपके हुए. तुम्हारा बीटा नामर्द हे न.

कपाड़िया पहले तो सोच में पद गया क्या सच तो नहीं हे पर फिर स्माइल करता हे.

कपाड़िया ; (स्माइल) अच्छा मजाक हे.

माधुरी जोरि से हस्ती हे वो मुझे क्या करना हे वो बता रही थी.

माधुरी ; फिर एक मजाक और करू.???

माधुरी ने आँखों के तेवर से कहा.

माधुरी ; तुम्हारी बेटी मेघा जो लंदन में पढ़ रही हे. मेरा पति hi उसका बॉयफ्रेंड हे. और तुम्हारी बेटी भी उसके साथ कई बार हम बिस्तर हो चुकी हे.

में सोच में पद गया ये सब माधुरी को कैसे पता हे. मुझे तो खुद नहीं पता था मेघा कपाड़िया की बेटी हे. मुझे तो बस खली एक लड़की चाहिए थी. जो कॉलेज में मेरे लिए काम कर सके और वो मेरे लिए सब कर भी चुकी थी. में जब भी लंदन जाता उसी के साथ रत गुजरता था. कपाड़िया भी चीड़ गया. वो चिल्ला कर बोलै.

कपाड़िया ; क्या बेहूदा मजाक हे ये. (गुस्से में)

माधुरी जोरो से हस्ती हे.

माधुरी ; दुसरो की बीवी के दो टैंगो के बिच तू मुँह डालने को तैयार हे. मेरा पति तेरी बहु बेटी भी न चोदे.

(शैतान जनता था माधुरी झूठ नहीं बोल रही पर अभी उसे मामला संत भी करना था. वो बोलै.)

मुझे शतं की भी आवाज सुनाई दी.

शैतान ; ये मजाक कर रही हे. तुम बस इसके हुढं का मजा लो.

तभी मुझे एक वेटर ने आवाज दी.

वेटर ; सर आप को मालकिन बुला रही हे.

में ; कोण मालकिन.

वेटर ; जी सर वो मोनी मेडम. बोल रही हे आप को ये नेपकिन देने के लिए.

मेने वो नेपकिन खोला तो उसमे लिखा था.

मोनी ; तिगर जिद मत करो जल्दी मेरे रूम में आ जाओ. तुम्हारा प्यार. सिर्फ और सिर्फ तिगर की मोनी.

में गुस्से में था. जाना नहीं छठा था पर में खड़ा हुआ एक बदले की भावना से गया. में उसके रूम का दूर ओपन किया वो मुझे तिरछी नजरो से देखती हे. जैसे गुस्से में थी.

IMG-20201204-152653.jpg


में उसके सामने जा कर बैठ गया.

मोनी ; तुम्हे पता हे न में तुमसे प्यार करती हु. फिर भी मुझे तकलीफ दे रहे हो.

ाचा ाचा ok मर लो दस जगह मुँह. मेरे जैसी और पता लो. पर प्लीज मुझे ऐसे छोडो मत प्लीज. ी लव यू यार. तुम्हे पता हे न.

वो मुझे बहोत कुछ बोलने लगी. वो मुझे अब भी गुस्से में देख रही थी.

IMG-20201204-152630.jpg


में ; तुम नजाने क्या सोचती हो. मेने तुमसे पहले भी कहा था. सब सच भी बता दिया था. फिर भी तुम. मेने कहा था न वीर नहीं तिगर तुमसे प्यार करता हे. फिर भी तुम्हे में धोखे बज लगता हु. बताओ कोनसा झूठ बोलै तुमसे.

में थोड़ा जोर से बोलै. वो दर गई. वो सर निचे कर के रोने लगी.

IMG-20201204-152729.jpg


मोनी ; प्लीज तिगर मुझे तकलीफ होती हे. में तुमसे प्यार करती हु. मेरे साथ ऐसा मत करो.

में खड़ा हुआ मुझे गुस्सा आ रहा था. उसने उठ कर मेरा हाथ पकड़ लिया और बोली.

मोनी ; नहीं नहीं नहीं तिगर प्लीज मत जाओ में प्यार करती हु तुमसे तुम जो बोलोगे में करुँगी.

शिल्पा ेराम और सोनिआ तीनो निचे पहोच गई. उन्हें जग्गू दिख गया दोनों हाथ ऊपर आंखे बंद. बेहोशी की हालत में. फेस पे खून भी सुख कर कला हो चूका था. वो तीनो को उसकी हालत पे तरस आने लगा.

शिल्पा ; ससस रे क्या हालत की हे बेचारे की.

सोनिया ; साला कमीना अपनी लड़ाई में बचे की क्या हालत की हे.

ेराम ; में इसे लेकर आती हु तुम दोनों निकलने की तयारी करो.

ेराम जैसे hi आगे आई. जग्गू और उनके बिच मौलवी आ गया.

मौलवी ; ओह्ह्ह आओ मेरी बेटी. इस लड़के को लेजाने आई हो पर क्या लेजा पाओगी.

ेराम उसे देख कर सिर्फ दो कदम पे hi रुक गई.

शिल्पा ; अरे ये कोण हे.

ेराम ; ये शैतान का भी बाप हे पर ये रिश्ते में मेरे अबू हे.

शिल्पा ; ओह तो तुम इस से लड़ नहीं पाओगी तुम पीछे आ जाओ.

ेराम ; नहीं इनसे लड़ने का हक़ पहले मुझे हे.

ेराम ; अबू मेने पहले hi कहा था. मेरे रस्ते में आए तो में आप को भी फ़ना कर दूंगी.

मौलवी हसने लगा.

मौलवी ; फिर आओ पर कही मुझे फ़ना करने के चक्कर में कही तुम हलाल न हो जाओ.

ेराम ने अपनी जंगो से दो खनजर निकले और मौलवी की तरफ भागने लगी.

माधुरी अब नंगी हो चुकी थी. उसका पति का ध्यान मोनी ने बदल दिया उसे कण में माधुरी की आवाजे आ रही थी पर मोबाईल उसने साइड रख कर मोनी से बहस कर रहा था. माधुरी अभी एक टेबल पे दोनों हाथ तक कर कड़ी थी. कपाड़िया घुटनो के बल माधुरी की दो टैंगो के बिच बैठ कर. अंदर से निकल रही मिट्ठी मिट्ठी चासनी बड़े चाव से चूस रहा था. और नितजी माधुरी की दोनों हिप्स पर अपने हाथो के पंजो से हिप्स को फैला रखा था. वो अपनी गन्दी सी जीभ की नोक को माधुरी के हिप्स के बिच जो छेड़ था उसे कुरेदे जा रहा था.

कपाड़िया ने अपने दोनों हाथो को ऊपर उठाया और माधुरी के गोर गोर जुलते हुए बूब्स को भर मुट्ठी पकड़ लिया. उसने पुरे पंजो से माधुरी के बूब्स को गोल गोल मशला. माधुरी की आंखे कभी बंद होती तो कभी खुलती. उसके लोप्स भी खुल बंद रहे थे. शैतान सामने से ये नजारा देख कर ज्यादा उत्तेजित हो रहा था. उसने अपनी टंगे टेबल पे पसर दी. और पंत की जीप खोल कर अपना लैंड बहार निकल लिया. वो माधुरी को ज़ुकी हुई. एक कमुख अंदाज़ में देख रहा था. खुली हुई बाजु. और खुले हुए बूब्स के बिच 2 मंगलसूत्र लटक रहे थे. शैतान खुद भी इतना उत्तेजित हो गया उसने भी अपने लैंड को आगे पीछे करना सुरु कर दिया था.

माधुरी ने कपाड़िया के सर के बल पकडे और उसे खड़ा किया. फिर एक जबरदस्त किश उसके लिप्स पे की. और पीछे को प्रेस करने लगी. कपाड़िया पीछे झुक गया. वो आधा अपने पाव पे खड़ा और आधा पीठ के बल टेबल पे लेट गया. माधुरी के सीधा खड़ा होने के कारन नेताजी भी जमीं पर गिर गया. अब माधुरी पूरी नुदे अपना एक घुटना टेबल पे टिका कर ऊपर उठा फिर दूसरा घुटना भी उठा लिया. वो टेबल पर जानवरो के जैसे दोनों घुटनो पर हाथ के पंजो से डौगी स्टाइल में आ गई. फिर कमर के निचे के हिस्से को निचे किया. जैसे छिपकली का पीछे का पोरशन. पाव के पंजो से लेकर जंगे और कमर टेबल से सत्ता कर.

पर सब में कपाड़िया की हालत ज्यादा ख़राब हो गई. माधुरी ने अपनी पूरी छूट से कपाड़िया के मुँह को धक् लिया और दबा दिया. उसकी नोज तो माधुरी की छूट में धस गई. उसे साँस भी नहीं ली जा रही thi.Usne माधुरी की कमर को पकड़ा और ऊपर उठने की नाकाम कोसिस करने लगा. लेकिन वो कामयाब नहीं हो पाया. वो अपनी टैंगो को आगे पीछे करने लगा. उसे तड़पता देख कर माधुरी को बहोत मजा आ रहा था.

शैतान ; वो मर जाएगा मोहिनी.

माधुरी ; सससस (नाहिला अंदाज़) अह्ह्ह मरने दो न ससस मुझे बहोत मज़ा आ रहा हे.

शैतान जनता था अब वो पुराणी मोहिनी नहीं आज की घातक माधुरी हे. जो शिकार को तड़पा तड़पा कर मरती हे.

शैतान ; उसने कुछ नहीं किया वो सिर्फ तुम्हारा दीवाना हे छोडो उसे.

माधुरी खिल खिला कर हस्ते हुए थोड़ा कमर उठा लिया. कपाड़िया जोरो से सांसे लेने लगा. अब माधुरी ने अपनी हिप्स उठा ली. और वापस डौगी स्टाइल में आ गई. नेताजी ने फिर खड़े खड़े hi माधुरी की हिप्स पे वापस पंजे टिकाए और अपना मुँह फिर उसकी हिप्स की दरारों में दाल दिया. शैतान पागल हो गया. वो माधुरी को जिस तरह से देख रहा था उसे नहीं मालूम था. वो तीनो माधुरी को भोगने वाले हे या फिर माधुरी उन तीनो को भोगने वाली हे. नेताजी ने माधुरी के हिप्स पे दोनों हाथ तक कर कड़ा हुआ.

वो टेबल पे ऊपर आ गया. वो भी पूरा नंगा था. माधुरी ने अपने दोनों हाथो से कपाड़िया के बल पकडे और ऊपर की तरफ खींचा. कपाड़िया टेबल पे घसीट कर ऊपर हुआ. माधुरी फिर थोड़ा आगे शैतान के पास हो गई. नेताजी ने माधुरी की हिप्स के बिच कुछ चिप छिपा सा लगाया. और अपने लैंड का टोपा. माधुरी की हिप्स के बिच के छेड़ पर टिका दिया. माधुरी ने फिर कपाड़िया के बल पकड़ कर उसका सर ऊपर उठाया और फेस को अपनी छूट से सत्ता दिया.

नेताजी ने हलके से अपना लैंड माधुरी की हिप्स की दरारों में घुसा दिया और हलके हलके धक्के दिए. कपाड़िया का सर माधुरी ने उठा रखा था और वो माधुरी की छूट चाट रहा था. शैतान ने नजारा देखा तो वो अपना लैंड जोर जोर से हिलने लगा. माधुरी उस से सिर्फ एक हाथ सामने थी. माधुरी ज़ुकी हुई मादक और उसके आगे पीछे दोनों बाजु से प्रहार हो रहा था. उसका मादक मुखड़ा.

