MERA JUNOON MERI LIFE - Page 3 - SexBaba
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MERA JUNOON MERI LIFE

अपडेट-18

हमलोग मनीष के गर की बहार पोहचे और अन्तेय को कॉल किया

करुणा- है बोलो राज.

राज- अन्तेय हम आ गए है जरा बहार आना ऐ दोनों नशे मई है.

करुणा- हां अभी आयी.

थोड़ी देर मई अन्तेय बहार आयी और कार के पास आके देखा तो बोली.

करुणा- कितना पिया है इनलोगो ने..

राज- थोड़ा hi पिया है लेकिन चढ़ गयी है ज्यादा एक काम करो आप मनीष को सहारा दो मई कारन को पकड़ के चलता हु..

फिर मेने उन दोनों को जगाया तो वो दोनों लड़खड़ाते ह्यूए कार की बहार आये अन्तेय ने मनीष को पकड़ा और मैंने कारन को पकड़ के अंदर ले गया और दोनों को मनीष के रूम मई सुला diya.or फिर मई और अन्तेय निचे आये. अन्तेय मुझे निचे कमर दिखा के उनके रूम मई सवार लेने का बोल के gayi..mai रूम मई गया और ठन्डे पानी का सवार लेके वापिस कपडे पहने और मुझे याद आया की अन्तेय ने बोतल लाया हु जो कार मई रह गयी है तो मई उठ के रूम के बहार गया और जेक सीधा कार के अंदर से बोतल लेके मैं दूर बांध करके मई गया अन्तेय के रूम के बहार और जेक दूर धीरे से धक्का दिया तो खुल गया और सामने का नजारा देख के मेरे होश उड़ गए क्युकी अन्तेय अपनी निघ्त्य ऊँची करके अपनी छूट मई ऊँगली कर रही थी और दूर खुल ने की वजह से एक दम से ऊँगली बहार करके मेरी तरफ उनकी नजर मिली टी एकदम खड़ी हो gayi..or बोली...

करुणा- अस mai...munai राज तुम abhi..idhar अभी तक सोये नहीं हो..

राज- नहीं अन्तेय वो आपकी बोतल रह गयी थी वो देने आया था.

मैंने उन्हें बोतल दिया वो सहरमाके मेरे से बोतल लिया और मुझे बोली..

करुणा- raj.tum लोगो क्या थोड़ा मुझे कम्पनी मिल जाये.

राज- मुझे भी पीना था अभी का नजारा देख के मेरा लुंड खड़ा हो गया था तो अब चुदाई तो करनी है पड़ेगी क्युकी अन्तेय दिखती भी इतनी सेक्सी है की जब उनको देखता हु कारन की माँ को छोड़ा तब से मुझे उन को देख के मेरा लुंड खड़ा हो जाता hai..or आज मौका भी है तो जाने नहीं दूंगा ऊपर से वो दोनों टूल होक सो रहे है तो कोई दिखात भी नहीं है.

राज- हां क्यों नहीं अन्तेय

करुणा - तुम ऐ टेबल लगो मई जरा पानी और आइस क्यूब लेके आती हु..

अन्तेय गयी तो मई उनका पिछवाड़ा देख कर hi मेरा लुंड जटके खाने लगा और मेने टेबल लगा दिया और बीएड पे बाथ गया बीएड के बाजु मई छोटा सा तबले लगा कर ऊपर बोत्तल रख दिया. और इतने मई अन्तेय भी आ gayi..or टेबल पे 2 गलास और पानी की बोतल और आइस क्यूब रखा और मेरे बाजु मई ाक बेथ गयी..

करुणा- टेबल पर से बोत्तल उठा के अरे इतनी महंगी बोत्तल लाया है तू मेने कभी इतनी महंगी कभी पिया नहीं है..

राज- अरे अन्तेय इसमें मेंगी कोनसी ऐ तो कुछ भी नहीं है..

करुणा- अन्तेय ने गैस मई पेग निकला मेरा और उनका फिर सुरु हुवा मई थोड़ा धीमे पि रहा था मेरा एक ख़तम करते करते अन्तेय 3 पग लगा दिए और अब्ब हलके नशे मई थी..

करुणा- raj.kyu इतना धीरे पि रहे हो

राज - अन्तेय मैंने ाललरेडी पेग लगा के आया हु ऐ तो आपको कम्पनी देने के लिए पि रहा हु..

करुणा - 4 पैक बना के पिटे ह्यूए बोली राज सो बात कहु तुम्हे.

राज- हां बोलो क्या बात है अन्तेय

करुणा - अभी तुम मेरे रूम मई आये तब तुमने जो देखा वो किसीको बता न नहीं वो मुझे तुम्हारे अंकल की बहुत याद आती है इसलिए कभी कभी ऐसे सटिस्फैक्शन कर लेती हु..

राज- अरे नहीं अन्तेय मई किसी को नहीं बताऊंगा. ऐ तो गलती मेरी है मई बिना कोनक किया बगैर रूम मई आ गया ी ऍम सॉरी.

करुणा - 5 पैक मार रही थी अभी काफी नशा था इन पर बोली ारी इसमें तुम्हारी गलती नहीं थी मेने दूर लॉक नहीं किया था.

राज- अन्तेय आप को अंकल की बहुत याद आती होंगी नहीं.

करुणा - हां वो 1 साल हो गए उनको आये ह्यूए इंडिया और तब से मेने सेक्स नहीं किया मुझे बहुत बार बहार किसी और से कर ने की इच्छा हो रही थी लेकिन किसी पे भरोसा नहीं है..

राज- नहीं अन्तेय ऐसा बिलकुल नहीं करना क्युकी कोई आपको उसका गलत फायदा भी उठा सकता है और ब्लैक मेल भी कर सकता है.

करुणा - इसीलिए तो ऐसा नहीं किया लेकिन अब्ब मुझसे बर्दास्त नहीं हो रहा

राज- अप्प अंकल को वापिस बुला लो.

करुणा - तुम्हे क्या लगता है मेने उनसे बात किया था तो वो बोले करुणा अब्ब मुज मई इतना दम नहीं रहा है और वो जो फैक्ट्री मई काम करते है उससे उनका खड़ा भी नहीं होता और अभी उनको चट्टी भी नहीं मिलेगा..

राज- तो अब्ब अप्प क्या करो गई.

करुणा - पता नहीं तुम्हारे अंकल तो मुझे कहते है की किसी बहार वाले से करवा लो उनको कोई इतराज नहीं hai.lekin मुझे दर लगता है .

राज- आपको एक बात बोलू आपको बुरा न लगे तो

करुणा- नहीं बोलो तुमसे क्या बुरा lagana.jo भी बोलना है खुल के बोलो.

मैंने थोड़ी हिमायत दिखती और बोलै.

राज- देखो अन्तेय अप्प कभी भी किसी बहार वाले से ऐसा मत करवाना इसमें रिस्क जायदा है..

करुणा - रट ह्यूए तो मई क्या करू बीटा क्या तुम मेरी हेल्प करो गई उसमे बोलो.

मैंने अन्तेय के ासु पोछे और उनको साइड से पकड़ के मेरी तरफ किया तो अन्तेय सीधा मेरे गले लग गयी तो मुझे उनके भरी बूब्स मेरी चेस्ट मई दबने lage.mai उनके पीठ पे हाथ रक् दिया और बोलै.

राज - अन्तेय मई आपकी हेल्प करूँगा लेकिन आप किसीको बताना नहीं..

करुणा- मेरे गले से अलग होक मेरे सामने देख के मुस्कुराते ह्यूए थैंक्यू raj..mai ऐ बात किसी को नहीं कहूँगी और मई तुम्हारा एहसान कभी नहीं बुलु गई ...क्या सच मई तुम मुझे सटिस्फैक्शन देंगे.?

राज- हां दूंगा क्युकी आपको देख के मेरा हमेशा खड़ा हो जाता hai..kyuki अप्प दिखती इतनी हॉट हो की मेरा खड़ा हो जाता है..

करुणा - क्या खड़ा होजाता है बोलो न राज.

राज- मेरा लुंड आपकी गांड जब आप चलती हो तो अहह सीधा पीछे डालके पालने का मन करता है..

अन्तेय कुश होक स्माइल करती ह्युई .

करुणा- मुझे पहले पता होता ऐसा है तो मई तुम्हे hi पता लेती..

राज- अब तो पता चल गया न अन्तेय

करुणा अन्तेय धीरे धीरे मेरे करीब आयी और मेरे होंटो के नजदीक अपने होंठ लेके आयी फिर मैंने उन्हें अपनी तरफ खींच के किश करने लगा वो भी मुझे भरभूर साथ दे रही थी उनके होंठ को अपने होंटो से चुस्त था तो वो मेरे होंटो पे भूखी शेरनी की तरह लपक ने लगी अब्ब वो उनकी जीभ मेरे मुँह मई दाल दिया मई भी जोर जोर से किश करने लगा अब धीरे धीरे साँस लेने मई दिकत होने लगी तो उनको छोड़ा और उन्हें खड़ा कर दिया और उनकी निघ्त्य निकल दिया तो अंदर उनके 36 साइज के बूब्स दिख गए रेड ब्रा mai..aah देखने से hi लग रहा था काफी टाइट hai..niche उन्होंने ब्लैक पैंटी पहनी थी मैंने भी अपनी टीशर्ट निकल दिया और पेण्ट भी..

मेरी बॉडी देख के अन्तेय बोली राज तुम्हारा बॉडी तो बिलकुल एक फाइटर की तरह hai..mai उनके करीब गया और उनकी गर्दन पे किश करने लगा और दिहेर धीरे उनके बूब्स पे हाथ लेके गया और उसे ब्रा मई hi दबाने लगा उनके मुँह से हलकी ahh..ohh..aise hi..dabao मजा आ रहा है...

अब मैंने अन्तेय का ब्रा का हुक खोल दिया और उनकी ब्रा निकल के निचे फक दिया और उनको बीएड पे लिटा दिया और सीधा उनके बूब्स पे अपना मुँह रख के चूसने लगा क्या बूब्स थे पंजाबी अन्तेय थी तो उनके बूब्स काफी बड़े और ऊँचे लग रहे थे तो मानिए उन्हें पूछा क्या अन्तेय अंकल ने कभी दबाया नहीं है. क्या ?

करुणा- नहीं वो तो सिर्फ सीधा छूट मई लुंड दाल के 10 मिनिट मई तो शांत हो जाते the..isliye मरे बूब्स काफी टाइट है..

राज- आह्हः अन्तेय क्या माल लगती हो गजब आज से आपको हर टाइम सेक्स करके खुस करदूंगा आहःक्या बूब्स है..

मैंने अन्तेय के दूसरे बूब्स को चलने लगा और एक हाथ से दबाने लगा अन्तेय माधोसे होने लगी और अह्ह्ह ओह्ह्ह ओह्ह्ह ummm.maajaa आ गया बस ऐसे hi हर रोज चूसना आठ क्या मजा दिया है..

