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- Dec 5, 2013
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ा:- आह्ह्ह्हह तू औरत बन रही है मेरी beti.....ahhhhh उम्मम्मम ज़ोर ज़ोर से माँ दीदी के बूब्स को दबाने ...दोनों हाथो से बूओस के मसाले hye...niche लेकर जाती hai....fir थोड़ा तेल वो छूट के साइड में दाल देती है और अपने हाथ से तेरे बहिन सोनाली की टैंगो को थोड़ा खोल देती है....
साले तुझे अब क्लियर नज़ारा दिखयी दे रहा था तेरी बहिन के गुलाबी छूट का....
तभी तेरी माँ छूट की पास वही जगह को रगड़ने लगती है.... और खुद hi कहती है.....
A:-sonali क्या तुमने कभी सेक्सी kiyaa....ki अभी भी पापा की पारी हो...
एशिया कहकर तेरी माँ दो उंगलिअ की बीच में छूट को लेकर छूट के बहार मस्सगे करने लगती है...
स:- नहीं माँ.... मई पवित्र हु... संस्कारी hu....mera सील पैक hai....aapko मुझे शक हो रहा hai....ye सही नहीं hai...apko ऐसा लग रहा है की मेरी छूट में अपना लैंड ठुसाकव मुझे औरत बना रहा है...
ा:- अच्छा झूठ मत बोलो... तुम्हारी बॉडी में चंगेस आ रहे hai....ye तभी आते hai...jab लड़की सेक्सुअली एक्टिव होती है....
स:- उम्मम्मम अह्ह्ह्हह्हह मायआ आह्ह्ह्हह्ह उम्मम्मम
ा:- छूट के साइड में मस्सगे करते हुए माँ अपेक्षा बातो बातो me...chut में ऊँगली दाल deti...ummm अह्हह्ह्ह्ह अह्हह्ह्ह्ह खुदे भी सिसकिया देने लगती... अह्हह्ह्ह्ह मेरी बेटी.... सोनाली darling....haa तुम वर्जिन हो .....काफी टाइट उम्म्म्म अह्हह्ह्ह्ह अह्ह्ह्हह अह्ह्ह्हह्हह स्स्स्सस्स्स्स स्स्स्सह्ह्ह्हह्हं माहहहहहहहह माहाहहहहह अह्ह्ह्हह्ह्ह्ह सोनाली पूरी तरह अपने चरम सुख करीब thi.....ummmmm माआआ अनननननन ...
दोनों माँ बेटी की सिसकिया तेरे यानी कार्तिक का लैंड खड़ा होकर पानी निकल रहा था...
ा:+ ज़ोर से ऊँगली को बेटी की छूट में डालते रही और एकदम से सोनाली मूतने लग जाती....
S:-maa...aahhh ुआअह्ह अह्ह्ह्ह ahhhhhhhhhhh अअअअअअअ ahhhhhhhhhh उम्मम्मम आआअह्हह्ह्ह्ह मूत deti...aur एकदम से माँ छूट में के हाथ निकल के सीधा गिला उंगलिअ सोनाली के मूह में दाल देती... सोनाली माँ की ऊँगली भी चूसने लगती और छूट में सफ़ेद सफ़ेद माल भी बहार आज jaata....maa फिर से छूट में ऊँगली डालके अपने हाथ के ऊँगली पे पूरा माल लगा देती.... लेकिन तब तक टेबल पर सोई हुयी सोनाली उठ कर बैठे जाती....... सोनाली उठा जाती hain..aur अपनी माँ अपेक्षा का हाथ पकड़ लेती hai....wo हाथ की ऊँगली सोनाली की छूट में माल se...bhigi हुयी थी.... पूरी तीनो unglia.....aur सोनाली फिर वही ऊँगली को अपने मुह्हह्ह से चूसने लगती... अपना hi माल सोनाली अपने माँ की ऊँगली चूसक के अपने मुह्हह्ह में लेलेती है......
उम्म्म्म अह्हह्ह्ह्ह अह्हह्ह्ह्ह उम्म्म्म और छूट में और माल निकलने लगता है.......
तभी माँ अपेक्षा मुयह से ऊँगली निकल के फिर से छूट में डालके ज़ोर ज़ोर से ऊँगली करने लगती....
स:- आह्ह्ह्ह अह्ह्ह्हह्हह उम्मम्मम एकदम से सोनाली अपने पैरो को टेबल पर ुःकालने लगती hai....aur वो फिर से ज़द जाती है...