जब पीछे से माधुरी की कमर पकड़ कर वो झटके मर रहा था. उस वजह से माधुरी के बूब्स लटके हुए आगे पीछे हिल रहे थे. साथ hi उसकी सोने की कहीं और मंगलसूत्र भी. अचानक शैतान चरम सिमा पर पहोच गया और सब से पहले उसी की पिचकारी छूट गई. वो सीधी माधुरी की सामने टेबल के ऊपर hi गिरी. माधुरी हसने लगी और थोड़ी और आगे खिसकी. उसका हाथ जहा उसका वीर्य चंडी के सिक्के जैसे चमक रहा था उसपे hi रखा और उसे अपने बूब्स पे रखा. तभी माधुरी ने हाथ आगे बढ़ाया और शैतान का लैंड पकड़ लिया.

माधुरी स्माइल करते हुए शैतान की आँखों में देखा. तभी माधुरी के कानो में उसके पति का दर्द सुनाई दिया. उसने शैतान को देखते हुए अपने पति को कुछ कहा. शैतान को लगा वो उसे कह रही हे. माधुरी मजबूर हो गई वो मंगलसूत्र नहीं उतरना चाहती थी पर उसे अपने पति का दर्द उस से भी ज्यादा बरदास होना मुश्किल लगने लगा. माधुरी ने अपने दूसरे हाथ से मंगलसूत्र को पकड़ा और अपने मुँह में भर लिया.

मुझे गुस्सा और डिल में दर्द हो रहा था क्यों की माधुरी की सिसकारियां मेरे कानो में थी. और मेने मोनी पर से ध्यान हटा लिया और मोबाईल में एक बार देखा. माधुरी का हाथ शैतान के लैंड पे था. मेरे मुँह से बस इतना hi निकला

में ; नहीं मधु नहीं प्लीज मुझे दर्द हो रहा हे.

माधुरी ; बस थोड़ा सा बरदास कर लो ससससस मेरी आग भड़क चुकी हे.

तभी अचानक मेरी आँखों के सामने से स्क्रीन गायब हो गई मेने अपना मोबाईल बाद पे पताका और खड़े हो कर घूमने लगा. मोनी बक बक कर रही थी. और मुझे दे बै घूमते देख रही थी. वो जमीं पर गुस्से से बैठ गई.

IMG-20201204-152820.jpg


मोनी ; क्यों तिगर क्यों. तुम जैसे अपनी बीवियों को हर पल याद करते हे वैसे मुहे क्यों नहीं. इसका मतलब तो यही हे न सिर्फ मुझे तुम्हारी जरुरत हे फ़िक्र हे. तुम्हे कुछ नहीं.

मुझे गुस्सा आ रहा था. मेने जोर से चीखते हुए कहा.

में ; प्लीज चुप हो जाओ.

मोनी ने बहोत प्यार से बोलै.

मोनी ; बिलकुल चुप नहीं होउंगी. तुम मुझे आज वैसे hi प्यार करो जैसे अपनी बीवियों से करते हो. आओ मेरे पास आओ. बना लो मुझे अपनी. मेरे डिल को बता दो की मोनी सिर्फ तिगर की हे. तिगर की मोनी. आओ मेरे पास आओ.

वो मुझे सेक्स के लिए अपने पास बुला रही थी. और बहोत नशीले अंदाज़ में मुझे देख रही थी.

IMG-20201204-152843.jpg


में जोर से चीखा.

में ; प्लीज मोनी में बहोत तकलीफ में हु प्लीज चुप हो जाओ. वार्ना में कुछ गलत कर बैठूंगा.

ेराम जैसे hi भागते हुए मौलवी के पास पहोची और हवा में hi खंजर से हाथ घुमाए मौलवी ने ेराम के दोनों हाथ की कलाई पकड़ी और गोल घुमा कर ेराम को सोनिआ और शिल्पा की तरफ फेक दिया. और हस्ते हुए बोलै.

मौलवी ; (स्माइल) बेचारी मेरी बेटी अब मुझे अपनी बेटी को भी आज मरना होगा.

सोनिआ ने ेराम को कंधे से पकड़ कर उठाया.

सोनिआ ; फ़िक्र मत करो अभी तो खेल शुरू hi हुआ हे.

तभी शिल्पा एक कदम आगे बढ़ा कर एक चाबुक घुमाई. मगर वो चाबुक को मौलवी ने पकड़ लिआ और खींच दिया. शिल्पा दीवार से टकराई नहीं बल्कि उसमे लगे एक कहते को पकड़ कर वही लटक गई.

मौलवी ; ओह बंदरिया बहोत अच्छे.

मौलवी ने फिर चाबुक को खींचा इस बार शिल्पा ऊपर ज़ूमर पे लटक गई और मौलवी के हाथो से चाबुक छूट गई. शिल्पा फिर जमीं पे आई.

शिल्पा ; बंदरिया नहीं शेरनी. लगता हे तुम किसी शेर से नहीं मिले हो न आज पता चलेगा.

वो मौलवी पे वर करना सुरु किया. लम्बी टैंगो से. वो घूम घूम कर कभी राउंड किक तो कभी ग्राउंड किक मरती हे. मौलवी पीछे हैट ता गया. फिर एक मौलवी की चेस्ट पे लगी. मौलवी एक कदम पीछे हो गया. उसे गुस्सा आया. शिल्पा ने जैसे hi राउंड किक मरी मौलवी ने उसकी लत पकड़ के घुमा दिया. शिल्पा एक दीवार से टकरा कर जमीं पे गिरी.

मौलवी ; तू अगर शेरनी हे तो में शिकारी हु. ( गुस्से और जोश में)

सोनिआ अब आगे बढ़ी जिसे देख कर मौलवी सोचने लगा. क्यों की उसे पहले कभी देखा नहीं था. शिल्पा को तो मौलवी पहले hi स्टडी कर चूका था. और ेराम को तो उसने खुद शिखाया था. पर सोनिआ उसके लिए एक नया चहेरा था.

मौलवी ; (हस्ते हुए) कुछ बोलोगी नहीं. कुछ डायलॉग वेलोग. जुमले वगेरा.

दोनों आमने सामने एक दूसरे के दोनों ने पोजीशन ले ली. मौलवी भी सोच रहा था. इसका तर्क क्या होगा. सोनिआ का फुटवर्क भी उसे समाज नहीं आया न आँखों से उसका वॉर सोनिआ का पॉवर उसकी स्पीड थी. उसने सं सं सं मुक्के घुमाए. मौलवी पीछे होता गया. पर सिर्फ एक मुक्का मौलवी के जबड़े पर पड़ा. जन्नते दर. और मौलवी खड़ा हो कर एक बार अपना सर हिलाया. वो वाकई डैम दर थी.

सोनिआ ; जो बोलना था वो मेरे पांच ने बोल दिया. तुमने सुना न.

मौलवी ; अब मेरी बरी हे.

मौलवी ने भी वैसी hi स्पीड में वॉर चालू किया दोनों एक दूसरे के ऊपर अटेक चालू कर दिया पर मौलवी के कदम भी फ़ास्ट हुए और वो किक से भी लड़ने लगा. उसने देखा सोनिआ की कोणी ज्यादा उठी हुई हे. एक मारा पर सोनिआ थोड़ी घूम गई. वो मुक्का अगर सोनिआ की पसली पे लगता तो सायद उसकी पसली आज टूट जाती. सोनिआ को भी एहसास हुआ माधुरी ने उसे एक बार कहा भी था. उसे माधुरी की बात मन लेनी चाहिए थी और नए तरीके से प्रैक्टिस भी करनी चाहिए थी.

सोनिआ ; अहह ससस भाभी की आज जरुरत थी.

मौलवी ; ओह्ह तुम सायद उस पुलिस वाली की बात कर रही हो. मुझे भी उसी का इंतजर था.

अब वो तीनो एक साथ कड़ी हुई. तीनो ने एक दूसरे की आँखों में देखा और एक साथ अटेक चालू किया.

माधुरी जान चुकी थी. उसके पति ने मोबाईल फेक दिया हे. सायद उसकी आवाज पे ध्यान हो वो उन तीन मर्दो के साथ साथ अपने पति को भी उकसाती हे. नेताजी ने स्पीड बढ़ा दी और माधुरी के पीछे अंदर hi ज़द गया वो पीछे को टेबल पे hi गिर गया. कपाड़िया छूट चाट चाट के परेशां हो गया था. वो पीठ के बल था. वो खिसक और थोड़ा आगे हुआ. उसका लैंड अब माधुरी की छूट को टाच हुआ. माधुरी ने कपाड़िया से नजरे मिले. और स्माइल करते हुए बोली.

माधुरी ; क्या तुम मेरे कुत्ते हो??? क्या तुमने अपनी वफ़ादारी साबित की??? फिर कैसे तुम मुझे भोगो गए. पहले वफ़ादारी निबजाओ. मुझे अपनी मालकिन मन कर.

माधुरी ने कपाड़िया के बल पकडे और झटका दिया. वो बूढ़ा था. उसके अंजार पंजर हिल गए. उसे खड़ा किया और पीछे की तरफ किया. फिर दोबारा बल पकडे और उसका फेस अपने पिछवाड़े से सत्ता दिया.

माधुरी ; साबित करो मेरे लिए अपनी वफ़ादारी.

उसे माधुरी की नेताही के वीर्य से सना पिछवाड़ा चेतना पड़ा. वो जीभ को फैला कर चाटने लगा. पहले तो उसे घिरना हुई पर बाद में उसे बहोत मजा आया. माधुरी को भी सुकून मिलने लगा. उसने माइंड गेम शुरू किया.

माधुरी ; अस्स्सस्स है ऐसे hi में मालकिन हु तुम्हारी. ससस अह्ह्ह मेरा पति अब तक तुम्हारी बहु को नंगा कर चूका होगा. वो बदला ले रहा हे. तुमने उसकी बीवी को टाच किया न सससस वो बदला लेगा ससस वो तुम्हारी बहु को पटक के छोड़ रहा होगा सससस

गुस्सा नेताजी को भी आने लगा. पहले तो वो समझा नहीं था. पर अब माधुरी किस की बात कर रही हे उसे पता चल गया. वो खड़ा हुआ और माधुरी के पीछे से बल पकड़ कर खींचा.

नेताजी ; (गुस्से में) साली तेरा पति मेरी बीवी को छोड़ेगा है साली हरामजादी.

माधुरी ने तुरंत hi नेताजी की कलाई पकड़ी और घुमा दिया. नेताजी के गर्दन अपनी कोणी के बिच ले आई. नेताजी की गर्दन फास गई. और वो छुड़ाने की बिख मांगने लगा.

शैतान ; रिलेक्स नेताजी और कपाड़िया जी. ये बस तुम्हे इस लिए उकसा रही हे की तुम ज्यादा जोर से इसे खुश करो. ये बस तुम्हे गुस्सा दिला रही हे.

शैतान ; छोडो मोहिनी छोड़ दो इसे.

माधुरी हसने लगी पर छोड़ती नहीं हे. लेकिन नेताजी को भी ऐसा लगा की सही में वो सिर्फ उन्हें उकसाने के लिए कर रही थी. नेताजी का डैम घुट राजा था.

नेताजी ; आह्ह्ह्ह ससस प्लीज छोडो ससस अहह सॉरी मालकिन ससस में तो आप का कुत्ता हु न.

माधुरी ने उसे छोड़ा और एक जबरदस्त लिप किश कर दी.

माधुरी ; (स्माइल) सुकर करो वार्ना तुम्हारी लाश इन्हे छुपानी पड़ती.