अब मई धीरे धीरे उनके बूब्स छोड़ के निचे की तरफ जाने लगा और उनकी पैंटी निकल दिया तो अन्तेय की चिकनी जंगे दिख गयी उनके बीच एकदम क्लीन सेव छूट अह्ह्ह क्या छूट थी मई ने उनकी जंगो पे किश किया तो अन्तेय पूरी तरह से हिल गयी अहह ओह्ह करने lagi.ab मैंने उनके पैरो को फैलाया और उनकी छूट गिल्ली हो गयी थी काफी टाइम से चूड़ी ह्युई नहीं थी तो दूसरे आदमी का सपर्श से hi उनकी छूट पानी छोड़ना चालू कर दिया था ..अब मैंने उनकी छूट चूसने लगा और अंदर तक जीभ दाल दिया अन्तेय एकदम से कैंप गयी और सिसकी लेने लगी ohhhbb.ahhhh

तूने तो आह्हःक्या मजा दे रहा hai..ohhh आह्हः हूऊऊऊम्म्मं हुह्ह्ब अह्ह्ह्बब करते करते 5 मिंट हो गए वो जड़ गयी तो मई उनका पूरा रास पि गया और अब्ब मई खड़ा हुवा और उनको भी खड़ा किया वो समाज गयी और जल्दी से मेरा अंडरवियर निकल दिया मेरा लुंड काफी टाइट था और उसे देख के अन्तेय खुस हो गयी

करुणा- अहह राज तुम्हारा तो कितना बड़ा है और मोटा bhi..aaj पहली बार इतने बड़े लुंड लेने का सपना पूरा होगा मेरा

राज- पूरा 8 इंच और2 इंच मोटा hai..kya अंकल का कितना है..

करुणा- उनका तो सिर्फ 5 इंच का hai..bilkul पतला था 10 मिनिट मई फर होजाते थे मई हमेश प्यासी hi रहती थी..

राज- अब्ब मई huna.apki प्यास बजाने वाला

अब मैंने उनके बालो मई से क्लिप निकल दिया उनके लम्बे काळा लबे बाल सिल्की बालो को देख के मेरा लुंड जटके खाने लगा नै बोलै आह डार्लिंग क्या बाल बनाया है तुमने दिल खुश हो गया तुम्हारे बालो को देख ते hi मेरा लुंड जतेके खाने लगा और अब मैंने उन्हें निचे बिठा दिया और मेरा लुंड पकड़ के अन्तेय अपने बालो मई जिसने लगी अहह ओह्ह्ह अन्तेय क्या जानत का मजा मिल रहा hai..ohhb डार्लिंग ओह्ह्ह फिर थोड़ी देर ऐसा करने के बाद मैंने उनके मुँह मई लुंड दाल दिया और अन्तेय मेरा लुंड चूसने लगी आह अन्तेय गजब चुस्ती हो आप ओह्ह्ह मजा आआ रहा hai...ohhh अन्तेय अपनी जीभ से मेरा लुंड का टोपा ऐसे चूस रही थी की आह मेरे शरीर मई करंट दौड़ गया ाहहब ऐसे hi 10 मिनिट लुंड चूसी के बाद मैंने उन्हें खाद किया और बीएड पे लिटा दिया और उनके तंगी के बीच मई आ गया मेरा लुंड पकड़ के उनकी छूट पे जिसने लगा अन्तेय अह्ह्ह उम्म्म ओह्ह्ह करने लगी और बोली अब दाल दो राज अब्ब बर्दास्त नहीं होता अब मुझे ग्रीन सिग्नल मिल गया था तो मैंने धीरे धीरे ौन्तेय की छूट पे लुंड दबाने लगा काफी टाइट होने के कारन लुंड का टोपा अंदर गया और अन्तेय हलके से अह्ह्ह करती हुयी बोली बीटा धीरे हो कभी इतना बड़ा लिया नहीं है और 1 साल से बिलकुल चूड़ी नहीं hu..ab मैंने अन्तेय को किश करने लगा और लुंड का एक जोर से जतका मारा लुंड छूट चीरता हुवा सीधा अंदर 5 इंच तक गुसा दिया और अन्तेय ahhhhhbbb..ohhhbbmar....gayi...re राजनंन बहार निकल बहुत दर्द हो रहा hai....ohhbbbbb ुह्ह्ह्हब्ममम plzzz...ab मैंने हिलना बांध किया और उनके बूब्स पे के निपल मुँह मई लेके किश करने और चूसने लगा करीब 5 मिनिट बाद अन्तेय डिहरे धीरे मजे की सैक्सी लेने लगी ahhhbb.ohhh.ahhh ी raj.....love you....ohhh अब बरी थी आखरी जटके की तो मैंने धीरे धीरे हिलना चालू किया आगे पीछे ऐसे hi लुंड छूट मई हिलने लगा अन्तेय पूरी माधोसे हो गयी थी अब मैंने लुंड एकदम से जटके साथ और एक जतका मारा लुंड सीधा अंदर बच्चेदानी को टकराता हुवा 8 इंच घुस गया और अन्तेय का पानी भी साथ मई निकल ने लगा तो अन्तेय को ज्यादा दर्द नहीं हुवा फिर भी हलकी चीख निकल गयी ाहहब उहहहबब raj....dard होता hai..maine बोलै बस अब्ब्ब थोड़ी देर मई मजे hi है आपके थोड़ा बर्दास्त karlo..ab मैंने उनके कान को चूसने लगा वो छटपटाने लगी और थोड़ी देर मई वो खुद निचे से धक्के मर ने lagi.ab मई अपनी रफ़्तार पे आ गया और सुरु किया खेल धड़ा धड़ छोड़ने लगा और अन्तेय माधोसी mai...bolone lagi...aahhh रज्जा हो tumm...mere ाःह आज से मई तुम्हारी गुलाम हो गयी jaan...ahhhbb क्या चुदाई करते हो क्या स्टैमिना है raajjnnn....mai तो पूरी दीवानी हो गयी tumhari...ahhhbb हम्म्म्म मजा आ gaya.....aaa मई अब ऐसे लगातार 10 मिनिट धक्के मरने के बाद अन्तेय को उल्टा डोगग्य स्टील मई कर दिया और उनके लम्बे बालो को पकड़ के मेरा लुंड फिर से पीछे से दाल दिया और एक हाथ से बाल पकडे और एक हाथ से उनकी 38 साइज की बड़ी गांड पे हाथ गुमने लगा अन्तेय आह्हः ोहहभ उहहहबब मई gayi......karke जड़ने लगी अब्ब्ब ऐसे hi मई करीब 50 मिंट तक चुदाई करने के बाद अब निकल ने वाला था मेरा मई अन्तेय को बोलै कहा निकलू तो अन्तेय ने मुझे बोलै आह मेरे मुँह मई अब्ब मैंने निकला लुंड और उनके मुँह मई दाल दिया लुंड आअह्ह्ह ओह्ह अन्तेय करते करए मेरा पानी निकल गया अन्तेय का मुँह पूरा भर गया और वो लुंड चाट के साफ़ कर दिया और हम दोनों ऐसे hi उनके बीएड पे 15 मिंट पड़े रहे फिर अन्तेय फ्रेस होक आयी और मई भी बाथरूम मई फ्रेश होक उनके पलंग पे बैठा और उन्हें गाल पे एक किश किया और वो बोली राज आज से तुम कहो गई वैसा hi मई करुनुगी.. मई तो तुम्हारी दीवानी हो गयी तुम्हारे ैशन रहे मुज पर..

राज- नहीं अन्तेय केसा ैशन मजा तो मुझे भी मिला hai..thanks अपने मुझे मौका दिया..

करुणा- थैंक यू सो मच आज मई चेन की नींद सो जाउंगी. आह्हः.

राज- ऐ बात सिर्फ आपके और मेरे बीच hi रेहनी किये मई नहीं छठा की इससे मेरी दोस्ती पे कोई असर पड़े...

करुणा- जिसे तुम कहो गे वैसा hi होंगे अब्ब तो तुम hi सब कुछ हो मेरे गुड नाईट रज्जा...

राज- गुड नाईट बोल के मई भी गेस्ट रूम जेक सो गया रात के करीब 2:30 हो गए the...kafi थक गया था तो बीएड पे गिरते hi नींद आ गयी...
 
अपडेट-19

रात को 2:30 बजे सोने के कारन मेरी नींद सुबह 7 बजे किसी के जगाने से खुली तो देखा तो मुझे करुणा अन्तेय उठाने आयी थी तो मैंने उन्हें पकड़ लिया और मेरी तरफ खींच क्युकी सुभह वो नहाके पंजाबी ड्रेस मई मेरे पास आयी थी..

मैंने करुणा अन्तेय को खींचा और वो मेरे ऊपर आ गयी और मुझे कहा पहले रूम तो बांध करने दे .

करुणा अन्तेय रूम बांध करके मेरे पास आ गयी और मुझे कहा.

करुणा- बोलो राज क्या हुवा.

राज- वो दोनों उठ गए क नहीं?

करुणा- नहीं वो दोनों अभी भी सो रहे है..

राज- तो हो जाये अन्तेय एक और राउंड

करुणा- मुझे भी बहुत इछ है लेकिन अभी नहीं वो दोनों कभी भी जाग सकते है.

राज- मुझे आपकी गांड देख के बहुत इच्छा हो रही मरने की.

करुणा- वो तुम्हे बहुत पसनद है न मई तुम्हे दूंगी लेकिन अभी नहीं थोड़ा इंतजार करो तुम

राज- लेकिन मेरा लुंड का क्या उसको किसे समजवू.

करुणा- अभी कुछ नहीं हो सकता तुम संजो अभी..

राज- ok लकिन एक किश तो मिलेगी न ?

और मेरा इतना कहते hi अन्तेय को मेने खींच लिया मेरे ऊपर और उनको किश करने लगा और करीब 10 मिनिट किश करने के बाद उनको छोड़ा

राज- किसा रहा डार्लिंग

करुणा- बढ़िया चलो अब्ब फरस्स हो जाओ तुम मई उनलोगो को उठा देती हु इतने मई.

मई फ्रेस होक चल दिया और अन्तेय उन्दोनो को उतना दिया और किचन जेक कॉफ़ी और नास्ता तैयार करने लगी .

मई फरस्स होक रेड्डी हुवा इतने मई कारन और मनीष भी आ गए निचे . और मई भी बहार हॉल मई बेथ गया.

कारन - गुड मॉर्निंग

मनीष- गुड मॉर्निंग

राज- गुड मॉर्निंग

हम थोड़ी देर बाते की फिर इतने मई अन्तेय भी आ गयी और कूफ़े पिया नास्ता करके हम लोग थोड़ी देर बाटे किया और फिर

कारन- चलो राज हम निकलते है अब्ब

राज- हां चलो कल मिलते है..

मनीष- हां भाई.