माँ अपेक्षा ऊँगली छूट से निकाल के फिर से सोनाली के मुह्हह्ह में डालने को देखती मगर इस बार सोनाली माँ हाथ पकड़ leti....dono एक दूसरे की आँख में देखती और सोनाली वो छूट से गीली माल से भरी माँ के हाथ की ऊँगली माँ को चूसने lagata....shuru में माँ अपेक्षा अपना मुह्हह्ह पीच लेकर जाती और मुह्हह्ह नहीं खोलती ....साली संस्कारी रैंड अब क्यों अकाद रही है ....तेरी बहिन खुद से ऐसी बात करती hai.......aur टेबल से निचे उतार jaati...ab दोनों एक दूसरे की आँख में देखते हुए कड़ी thi....teri दीदी पूरी नंगी तेल से bhigi....uskaa बदन चमक रहा था... दूसरी और तेरी छिनाल मेरी होने वाली रखेल अपेक्षा कुलकर्णी upadhyay...jo अपने बालो को बंद कर ब्लौसे और पेटीकोट पे कड़ी thi.......teri बहन एक हाथ तेरी माँ के कमर के पास लेकर जाती hai......aur अपने हाथ को माँ के ब्लोब्स के अंदर लेकर जाती थोड़ा और ब्रा को पकड़ leti...aur माँ अपेक्षा अपने उप्पेर कीच लेती है........ ufffff.....Maa अपेक्षा ब्लौसे यानी अपेक्षा के बूब्स बेटी सोनाली के नंगे तेल से गीले बोस को चिपक jaate....fir सोनाली पीच वाले हाथ से माँ अपेक्षा के सर के बालो को खोले देती है... उफ्फफ्फ्फ़ मादक... सेक्सी... उत्तेजक... मतलब तैर माँ ऐसी लगरही जैसे कोई कामसूत्र की देव! हो या अप्सरा हो.... और फिर सोनाली ज़ोर से माँ अपने उप्पेर और दबाने लगती और वो भी सामने से अपने बूब्स के माँ के ब्लोब्स के उप्पेर और चिपका देता... दोनों के बूब्स एक दूजे को ऐसा चिपक जाते है और ब्लोब्स तेल से गिला हो jata....dono माँ बेटी के बूब्स चिपक गए the...aur सोनाली ज़ोर लगाने के कारन माँ अपेक्षा के बूब्स की डीप क्लीवेज जाप अब थोड़ी उप्पेर आ रहे थी.... तभी सोनाली माँ अपेक्षा को बोलती....
स:- खोल अपना मुह्हह्ह खोल और एप बेटी के छूट का रस पिके dekha....test karo...maa
A:-sonali हम अपनी हाडे पार कर रहे है....
सोनाली पीच से कसके माँ के बालो को कीच के पकड़ लेती...
आह्ह्ह्ह दर से माँ अपेक्षा चीखने लगती hai..aur अपना मुह्हह्ह थोड़ा खोल देती हाउ.....
और फिर सोनाली अपने मुह्हह्ह में खुद के छूट का माल thaa...jo चुस्की अपने मुह्हह्ह में thaa....wo सोनाली अपने मुह्हह्ह से माँ के ब्लौसे से थोड़े बहार निकल डीप क्लीवेज वाले एरिया में थूक देती है...... पूयःक्क्स ह karke...pura माल माँ के बूब्स पे थूक देती है...... मतलब उप्पेर डीप क्लीवेज वाले एरिया pe....dheere धीरे तेरे माँ अपेक्षा के बदन के पसीने से वो निचे निचे ब्लौसे के अंदर जाने लगता hai....aur एकदम से तेरी बहिन अपनी जीभ घुसाके उसको वही से फिर से अपने मुह्हह्ह मी चूसे लेती है.... जैसे हे तेरी बहिन की जीभ तेरी माँ के सेक्सी रसीले बूब्स को चुटी hai...teri माँ के मुह्हह्ह से एकदम सेक्सी और मादक नशीली आवाज़ निकाल तो है....
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ा:- उम्मम्मम ahhhhhhhhhhha...maa अपने उप्पेर से कभी खो देती hai...aur वो तेरी बहिन के छूट के मालनसे भीगी हुयी उंगलिया चूसने लगती hai...ummmm अह्हह्ह्ह्ह पूछ हआ... और ये देखा कर. सोनाली बिना कुछ सोचे सीधा माँ अपेक्षा को किश कर देती hai...pura गहरा kiss....apne जीभ से उसकी जीभ को मुह्हह्ह में रगड़ रगड़ अपने मुह्हह्ह की थूक को उसके मुह्हह्ह में घुसाके जॉब तक माँ पूरी तरह सोनाली के छूट का माल पी नहीं लेती तब तक... सोनाली अपना मुह्हह्ह माँ के मुह्हह्ह से बहार नहीं निकलती....