नेताजी ने अपना मुँह माधुरी के बूब्स के लगा दिया. कपाड़िया माधुरी का पिछवाड़ा चाट रहा था. माधुरी को बहोत मजा आने लगा.

माधुरी ; ससस अह्ह्ह देखना ससस मेरा पति hi तुम्हारी बेटी के साथ सुहागरात मनाएगा. अभी तुम्हारी बेटी भी तो बिना कपड़ो के मेरे पति के निचे होगी. ससस तुम देखोगे न. वो एक जिन्दा डिल मर्द हे.

नेताजी ; है है है में देखूंगा है.

माधुरी ; तुम्हे में दिखाउंगी कैसे वो सससस ह्ह्हह्ह्ह्ह.

माधुरी अब शैतान की गॉड में आ गई. शैतान का लैंड दोबारा सख्त हो चूका था. माधुरी ने शैतान का लैंड भर मुट्ठी पकड़ा और आगे पीछे किया. मधु शैतान की चेस्ट पे निपल को चुस्ती हे फिर उसकी बालो से भरी चेस्ट को चूमती हे. वो और आगे बढ़ी. शैतान के गले को वो चाटने लगी. माधुरी की इस हरकत से शैतान को भी एक वक्त मौत का दर लगा.

मोनी गुस्से के साथ प्यार भी दिखा रही थी. वही में माधुरी को देख तो नहीं रहा था पर उसकी बाटे मुझे साफ सुनाई दे रही थी. उसने मेरे अंदर भी एक जानवर जगा दिया. में किसी भी लड़की का कभी डिल नहीं तोड़ता और न hi उसका डिल दुखता हु. पर माधुरी ने मेरे अंदर बदले की भावना जगा दी थी. मेरा ध्यान मोनी पर जाने लगा था. वो भी मुझे सवालिया नजरो से देख रही थी. उसने मेरा हाथ पकड़ रखा था. में भी घुटनो के बल उसके पास था. वो एक सेक्स अपील पैदा करने की कोसिस कर रही थी. मेरी नजर उसके कातिलाना फेस पे और फिर निचे गले के नेकलेस के निचे खुले हुए उभारो पे गई. वो बहोत सेक्सी निगाहो से मुझे देखती हे.

IMG-20201204-153000.jpg


मोनी ; प्लीज प्यार करो न मुझे. प्लीज बना लो मुझे अपनी. में सच में आज के बाद कोई ऑब्जेक्शन नहीं करुँगी. तुम्हारी कशम.

मोनी ने मेरी कलाई छोड़ी और मेरे जंगो पे हाथ रख दिया. उसने भी मुझसे नजरे हटा कर मेरी पेण्ट के ऊपर नजर डाली.

IMG-20201204-152930.jpg


पर मेरी नजर अब भी उसकी आँखों पर थी. उसके मोठे और रसीले लिप्स. और ब्लाउज के ऊपर का खुला हिस्सा जहा से बूब्स का हिस्सा सुरु होता हे. दिनों बूब्स के बिच एक गहरी तंग घाटी. मेने भी अपना हाथ मोनी की जंगो पर रख दिया और मशाल दिया. वो सिर्फ एक hi बार अह्ह्ह किया फिर मुझे बहोत कमुख नजर से देखने लगी.

IMG-20201204-153021.jpg


उसका हाथ भी मेरे पंत के ऊपर से hi मेरे लैंड पे घूमने लगा. मेने मोनी के सर के बल पकडे और सर ऊपर उठाया.

मोनी ; सससस अह्ह्ह.

उसे दर्द तो हुआ पर उसने अपनी लिप्स मेरे आगे कर के आंखे बंद कर ली. जैसे अपने आप को मुझे शॉप रही हो. मेने उसकी लिप्स से अपनी लिप्स जोड़ी और जोर जोर से चूसने लगा. मेने अपने हाथ उसके बूब्स पे रखे और जोरो से मसला. उसे बहोत दर्द हुआ पर में जानवर बन गया. दर्द से उसकी आँखों में अंशु भी आ गए. पर मेने देखा तक नहीं. मेने उसकी लिप्स इतनी जोर से चूसी की होठो से खून आ गया. उसकी दोनों टंगे छोड़ी की और अंदर हाथ दाल कर उसकी पंतय खींच ली.

वो अब भी अपने आप को सँभालते हुए मुझे hi देख रही थी. जैसे कह रही हो कुछ भी कर लो वो पीछे नहीं हटेगी. मेने उसकी छूट को भर मुट्ठी पकड़ा और जोरो से मशला. वो पहले से गीली थी. वो मचल गई. उसे दर्द भी हुआ होगा. मेने उसका घागरा ऊपर किया और हिप्स से पकड़ कर सोफे पे बैठा दिया. उसकी दोनों टैंगो को अपने कंधो पे रख कर. अपनी पेण्ट उतरने लगा. में निचे से नंगा हो गया.

मोनी की छूट से लैंड का टोपा सताया और जोर से झटका मारा. उसकी आंखे बंद हो गई. और चीख निकल गई.

मोनी ; (आँखों में अंशु) ोूछ ससस सससस

अपने दोनों हाथो में उसके बूब्स पकडे और जोर जोर से झटके मरने लगा. वो पूरी हिलने लगी. गीली छूट और जंगो पे ठोकर से फैट फैट आवाज रूम में गुजने लगी. मोनी ने अपने एक लिप्स दातो में दबा लिया. और दोनों हाथो को मेरे कंधो पे रख लिया. में जोर जोर से दकके मरे hi जा रहा था.

ेराम, शिल्पा और सोनिआ तीनो मौलवी से लड़ रहे थे. पर वो बहोत खुखार था. उसने सोनिआ और शिल्पा दोनों के बल पकडे और इतनी जोर से आपस में टकराया दोनों को ताम्र चढ़ गए. ेराम का एक खंजर मौलवी के पाव के पास था. मौलवी ने उसे उठाया. और शिल्पा की तरफ बढ़ा. शिल्पा को जमीं से उठाया और पहले उसका मास्क उतरने की कोसिस की. पर ेराम दौड़ के आई और एक जबरदस्त लत मौलवी को मरी. मौलवी और शिल्पा दोनों जमीं पर गिरे. मौलवी गुस्से में खड़ा हुआ और ेराम को उठा कर जोर से दीवार पे फेका तीनो घायल कर चूका था.

अब वो खंजर को फिर देखता हे. उसने खंजर उठने के लिए ज़ुका तो एक गोली चली और खनजर दूर हो गया. मौलवी ने सर उठा कर देखा तो आलिया थी.

मौलवी ; ओह्ह्ह बीटा बड़ो के बिच बचो का क्या काम अब तुम्हे भी मरना पड़ेगा.

आलिया भी जोस में बोली.

आलिया ; कही ऐसा न हो ये छोटी बची तुम्हे जहनुम में पहोचा दे.

मौलवी ; नहीं उसे मत मारो.

आलिया ने पीछे देखा और मौलवी पल भर में दौड़ के आलिया को धक्का दे दिया. आलिया भी निचे गिरी. मौलवी आलिया की गन उठने गया. अचानक उसके फेस पे एक जानते दर लत पड़ी. माँ भी जुंग में आ चुकी थी.

मौलवी ; हम्म्म अब तो खेल बराबरी का हुआ. में तंग आ गया बचो से लड़ के.

माँ और मौलवी दोनों की फाइट सुरु हो गई. ेराम जल्दी कड़ी हुई और जग्गू को खोल दिया. उसने चेक किया जग्गू अब भी जिंदा था. ेराम ने जग्गू को उठाया और निकलने लगी. माँ ने मुक्का मारा मौलवी पीछे गिरा. उसे लगा यहाँ वो हर जाएगा. उसने खंजर उठाया और जग्गू को मरने गया. ेराम घूम गई. वो ेराम की पीठ पे घुस गया. ेराम के मुँह से आह निकल गई.

ेराम ने वर करने की बजाय मौलवी का मास्क खींच लिया. मौलवी ने काळा कपडे से फेस को छुपाया और पास एक खिड़की से कच तोड़ के जम्प मर गया. ेराम गिरने वाली थी. शिल्पा ने उसे संभाला.

शिल्पा ; सब्बास मेरी बहन. तूने कर दिखाया.

ेराम की आंखे बंद थी. जब शिल्पा के मुँह से बहन सुना तो उसके फेस पे एक प्यारी सी स्माइल आई. वो बेहोश हो गई.

माधुरी शैतान के लैंड पे स्वर हो चुकी थी. नेताजी माधुरी का पिछवाड़ा पे हाथ घुमा रहा था. वो घुटनो के बल टेबल पे hi बैठा था. कपाड़िया माधुरी की पीठ चाहते हुए कंधो को चाट ते हुई अपना लैंड हिला रहता. माधुरी ने शैतान की गर्दन को थोड़ा सा कटा और बोली.

माधुरी ; सच बताओ सुरभि को किसने मारा हे. वार्ना आज तुम भी सससस.

माधुरी बोलते बोलते होने लगी.

शैतान को माधुरी चाहिए थी. क्यों की ब्लास्ट के बाद उसी के जरिये वो मौलवी को मरवा कर खुद उसकी जगह लेना चाहता था. लेकिन उसकी आंखे माधुरी पढ़ चुकी थी. वो झूठ बोलने वाला हे.

शैतान ; में सच कहूंगा ये काम तो मौलवी और डीके का हे. आज में तुमसे एक सोडा करने आया था. पर तुम्हे मुझपे अब यकीं hi नहीं हे.

माधुरी ; बोलो क्या कहोगे क्या चाहिए.

शैतान ; आज थपड की मौत चाहिए मुझे.

माधुरी ; हम्म्म सससस बदले में क्या मिलेगा.

शैतान ; तुम्हारे पति की जिंदगी.

शैतान ने आँखों का हिसार किया. नेताजी ने ताली मरी दो गुंडे थपड को पकड़ के लाए.

माधुरी ने पलट के देखा.

माधुरी ; इसे तो तुम भी मर सकते थे.

शैतान ; में कभी तुम्हारे खिलाफ नहीं जाता. तुम हमें अपना नहीं मानती पर में आज भी तुम्हारा दीवाना हु. जाओ ताज़ा खून तुम्हारा इंतजार कर रहा हे.

माधुरी कड़ी हुई और नंगी hi थपड की तरफ जाने लगी. कमर मटकती हुई. फेस पे स्माइल. वो थपड को एक गलो को चुटी हे.

माधुरी ; में तुम्हे अभी तो नहीं मरना चाहती थी.

वो रोने लगा.

थपड ; (रट हुए) मालकिन में तो आप का कुत्ता हु न.

माधुरी हसने लगी. और उसके कण में बोली.

माधुरी ; है पर इस से तुम्हारा पाप तो काम नहीं मिटेगा न पछतावा हुआ सुधर भी गया पर सजा तो मिलेगी.

ऐसा बोलके माधुरी ने थपड के कण को दातो से पकड़ा. उसके शर्त के बोटों खोलने लगी. उसके हाथो को उठा कर अपने बूब्स पे रख दिया. फिर वो घटना पे बैठी. और उसकी बेल्ट खोल के पेण्ट और ुंडेरवेर दोनों निचे खिसकाया. थपड के लैंड को देखती हे. वो मुरझाया था. माधुरी उसे पकड़ने गई. पर वो दर के मूतने लगा. माधुरी के फेस पे hi धार गिरने लगी.

वो दर के मूत ता रहा और माधुरी स्माइल करते हुए आंखे बंद और अपने फेस पे गरम पेशाब की धार गिरने देती हे. जैसे उसके पेशाब से अपना मुँह धो रही हो. जब उसकी पेशाब ख़तम हुई माधुरी ने मुँह खोला और उसके लैंड को मुँह में ले लिया. और एक दो तीन बार आगे पूछे किया. पर थपड का लैंड नहीं खड़ा हुआ.