करुणा - बीटा तुम आते रहना इधर

राज- हां अन्तेय जरूर आऊंगा

फिर मई और कारन निकल गए और सीधा मेरे गर पे गाडी रोकी और फिर मई और कारन गर गए और वह माँ और पापा और दीदी से थोड़ी देर बाते की फिर मेरे रूम मई गए और कारन के कपडे फिये और कारन गर निकल गया और अब मई वह थोड़ी देर बैठा और फिर दीदी मेरे रूम मई आयी मेरे पास बीएड पे बाथ गयी और बोली.

निशा- क्या सोच रहा है तू..

राज- अरे कुछ नहीं दीदी वो सोल्लगे कब सरत होंगे यही सोच रहा था.

निशा- बस 2 वीक बाद हो जाएंगे.

राज- दीदी आप मेरी ठोसु हेल्प करो दो न

निशा- क्या बोल न.

राज- वो मेरे नए कपडे रखवा दो न इधर

मई और दीदी ने मिलके कपडे रखे और थोड़ी देर बाते की फिर ऐसे पूरा दिन गर पे निकल दिया और सो गया

फिर नेक्स्ट डे सुबह उठ के रूटीन वर्क कम्प्लेट किया और फिर नास्ता किया पापा निकल गए ऑफिस दीदी उनकी फ्रेंड के यहाँ और मई में को बोल के निकल गया बहार कही गुमने.

बहार आके मई बाइक लेक निकल दिया हाईवे साइड ढाबे पे और वह पांच के थोड़ी देर बाते की हरिकका से और इतने मई कारन का कॉल आया मेरे मोबाइल पे मैंने कॉल उठाया

कारन- कहा है तू

राज- मई थोड़ा काम से बहार आया था.

कारन- चल न हम मेरे अंकल के यहाँ जाके कल वापिस आ जाएंगे.

राज- नहीं मुझे तोडा काम है तू मनीष को लेजा.

कारन- ok चल मई मनीष को कॉल करता हु.

कारन- हैल्लो मनीष

मनीष- हां बोल बे क्या काम है.

कारन- मुझे जाना है अंकल के यहाँ क्या एक दिन के लिए तू मेरे साथ चल सकता है..

मनीष- हां क्यों नहीं चल न कब है.

कारन - अभी थोडीवडेर बाद

मनीष - ok चल तू आ जा न.

मनीष - अरे उसको बोल तो दिया लेकिन माँ को भी बताना पड़ेगा.

मनीष - माँ मुझे कारन का फ़ोन आया था मुझे उसके साथ जाना पड़ेगा उसके उनकले के यहाँ क्या मई जावु.

करुणा- जा लेकिन इधर मई अकेली रह जाउंगी. क्या तुम राज को बोलो न मेरे साथ रहे एक दिन idhar.to मुझे कुछ काम होंगे तो भी कोई फ़ीकात नहीं रहेगी.

मनीष - ok माँ मई बोल देता हु.

मनीष - हैल्लो राज..

राज- हां बोल बे

मनीष- अरे वो कारन वाली बात बता ता है फिर जाने की और माँ के साथ रहने की भी.

राज- हां मुझे भी फ़ोन आया था लेकिन मुझे थोड़ा काम था इसीलिए तुजे खाने को कहा .

मनीष- क्या तुम मेरे गर पे रहेंगे एक दिन माँ अकेली है.

राज- ok मई मेरा थोड़ा काम ख़त्म करते hi आ jaunga.ok

मनीष- ok थैंक्स चल बी.

राज- हम्म ऐ ाचा मौका है अन्तेय को छोड़ने का मौका मिल गया पूरी रात दिन लुंड दाल के hi घूमूँगा.

फिर तोडा टाइम ऐसे वाइज गुमने के बाद mai.chala गया गर पे और माँ को बोल दिया आज भी मनीष के गर रुकना hai.or कारन वाली प्रोब्लेम्स के कारन माँ ने मुझे जाने का कह दिया थोड़ी देर बाद एक बैग लेके उसमे 2 जोड़ी कपडे लेके निकल पड़ा मई.

सीधा मई मनीष के गर के बहार बाइक पार्क करके दोर्र बेल्ल बजायी और दूर खुलते hi अन्तेय आयी और उन्हें मई देखता hi रह गया वो एक साड़ी मई थी बालक कलर की क्या गजब दिख रही थी

करुणा- कहा खो गए राज..

राज- अरे .क्या लग रही हो जान आज तो क़यामत आ जाएँगी.

करुणा - पहले अंदर तो आ.

मई अंदर आ गया फिर सोफे पे बेथ गया.

राज- वो दोनों चले गए क्या.

करुणा- हां अभी थोड़ी देर पहले hi गए है..

राज- अब्ब आएंगे मजा आज तो आपकी पूरी रात और दिन बजाऊंगा.

करुणा - पहले खाना तो बना लाना दे मुझे.

राज - नहीं मई खाना ोदर कर देता हु.. आज तो सिर्फ और सिर्फ आपको प्यार करना है no काम.

फिर मई ने खाना ोदर कर दिया और फिर अभी 11 बजे थे मैंने 1 बजे खाना मंगवाया था..

फिर मई खड़ा होक जब्ती को पकड़ा और उनके रूम मई ले गया और फिर वह जेक मई ने अन्तेय को पकड़ के किश करने लगा और अन्तेय भी मुझे पूरा साथ देने लगी.

और किश 10 मिनिट करने के बाद जब साँस लेने मई दिकत हुयी तब छोड़ दिया और उनके साड़ी निकल दिया और ब्लाउज और पेटीकोट भी.

आह क्या लग रही हो darling.antey ने बालक कलर की ब्रा और पैंटी पहनी thi.kya गजब लग रही थी मैंने भी अपने पुरे कपडे निकल दिया मेरा तो आज अन्तेय को देखते hi. खड़ा हो गया था फिर अन्तेय को निचे बैठा दिया और मेरा लुंड मुँह मई लेके चूसने लगी और मई उनके बालो को क्लिप से खुले कर दिए और उनके बालो को पकड़ के आगे पीछे करने लगा .

आह ओह्ह्ह्ह अन्तेय क्या चूस थी थी ाः लुंड काफी टाइट हो गया था अब्ब उन्हें मेने खड़ा किया और उनको पुरे सरीर पे किश करने लगा फिर बीएड पे लिटा दिया और किश करने लगा और धीरे धीरे निचे की तरफ बढ़ने लगा उनके बूब्स क्या कड़क हो गए थे ब्रा के ऊपर से hi चूसने लगा फिर ब्रा निकल दिया और बूब्स पे टूट पड़ा उनके निपल्स को मुँह मई लेके एक हाट से दूसरा बूब्स दबाने लगा और चलने लगा अन्तेय पूरी माधोसे होक aaah.ou हम्म्म आह जानन बस ऐसे ho.chuso ाहहब मजा आए रहा है... आह्ह्ह्हब .

ऐसे hi कभी रोगहट तो कभी लेफ्ट चूस रहा था फिर 69 पोसिशन्स मई आ गया और अन्तेय मेरा लुंड और मई उनकी छूट चूसने लगा अन्तेय की कट चूस के थोड़ी देर मई अन्तेय का रास छूट गया फिर मैंने उन्हें छोड़ दिया और उनके टैंगो के बीच आ गया और उनकी छूट पे लौंद सेट करके एक जतका मई पूरा अंदर उतर दिया ..

अन्तेय aahhhh...mara डाला रे बनछोड़ ....आह्ह्ह्ह uhhhh....jaan जरा dhire.....phir क्या मई भी अन्तेय को बोलै ले randi...ahhhh क्या मॉल hai..tu...le मजे ऐसे बोलते हुए डाके मरने लगा और फिर गप गैप छोड़ने laga....ahhhh उन nnn.mmmohhhhbb chodu....dhire....jaan.....aahhhh....or जोर se.....aahhhh पाद दल आज .ीिस छूट को

..आह्ह्ह्हह ओह्ह्ह्हह राज .बॉस ऐसे hi......

फिर मैंने उनको गोदी बनाया और उनको पीछे से लुंड दाल के पेलने लगा ऐसे hi थोड़ी देर पेला और अन्तेय का रास इतने मई 2से 3 बार बहने लगा फिर मई अन्तेय की छूट से लुंड निकल दिया और खड़ा होक अपनी बैग से तेल की बोतल निकला और मेरे लुंड पे और अन्तेय की गांड पे लगा दिया

करुणा- मैंने कभी पीछे लिया नहीं hai..jara धीरे करना ho..jaan.

राज- तुम फ़िक्र क्यों करती हो जान थोड़ा दर्द हो गए फिर मजे hi मजे है...

मई उनकी गांड पूरी तेल से चिकनी कर दिया और एक ऊँगली दाल दिया और अन्तेय को थोड़ा दर्द हुवा काफी कासी ह्युई गांड थी ..अह्ह्ह dhire...mai आगे पीछे करने लगा ऊँगली फिर थोड़ा चढ़ कुल जाने के बाद थोड़ा और तेल डाला और लुंड उनकी गांड पे सेट किया.

राज- तैयार हो जाओ जान...

करुणा- हां लेकिन थोड़ा दिहिरे .

मैंने उनकी गांड पे तेल डाला था इस लिए गांड लुंड का टोपा थोड़ा जोर डालने से अंदर चला गया अन्तेय थोड़ा दर्द huva.wo चिललई आहहहबब rajjj...phir मैंने थोड़ा तेल डाला और एक कराकर जतका मारा आधा लुंड अंदर चल गया और इसके साथ अन्तेय चीख padi...aahhhbb मदर छोड़ पाद डाला रे ..अह्ह्ह्हह्हह ओह्ह्ह्हब्ब्ब मेरी गांड .....ni...kaaal ....रे बहार ...और अन्तेय के आंख से ासु आए gaye....aahhhbhb फिर मई पीछे से उनकी छूट मई ूँगी करने लगा 5 मिनिट बाद अन्तेय की दर्द बहरी आहे मजे मई बोलने lagi...aahhhh ओह्ह्ह्हह ौसे hi ऊँगली आगे पीछे करने से अन्तेय थोड़ी देर मई रास निकलने वाला था जिसे रास निकला उसके साथ hi मैंने एक और जतका मार दिया पूरा लुंड अंदर और इस बार पहले से थोड़ा काम दर्द हुवा क्युकी एक साथ दर्द और मजे के मिले जुले चीख thi....aahhhhh ओह्ह्ह्ब्ब्ब्मार gayi....aahhhh.phir मई ऐसे hi पीछे थोड़ा आगे पीछे लुंड करने लगा और थोड़ी देर मई मेरे लुंड के हिसाब से गांड का छेद खुल गया और अन्तेय भी मजे मई आठ ओह्ह्ह आअह्ह्ह ऐसे करने लगी .और मैंने अपनी गति बढ़ा दिया ...आह्ह्ह्ह मजा आह रहा था क्या गांड थी उनकी ाः टाइट और कासी ह्युई 38 की साइज की आह्हः फिर दे धना धन शॉट लगाने लगा और अन्तेय मजे मई गांड आगे पीछे करने लगी और बोलने lagi...ahhhh राजा aaahhhh.tune मुझे जोवन का असली मजा दिया hai...aahhbbb तूने मुझे क्या सुख दिआया hai....aaahhhhhb.asli सेक्स तो तूने sikhyaa....ahhhh क्या मजा आए रहा hai...ohhh पद दाल रे बनछोड़ .....अह्ह्ह्हह मई भी जैसे मई आ गया और दे धना धाम गांड पेलने लगा और 60 मिनिट बाद मेरा भी अब्ब छूटने वाला tha....ahhhhh अनहहहह करते ह्यूए अन्तेय की गांड मई hi जड़ गया mai...or अन्तेय की गांड मई लुंड ऐसे hi डाला रख के उनके ऊपर लेट गया और उनको किस्स्स करने और चिमनी लगा....