उम्म्म्म अह्हह्ह्ह्ह पूछ पूछा पुछ्ह आह्ह्ह्हह्ह ummmmm....maa
अपेक्षा कुछ नहीं कर pati...beti सोनाली दोनों हाथों से हम्म को पकड़ जो लिया thaa.....fir किश करते हुए.... बैडरूम के कप्बोर्ड के पीछे माँ के लेकर jaati......kyo की तुझे कुछ दिखाई ना de.....lambe किश के Baad.......maa को वो कप्बोर्ड के पीछे लेकर जाने के बाद किश करके माँ मुह्हह्ह पकड़ कर अपने बूब्स चूसने को lagiti.....ab तेरी माँ भी बिना नखरे करे अपने बेटी की बूसब्र को अपने जीभ से ...अपने होंठ से चूस रही थी.....
ा:- क्या ज़माना आ gaya..jisko दूध पिलाया उसकी के साथ मज़े कर रह hi.....
तभी सोनाली माँ को बोलती घुटने पे बैठ देती hai...aur अपनी टांग उप्पेर करके बोलती है...
S:-Maa अपनी जीभ मेरे छूट में डालके मेरे और तुम अपने आपको एक चरम सुख के करीब लेकर जाओ...
ा:- नहीं nahi...bus करो ाब्ब
S:Ab प्लीज karo...aur माँ का मुह्हह्ह छूट पे लगा deti....aur माँ भी अपनी जीभ घुसाके बेटी की छूट को चूसने लगती hai....usko भी काफी मज़ा आने लगता hai...gili छूट का नमकीन पानी पीकर माँ बेकाबू होकर पूरी तरह वाइल्ड हो जाती hai...aur ज़ोर ज़ोर से बेटी की छूट को चूसने लगती hai...ummmmm अह्ह्ह्हह हहआआ पुच्च पुछठ हहाआआ haaaaaaa....tuze कुछ दिखाई देता नहीं बुसस siskiya...chike..... मदहोश एकदम आगा लगी थी....
उम्म्म्म अह्हह्ह्ह्ह ममअअअ आह्ह्ह्हह्ह ....तेरी माँ की जीभ तेरी बहिन सोनाली के छूट के ग पॉइंट तक चली जाती और गरम सोनाली मऊठ deti...maa के मुह्हह्ह में ......अद्धा मऊठ माँ पी लेते और अद्धा से उसका ब्लोब्स गिला हो jaata.....aur बारी सोनाली की थी....
सोनाली माँ अपेक्षा के पेटीकोट का नाडा खोल के माँ को नंगा कर deti....aur माँ को अपने घोड़ी में उठा के वही टेबल पर सुला deti....aur फिर सोनाली माँ की चिकनी छूट पे अपनी जीभ घूमने लगती और चाटने लगती.... एकदम से माँ चीला deti.....aur माँ को ध्यान में aata...ki तू सोया hai....tabhi अपेक्षा सोनाली को देखेल के रूम से बहार हॉल में निकल जाती... नाग्नि..... सोनाली भी माँ के पीछे jaati....maa किचन में चली जाती...... सोनाली भी माँ के साथ किचन में जाती..... उधर से मई यानी परवेज़ भी वापस आ चूका था.....
किचन में एक बड़ी टोमेटो
दोनों नाही leti...teri बहिन एकदम शादी शुदा दूल्हा दुल्हन की तरह सज धज के तैयार होती गए टुगेदर के लिए....
सब पार्टी में चले जाते .... तू भी...
पार्टी में हर कोई तेरी माँ अपेक्षा और बहिन सोनाली कुलकर्णी उपाध्याय को देख रहा था... कुछ बुद्धा आदमी तेरी दीदी को आँखों से नग्न करके आँखों से छोड़ रहे थे...
फिर तुमको एक जगह जाने के लिए इनविटेशन aata...wahi से ..बूत तू ...तेरी रंडी माँ और नामर्द बाप तीनो चले जाते....
तेरी दीदी पार्टी से बहार आती hai....aur ऑटो का वेट कर रही होती है... लेकिन 11:00 बजे के बाद वह ऑटो नहीं मिल पाटा... कुछ रिलेटिव ड्राप कर देने के लिए रेडी थे... मगर दीदी सोनाली को नहीं जाना था...
तब सामने वाले सिगरेट
परवेज़:- क्या लग रही हो Sonali...sexy इरोटिका संस्कारी वाइफ material...kya हुआ आपको ड्राप कर दू....
Sonali:-haa ....एक काम karo..muze भी क सिगरेट दो...
परवेज़ के पास सिगरेट के बॉक्स में एक गंजे की हाई दोसेस वाली नशे की सिगरेट thi...wo उसको जलके दे deta...teri दीदी पूरी नशेड़ी वाली सिगरेट मार deti...fir परवेज़ usko...drop करने के लिए बाइक से दोनों निकाल जाते .....जाते वक़्त परवेज़ एक बेकरी की जगह बाइक रोक detaa...aur 1 कह ब्लैक गुलाब जामुन ले लेता...