माधुरी ने मुँह हटाया और बोली.

माधुरी ; (स्माइल नशीली आवाज) भूल जाओ जिएगी और मौत को. आओ जीते जी मेरे जावा जिश्म के साथ एक अलग दुनिया में आओ.

उसने फिर लैंड मुँह में ले लिया. और चूसने लगी. थपड का दर धीरे धीरे ख़तम हुआ और लैंड खड़ा होने लगा. उसके फेस पे एक स्माइल आने लगी. माधुरी अपनी आंखे बंद कर के अपने लिप्स से थपड का लैंड के टोपे को मशालती हे. थपड को मजा आने लगा वो माधुरी के कंधे पकड़ने लगा. और ऊपर खींचने लगा. माधुरी ने उसे धक्का दे दिया.

और स्माइल करते हुई उसके लैंड पे सवार हो गई. चुटिया नेताही भी लैंड हिलाते हुए उसके पास पहोचा और चुदाई देख कर जोर जोर से हिलने लगा. दूसरी तरफ थपड भी आ गया. वो एक हाथ से लैंड हिलता और दूसरे हाथ से माधुरी की नंगी पीठ सहलाता. माधुरी जोर जोर से कूदने लगी. थपड बरदास hi नहीं कर पाया और उसकी पिचकारी छूटने से पहले hi माधुरी ने उसकी गर्दन जबड़े से पकड़ ली. वो तड़पने लगा. उसके पाव आगे पीछे होने लगे.

दातो से माधुरी ने उसका टेटुआ जकड रखा था. हाथ पाव पीटने के बाद उसका सरीर ढीला पड़ने लगा और वो सिसक सिसक कर डैम तोड़ बैठा. माधुरी उसके कण में बोली वेल के नरक में tumhara,swagat हे. माधुरी जैसे कड़ी हुई. एक वीर्य की पिचकारी थपड के लैंड से छोटी.

माधुरी ; मुबारक हो मरने के बाद भी तुम्हे चरम सुख की प्राप्ति हुई.

अब माधुरी शैतान की तरफ बढ़ी और उसकी गॉड में बैठ कर गर्दन पे ऊँगली घूमती हुई बोली.

माधुरी ; अब अपना मुँह खोलो.

शैतान ; मौलवी और डीके ने एक बहोत बड़ी फौज बहार कड़ी कर राखी हे. वो जैसे hi निकलेगा वैसे hi उसे सब मर डालेंगे.

माधुरी ; लेकिन तुम मुझे सिर्फ इस मौत के बदले में सब बता रहे हो.

शैतान हसने लगा. और माधुरी का सर पकड़ कर एक किश करता हे और फिर उसके कण में बोलै.

शैतान ; तुम मुझे मौलवी बना दो.

माधुरी कड़ी हुई और अपना फ़ोन उठाया वो घसीटा को कॉल करती हे.

घसीटा ; हुकुम मेडम.

माधुरी ; कोर्ट न पहोचने के जुलुम में मर वीर उर्फ़ तपन को गिरफ्तार करो और साडी पुलिस फाॅर्स लेकर आओ वो बहोत खतरनाक हे.
 
मेने मोनी को बहोत दर्द दिया जैसे hi में चरम पर पहोचा उसके बाद में मोनी पर hi गिर गया. मेरा सर उसके काढ़ो पर था. मेरी आँखों में अंशु आ गए. लेकिन आँशु जो मेने मोनी के साथ किया सिर्फ उसके लिए नहीं. माधुरी के साथ जो हुआ उस वजह भी थे. मेरे अंशु से जब उसे गीलापन महसूस हुआ उसने मेरे सर पे हाथ घुमाया.

मोनी ; अरे आप क्यों रो रहे हो तिगर.

में ; क्यों की मेने तुम्हे दर्द दिया.

मोनी ने अपने अंशु पोछे और प्यार से बोली.

मोनी ; ये तो एक हैप्पीनेस हे पागल में बहोत खुश हु. ये दर्द बहोत मीठा था. में बहोत खुश हु. आज आप ने मुझे अपना बना लिया. अब में सिर्फ आप की हु.

मेने सर उठाया तो मेरे सामने मोनी के बूब्स आ गए.

Screenshot-20201205-185102.jpg


मेने जो हिस्सा खुला था उसपे ऊँगली घुमाई.

मोनी ; तिगर क्या में तुम्हारे नाम का सिंदूर अपनी मांग में भर सकती हु????

मेने मोनी का फेस देखा.

मोनी ; तुम फ़िक्र मत करो में शादी के लिए नहीं कहूँगी. तुम मुजे जुड़ना नहीं चाहते पर में तो जुड़ सकती हु.

में ; तुम जैसा चाहो. में रोकूंगी नहीं. मगर अभी नहीं.

मोनी ; में शादी नहीं करुँगी.

में ; क्यों???

मोनी ; में सिर्फ तुम्हारी हु. ी लव यू तिगर.

में ; में तू.

हम दोनों एक दूसरे को किश करने लगे तभी मेरे कानो में आवाज आई. वो भी माधुरी की उसने किसी को कॉल किया. मुझे अरेस्ट करने के लिए. में तुरंत hi खड़ा हुआ.

मोनी ; क्या हुआ.

में ; मुझे पुलिस अरेस्ट करने वाली हे वो आती होगी.

मोनी लेकिन क्यों.

मोनी ; कोर्ट में हाजिर न होने के जुल्म में सीक्रेट कोर्ट थी. स्पेशल हमारे लिए कल सुबह hi सुनवाई हे.

मोनी ; ओह माय गॉड में भी देखती हु कैसे तुम्हे लेजाते हे.

मोनी की बात से मुझे हसी आ गई.

में ; तुम रोकेगी.

हम दोनों हसने लगे. वह माधुरी भी मेरी और मोनी की बात सुनकर हसने लगी.

मोनी ; में चेंज कर के आती हु.

में वह से बहार निकला. माधुरी ने ये क्या किया कल 10 बज तो मेरी कपाड़िया ग्रुप के साथ मीटिंग हे.

माधुरी शैतान से छुड़वाए बिना hi कड़ी हुई. और अपना घाघरा और ब्लाउज पहन ने लगी फिर बिना ब्रा के hi उसने ब्लाउज पहना. फिर साड़ी पहन के ब्रा पंतय उठती हे नेताजी और कपाड़िया दोनों थपड की मौत से डरे हुए थे.

शैतान ; (स्माइल) अब इन कच्ची का क्या करोगी.

माधुरी ने अपनी पंतय कपाड़िया के मुँह में थुश दी.

माधुरी ; (स्माइल) ये मेरी ततफ से मेरे नई डौगी को गिफ्ट.

कपाड़िया बस माधुरी को देखता रहा. फिर उसने नेताजी को उंगलियों से अपने पास बुलाया.

माधुरी ; मुँह खोलो.

उसने मुँह खोला. तो उसके मुँह में ब्रा थुश दी. और एक पप्पी गलो पे कर के चल दी. वो अपने बालो को बांधते हुए बहार आई. उसे उसका पति मिला.

वीर ; ये क्या हे मधु???

माधुरी ; (स्माइल) अरे बाबा फ़िक्र मत करो. घसीटा खाना गरम कर देगा और आप का ब्लैक शूट पुलिस वे में hi मिलेगा. बहार शार्प का झुंड घूम रहा हे न.

माधुरी वीर के फेस पे हाथ रख कर बोली. तभी घसीटा आ गया. और स्माइल करते हुए बोलै.

घसीटा ; आइये वीर बाबू आप के साथ आज देसी हो जाए. देसी मुर्गा बनवाया हे.

घसीटा ने वीर के हाथो में हथकड़ी डाली. सभी लोग दूर से देख रहे थे. माधुरी ने वीर के गले में अपने हाथो की माला डाली और बहोत आहिस्ता से बोली.

माधुरी ; जी सुनिए आज हमारा बिस्तर जेल में हे. में नाहा कर तैयार रहूंगी.

माधुरी की बात सुनी और वीर के फेस पे स्माइल आ गई. और लैंड टाइट हो गया. घसीटा उसे ले गया. लोग सोचने लगे अरेस्ट होने के बाद भी वीर हस्ते हुए क्यों जा रहा हे. तभी मोनी बहार आई. वो माधुरी के पीछे जाने लगी. माधुरी भी गीत से बहार आ चुकी थी. मोनी ने पीछे से आवाज दी.

मोनी ; ीे हेलो hello.

मधु ने पीछे मुद के देखा और रुक गई. मोनी भागते हुए उसके पास आई. और बोली.

मोनी ; तुम्हे शर्म नहीं आती अपनी पब्लिसिटी के लिए मेरे तिगर को फसा दिया. अब देखो में क्या करती हु. मेरे तिगर को कुछ हुआ तो तुम्हे छोडूंगी नहीं.

माधुरी ; (गुस्सा पर जूठा) क्या कर लेगी तू?? है बोल.

मोनी दर गई. उसकी फैट गई.

मोनी ; टट्टू क्या क्क्क्कर लेगी है. मेरे टट्टीगर को कुछ हहहआ न तो छःहोंउंगी नहीं में.

माधुरी ; जेल में आज रत भर उसका रैप करुँगी समझी.

मोनी ; ममममे तुमपे कोर्ट कॅश करुँगी ह.

माधुरी ने मोनी का हाथ पकड़ा और उसे पास के गार्ड रूम में खींच के ले गई और अंदर बंद कर के उसे धक्का दिया. मोनी बहोत घबरा गई.

मोनी ; तुम तुम क्या करोगी मेरे साथ है.

माधुरी गुस्सर वाला फेस बना कर उसकी तरफ बढ़ने लगी. वो एकदम उसके पास पहोच गई और जोरो से हसने लगी. मोनी सोचने लगी इसे क्या हुआ हे. माधुरी ने मोनी का फेस पकड़ा और एक जबरदस्ती किश करने लगी. पहले तो मोनी ने छुड़ाने की कोसिस की फिर उसे भी अच्छा लगने लगा. वो भी माधुरी का साथ देने लगी. दोनों अलग हुए तो मोनी का दर दूर हो गया.

माधुरी ; फ़िक्र मत करो ये उनकी हिफाजत के लिए किया हे.

मोनी ; ओह्ह थानकगोड़ में तो दर गई थी.

माधुरी ; (स्माइल) बहोत प्यार करती हो न उनसे.

मोनी ; तुम्हारे वाले से नहीं. में तो सिर्फ तिगर की हु. तुम्हारा तो वीर हे.

दोनों के सर आपस में टाच हुए और दोनों हसने लगे.

माधुरी ; उन्हें बचने कुछ करना पड़ेगा.

मोनी ; देखो में क्या करती हु.

वो दोनों बहार आए. माधुरी मीडिया से बच के जाने लगी तभी उसे मोनी की मीडिया से बाटे सुनाई दी.

मोनी ; मर वीर को में जानती हु अच्छे से वो नेक, ईमानदार, आदर्शवादी, और अहिंसा में मन ने वाले इन्शान हे. जो लोग मजदूरों और वर्कर को शापोर्ट नहीं करते उनका शोषण करते हे वो लोग मर वीर को फ़साना चाहते हे. ताकि आने वाले वक्त में मजदुर लोग आवाज न उठा पाए.

IMG-20201205-204628.jpg


रिपोर्टर ; क्या हमने सुना हे आप का और मर वीर का कोई सीक्रेट ऑफर हे???