थँक्स जा तूने मुझे गाड़ मरने दिया आह्ह्बब क्या.. मजा आए गया ohhhb..i लव यू जान......

फिर ऐसे hi थोड़ी देर बाद हम फरस्स हुए और इतने मई खाना आ गया और खाना खाके थोड़ा रेस्ट लिया और शाम को भी एक राउंड मारा और ऐसे hi रात मई भी अन्तेय को 3 बार छोड़ा 3 बार गांड और 3 बार छूट की बेंड बजायी अन्तेय और मई सो गए ...
 
उपडेट-20
सुबह जब नींद खुली मेरी 8 बजे तो मैंने देखा अन्तेय नहीं थी तो मई बाथरूम जेक फ्रेस हुवा और फिर गया किचन मई वह अन्तेय कॉफ़ी बना रही थी तो पीछे से अन्तेय को जकड लिया बहो मई

राज- गुड मॉर्निंग जान

करुणा- गुड मॉर्निंग

फिर अन्तेय की गांड पे लुंड रगड़ने लगा तो मेरा खड़ा हो गया और अन्तेय अभी निघ्त्य मई hi थी तो मैंने निघते ऊँचा कर दिया और गांड पे लुंड रगड़ने लगा फिर लुंड पे तुक लगा के गांड के होल पे सेट किया और अन्तेय मुझे सीमेले दे दिया फिर क्या मैंने लुंड गांड पे लगा के एक जटके मई अनादर आधा दाल दिया अन्तेय ahhhh..raj...jara धीरे ओह्ह्ह फिर एक जतका मारा पूरा लुंड चला गया और खड़े खड़े hi पेलने लगा ah..ohhhh ohh..or जोर से

..आह्हः सुबह सुबह गांड के दर्शन हो गए ....अह्ह्ह्हह अन्तेय ohhhh.kya गांड hai.apki..ahhhhhh ओह्ह्ह्हह्हह raj.....come ...on...fast baby.......ohhhhh ऐसे hi 20 मिनिट गांड मरने के बाद लुंड निकल के अन्तेय की छूट मई दाल दिया .....अन्तेय को 20 मिनिट और चुदाई के बाद mai.antey के मुँह मई जड़ गया और एक किश करके हम कॉफी पिने लगे...

फिर अन्तेय और मई बाते करने लगे

करुणा- अब तो तुम्हारी याद बहुत आएगी तुम इधर एते रहना राज...

राज- अरे अन्तेय मई जब भी टाइम मिलेगा वैसे आता rahunga.ab मई चलता हु..

करुणा- ok

फिर मुझे बहार तक छोड़ने आयी और मई बाइक लेके निकला और सीधा गर गया और वह जेक थोड़ी देर माँ और दीदी से बाटे की और मेरे रूम जेक फ्रेस हुवा और थोड़ी देर मूवी देखी 3 जानते बिट गए .

माँ मुझे मेरे रूम मई बुलाने आयी और खाना कहने निचे गया माँ और मई खाना खाने के बाद मई टीवी देखा फिर माँ मेरे पास एके बैठी

माँ- सोल्लगे कब सुरु हो रहे है तुम्हारे बेतु.

राज- माँ अब बस कुछ hi दिनों मई सुरु हो जायेंगे.

माँ- ाचा तुमने अपनी सोल्लगे के लिए शॉपिंग तो पूरी कर ली है न..

राज- हां माँ सब कुछ शोपिंग कर दिया है. ाचा माँ दी कहा गयी है.

माँ- वो तो उसकी फ्रेंड के साथ गयी hai.tum बैठो मई थोड़ा आराम करने जा रही हु..

राज- ok माँ मई भी बहार जा रहा हु गुमने .

माँ- ok संभल के जाना.

राज- ok माँ बी.

माँ- बी बेतु .

मई बहार एके बाइक लेके निकल गया कारन के गर वह पोंहच के दूर बेल्ल बजायी तो सामने इशिता दीदी ने दूर खोला और मई बस उन्हें देखता hi रह गया अहह क्या लग रही थी इशिता दीदी अह्ह्ह गोरा बदन 25 साल की उम्र लेकिन अभी 18 की लड़की हो वैसा लग रहा था उसकी माँ की तरह लम्बे काळा बाल और पोंटियल हेयर स्टील करि हई थी .फिगर उनका32-28-34 क्या लग रही थी उनके बाल भी उनकी माँ की तरह गांड तक आए रहे थे उनको देखते hi मेरा लुंड जटके खाने लगा..

इशिता- ओह्ह्ह्हह मुझे देख के rajjjj....kaha खो गए तुम...

राज- haaaa.mmm दीदी आप कब आयी ...

इशिता - पहले अंदर आओ .

हम जेक सोफे पे बेथ गए और वह जेक दीदी मेरे लिए पानी लती और मेरे पास बेथ गयी..

इशिता- राज केसा hi तू..

राज- बढ़िया हु अभी तो थोड़े दिन मई कॉलेज स्टार्ट हो जायेंगे.

इशिता- हम्म ाचा हमरी hi सोल्लगे मई एडमिशन लिया है..

राज- हां आपकी hi सोल्लगे मई एडमिशन लिया है हां रीता अन्तेय कहा है.

इशिता - माँ तो कोई काम से बहार गयी है.

राज- कारन

इशिता- वो भी उनकले के यहाँ गया था वो अत hi होंगे रात को आ जाएंगे.

राज- अच्छा तो मई चालू.

इशिता- कहा जा रहे हो उनसे hi मिलने आया था क्या मुझे मिलने नहीं आया था kya.beth न मेरे साथ.

राज- aaree.di ऐसा नहीं hai.mai तो ऐसे hi आपको भी मिलने आता हु न

इशिता- चल बता कोई गर्लफ्रेंड है की नहीं तुम्हारी.

राज- नहीं अभी तक तो नहीं बनायीं कोई मिली नहीं है ऐसी जो मुझे चाहिए.

इशिता- क्या बात करते हो तुम इतने हैंडसम हो और अभी तक कोई गर्लफ्रेंड नहीं है. ाचा तुम्हे कासी गफ चाहिए.

राज- बताऊ लेकिन आप बुरा मान जाओगी.

इशिता- नहीं मानूगी बता न.

राज- प्रॉमिस.

इशिता- प्रॉमिस

राज- देखो मुझे आपकी तरह दिखती हो ऐसी चाहिए.

इशिता- मुजमे ऐसा क्या है.

राज- मुझे आपके काळा लम्बे बाल बहुत पसंद hai.or आपके जिसे honth.gaal गुलाबी.

और.

इशिता- और क्या बता न

राज- orrrr...muje शर्म आती है कहने मई.

इशिता - यार तू तो लड़कियों की तरह सरमाता hai.bata न

राज- or..apke जिसे फिगर वाली एकदम हॉट..

इशिता- हम्म्म हआ हां इसमें क्या शर्माता था तू. बता मेरे और क्या चीज तुम्हे ाची लगती है.

राज- जाने दो न दी अप्प भी क्या बात पकड़के बेथ गयी.

उनको उनके बारे मई बताते बताते मेरा लुंड पेण्ट मई hi खड़ा हो गया था ..इसलिए उनको बात ताल ने को बोलै .

इशिता - अभी तो छोड़ देती हु लेकिन बाद मई कभी बता न पड़ेगा..

राज- ऐ दी को क्या हो गया है आज काफी मूड मई लगती hai.open ली बाटे करने लग गयी hai.kabhi उनका भी no लेना पड़ेगा ..

इशिता - कहा खो गए जनाब.

राज- ाररी कुछ नहीं दी आपका कोई बॉयफ्रेंड है.

इशिता- ना नहीं hai..kisi पे ट्रस्ट नहीं है इस लिए नहीं बनाया

राज- हम्म आपके लिए तो लाइन लगती होंगी प्रोपोज़ की तो सोल्लगे मई.

इशिता- है कितने लड़के तरय मार चुके है लेकिन मई रेजेक्ट्स कर देती हु...

राज- हम्म्म अच्छा है..

इशिता- निशा और अन्तेय सब कैसे है गर पे.

राज- आप गर पे तो आयो फिर आपकी निशा दी बेंड बजा देंगी ..

इशिता- क्यों मैंने क्या किया है.

राज- अपने कभी दीदी को कॉल किआ है इतने दिनों से और न hi मिलने गयी हो.

इशिता - अब तो बेंड बजेगी

राज- मई निकलता हु दी गर पे

इशिता - ok आते रहना इधर.

फिर मई निकल गया गर और गर जेक खाना खाया सब बेथ के बाटे की और सो गया अगली सुबह जब उठा तो मई जिम गया और फिर फरस्स होक बेथ gaya.tv देखने

ऐसे hi 10 दिन निकल गए इतने दिनों मई कभी कभी करुणा अन्तेय की 6 से 7 बार चुदाई की थी और कारन और मनीष के सात सिटी मई गुमा भी और वाइज hi पूरा 10 दिन निकल gaye.abbb सुरु होने वाला था सोल्लगे .
 
अपडेट-21
ऐसे hi 10 दिन बीतने के बाद अब कल सोल्लगे भी सुरु होने वाला thaa.mai सुबह जल्दी अपने टाइम 5 बजे उठा और अपना रूटीन वर्क कम्प्लेट करने के बाद जब मई डाइनिंग टेबल पे आया और वह पे माँ दीदी और पापा पहले से hi बैठे थे मई भी फ्रेस होक आया था .

पापा - कल तुम्हारे सोल्लगे सुरु होने वाले है न.

राज- हां पापा.

माँ- सब तैयारी हो गयी है.

राज- हां माँ

माँ- बीटा सोल्लगे मई जगदे और लफड़े मई मत पड़ना उन सब से दूर hi रहना.

राज- हां माँ अब मई बड़ा हो गया हु अप्प चिंता क्यों करती हो..

माँ- माँ हु तुम्हारी तुम कितने भी बड़े न हो जो लेकिन चिंता तो रहती hi है.

निशा - माँ आप ऐसे hi परेशां न हो मई भी वही पड़ती हु.