और कहता अपलक बर्थडे डे hai...to केक तो नहीं मिला गुलाब जामुन hi खा लेंगे.... परवेज़ साला मादरचोद kaminaa...usko पाटा था गांजा का नशा बाइक पर तेज़ हवा me...aur मीठा खाने से जल्दी चढ़ेगा.... उप्पेर से सोनाली बोलती घर के फ्रीज़ज़ में केक भी है ...
दोनों घर पे आते .....और सोनाली bolti...nashe में....
परवेज़ तुम चले जाओ....
परवेज़ nahi....aaj लेनी है तेरी मुज़को रात भर... मतलब केक काट लेते.. बादमे चला जाऊँगा....
सोनाली कुलकर्णी परवेज़ को घर में leti....uski वो लाल साडी आगे लगा रही thi....aaj...
परवेज़ हॉल में चुपके जो सामान रखा था वो निकाल लेता... सेक्स wala...aur दरवाज़ा बंद कर लेता....
सोनाली सोफे पर बैठ जाती... परवेज़ फ्रीज़ज़ में से थाना वाला केक निकाल लेता.... सोनाली की ाननेके डगमगा रही थी... परवेज़ सब लाइट बंद करके साड़ी खिड़की दरवाज़ा बंद कर detaa....wo सोच रहा thaa..saali को माँ के बिस्तर पर छोड़ू या यही हॉल में......
तभी सोनाली उठा कर कड़ी होती है... परवेज़ को जाने को बोलती है... तभी परवेज़ उसको हाथ पकड़ कर अपने उप्पेर खींच letaa...aur कहता....
परवेज़:- क्या लग रही hai...tu..saaalo आज मुझे अपना पति माँ ले... प्यार से तेरे सील तोदुंग.....
कॉल पे परवेज़
परवेज़:- भाई कार्तिक आगे सुनना है...
कार्तिक:- नहीं bhia....abhi सो जाते है....
परवेज़:- मेरे बाते याद रखना....
कॉल कट कर देता.... परवेज़.....
परवेज़:- साले को बहिन की चुदाई कल bataunga...ek बार इसका दिमाख ख़राब कर दिया तो माँ को बिस्तर में लाने में आसानी होंगी....
कार्तिक परवेज़ के बाते सुनकर मऊठ करने लगता अपनी माँ का ब्लौसे पकड़ कर... उधर उसको यी करता देख उसकी दीदी सोनाली दरवाज़ा से देखा leti.....magar उसको माँ का ब्लोब्स दिखाई नहीं देता...
सुबह सुबह सोनाली माँ को bolti...aaj कार्तिक की अंडरवियर ाचे से dhona...beta बिघड रहा है.....
अपेक्षा कुलकर्णी:- क्या हुआ...
सोनाली:- कुछ nahi...wo.aapka स्टूडेंट्स का क्या हुआए....
अपेक्षा:- क्या पता कब से आएगा कुछ bolaa..nahi
सचिन कुलकर्णी और कार्तिक भी वह आते है
सचिन:- क्या हुवा वो कोचिंग वाले लड़के kaa...naam क्या है उसका
कार्तिक:- परवेज़ है पापा मेरा दोस्त है कॉलेज kaa.....maa मई क्या बोलता आप रहने दो ना टूशन काम...
सचिन:- क्या हुवा कोई गड़बड़ hai...usme
अपेक्षा:- अरे नहीं कोई गड़बड़ nahi...usne सोचने का टाइम माँगा hai...aaya तो aaya...Mai भी एडवांस बिना टूशन नहीं दूंगी उसको..
फिर अपेक्षा कहती hai...beta मुझे थोड़ा what's अप्प की प्राइवेसी सेटिंग्स ऐड कर देना..
फिर से what's अप्प वाली बात निकाल जाती और दुबारा उसपे झगड़ा हो जाता...
सचिन:- तुम्हे क्यों व्हाट्सप्प की ज़रूरत है एकदम से....
ये बात सुनकर माँ को पापा के ग़ुस्सा आ जाता hai....aur वो kehti...Mai क्या बस खाना बनाने के लिए hi हु kyaa....I'm क्वालिफाइड वर्किंग वुमन....
Sachin:-are भड़क क्यों रही हो मैं इससे hi puch...aur पापा भी बिना नास्ता किये निकल jaate....didi और मई भी निकल जाते कॉलेज और
कोचिंग के लिए....
साला कार्तिक को अब थोड़ा बुरा लग रहा था की माँ के व्हाट अप्प का इशू हो गया और पापा और उनके बीच झगड़ा और बाद gaya...ab आगे....