IMG-20201205-204608.jpg


मोनी ; (स्माइल) नहीं मेरा ऐसा नशीब कहा. अगर उन्हें में पसंद होती तो किसी की परवाह किये बगैर hi कर लेती. वो इन्शान नहीं भगवन हे भगवन. वो सिर्फ अपनी बीवियों से hi प्यार करते हे. काश में भी उनकी बीवी होती.

माधुरी जाते जाते हसने लगी. उसे पता था. रत का ये इंटरव्यू लोगो में क्या हड़कंप मचने वाला हे. क्यों की माधुरी को दर लग रहा था की कोई गवाह न खड़े हो जाए. वही पुलिस की वन में में बैठने के बाद तिगर निकल गया और जो गुंडे उसका इन्जर कर रहे थे वो कुछ नहीं कर पाए.

गुंडा ; (मोबाईल पे) बॉस उसको तो पुलिस ले गई हमारे पेसो का क्या.

डीके ; फ़िक्र मत करो तुम्हे मिल जाएंगे तुम आए जाओ. दूसरी बार मौका मिलेगा

गुंडे ने अपनी गाड़ी स्टार्ट की और उसके पीछे 9 कार और हर एक में 6,6 गुंडे थे. वो रोड पे चलने लगे.

गुंडा ; यार गाड़ी रोक यार कब से मूत लगी हे साला. सभी कार रोक कर मूतने लगे. सब की कार रुकी और मूतने लगे फिर सब बैठने गए. वही पहेली कार में वो लोगो को बैठने के लिए जगह काम पड़ने लगी. कोई महंगी कार नहीं थी. सटल खतरा कार थी.

गुंडा ; बे खिसक यार थोड़ी तो जगह दे.

गुंडा ; चूतिये सेल जगह कहा हे. अजा मेरे लैंड पे बैठ जा.

गुंडा ; सेल कहा मरवाई जो तेरा पिछवाड़ा बड़ा हो गया.

गुंडा बॉस ; बे क्या बकचोदी हे चूतिये बैठ न.

वो कार में बैठा बड़ी मुकिल से. आधी हिप्स भी मुश्किल से तिकी हुई थी. उन्हें बैठने में बहोत तकलीफ भी हो रही थी.

गुंडा ; भाई बैठने में बन नहीं रहा हम ज्यादा हो गए क्या.

गुंडा ; बे कोई गलती से मूत के अपनी कार में आ गया लगता हे.

गुंडा ; मोबाईल की लाइट जला देख तो कोण आ गया हे.

एक ने मोबाईल की लाइट जलाई उसमे सच में एक बाँदा ज्यादा था.

गुंडा ; बे 1 ज्यादा हे. ोय ये कोण हे बे.

जिसने बोलै एक चाकू उसके गले से पर हो गया पर किसी को अँधेरे में पता नहीं चली.

गुंडा ; बे मुझपे क्यों गिर रहा हे सेल....... अबे ये तो मर गया. बबबबबॉस कोई हे कार मम्मी.

गुंडा बॉस ; क्या चूतिये सेल वो नाटक कर रहा होगा.

तभी एक और आवाज आई.

गुंडा ; अह्ह्ह्ह.

गुंडा बॉस ; ोय ोय ोय सेल कुछ हे कार रोक रोक रोक.

जैसे कार रोकी वैसे आह आह आवाज आई. पीछे सब मर चुके थे. गुंडा बॉस और ड्राइवर गुंडे ने पीछे देखा तो दो चाकू उनके गले में फक फक घुस गए. पीछे की 2 कार पूरी ब्लास्ट हो गई. सब की कार रुकी पर दूसरी कार से कोई बहार नहीं निकला. बड़ी मुश्किल से एक कार से गुंडा बहार आया और डरता हुआ. पहेली कार के पास आया.

उसने जैसे hi कार की विंडो में ज़का वो गिर गया और गले से खून बहने लगा. सरे कार से उतरने के बाद भागने लगे. कार पे एक नकाब पॉश सब पे तीर चलने लगा. कई सरे मरने लगे. कुछ बचके भी निकल गए. उस नकाब पॉश ने जब अपना नकाब उतरा वो वीर था. मतलब तिगर. पीछे से करो के बगल से एक जीप आ कर उसके पास रुकी उसमे माधुरी थी.

माधुरी ; (स्माइल) यू अरे अंडर अरेस्ट डार्लिंग.

वीर जीप में बैठ गया और वो ठाणे के लिए निकल गए. वो कायदे से गिरफ्तार था. तभी वीर के मोबाईल पे शिल्पा का कॉल आया.

वीर ; (स्माइल) बोलो शिल्पा क्या खुश खबरि हे.

शिल्पा ; जग्गू हमारे पास हे. और ये मेने नहीं ेराम ने कर दिखाया. वो और जग्गू दोनों घायल हे. लेकिन खतरे से बहार.

वीर चलो सुकर हे में अभी आया.

माधुरी ; क्या हुआ जग्गू को वो ले आई???

वीर ; है पर ये काम ेराम ने किया हे वो घायल हे. मुझे वह जाना होगा.

माधुरी ; प्लीज आप वह नहीं जा सकते किसी ने देख लिया तो गड़बड़ हो जाएगी संजो प्लीज.

वीर ; ok ok ठीक हे.

माधुरी ; थेंक्स में जा आती हु. आप को फिर खबर कर दूंगी तब तक आप देना करो.

वीर ; है भाई अरेस्ट हुआ हु पुलिस की बात तो मन नई पड़ेगी.

माधुरी भी स्माइल करने लगी. बड़ी हर के बाद एक छोटी सी जीत मिली हुई थी. उसने जीप स्टार्ट की और ठाणे के लिए निकल गई सब कुछ वीर के प्लान के हिसाब से हुआ. ठाणे पहोचने के बाद वीर ठाणे में चला गया और माधुरी सुरभि के घर माधुरी जयंती खुश थी उस से ज्यादा उसे वह दुःख मिला.

क्यों की वीर ने तो कुछ वक्त के लिए सुरभि की मौत को भुला दिया था. पर वह का माहौल अब भी मातम का था. जग्गू को होश तो आ चूका था पर वो उठ भी नहीं प् रहा था. माधुरी अंदर आई. दस, निदा , समां, जग्गू शिल्पा, माँ, आलिया, और घायल ेराम तीनो hi थी. ेराम के पास माधुरी पहोची उसके पेट पे बड़ा पट्टी वाला बांडेड और उसपे लाल निशान था. वो एक चेयर पे टंगे फैला कर आंख बंद करे लेती हुई थी. माधुरी के पास पहोचते hi ेराम ने बंद आँखों से hi बोली.

ेराम ; तू ने मुझे एक बार बहन कहा और मेने बहन होने का फर्ज निभा दिया. इस से ज्यादा अपनों के लिए क्या किया जाता हे मुझे नहीं पता.

माधुरी घुटनो के बल बैठ गई. और ेराम के दोनों हाथ अपने हाथो में लिए. उसकी आँखों में अंशु थे. वो कुछ नहीं बोल पाई. बस उसके दोनों हाथो को अपने हाथो में रखे अपना मत्था तक दिया. ेराम ने आंखे खोली और थोड़ा आगे हुई आहिस्ता से.

ेराम ; अब तो तेरा जग्गू आ गया न. बस अपनी इस मुँह बोली बहन को पराया मत कर देना.

माधुरी ; नहीं होगा ऐसा कभी. तूने सच में अपना पैन साबित किया हे. तू हमारी अपनी hi हे.

वो कड़ी हुई और ेराम के गले लगी. फिर जग्गू के पास gai.or उसका सर अपनी गॉड में लिया. उसकी आँखों में भी अंशु थे. माधुरी रट हुए बोली

माधुरी ; (रट हुए) जग्गू हमें सुरभि को अलविदा कहना होगा. उसे तुम्हे hi आग देनी होगी.

जग्गू ; अह्ह्ह अभी नहीं मेडम. जब तक आप उस हवन को मरोगी नहीं में सुरभि को आग नहीं दूंगा. वो मुज में जिन्दा हे. उसने मुझे बचने के लिए क़ुरबानी दी हे. हमें जब तक कामयाबी नहीं मिलती सुरभि कही नहीं जाएगी.

माधुरी ; (जोश में) कोण था वो???

जग्गू ; शैतान....

माधुरी कड़ी हो गई और जोश में बोली.

माधुरी ; फिर उठ और खड़े हो. जब तक वो नहीं मरेगा तब तक सुरभि कही नहीं जाएगी. शिल्पा माधुरी की बात सुन कर माँ के गले लग गई. आलिया भी माँ के एक कंधे पर सर रखा कर रो रही थी. माँ दोनों के सर पे हाथ रख कर सहलाती हे. लेकिन जग्गू जैसे तैसे खड़े होने की कोसिस करता हे तो सब के डिल में एक नए जोश पैदा होने लगा. उसे हर एक प्रोत्साहन देने लगे.

ेराम ; के ों जग्गू. अपनों के लिए. क़ुरबानी क्या होती हे मेने भी आज जाना हे. तुमने उठना होगा.

समां ; मेरी भाभी के लिए वो एक फौजी की बेवा हे और आज उसने क़ुरबानी दी. उसने तुमसे प्यार किया उसके लिए उठो.

माँ ; इस जुंग के एक सिपाही हो तुम. तुम्हे उठना होगा.

माँ के बोलने पर हर एक ताली बजने लगा. सब की आँखों में अंशु जरूर थे पर एक नया जोश पैदा हुआ और जग्गू धीरे धीरे खड़ा हो गया और माधुरी ने उसे गले लगा लिया.

वही जब वीर ठाणे के अंदर गया तो उसका स्वागत घर के जमाई की तरह होने लगा. लेकिन घसीटा के दिमाग में कुछ और hi चल रहा था. वो वीर से कुछ बुलवाना चाहता था. वीर को देख कर बहे फैला के फेस पे स्माइल कर के बोलै.

घसीटा ; आओ आओ राजा शब् आओ.

दोनों गले मिले.

घसीटा ; आप आज दो जैम हमारे साथ पीजिये. आप की वो महगी बढ़िया स्कॉच तो नहीं हे. पर ये अंगूरी भी बहोत बढ़िया हे. हम गरीबो की स्कॉच.

वीर ; (स्माइल) अरे कोई नहीं अंकल. में क्या राजा में तो वैसे भी मजदूरों का साथी हु. मेने अपने पापा की तरह राजा की जिंदगी तो नहीं जिया. पर माधुरी ने मुझे हमेसा एक राजा की तरह hi रखा. चलो आओ बैठो. अरे वह तंदूरी चिकन वह भाई वह.

दोनों साथ बैठ कर पिने लगे दोनों के बातो का सिलसिला और आगे बढ़ गया दोनों को नशा होने लगा. और घसीटा ने वो बुलवा लिया जो सायद वीर को नहीं बोलना चाहिए था.

घसीटा ; (नशे में) आप को कैसे बचाए राजा सब. पता hi नहीं चल रहा.

वीर ; (नशे में) मुझे कुछ नहीं होगा अंकल मेरे मजदुर भाई क्या मुझे जेल होने देंगे.

घसीटा ; पर किसी और का इल्जाम आप के सर आ गया मुझे आप की फ़िक्र हे.

वीर ; (स्माइल) बहोत बहोत सुक्रिया अंकल पर मेरी प्यारी प्यारी तीन बीविया जो हे न. जब तक वो तीन हे मुझे कुछ नहीं होगा.

घसीटा हसने लगा.

घसीटा ; (स्माइल) आप भी बहोत चालू चीज हो राजा सब बहोत लड़किया पता ते हो आप.