पापा- है सही कहा निशा तुमने तुम भी न खामखा चिंता करती हो

पापा- सोल्लगे ले लिए तुम्हे जो पसंद हो वो कार लेजा सकते हो सब गेराज मई पड़ा है जैसी कार चाहिए वो लेजाना .

राज- नहीं पापा मुझे अभी तो सिर्फ बाइक पे hi जाना है.

पापा - ok जैसी तुम्हारी मर्जी , अब मई निकलता हु मुझे ऑफिस जाना है.

पापा के जाने के बाद दीदी भी चली गयी उनकी फ्रेंड के गर माँ भी चली गयी उनके काम मई और मई कपडे चेंज करके मनीष और कारन को कांफ्रेंस कॉल किया

राज- अबे कहा हो दोनों अभी .

कारन- बस गर पे है.

मनीष- मई भी

राज- तो सुनो अभी 10 मिनिट मई तुम दोनों तैयार होक बाइक लेके कॉफ़ी शोपे आयो

कारन- क्या हुवा कुछ प्रॉब्लम है क्या.

राज- नहीं यार ऐसे hi बेथ ते hi वह जेक बाटे करेंगे.

फिर मई बाइक लेके निकल गया कफ शॉप और 5 मिंट जेक बैठा वह और वो दोनों आ गए फिर हम तीनो ने कफ ोडेर किया और बाटे करने लगे .

राज- अबे कल सोल्लगे सुरु होने वाला है तुम लोगो को पता है की नहीं .

कारन- ओह्ह्ह ऐसा है क्या अब टाइम कहा जाएंगे पता hi नहीं चलेगा

मनीष- हां बे गर पे बोर हो जाते थे बैठे बैठे .

राज- तुम लोग सोल्लगे किस्मे आने वाले हो.

मनीष- अपना तो बाइक लेके

कारन- मई भी बाइक लेके hi.

राज- मई भी . हटो सुनो मेरी बात हम तीनो साथ मई hi जायेंगे सोल्लगे ok.

कारन- हां मई तेरे गर आ जाऊंगा फिर मनीष के गर होक साथ मई निकल जायेंगे.

राज- हम्म ऐसा ठीक रहेंगे

मनीष- ok चलो मई चलता हु गर पे कुछ सामान लेके पे जाना है.

कारन- मई भी अब चलता हु.

राज- ok चलो मई भी निकलता हु

फिर मई भी निकला बाइक लेके सीधा पोंछा गर पे और वह जेक थोड़ी देर आराम किया फिर निचे आके शाम को खाना खाया और फिर सो गया .

अगली सुबह जब नींद खुली तो 5 बजे थे अपना वर्क आउट ख़तम करके मई फ्रेस होक कपडे चेंज किये सोल्लगे के लिए और निचे दिंनिंग तबले पे आ गया निचे माँ और डैड बैठे थे और दीदी भी इस तरफ hi आ रही थी.

राज- दी आप बाइक पे आ रही हो सोल्लगे के नहीं.

निशा - नहीं मेरी फ्रेंड के साथ hi आज तो सोल्लगे जाना है. उसको थोड़ा काम है.

राज- ok कोई बात नहीं.

माँ- संभल के जाना बीटा

डैड- बेस्ट ऑफ़ लक आज पहला दिन है.

राज- थैंक्स डैड.

फिर नास्ता कहातम करके मैंने कारन को कॉल किया और मनीष को भी कारन रस्ते मई hi था 2 मिनिट मई आ गया और हम दोनों अपनी अपनी बाइक लेके निकले मनीष के गर और वह से 3 no अलग बाइक लेके निकले सोल्लगे वह पोहंचे सोल्लगे गाठ के बहार वह बहुत भीड़ थी क्युकी आज से सोल्लगे जो सा स्टार्ट हो रहा था तो अब्ब स्टूडेंट काफी थे हम भी बाइक लेके अंदर पार्किंग मई पोहंचे और वह बाइक रख के तीनो हमारा क्लास देखने के लिए लिस्ट लगी थी नाम के साथ और वह काफू स्टूडेंट जमे हुए थे तो .

राज- अरे यार कारन ऐ तो देख कितनी भीड़ है.

कारन- अरे मनीष एक काम कर तू hi देख आ हमारा क्लास कोनसा है..

मनीष- तुम दोनों वैसे भी जाओगे नहीं अब्ब मुझे जाना तो पड़ेगा hi..

राज- ok जा जल्दी देख के आजा .

मनीष वह जेक सीधा एक दो स्टूडेंट को साइड करके थोड़ा निचे जुक के बीच मई गुस्स गया और जल्दी जल्दी no और क्लास दोनों देख के आ गया कुय्की हमारी तीनो की ब्रांच एक hi थी.

मनीष- haaas...ae अब कभी मत बोलना ऐसी भीड़ मई जाने का

कारन- क्यों क्या हुवा बे..

मनीष- अरे किसी ने मौ बीच मई घुस रहा था तो मेरे पुछवाडे पे पांच मर दिया बे..

राज- बीच मई गुसेगा तो ऐसा hi होंगे न सेल. अब बता कोनसी क्लास है तीनो की..

मनीष- तीनो एक hi क्लास मई है और रोल no भी सीक्वेंस hi है तेरा राज 09 मेरा 10 ,कारन - 11 है..

कारन- ऐ अच्छा है साला no भी साथ अब्ब आएगा मजा..

राज - चलो बे अब्ब क्लास की तरफ चलते है..

कारन- अरे यार आज पहला दिन है अभी कितनी मस्त मस्त लड़किया आयी हुयी है पहले देखने तो दे जी भर के..

मनीष- तू छोड़ू नहीं सुधरेगा.

कारन- अब्बे गोकु सुधरना भी कोण चाहता है..

हम तीनो ागी निकले तो सामने कुछ सिनर्स जूनियर की रैगिंग ले रहे थे...
 
अपडेट-22
अभी हम 3 no सोल्लगे बुलीलडिंग किवतारफ जा रहे थे और एक लड़की भागते हुए हमारी तरफ आ रही थी एके सीधा मुझसे टकराई और

लड़की - बच्वो मुझे प्ल्ज़्ज़..

राज- क्या हुवा

लड़की - वो लोग मेरे पीछे पड़े hai.plzz बचो मुझे plzzz...koi मेरी हेल्प नहीं कर रहा उन लड़को se..wo इशारा करती है..

मैंने देखा तो सामने 3 से 4 सोल्लगे के लड़के देखने से hi लफंगे गुंडे मावली टाइप के hi लग रहे the...wo इस तरफ भागते हुए आ रहे थे...

राज- तुम डरो नहीं हम हैना तुम्हे कुछ नहीं होने देंगे..

लड़की- रोटी हुयी पलज़्ज़ज़ वो आ रहे है इस तरफ वो लोग बहुत गांधी है....

राज- तुम साइड मई आ जाओ इनके साथ कड़ी रहो मई हु ना..

वो लड़के हमारी तरफ hi आ रहे थे और उस लड़की को देख के

लड़का1- ऐ लड़की इधर आ नहीं तो पूरी सोल्लगे के सामने तुजे पेल dungaa.or तुम्हारी इज्जात लूट लूंगा

लड़का2- सुन टी है तू ताजे hi कह रहा हु हम इस सोल्लगे के सीनियर hai.hum जिसे कहे इसे कर और हमरे भाई के बात मन ले फायदे मई रहेगी..

लड़का 3- तुम्हारी जैसी माल इस पूरी सोल्लगे मई नहीं hai...aaa जा आज तुजे भाई का शिकार बनना hi पडेगा...

उसकी बात सुनके मुझे रिलीज़ हुवा तो मैंने उस लड़की की तरफ देखा तो देखता hi रह गया क्या लग रही थी काळा लम्बे बाल सिमप्ले सा ड्रेस पहना हुवा था .काली आंखे.. होंठ एकदम कोमल और नाजुक और फिगर एक दम लाजवाब था uska...puri ऊपर लेके निचे तक एकदम साउथ की ास्ट्रीस की तरह लग रही थी ेकुड़ुम सिंपल और क्यूट..

लड़का 1- तू नहीं आएगी तो हम जबरदस्ती ले जा येंगे.

ladki-muje प्ल्ज़ मुझे बचालो प्ल्ज़्ज़.....

राज- भाई क्यों सत्ता रहे हो इस बिचारि को.

लड़का 1- अबे शाने चिकने तू साइड हैट बीच मई ना पद नहीं तो अच्छा नहीं होंगे..

राज- अभी तू क्या कर लेगा है. सीधी तरह बोल रहा हु मान जा .

लड़का 2- नहीं तो क्या कर लेगा तुम्हे मालूम है हम कोण hai...kiske आदमी है..

राज- तू किसीका भी आदमी क्यों न हो मुझे कोई फर्क नहीं पड़ता .

लड़का 3 - अब देख तेरी हालत किसी करता हु मई.. ऐ मोंटी भाई को बुला के ला बे....

लड़का- 4 जी भाई..

और वो दौड़ता हुवा जहा रैगिंग चल रही थी वह गया और वह से 8 से 10 लड़के और लड़कियों को लेके इधर आ गया .

उनमे से एक लड़का बोलै जो वही मोन्तेय लग रहा था वो भी गुंडे जिसे देखने से hi लग रहा था बॉडी अछि कहसि बांयी ह्युई थी वो बोलै

मोंटी - क्या हुवा बे राजू.

लड़का 1(राजू) - वो बोलै भाई ऐ बहुत सहना बन रहा है और वो लड़की भी इसके पास hi है ऐ बीच मई आ रहा है..

मोंटी- मुझे देख के अबे बची तू जनता है किस्से पन्गा ले रहा है चल साइड हैट बे और वो लड़की मुझे सौंप दे

राज- अबे तू जो भी चल निकल यहाँ से नहीं तो ाचा नहीं होंगे ..

मोंटी- अभी तू मुझे धमकी दे रहा है तू देख तेरा हाल आज क्या करता हु इस सोल्लगे मई किसी की हिमायत नहीं है जो मुझसे ऐसे बात भी करे ..ऐ राजू, कालू, और रॉकी मार इन सेल को देख क्या रहे हो बी...

वो राजू मेरी तरफ आया तो मैंने भी उस लड़की को और कारन और मनीष को बोलै

राज- तुम दोनों इस लड़की को लेके साइड हैट जाओ.

और उसका ड़याँ रखो कोई इसे हाथ भी नहीं लगा सके धायण रखना..

वो तीनो साइड हैट गए और सोल्लगे मई भीड़ िकाथा हो गयी सब लोग आ गए इधर हंगामा और सोर शरबा देख के ..

वो राजू दौड़ता हुवा मेरी तरफ आया और मई तैयार था.. वो जैसे hi..muje मरने के लिए मेरे पास आया तो मैंने वह खड़े खड़े hi उसको एक लात मुँह पे दे मरी वो वही की वही ढेर हो गया और मुह्ब्से खून निकल ने लगा ..