वीर ; है ये जो औरत होती हे न. दुनिया में इनसे ज्यादा शक्ति शैली कोई नहीं. वो जिसे चाहे उसे राजा और जिसे चाहे उसे भिखारी बना देती हे. में कभी भी ोर्टो का डिल नहीं तोड़ता. हर औरत जो मुझे चाहती हे उन्हें प्यार बात देता हु.

घसीटा ; वैसे आप किस से ज्यादा प्यार करते हो.

उसी वक्त माधुरी पहोच गई. वो अंदर आए उस से पहले उसे घसीटा की बात सुनाई दी.

वीर ; (स्माइल डिल से) में??? सब से ज्यादा??? उफ्फ्फ्फ़ मेरी मधु.

इतना सुनकर माधुरी के फेस पे वो स्माइल आई जो उसे दुनिया में सब से ज्यादा ख़ुशी दे रही थी. उसका डिल खुश था. और फेस पे अपने पति के लिए एक अजीब सी प्यास.

IMG-20201207-115646.jpg


वीर ; (नशे में बहोत ज्यादा) मधु मेरी जान हे अंकल. उसके बिना मेरा जीना बेकार हे. पर जब उसे कोई छूटा हे न मेरे सीने में आग लग जाती हे.

तब hi उसकी बात घसीटा काट ते हुए बोलै.

घसीटा ; राजा सब राजा सब फिर मेडम अपना जुल्म खुद क्यों काबुल नहीं करती. उन्हों ने hi तो उस गरीब की जान ली हे.

ये बात से माधुरी को बहोत गुस्सा आया. वो आगे बढ़ने वाली थी की तभी वीर कुछ बोल गया.

वीर ; (जोर से हस्ते हुए) है है है. आप को क्यों लगता हे की मधु ने उसे मारा हे.

वीर की बात से घसीटा और माधुरी सोच में पद गए मतलब असली कातिल को वीर खुद जनता हे. वीर आगे को ज़ुका अपने दोनों हाथ टेबल पे रखे स्माइल की जगह एक अलग गुस्सा. आंखे बड़ी हो गई. और जोश में बोलै.

वीर ; उसे खुद मेने मारा हे. अपने इन हाथो से.

वीर की बात सुनकर माधुरी घसीटा एक डैम सोक हो गए. माधुरी को भी एक दक्का सा लगा. ये बात माधुरी से वीर ने क्यों छुपाई वो भी नशे में बोलै. माधुरी ने सोच लिया वो ये जुल्म सुबस काबुल कर लेगी. आज की रत सायद आखरी बार हो वो आज की रत अपने पति को जी भर के प्यार कर ले. वो अंदर आई.

माधुरी ; (स्माइल) अरे आप अब तक पि रहे हो??? चलो बहोत हुआ अब खाना खाओ.

माधुरी ने सामने पति शराब की बोतल उठा ली. और घसीटा से बोली.

माधुरी ; घसीटा तुम भी हमारे साथ खाना खाओ.

घसीटा ; नहीं मेडम में तो आज घर जाऊंगा सोफिया पेट से हे. 4 बज तक आ जाऊंगा सीधा कोर्ट में. आप शब् को लेजाना.

माधुरी ; अच्छा ठीक हे.

घसीटा जैसे hi बहार आया उसने जेब से अपना मोबाइल निकला और रिकॉडिंग बंद किया.

घसीटा ; (आपने आप से) सॉरी मेडम कोई गरीब के लिए नहीं. जेल तो गुनाह करने वाला कटेगा.

वो वह से चले गया. रत भी ज्यादा हो गई थी. लोगो ने टीवी पर वीर का अरेस्ट देखा और कोर्ट के बहार रत से hi. शहर के हर मजदुर वर्ग ने धरना दे दिया. घसीटा जनता था. इस लिए वो घर नहीं पुलिस टीम लेकर कोर्ट के बहार पहोच गया था. पुलिस स्टेशन में सिर्फ माधुरी और वीर थे. अब सब घसीटा के मुताबिक हो रहा था. ठाणे का सिग्नल सेण्टर बंद था. ये माधुरी ने भी नहीं नोट किया और वीर का फसना तय था.

और माधुरी को लग रहा था वो खुद इकबाल जुल्म काबुल कर के बचा लेगी. वो सोच के मुताबिक लास्ट बार अपने पति को प्यार करने वाली थी. वो खुद वीर को अपने हाथो से खाना खिलाती हे. वीर ने दुनिया में सब से ज्यादा प्यार माधुरी से करता हे ये बात माधुरी के लिए बहोत ख़ुशी का पल था. वीर को नशा बहोत हो चूका था. वो उसे खाना खिला कर जेल में बिछी एक खटिया पर लेटती हे. खटिये पर एक गद्दा बिछा हुआ था. साथ दो तकिये. वीर को लेटने के बाद माधुरी एक कमुख रूप लेती हे.

वीर नशे में बाद बड़ा रहा था.

वीर ; मधु ी लव यू. .....

माधुरी के फेस पे एक गहरी स्माइल आ गई. वो उसके ऊपर लेट गई और वीर के लिप्स से अपने गलो को रगड़ ने लगी.

images-6.jpg


माधुरी को अजीब सा नशा चढ़ने लगा. वीर की गरम संशे माधुरी के गलो और गले पर महसूस होने लगी. माधुरी का बदन जब वीर के बदन से लगा तो कमर के निचे वाले हिस्से में उसे भी सं सनी होने लगी. और वो माधुरी को बहो में भर कर बैठ गया जैसे उसे होश आ गया हो. और दोनों के लिप्स एक दूसरे के लिप्स के एकदम करीब आ गए.

images-2.jpg


दोनों की गरम सांसे आपस में टकरा रही थी.

वीर ; मधु?????....

माधुरी ; है.

वीर ; ी लव यू.

दोनों के लिप्स आपस में जुड़ गए

images-4.jpg


दोनों एक दूसरे में खो गए. नशे में वीर माधुरी को कई देर तक भोगता रहा दोनों नंगे जिस्म आपस में प्यार करते रहे और सो गए. 4 बज माधुरी के मोबाईल पे कॉल आया.

घसीटा ; मेडम बहोत देर हो गई. आप जल्दी सब को कोर्ट ले आइये.

माधुरी वीर को ठाणे से कोर्ट लेकर आई तो देखा बहोत साड़ी भीड़ कोर्ट के बहार रत भर से हे और सब के सब वीर को बचने के लिए आए हे. अगर रत में hi माधुरी को पता होती तो वो भीड़ का गलत hi इस्तेमाल कर के कुछ बड़ा करवाती पर उसे पता hi नहीं था.

माधुरी ; (गुस्से में) घसीटा तुमने मुझे रत में hi क्यों नहीं बताया इतने लोग मेरे पति को बचने आए हे. उन्हें में बचा सकती थी???

घसीटा ये जनता था. इस लिए उसने नहीं बताया. माधुरी अपने पति के साथ प्यार में डूबी रही और भीड़ का इस्तेमाल नहीं हो पाया.

घसीटा ; क्यों मेम एक गरीब की हत्या और में आप का साथ दू. नहीं मेडम यहाँ नहीं. गुनाह करने वाले को में तो नहीं छोडूंगा.

माधुरी भी गुस्से में बोली.

माधुरी ; अगर इन्हे कुछ हुआ तो तुम्हे में नहीं छोडूंगी.
 
बैंकाक में स्वीटी और विक्रम दोनों एक होटल के रूम में रुके हुए थे. 2 घंटे बाद उनकी रेतुर्न फ़्लैट थी. विक्रम सो रहा था. सो नहीं बल्कि सिर्फ आराम hi कर रहा था. स्वीटी भाग न जाए इस लिए. स्वीटी एक नाईट गाउन पहने अपनी टंगे टेबल पे टेके बैठी थी. उसकी नजर विक्रम पर गई.

IMG-20201207-134323.jpg


स्वीटी सोचती हे ट्रे करे सायद काम हो जाए. वो बाद के पास आई. और बाद पे आहिस्ता से बैठी. विक्रम की बॉडी देख कर एक बार वो मचल गई. सोचने लगी. सेल की क्या बॉडी हे. इसे तो रत गुजरने के लिए में खुद पैसे दे दू. स्वीटी अपना गाउन उतर के पूरी नुदे हो जाती हे. और बॉडी को ींगिन कर के अपने गले और बालो में हाथ घूमने लगी

images-2.jpg
images-2.jpg


वो बाद पे घुटनो के बल बैठ गई. और विक्रम की चादर में गहने गई. विक्रम जोर से चिल्ला कर बैठ गया. स्वीटी ने भी वही चादर से अपने बूब्स को धक् लिया

IMG-20201207-134251.jpg


स्वीटी ; क्या क्या चिल्ला क्यों रही हो???

विक्रम ; तुम तुम यहाँ क्या कर रही हो???

स्वीटी ; (स्माइल) don't वैरी में किसी को नहीं बताउंगी.

विक्रम ; चल कड़ी हो और तैयार होजा. साला तेरा भरोसा नहीं हे.

स्वीटी ; तेरी सोनिआ दीदी से फैट टी हेना मुझे पता हे.

विक्रम ; चुप चाप कड़ी होती हे या दू एक.

स्वीटी ; पहले आप खड़े हुये.

विक्रम ; क्या????

स्वीटी ने विक्रम के हिप्स के निचे से खींच कर अपनी ब्रा निकली. और विक्रम को अपना मुँह सिकोड़ के दिखाई.

IMG-20201207-134229.jpg


स्वीटी ; (मुँह सिकोड़ के) ब्रा.

स्वीटी लेके बाथरूम गई. और विक्रम फटा फैट अपनी पेण्ट शइर्त पहन ने लगा. कुछ देर बाद वो रेडी होक बहार आई. विक्रम बैठ कर अपने जुटे की लेस्स बांध रहा था. स्वीटी फिर उसे देख कर अंगड़ाई लेती हे.

IMG-20201207-223650.jpg


ही साला मस्त हैंडसम हे. फिर विक्रम ने स्वीटी को देखा.

विक्रम ; क्या हे अब.

स्वीटी ; (सममिल) में किसी लग रही हु???

IMG-20201207-223603.jpg


विक्रम ; चुप चाप बैग उठा और चल. तेरे जोबन के जल में फास कर में अपने कच्चे का नाडा ढीला नहीं करूँगा.

स्वीटी को गुस्सा आया.

स्वीटी ; वह चल तुजे न फसाया न तो मेरा नाम भी स्वीटी नहीं.

वो दोनों वापस आए और विक्रम को पता चला की सुबह के 4 बज वीर को कोर्ट में पेश किया जा रहा हे. वो भी दोनों टेक्सी से कोर्ट पहोच गए.

माधुरी बहोत गुस्से में थी. घसीटा को ओपन धमकी देने के बाद वीर के कंधो पर हाथ रख कर गुस्से से घसीटा को देखती हे.

IMG-20201105-130446.jpg


माधुरी ; धोखेबाजो की कमी नहीं हे. पता नहीं कोण अपना हे और कोण पराया हे. वो दोनों अंदर पहोचे. और कोर्ट की करवाई सुरु हुई. स्पेशल कोर्ट होने के कारन अंदर किसी ज्यादा को आने की इजाजत नहीं थी. वीर एक एजेंट था इस लिए उसकी तरफ से माँ आई थी. और डीके और मौलवी की मदद से सामने की तरफ से एक बहोत hi महँगा और जाना मन वकील रेडी था. साथ खजुरा जिसकी मौत हुई उसकी माँ थी.

जज आया और सब खड़े थे. वो अपनी जगह पर बैठ गया.

जज ; करवाई सुरु की जाए.

वकील ; मीलॉर्ड ये हे वीर सींग. उर्फ़ तपन. ये बहोत hi चालबाज हे ये खुनी भी हे.