ऐ नजारा देख के उसके साथई मई से वो कालू और रॉकी दोनों साथ मई आये और उनमे से वो कालू ने चाकू निकला

राज- आ बे आज तुम लोगो की खेर नहीं hai..aaj दिखता हु किस्से पन्गा लिया है..

ऐ सुनके वो रॉकी आया और कालू भी दोनों एक साथ मई बीच मई और एक तरफ से वो रॉकी ने मुझे मुका मरना चा तो मैंने जुक गया और उसके पेट मई एक जोरदार पंच जड़ दिया .और वो कालू भी चाकू से वॉर करता उसस्के पहले hi मई निचे बैठे बैठे hi उसके पाँव मई एक जोरदार लात जड़ दी वो ासपेक्ट करता उसके पहले hi मैंने उसको खड़ा होक उसके मुँह पे जड़ दिया और उस वो रॉकी पेट पकडे बीटा था वो भी संभल गया था वो जिसे hi खड़ा हुवा पीछे से मुझे लात दिया मई उस कालू के मुँह पे धना धन दे रहा था तो मुझे पता नहीं चला वो खड़ा हो गया है..

उसकी लात पड़ते hi मई निचे की तरफ जिसे hi जुका वो फिर से मुझे मरने के लिए जैसे hi लात मारनी च hi तो मई दूसरी बाजु सरक गया और खड़ा हो गया अब हम दोनों थे एक दूसरे से लात और मुके पे मुकी दे रहे the...toda बहुत मुझे भी लगा ाब्ब्ब मुझे गुसा बढ़ा तो मैंने एक जबरदस्त पांच निचे जुक के उसके मैंने पॉइंट पे दिया और चिल्लायी ....आह्ह्ह्हब्ब्ब्ब मर gaayygggg.......ohhhhhh bhai.........or मई खाद हुवा और उसको दे धना धन दे धना धन मुके पे मुके मरे मुँह से खून काफी खून निकल गया और वही बेहोश हो गया ..

अपने साथियो की ऐसी हालत देख के वो मोंटी - अब्ब देख तेरी क्या हालत करता hu...mai चलो रे सेल को मारो आज्ज और बाकि के वो मोंटी और बाकि बची 5से 6 लड़के मेरी तरफ आके मेरे चारो साइड खड़े हो गए और उनमे से वो मोन्तेय भी था ..

मोंटी - ाब्ब कहा जाएंगे तू ...

कारन- राज मई आ रहा हु तेरी मदद करने..

राज- नहीं कारन तू इधर hi रुक मई शम्भल लूंगा.

कारन- लेकिन तू अकेले कहा से इतने लोगो को ...

राज- गुस्से se...maine कहा ना तुजे तू वही रुक....

मेरा इतना गुसा देख के कारन शांत हो गया ...

वो लोग एक साथ मुझे जैसे hi मरने के लिए बढे तो मई निचे बैठा और अजु बाजु के दो लोगो को दोनों हाथो से एक एक पांच पेट मई दिया वो दोनों वही बेथ गए और इतने मई वो मोंटी ने फायदा उठा के मुझे एक मुँह पे जोरदार लात जड़ दिया मई सीधा नीचे गिरा तो पीछे के दो लोनो ने एक एक ऐसे दो लात और पड़ी अब मेरा गुसा बढ़ा और मई पलट के सीधा हुवा और वो मोंटी फिर से मुझे मरने लत उठायी तो मैंने उस की लात पकड़ लिया और उसको ढाका दिया वो सीधा निचे गिरा और मई उठ गया और वो दो मेरे पास hi थे जिन्होंने मुझे पीछे से लात मरी थी वो मुझे फिर से लात मर नई चाही लेकिन इस बार मई उनके सामने की साइड खाद था तो मई ने उनमे से एक की लात ब्लॉक किया हाथ से और दूसरे को एक जोर दर लात दिया सीधा मुँह पे उसके कान मई से खून निकल गया और वो वही ढेर हो गया इतने मई जिसकी लात को मैंने ब्लॉक किया था उसने मुझे एक मुँह पे पंच दिया मुझे ज्यादा नहीं लगा अब्ब्ब मैंने उसके हाँथ को पदक और मुँह पे एक के बाद एक जाड दिया और वो मोंटी पीछे से चाकू लेके मेरे पीठ पे गुसा दिया मई दर्द से चिल्लाया अह्ह्ह्हह ओह्ह्ह्हह्ह ऐ देख के सब हैरान हो गए अब मई हुवा नीस पेट के बल लेकिन मुझे दर्द तो बहुत हुवा लेकिन मुझे उस लड़की को बचाना था तो मई वह पड़ा पड़ा देखा की वो लड़की मेरी तरफ भाग के आयी और मुझे बोली.

लड़की - उठो तुम्हे कुछ नहीं होगा उठू मई भी उसकी मीठी करूँ दर्द भरी आवज से हिम्मत जूता ने लगा इतने मई मोन्तेय ने उस लड़की के बालो से पकड़ा और खड़ा करके बोलै.

मोंटी - देख तुजे बचने वाला तो गया अब्ब देख तेरा क्या हाल करता हु मई

उसने इतना कहके वो लड़की को पकड़ के उसके मुँह के पास जाने लगा और जैसे hi वो किश करने के लिए होंठ आगे बढ़ाये मई एकदम से खड़ा होक वो निचे पड़ा हुवा चाकू निकला और भाग के उस मोन्तेय के साइड मई से पेट मई गुस्सा दिया और वो चिल्ल्या गांड फाड़ मार दिया री ...चूतिये उसके पेट से खून निकल ने लगा मई अब गुस्से मई था तो उसको एक के बाद एक लात और मुका मरने लगा उसकी हालत एकदम ख़राब हो गयी थी और मेरा गुसा फिर भी शांत नहीं हो रहा था तो मई आजु बाजु मई देखा तो वह पे मुझे एक पाइप का टुकड़ा स्टील का जिसपे लाइट लगी थी उस तरफ भाग के गया और उसको पकड़ और उसको उखाड़ और उसी से उसके सर पे एक भायनक वॉर किया और वो वही के वही देहर हो गया बेहोसी के कारण ...

साब की हालत खरब थी तो इतने मई वह भीड़ मई से निशा मेरे पास आयी दौड़ती हुयी

निशा- भाई ऐ क्या हो गया तुमको क्या हुवा इतना खून कैसे..

ऐ देख के मनीष और कारन और वो लड़की भी वह आ गए ... और

राज- कारन तुम अम्बुलैंसेस को कॉल करो और उनको हॉस्पिटल बेज दो...

मनीष - तू पहले हॉस्पिटल चल...

राज- हां चलता हु ...

काफी भीड़ थी वह उसमे से वो लड़किया भी थी वह जो मोन्तेय और उसके साथी के साथ आयी थी वो काफी दरी हुयी लग रही thi...mai ने उन्हें देखा और कहा.

राज- तुम इनके साथ थी न उनके गर वालो को बोल देना और इनको हॉस्पिटल पोंछा देना और होश मई आये तो बोल देना कभी इस सोल्लगे मई फिर से गुंडागिरी की न तो यही के यही गाड़ दूंगा ...

उनमे से एक लड़की जी बोल दूंगी अब कभी ऐसा नहीं करेंगे ....लेकिन तुम ज्यादा दिन नहीं बच पयोगने क्युकी तुमने जिस लड़के को मारा है वो जिसका भाई है वो बहुत बड़ा डॉन है इस सहर का जागू भाई का भाई है वो...

राज- उसको भी डेक लूंगा mai...pehle इनको हॉस्पिटल पोंछा नहीं तो यही के यही मर जायेंगे...

मेरा काफी खून बह रहा था तो निशा ने उसकी फ्रेंड वो मॉल वाली को बूम पड़ा..

निशा- काजल , ानिकीटा जल्दी जा और तेरी कार लेके आ जल्दी भाई का काफी खून बह रहा है..

राज- कारन तू कार चला और मनीष तू बाइक लेके आए जल्दी..

कारन - अंकिता और काजल के पास से उसकी के लेके कार लेके आ गया

फिर मई कार मई पीछे बेथ गया सतह मई निशा अंकिता बेथ गए और आगे काजल बेथ गयी कारन कार ड्राइव करने लगा ...

मनीष बाइक लेने गया तो वो लफ्कि उसे ने देख लिया मनीष को तो उसके पास गयी और बोली .

लड़की- पलज़्ज़ज़ मुझे भी आपके साथ ले चलो मई भी हॉस्पिटल आना छाती हु..

मनीष- तुम अपने गर जाओ हम है न udhar..tumhare गर वाले परेशान होंगे..

लड़की- कोई नहीं है मेरा इधर मई हॉस्टल मई रहती hu...plzzz ले चलो न मुझे उन्होंने मेरी जान बचायी hai...plzz..

मनीष- ok चलो बेथ जाओ.

हम लोग करवलेके जल्दी से सिटी हॉस्पिटल पांच गए और निशा ने डॉक्टर को बुलाया तो मुझे वह रूम मई ले गए डॉक्टर और काकू लगने से काफी खून बहा था तो डॉकटर ने मुझे टांके लिए और पटी किया और मुझे नींद का इंजेक्शन दिया मई सो गया ..

और थोड़ो देर बाद डॉक्टर बहार निकला और निशा डॉक्टर को देख के.

निशा- डॉक्टर केसा है मेरा भाई..

डॉक्टर- वो एकदम ठीक है बस थोड़ा खून बह गया था इस लिए कमजोरी है उसको तो मैंने आराम करने के लिए उसे इंजेक्शन लगाया hai..usko 4से 5 जानते मई होंसे आ जायेगा..

निशा- थैंक्यू डॉक्टर...

वह पे मनीष वो लड़की, अंकिता , काजल, और कारन थे.. निशा ने वह जेक सब को डॉक्टर वाली बात बताई ...

निशा- पापा को बता देती हु परेशां होंगे नहीं तो ..

निशा- हैल्लो पापा आप जल्दी से माँ को लेकर सिटी हॉस्पिटल आ जाईये...

पापा- क्या हुवा तुम ठीक तो हो न बीटा .

निशा- मई ठीक हु आप पहले आ जाईये बाद मई बता टी हु..

पापा- अभी आता हु मई तुम्हारी माँ को लेके.

कारन- एक काम करो तुम लोग बैठो मई इतने मई कुछ नास्ता ले आता हु..

निशा- उस लड़की को देख ke..manish ऐ कोण hai..or वह हुवा क्या था..

मनीष- दीदी और मनीष दीदी को साडी कहानी बता देता है..

निशा- अच्छा किया raj..ne उस लड़की को देख के तुम्हार नाम क्या है..

लड़की.- जी मेरा नाम संजना है ...

निशा- कहा रहती हो तुम .

संजना- जी मई हॉस्टल मई रहती हु और आज सोल्लगे का पहला दिन था तो मई वह पोंछी और उनलोगो ने मुझे देखा और वो मोंटी और उसके दोस्त मुझे छेड़ने लगे और मेरे साथ जबरदस्ती करने की कोशिश कर ने लगे तो मई भाग रही थी तो राज से टकरा गयी मैंने उनको बोलै मुझे बच्चो.. आगे तो अप्प लोगो को मालूम है क्या हुवा था.
 
उपडेट-23
निशा- अच्छा किया raj..ne उस लड़की को देख के तुम्हार नाम क्या है..

लड़की.- जी मेरा नाम संजना है ...

निशा- कहा रहती हो तुम .

संजना- जी मई हॉस्टल मई रहती हु और आज सोल्लगे का पहला दिन था तो मई वह पोंछी और उनलोगो ने मुझे देखा और वो मोंटी और उसके दोस्त मुझे छेड़ने लगे और मेरे साथ जबरदस्ती करने की कोशिश कर ने लगे तो मई भाग रही थी तो राज से टकरा गयी मैंने उनको बोलै मुझे बच्चो.. आगे तो अप्प लोगो को मालूम है क्या हुवा था.

स्टार्ट

निशा और संजना बाटे कर रहे थे इतने में कारन नास्ता लेके आ जाता है और सब मिलके थोड़ा बहुत नास्ता करते है इतने मई

निशा का फ़ोन रिंग होता है तो जो उसके पापा का था.

निशा- हैल्लो हां पापा बोलिये

प्रतापसिंग- निशा बेटी हम लोग हॉस्पिटल पांच गए है तुम किधर हो.

निशा - आप गेट पे खड़े रहिये मई आती हु.

निशा कारन को बता के गेट के पास गयी और प्रताप सींग और राहमा दूर से hi देख लिया निशा को एते हए तो दौड़ते हुए निशा के पास जेक बोले

पापा- क्या हुवा है निशा बेटी तूने हमें यहाँ क्यों बुलाया है और राज किधर है.

रेशमा - बोलो न बेटी क्या हुवा है मेरा दिल बहुत गबरा रहा है..

निशा - आप लोग संत होजाइये पहले राज को चाकू लगा है ..

पापा - क्या

रेशमा- क्या हुवा है मेरे राज को नहीं कहा है वो मुझे उससे मिल न है बता मुझको.

निशा - माँ भाई को कुछ नहीं हुवा है वो थिक है अभी वो बेहोस है आइये मेरे साथ मई ले चलती हु आपको वह .

फिर निशा माँ और डैड को लेके आ जाती है वह सब के पास जाते है..

पापा - क्या हुवा किसने मारा चाकू मेरे बेटे को

कारन - सबकुछ जो भी हुवा सोल्लगे मई वो सब बता देता है.

papa-nahi छोडूंगा उस जग्गू को मई उसके भाई की इतनी हिमायत के मेरे बेटे पे हमला करे .

निशा- डैड आप सांत रहिये पहले भाई को होसे तो आने दीजिये .

रेशमा - निशा बेटी ऐ लड़की कोण है.

निशा - माँ ऐ संजना है इसको hi बचते हुए भाई को चोट लगी है.

संजना रोने लगाती है और बोलती है मेरे hi कारन राज को चाकू लगा

रेशमा - नहीं बेटी इसमें तुम्हारी क्या गलती है तुम रो मत और संजना को गले लगा लेती है.

रेशमा- तुम कहा रहती हो बेटी

संजना- जी मई एक अनाथ हु मेरा इस दुनिया मई कोई नहीं है अन्तेय मई अनाथालय मई पाली बड़ी हुयी हु और अब सोल्लगे करने के लिए हॉस्टल मई रहने आयी हु और आज मेरा पहले hi दिन ऐसा हो गया .और रोने लगती है.

रेशमा - नहीं बेटी ऐसा नहीं कहते हम लोग है न तुम्हरे इस दुनिया मई तुम रोना बांध करो पहले .

परताप - बेटी तुम अपना सोल्लगे के लिए फीस कहा से भर्ती हो और हॉस्टल मई रहने का खर्चा कोण देता है बेटी.

संजना- अंकल मई स्कूल मई फर्स्ट रेंक पे थी इस लिए मुझे सोल्लगे मई एडमिशन फ्री मई मिल गया और हमारा अन्थालय मई जो वरदान मेडम है उन्होंने मुझे हॉस्टल मई रहने की फीस दी है और अब्ब मई छोटी बड़ी जॉब या काम करके कुछ इंतजाम कर लुंगी पैसे का

इतने मई डॉक्टर एते है और सीधा राज के रूम मई जाते है और 10 मिनिट बाद बहार एते है.

प्रतापसिंग- डॉक्टर मेरा बीटा केसा है अब्ब

डॉक्टर - वो बिलकुल ठीक है उसको होसे आ गया है ाप्प जेक मिल सकते हो..

प्रताप- टंक्स डॉक् क्या हम मिल सकते hai.usko

डॉक् - हां बिलकुल लेकिन उसको अभी आराम करने दीजिये गए ज्यादा डिस्टर्ब मत करना उसको.

परताप- जी बिलकुल डॉक् साहब

फिर डॉक् चले जाते है और पहले पापा और माँ दोनों अंदर एते hai.or मुझे देकते hi माँ

माँ- राज बीटा कैसे हो अब ज्यादा तकलीफ तो नहीं हुयी है न तुमको

राज- नहीं माँ मुझे कुछ नहीं हुवा है दिखईये मई बिलकुल थिक हु आप टैंसों न लीजिये

पापा- ऐ मेरा शेर बीटा है उसको क्या होगा देख वो बिलकुल ठीक है..

माँ - आप नहीं समझेंगे एक माँ को कितनी तकलीफ होती है..

राज- माँ आप रोना बांध करिये पहले आप मेरे साथ बेटीये .

पापा- आप दोनों बैठो मई डॉक् से मिलके अत हु..

पापा बहार एते है और निशा और बाकि लोगो को बजते है मुझको को मिलने के लिए.

निशा- केसा है दिकू तू

राज- मई बिलकुल थिक हु..

karan,manish- केसा है राज..

राज- मई बिलकुल थिक हु..

अंकिता और काजल भी पूछती है और लड़त मई मेरी नजर संजना 0इ जाती है..

संजना- सॉरी राज मेरी वजह से तुम्हे ऐसा हुवा मुझे माफ़ कर देना पलज़्ज़ज़...

राज- अरे नहीं नहीं इसमें तुम्हारी कोई गलती नहीं है तुम क्यों बेवजह टैनॉन ले रही हो तुम्हारी जगह कोई और भी होता तो बजे मई उसको बचता .

संजना- आप ने मेरी इजात बचायी उसके लिए आपका बहुत बहुत सुक्रिया ...


हम लोग ऐसे hi बाते करते रहे इतने मई पापा भी आ गए ..

माँ- पापा को देख के क्या कहा जी डॉक् ने.

पापा- कुछ नहीं 4 से 5 दिन आराम करना है उसक गांव भर जाय तब वो सोल्लगे जा सकता है शाम तक गर लेजा सकते hai..or डॉक् गर एके रोज ड्रेसिंग कर देंगे.

रेशमा- देख राज अब 4 से 5 दिन कही भी नहीं जाने दूंगी तुम्हे .

राज - ok माँ

अंकिता और काजल - निशा हमलोग गर जा रहे है कुछ काम पड़े तो बताना मुझे.

निशा- ok जाइये आपलोग

वो दोनों चली जाती hai.or कारन और मनीष बचे थे उनको मैंने बोलै

राज- संजना को देख के तुम कोण हो और वो लोग तुम्हारे पूछे क्यों पड़े थे .

निशा ने मुझे सबबता दिया और वो कोण है कहा रहती है और उसका नाम भी..

राहमा- तुम हॉस्टल कैसे जाओगी बेटी.

राज- मनीष तुम संजना को हॉस्टल छोड़ दो ..और वह से गर चले जाना हम लोग भी शाम को गर चले जायेंगे वह मेरे गर पे मिलने आ जा न

मनीष- ok कोई बात नहीं चलो संजना.

प्रताप - रुको बेटी एक मिनिट और ऐ कार्ड रखो तुम्हारे पास इसमें मेरा मोबाइल no और ऐड है कोई भी प्रॉब्लम हो तो कॉल कर देना..

संजना- ok अंकल टंक्स

फिर मनीष और संजना भी चले जाते है कारन भी उसके गर चला जाता है सुबह गर आऊंगा ऐसा बोलके.

मई पापा माँ और दीदी बचे थे हॉस्पिटल मई.

दूसरी तरफ मोंटी और उसके दोस्तों को भी हॉस्पिटल एडमिट करवा दिया था और वो लड़की ो ने जो उनके ग्रुप मई थी उन्होंने ने मोंटी के भाई को कॉल करके बता दिया था ..और जग्गू भी अपने आदमी लेके होपितल आ पोहचा और वह जेक उसको पता चला की उसका भाई अभी कोमा मई है और उसके दोस्त सब का टीटमेंट चालू था.

जागु - नहीं छोडूंगा उसको जिसने मेरे भाई की ऐसी हालत की है.

जग्गू - दोनों लड़कीओ को देख के किसने किया है ऐ और कैसे हुवा ऐसा बातो मुझे ..

उसमे से एक लड़की जिसका नाम राखी था और दूसरी का नाम सोनू था..

राखी - ने जग्गू को सबकुछ बता दिया क्या हुवा था और कैसे हुवा वो सबकुछ लेकिन उनलोगो को ऐ किसने मोंटी को मारा है वो कोई जनता नहीं था क्युकी सोल्लगे का पहला दिन था इसलिए

जग्गू - कोण था वो क्या नाम था उसका सेल को छोडूंगा नहीं mai..or अपने आदमियों की तरफ देख के .

जागु - कालू अभी के अभी अपने आदमी लेके जा और सोल्लगे जेक पता कर कोण था वो लड़का और वो लड़की जिसके कारन ऐ सब हुवा मुझे उसका नाम चाइये

कालू- जागु भाई आप फ़िक्र न करो हम ढूंढ निकले गए उसको और सेल की ऐसी हालत करेंगे की .

इतने मई जागु पूरी बात भी बोलने नहीं देता कालू को और एक लगा देता hai..chup बे मुझे वो जिन्दा चाहिए उसको कोई हाथ भी नहीं लगये गए और उस लड़की को भी मुझे उनके नाम चाइये सिर्फ और कोण है वो बाकि मई देख लूंगा अभी कुछ नहीं करना है पहले मोंटी को थिक होने दो..

कालू - जी भाई ऐसा होन्ग आप फ़िक्र न करे ..

और कालू अपने आदमी लेके निकल जाता है सोल्लगे पता करने के लिए ..

जग्गू - डॉक्टर अगर मेरे भाई को कुछ भी हुवा न तो जिन्दा गाड़ दूंगा तुम्हे .