माँ ; जब तक गुनाह साबित नहीं होता आप खुनी कैसे बोल सकते हे.

वकील ; ठीक हे ठीक हे साबित भी हो जाएगा.

वकील ; ये इतने चालक हे की इनके पिता ने इन्हे एक वक्त अपने घर से निकल दिया. और ये इन्होने अपनी पहचान छुपाई और एक गॉव जॉब करने वाली लड़की के साथ शादी की.

माधुरी ; (गुस्से में) वकिलशाब अपनी जुबान पे लगाम दो.

जज ; आप बहार जाइये इंस्पेक्टर.

वीर ; जाओ मधु प्लीज गुस्सा नहीं.

जज ; इस वक्त वो आप की बीवी नहीं हे.

माधुरी ; लेकिन मेरे पास भी एक एहम मुद्दा हे इस कॅश में.

जज ; फिर आप चुप रहिये वार्ना आप को भी सस्पेंड कर दिया जाएगा और जरुरत हुई तो हिरासत में ले लिया जाएगा.

माधुरी चिप हो गई.

वकील ; तो ये बहोत hi चालक हे ये एक बीवी से पेट नहीं भरा तो दुश्री पैसे वाली और फिर तीसरी बहोत hi यंग लड़की से शादी की. मतलब ये बहोत hi डिल फेक इन्शान हे. क्या मेने सही कहा इंस्पेक्टर साहिबा सायद आप को बुरा लगे.

जज ; वकील शब् ने जो कहा उस पर आप कुछ बोलना चाहती हे???

माधुरी ; (स्माइल) जी मीलॉर्ड.

माधुरी ; है ये सच हे मुझे गईं कर इनकी कानूनन तीन बीविया हे. लेकिन हम तीनो मेसे किसी को कोई एतराज नहीं हे. वैसे ये डिल फेक नहीं हे. बल्कि लड़किया खुद इनका डिल चुराने की कोसिस करती हे. में दावे के साथ कह सकती हु. अगर वकील सब की बीवी या बेटी इन्हे एक बार सिर्फ देख भी ले तो उन्हें भी इनसे प्यार हो जाएगा.

वकील ; (गुस्से में) इंस्पेक्टर.

माधुरी ; (गुस्से में) चिलाइये मत वकील सब. आप मुंडेर कॅश में आप इनकी निजी जिंदगी को बिच नहीं ला सकते. ये हम तीन बहेनो की बजती हे.

जज ने हथोड़ा फटकाया.

जज ; ऑर्डर आर्डर. आप दोनों hi कोर्ट की सिमा लांग रहे हे.

वकील ; ठीक हे ठीक हे तो मेरे पास एक ऐसा साबुत हे जो इनके ठाणे के एक हवलदार ने अपनी चालाकी से हासिल किया हे. ये रिकॉर्डिंग.

जब उसने रिकॉर्डिंग चालू की तो माधुरी की सोच पे पानी फिर गया.

जज ; क्या मोकिल की वकील कुछ बोलना चाहेगी.

माँ ; जी मीलॉर्ड.

माँ ने एक फैले जज के सामने राखी जिसमे गॉव ऑफ़ इंडिया के राष्ट्पति का लेटर था. उस हिसाब से किसी की भी हत्या को हत्या न मन कर देश की सुरक्षा की जरुरत समझा जाए और पढ़ने वाला कुछ मुँह से न बोले और चिप चाप कॅश को रफा दफा कर दे या दुनिया के सामने जरुरत के हिसाब से सिर्फ फैसला सुनाए. सजा तो एजेंट को होगी नहीं. वो लेटर पढ़ने के बाद भी मौजूदा पोजीशन देख कर जज वीर से पूछता हे.

जज; मर वीर आप अपनी सफाई में कुछ कहेंगे.

वीर ; जी मीलॉर्ड ये सच हे की मेने hi खजुरा को मारा हे. लेकिन इस की वजह ये थी की मेरी बीवी जो पुलिस इंस्पेक्टर माधुरी हे वो कुछ गुंडों से लड़ रही थी. और उस वक्त ये गन से माधुरी पर निशाना लगा रहा था. मेने स्पीड से ये करवाई को अंजाम दिया में सिर्फ उसे बचने के लिहाज से वॉर किया था. न की उसे मरने के लिए.

वकील ; ये झूठ बोल रहे हे मीलॉर्ड. दरअसल वो तो खुद इनके पाव में गिरा. उसकी माँ और ये उनके पाव में गिर कर इज्जत से जीने का एक मौका मांग रहा था.

जुड़े ; इंस्पेक्टर मधु का बयां मैंने नहीं रखा जा सकता फिर भी आप से पूछा जाता हे मर वीर क्या ये सच हे.

वीर ; जी है मीलॉर्ड ये सच हे. की वो वारदात से कुछ वक्त पहले ऐसी झूठी एक्टिंग कर चूका था.

वकील ; कोण जूठा और कोण सच्चा ये आप हमें मत बताइये. आप ने उसे मारा हे.

वीर ; में आप को नहीं जज सब को बता रहा हु वकील शब्. (स्माइल)

तभी घसीटा अंदर आया.

घसीटा ; में कुछ कहना चाहता हु जज शब्.

जज ; जी कहिये.

घसीटा ; जनाब मर वीर बिलकुल सच कह रहे हे. मुंडेर के बाद वह से कमरे hi छुपा दिए गए. ताकि इनसपिरे साहिबा बेगुनाही का साबुत चुरा सके. मेने असली साबुत आज रत hi बरामत किये हे ये रही वीडियो रिकॉर्डिंग.

सब ने रिकॉर्डिंग देखि खजुरा ने माधुरी के ऊपर गन तानी और वीर ने एक चाकू फेका वो उसके गले के बीचो बिच लगा.

जज ; मर वीर को बेगुनाह साबित किया जाता हे क्यों की उन्होंने किसी की जान बचने के लिए उसे मारा. फिर भी वाकया मर वीर खुल कर बताए.

वीर ; जनाब गुंडों से बहोत बहादुरी से माधुरी लड़ी पर उसे hi मरने की कोसिए की जो आप जानते hi हे. उस वक्त मुझे एक गुंडे ने पकड़ा था. उस से भी मुझे माधुरी ने hi बचाया पर खजुरा पर मेरी नजर पड़ी. और मेरे सामने किसी गुंडे का चाकू था. मेने बस उसे फेका और वो निशाने पर लगा में तो बस कोसिस किया की बस वो निशाना चुके.

लेकिन माधुरी मेरी बीवी उसने मुझे अपना पति होने के बावजूद गिरफ्तार किया. और घसीटा जी ने मेरे खिलाफ के साबुत और साथ बेगुनाही के साबुत दोनों ढूढ़े जिसके लिए में उनका शुक्र गुजर हु मीलॉर्ड.

जज ; ये कोर्ट इंस्पेक्टर माधुरी को अपना फर्ज निभाने के लिए पुलिस डिपार्टमेंट को उन्हें सन्मानित करने का हुकुम देती हे. साथ hi हवलदार घसीटा को कोर्ट खुद सन्मानित पुरस्कार देती हे उन्होंने किस तरह एक सही ड्यूटी करने का एक उदहारण पेश किया हे. और मर वीर आप बेगुनाह हे इसी के साथ स्पेशल कोर्ट यही बर्खास्त की जाती हे.

माधुरी ने रहत की शंस ली. और जा कर वीर के गले लग गई. वीर और सब बहार आए. मजदुर वर्ग का जमावड़ा एक साथ जोरो से शोर करने लगे मीडिया वालो ने भी जैम कर खबर बटोरी. आलिया, शिल्पा दोनों भी भाग कर आए और गले लग गए. लेकिन माँ उस भीड़ में कहा खो गई पता hi नहीं चला. घसीटा जीप लेकर आ गया. और माधुरी से बोलै.

घसीटा ; चले मेडम???

माधुरी ने एक बार वीर को देखा जिसे मजदूरों ने उठा रखा था. तो दूसरी तरफ घसीटा जिसने कोर्ट में वीर को निर्दोष भी साबित किया. माधुरी चलते हुए वीर के पास पहोची.

माधुरी ; (स्माइल) बहोत बहोत सुक्रिया घसीटा. एक वक्त तो तुमपे इतना गुस्सा आया की में तुम्हारी जान निकल दू.

घसीटा भी हसने लगा.

घसीटा ; वो क्या हे न मेडम मेरे पास साबुत लेन वाला बाँदा आधी रत में पहोचा. मेने तो सिर्फ इतना hi सोचा की एक गरीब को मरने वाला कातिल जिन्दा न बचे.

माधुरी ; तो ये साबुत मिला कैसे.

घसीटा ; आप ने ये पता किया कैमरा कहा कहा हे. मेने ये पता किया वह कैमरा क्यों नहीं हे. बस आप मुझसे यही हर गई. आधी रत को एटीएम में उस रत जिसकी ड्यूटी थी उसे पकड़ा और जब तक मुँह नहीं खोला डंडे मरता गया. सेल ने पूरा एटीएम का कैमरा hi छुपाने के 5 लाख लिए थे. किसी को शक न हो इस लिए बन्दे ने आप के जाने के बाद दोबारा लगाया. कोई चोरी नहीं हुई इस लिए बैंक ने भी उसका बहाना मन लिया. आधी रत को सेल को लेकर बैंक गया. खुलवाया और सिक्योरिटी रूम में जा कर रिकॉर्डिंग देखि. बस पता चल गया. लेकिन आप जोश में इतना बड़ा चुतियापा करोगे ये नहीं पता था.

माधुरी ; सलाम हे आप के तजुर्बे को. मन गए.

घसीटा ; वैसे मेने भी उन्हें आप न बचा पाए पूरा इंतजाम किया था. कमिनिकाशन थप किया. भीड़ को आपके बिना hi कण्ट्रोल किया. पर करता भी क्या. मुझे भी वो साला चुटिया गरीब hi दिखा. उसके माँ के अंशु. पर वो जिन्दा होता तो सायद आप नहीं होती.

माधुरी ; (स्माइल) में इतनी जल्दी नहीं मरूंगी घसीटा.

दोनों ने हाथ मिलाया और वो अपने पति की तरफ बढ़ी उजाला हो चूका था. वीर की तीनो बीविया उसकी बहो में थी.

वीर ; तुम घर चलो में कुछ देर बाद आता हु. और सब को अपने घर ले आओ मुझे सब से बात करनी हे. सब को दोपर 2 बज तक आने को बोलो.

शिल्पा ; लेकिन 11 बज हमारी मीटिंग हे कपाड़िया के साथ.

वीर ; फ़िक्र मत कर जानेमन अब ढाबा बोलना हे आप कक ग्रुप और फिर कपाड़िया ग्रुप से.

वीर भागते हुए वह से चले गया.

घर में मोनी सुबह से न्यूज़ देखने की कोसिस कर रही थी की लोकल न्यूज़ में कोई कोर्ट से क्या मुक़दमे की कोई न्यूज़ हे या नहीं. उसे नहीं मालूम था की कोर्ट का फैसला आ चूका हे. नेटवर्क डाउन होने की वजह से उसे इंतजार करना पद रहा था. और वो अपने महंगे तब को लेकर लेती हुई थी.

IMG-20201208-115335.jpg


उसे अहहत हुई. इस तरह से तिगर hi उसके पास आता था. लेकिन वो जानती थी की उसे तो पुलिस ने गिरफ्तार किया हे. फिर वो कैसे आ सकता हे. वो भी इतनी सुबह सुबह. मोनी का मन मचल गया. और उसका हाथ खुद बा खुद अपनी दो टैंगो के बिच चले गया

IMG-20201208-115413.jpg


उसे दोनों टैंगो के बिच गीलापन भी मशःउस हुआ. वो आहिस्ता से बोली.

मोनी ; क्या तुम हो तिगर. मुझे तुम्हारे बदन की खुसबू आ रही हे.

दूर के पूछे से जब तिगर निकला तो. वो जोर से चिल्लाई.

मोनी ; (बड़ी आंखे स्माइल बिग और जोर से छीलते हुए) ओह माय गॉड ओह माय गॉड ओह माय गॉड.

और वो उछाल के जम्प मरती हे और तिगर पे चढ़ गई. तिगर ने भी उसे उठा लिया. मोनी दोनों टैंगो को तिगर की कारमर पे लपेटे उसकी बहो में थी. तभी बहार से उसके बाप नेताजी की आवाज आई.

नेताजी ;( जोर से) क्या हुआ क्यों चिल्ला रही हो.

मोनी ; कक्क कुछ नहीं पापा वो मर वीर कॅश जित गए. न्यूज़ में आया हे.

नेताजी ; ये दुसरो की फ़िक्र किये बिना विकास पे ध्यान दो तुम्हारी शादी विकास से हो रही हे.

मोनी ; जज्जी पापा.

नेताजी ; आज तुम्हे उनके साथ ऑफिस जाना हे पता हे न. वो चाहते हे तुम उनकी फॅमिली के साथ उनकी कंपनी सँभालने में मदद करो.

मोनी ; है पापा.

नेताजी ; फिर जल्दी करो. और उनके राज अपने पापा के लिए लेके आओ.

मोनी ; OK पापा.

नेताजी की आवाज आना बंद हुई और मोनी ने स्माइल करते हुए तिगर को देखा. फिर उसके गलो पे किश कर दी.

मोनी ; (स्माइल धीमी आवाज में) तुम बच गए???

तिगर ; है और थैंक्यू तुमने भी मेरी बहोत मदद की.

मोनी ; अरे बाबा अपने प्यार को भी कोई थैंक्स बोलता हे क्या. बोलो में और कुछ कर सकती हु तुम्हारे लिए.

तिगर ; है तुम्हारे पापा की ऑफिस जाना होगा. पावर प्रोजेक्ट्स के लिए मेरी कंपनी ने भी टेंडर भरा हे और कपाड़िया ग्रुप ने भी. तुम्हे बस कपाड़िया का टेंडर फाइल गायब करना हे.

मोनी ; आज hi कर दूंगी 1 घंटे में बस यहाँ पापा को किए भी बज कर दो.

तिगर ; हो जाएगा दोने

तिगर जा चूका था. ादः को एक मश्ग आया. उसमे नेताजी को बज रखने का मश्ग था. ादः समाज गई उसे क्या करना हे. मोनी रेडी हो कर बहार आई. और नेताजी के सामने आ कर कड़ी हो गई.

मोनी ; वो पापा कपाड़िया अंकल शादी के कार्ड का सेम्पल मांग रहे थे. बता रहे थे आप के ऑफिस में hi भूल गए.

नेताजी ; ये अंकल क्या होता हे पापा कहो. वो तुम्हारे ससुर हे.

मोनी ने गर्दन निचे कर लिआ.

नेताजी ; जाती वक्त ऑफिस होते हुए चली जाना. और ये छोटे छोटे कपडे??

मोनी ; जी वो उन्होंने hi कहा था.

नेताजी ; ठीक हे जाओ अब. वो चली गई वह से. नेताजी भी खड़े हुए और ड्रॉइंग रूम से होते हुए निकल रहे थे की उनकी नजर वह बैठी ादः पे गई. जो एक कमुख रूप में बैठी हुई थी

IMG-20201205-204801.jpg


नेताजी की नजर ादः की लम्बी लम्बी टैंगो पे गई. साथ hi उसकी खुली छाती पे जहा ादः के बूब्स के बिच जो गेप बन रहा था. नेताही लार टपकते हुए बोले.

नेताजी ; आआ अरे बल्ला जी कल से क्क्क्कम सुरु करना हे आप जज्जन्ति हो न.

ादः उसे देख कर जान बच कर अंगड़ाई लेते हुए. बेच पर झुक गई

IMG-20201205-204741.jpg


ादः ; ससससस आप फ़िक्र मत करे कम शब् आप की बेटी की शादी पूरा वर्ल्ड देखेगा. आइये बैठिये.

नेताजी ; है है नहीं नहीं वैसे मुझे कभी ऑफिस जाना हे है है है.

ादः ; यू क्नोव अगर मेक्सिकन मैरिज होती तो में आप को मैक्रोनी स्टाइल ड्रेस पहन कर दिखती. पर आप के यहाँ इसे बहोत बाद मन जाता हे.

नेताजी को वार्ड बोलते नहीं बन रहा था. वो भला ड्रेस कैसे देखते. पर ादः फेक रही थी. जो नेताजी ने पकड़ लिया.

नेताजी ; मेक क्या.

ादः ; अरे आप मैक्रोनी ड्रेस नहीं जानते. उसमे सिर्फ एक लहंगा होता हे. और ब्लाउज की जगह बस फूलो की माला पहना जाते हे. क्या में आप को पहन कर दिखाऊ???

नेताजी एक्साइट हो गए उसकी कल्पना के हिसाब से ादः के बूब्स देखने को वो बेताब हो गया. और ख़ुशी से बोलै.

नेताजी ; (आखे फाडे बड़ी लालची स्माइल) है है दिखाओ दिखाओ.

वही नेताजी की बेटी अपने बाप की ऑफिस पहोच गई. और अपने काम को अंजाम दे देती हे फिर वो उनके ऑफिस के hi बाथरूम में जाती हे. वो तिगर के लिए कुछ भी करने को तैयार थी. पर उसे दर भी लग रहा था. वो टॉयलेट में जाती हे और पसीना पोछ के अपना फेस धोती हे. और पोछ कर मिरर में देखते हुए अपने आप को देखती हे

IMG-20201208-162550.jpg


वो अपने आप को ठीक करते हुए सोचती हे. क्या वो कर रही हे वो ठीक हे??. अगर पकड़ी गई तो सायद उसका बाप उसके साथ क्या सलुख करेगा.

IMG-20201208-162442.jpg


तभी उसे महसूस हुआ बाथरूम में कोई हे. और जो भी हे वो उसी को hi देख रहा हे. फिर उसे ख्याल आया ये सिर्फ तिगर hi हो सकता हे उसकी हर ऐडा हर स्टाइल उसे पता थी. उसका दर निकल गया और मोनी मस्त हो गई. वो अपने बालो को मशालते हुए शीशे में अपने आप को देखती हे.

IMG-20201208-162414.jpg


IMG-20201208-162505.jpg


तभी उसे शीशे में साइड में तिगर दिखा गया जो स्माइल करते हुए उसे hi देख रहा था. मोनी पलटी और नशीली अदाओ से तिगर को देखती हे.

IMG-20201208-162803.jpg


मोनी ; तुम यहाँ??? फिर मुझे ये सब करने को क्यों कहा.???

तिगर ने कमरे की तरफ ऊँगली की और उसे दिखाया.

तिगर ; तुम्हारे पापा को भी हमारे प्यार की बगावत पता चले. क्या तुम बगावत के लिए तैयार हो??? में अभी भी कह रहा हु तुमसे शादी नहीं करूँगा. और वीर नहीं पर तिगर हमेसा तुम्हे प्यार करेगा. और तुम्हारा साथ कभी नहीं छोडूंगा.

मोनी अपने बालो को कण से हल्का सा पीछे करती हे. और खुद के टाच से hi वो मदहोश हो रही थी.

IMG-20201208-162744.jpg


मोनी ; मुझे वीर से नहीं तिगर से प्यार हे. और में तिगर के लिए कुछ भी कर सकती हु. कुछ भी मतलब कुछ भी.

मोनी ने अपने गलो को सहलाते हुए तिगर को देखा.

IMG-20201208-162705.jpg


तिगर ; फिर तुम जानती हो में तुमसे क्या चाहता हु.

मोनी ने वही पर अपनी पंतय उतरी और मिरर के सामने खुद को देखती हुई दोनों हाथो को तक कर नशीले अंदाज़ में झुक गई.

IMG-20201208-162616.jpg


तिगर मोनी के पीछे आया. हिप्स पे जो उसका सॉर्ट ड्रेस ख़तम होता था. उसे सिर्फ कमर तक उठाया और लैंड का टोपा मोनी की छूट पे सेट किया और एक दक्का दे दिया.

मोनी ; ओह्ह्ह्ह. सससस

तिगर क्या दर्द हुआ.

मोनी ; यहाँ से कमरे में व्यू भी बेस्ट आएगा. डेड को भी पता चले उनकी बेटी सिर्फ तिगर की हे.

तिगर ने एक बार और झटका मारा तो मोनी जोश में बोली.

मोनी ; ओह्ह्ह्ह ससस जोर से बेरहमी से सससस ये मेरे तिगर का स्टाइल हे.

तिगर ने भी धना धन स्टॉक चालू कर दिए. मोनी को हर दर्द में सुकून मजा और ख़ुशी मिल रही थी. लेकिन तिगर ने ये जांबुच्कर अपनी बीवी का बदला लिया था. वो जोर जोर से धक्के मर रहा था.

वही जब उसकी बेटी चुद रही थी. उस वक्त नेताजी को ादः चुटिया बना कर रोकी हुई थी. ादः ने नेताजी की लार टपकने और ुए कुछ देर बज रखने के लिए एक हॉट लुक लिया जिसे देख कर नेताजी की आंखे फटी रहे गई. वो अपने रंगीन बालो के साथ एक घाघरा पहना. और ब्लाउज की जगह अपने बूब्स छुपाने के लिए ढेर डरे मोठे फूलो की माला पहन कर आ गई.

IMG-20201208-144940.jpg


ादः ; केसा लगा आप को अच्छा हे न.

नेताजी कुछ बोलने की बजाए आखे फाडे उसे देखता hi रहा. वो कुछ बोल hi नहीं प् रहा था. तभी ादः पास जो उसके सामने की तरफ सोफे था. उसपे जेक बैठ गई.

IMG-20201208-145109.jpg


और वो जान बच के आगे पीछे हिलने लगी. ताकि नेताजी को जितना भी दिखे उसे और देखने की तमन्ना हो. उसकी चल कामयाब रही.

ादः ; बोलो न नेताजी क्या ये अच्छा नहीं हे??? ऐसा यहाँ की वेड्डिंग्स में भी ट्रे करना चाहिए न.

ादः थोड़ा सोफे पर फेल कर एक कमुख स्टाइल में बोलती हे

IMG-20201208-145047.jpg


नेताजी ; है है में तो बोलता हु एक डैम नंगे रहना चाहिए में तो बोलता हु कपडे hi नहीं पहन न चाहिए.

ादः का काम हो चूका था. उसके मोबाइल पे बीप की आवाज आई उसने फ़ोन देखा भी नहीं वो समाज गई. काम हो चूका हे. वो गुस्से में नेताजी को घर के बोली.

ादः ; क्या बकवास बात कर रहे हो. ये एक आर्ट हे. मुझे नहीं मालूम थी आप की सोच इतनी घटिया हे. जाइये आप जैसे इन्शान से बात करना बेकार हे.

ादः अंदर अपने रूम में चली गई. जहा मोनार्क ने तुरंत hi ादः की बहो में जम्प लगा दी. और नेताजी अपना मत्था पिट ते हुए ऑफिस पहोच गए. वही वीर शिल्पा को लेकर कपाड़िया के ऑफिस मीटिंग के लिए पहोच जाता हे.
 
Back
Top