डॉक्टर- अरे जागु भाई अप्प फ़िक्र न करो मई पूरी कोशिश करूँगा वो जल्दी hi टिक हो जाएंगे लेकिन तोडा टाइम तो लगेगा अभी वो कोमा मई है..

जग्गू - जितना भी पिसा किये वो लेले लईकिन मेरे भाई को कुछ नहीं होना चाइये ..उसके सामने hi उस लड़के को मरना है मुझे इसलिए मोंटी का टिक होना जरुरी है..

फिर वह सोल्लगे मई कालू और उसके आदमी हर जगह पता करने की कोशिश करते है लेकिन किसी को ज्यादा मालूम नहीं था क्युकी राज को कोई पहचानता नहीं था और संजना को भी पहला दिन सोल्लगे का इसलिए ..

लेकिन कालू की नजर कक्तव पे जाती है तो वो वह से कुछ विडिओ लेके आता है और जग्गू भाई के पास चला जाता है...

 
अपडेट-24

कालू की नजर कक्तव पे जाती है तो वो वह से कुछ विडिओ लेके आता है और जग्गू भाई के पास चला जाता है...

सॉर्ट-

कालू सोल्लगे निकल के सीधा जग्गू के पास जाता है

कालू - भाई हम को उस लड़के का तो कुछ पता तो नहीं चला कोण था वो लेकिन मुझे कक्तव मई से विडिओ मिला है उसमे उस लड़के की तस्वीर है और उस लड़की की भी.

जग्गू - कालू मुझे कुछ नहीं सुन्ना तुम कुछ भी करो मेरा भाई टिक हो तब तक का वक्त है तुम्हारे पास कोण है वो उसकी कुंडली निकल कुछ भी करके.

कालू - जी भाई हम उसको कही से भी चढ़ निकले गए.

दूसरी तरफ-

शाम का वक्त हो गया था और वह डॉक्टर एक बार राज को चेक करते है फिर प्रताप सींग और रेशमा ,निशा और राज गर निकल जाते है..

हम लोग गर पोंहच गए और वह जेक मई आराम करने चला गया और ऐसे hi पूरा दिन बिट गया अगली सुबह मेरी नींद दीदी के आवाज से खुली .

निशा- बेतु उठो सुबह हो गयी नास्ता आ गया है जल्दी से फ्रेस हो जावो अप्प .

राज- ok दी अप्प बैठिये यहाँ मई अभी फ्रेश होक अत हु.

फिर मई फ्रेस होने चला गया और एके कफ और नास्ता करने लगा और ऐसे hi बाटे करने लगे..

इतने मई माँ और डैड भी मेरे पास ए और मुझसे हलचल पूछा फिर आराम करने का बोल वो भी चले गए ऑफिस. और माँ अपना काम करने और निशा सोल्लगे के लिए.

मई बैठे बैठे बोर हो गया था इसलिए कारन को कॉल किया

राज- हैल्लो कहा है बे..

कारन- मई अभी गर पे हु तू बता किसी है तेरी तबियत .

राज- मई थिक हु यार अकेला बेथ के बोर हो गया हु..

कारन- मई और मनीष दोनों आ रहे है तुम्हारे गर थोड़ी देर मई.

राज- तुम दोनों सोल्लगे नहीं जाने वाले क्या.

कारन- तुम्हारे बिना हम सोल्लगे जेक करेंगे kya..ok चल रखता हु .बी.

राज- ok बी..

उदाहर संजना बहुत टाइओंस मई थी उसे कल हॉस्टल एते hi पता चल गया था की मोंटी के गुंडे उसकी और राज की तलाश कर रहे hai.wo सोल्लगे जाती है तो वो कंटिंग की तरफ जाती है तो उसे निशा ने देख लिया वह कैंटीन मई .

निशा- ोयी संजना ..

संजना- उसने देखा की कोई उसका नाम लेके के बुला रहा है तो उसने उस तरफ नजर गुमा के देखा तो वह निशा अंकिता और काजल बैठे the.wo उस तरफ जेक ..hi..didi किसी है अप्प

राज केसा है .

निशा- वो बिलकुल थिक hai.tum बैठो हमारे साथ कफ लूंगी क्या..

संजना कुछ परेशां नजर आ रही थी तो निशा ने पूछा

निशा- संजना तुम कुछ परेशां नजर आ रही हो क्या बात है .

संजना- कुछ नहीं दीदी कोई बात नहीं है..

निशा- कुछ नहीं क्या तुम्हारा चेहरा देख ते मालूम चलता है कुछ तो बात है बता मुझे

संजना- दीदी क्या है न वो कल मई जब हॉस्टल आयी तो हॉस्टल के बहार वो गुंडे सब मुझे और राज की तलाश कर राजे थे और लोगो से पूछ रहे थे की हम दोनों को कोई जनता है की नहीं.. इस लिए मुझे दर लग रहा है दीदी..

निशा- कोण थे वो log..tum छोटा न करो मई अभी पापा को बताती हु..

फिर निशा ने पापा को कॉल कर के साडी बात बता दी..

पापा- तुम चिंता न करो बीटा और मई अभी उस जागु का कुछ करता hu..or एक बात तुम संजना को उसके हॉस्टल मई लेजके उसके कपडे और सामान लेके हमरे गर पे लेके आ जाओ .वो अब वही रहेगी हमारे साथ..

निशा- ok पापा..

फिर फ़ोन रखते hi परतप सींग ने ऑफिस का बेल्ल बजाय और उनकी सेक्रेटरी सोनाली नाम था उसका वो अंदर आयी.

सोनाली - यस सर अपने बुलाया मुझे.

परतपसिंग- हां सोनाली तुम मंगल को बुलाओ और उसको बोलो की मेने उसे जल्द hi बुलाया है..

सोनाली- जी सर अभी बुलाती हु..

सोनाली बहार निकलके सिक्योरिटी ऑफिस जाती है और वह से मंगल के पास जाती है..

सोनाली- मंगल भाई आपको सर ने फ़ौरन बुला या है ..

मंगल- सोनाली तुम जाओ मई अभी 2 मिनिट मई आया.

सोनाली - ok मंगल भाई लेकिन जल्दी आना सर कुछ परेशां लग रहे है..

मंगल- क्यों क्या हुवा है भाई को

सोनाली - वो तो मालूम नहीं लेकिन जल्दी चलो..

इतना सुनते hi मंगल जल्दी से निकला और पापा की ऑफिस मई गया

मंगल- मई अंदर ावु भाई

परताप- अरे मंगल आवो अंदर बैठो.

मंगल - क्या बात है भाई कुछ प्रॉब्लम हुवा है क्या.

प्रताप- हां मंगल राज का सोल्लगे लफड़ा हो गया है..

फिर मंगल को पूरी बात बताते है..

मंगल - भाई उसकी इतनी हिमायत के राज पे हमला करे उस जग्गू को नहीं छोडूंगा मई...

परताप - शांत हो जाओ पहले तुम और मेरी बात धायण से सुनो ..

तुम पहले उस जग्गू के पास जाओ और उसे बोल दो की जो भी जगदा हुवा है उसमे राज की कोई गलती नहीं है फिर भी जो न सुने तो उसको बोल देना की वो राज और संजना से दूर रहे नहीं तो उसकी पूरी जिंदगी नर्क बना दूंगा मई..

मंगल - जी भाई मई अभी अपने आदमी लेके जाता हु .और उसे अछि तरह से समजा देता हु..

फिर मंगल निकल जाता है और प्रतापसिंग सीधा गर पे निकल जाते hai..sonali को बोल के

मंगल पापा का सबसे काबिल बहरोसे मंद लोगो मई से एक है जो उनको अपने छोटे भाई की तरह रखते hai..business मई ऐसे जगडो मई पापा का सबसे ख़ास और काम का आदमी है..

इतने मई निशा संजना को

निशा- संजना पापा ने अभी हमको गर पे बुलाया है.

संजना- मुझे भी

निशा- हां और अभी तुम्हारे हॉस्टल चलो वह से तुम्हारा सामान लेके हमरे गर जाना है अब से तुम वही रहोगी हमारे साथ पापा ने ऐसा कहा है..

संजना- ारी नहीं दी मई हॉस्टल मई hi थिक हु मेरी बजह से आप लोग क्यों परेशां होते हो ..

निशा- नहीं इसमें परेशानी वाली कोनसी बात है .

अंकिता- हां सही कहा संजना इसमें दिखात क्या वैसे भी संजना का गर बहुत बड़ा है और रूम भी बहुत है उसके गर मई.

संजना- फिर भी मई आप लोगो पे बोज नहीं बन सकती .दीदी

निशा- तुम ऐसे नहीं मानोगी अभी मई पापा से बात कराती हु रुक..

निशा फ़ोन निकल के पापा को कॉल करती है..

निशा- हैल्लो पापा

परतप- हां बीटा बोलो क्या प्रॉब्लम है..

निशा सब बात बता देती है की संजना मन कर रही है हमरे गर रहने के लिए

प्रटप- बीटा फोबे दे जरा उसको.

निशा- संजना ले फ़ोन पापा बात करना कहते है..

संजना ने फ़ोन लिया और बोली

संजना- हैल्लो अंकल नमस्ते.

परताप- नमस्ते बीटा क्यों बीटा मन कर रही है तू

संजन- मेरी वजह से आप लोग क्यों परेशानी उठा रहे हो अंकल..

प्रताप- इसमें परेशानी वाली कोनसी बात बेटी देख मई कुछ सुनुँगा नहीं आज से मेरी दो बेतिया है एक निशा और एक तू सामजी चल अब्ब तू यहाँ आजा मई तेरी अन्थालय के वरदान को बात कर लूंगा के आज से संजना मेरी बेटी है और वो वही हमारे साथ रहेगी..

संजना- जी अंकल जिसे आप कहे

संजना फ़ोन रखती है और निशा को देती है..

निशा- हां पापा बोलिये.

प्रताप- बेटी सुन तू उसको और उसका सामान सब लेके आजा.. कार चाइये क्या तुमको.

निशा- नहीं पापा काजल की कार मई आ जाउंगी मई और संजना

ok ब्यय मई रखती हु पापा

निशा- काजल क्या तेरी कार मई हमको हमरे गर छोड़ देंगी क्या..

काजल - इसमें पूछने वाली क्या बात है..

निशा - संजना चलो हॉस्टल.

फिर वो लोग हॉस्टल चले जाते hai.or वह से साडी फॉर्मेलिटी पूरी करके सामन लेके वो लोग काजल की कार मई गर निकल जाते है..

ुआँधार गर पे राज ,कारन और मनीष बाटे कर रहे थे और माँ खाना बना रही थी और इतने मई गर की दूर बेल्ल बजती hai.mom किचन से निकल के सीधा दूर खोलने जाती है तो सामने उसकी नजर जब प्रताप पे पड़ती है तो बोलती है ..

रेशमा - आप इस वक्त अचानक क्यों गर आ गए

परतप - अरे बताता हु बाबा पहले अंदर तो आने दे..

फिर प्रटप अंदर एके सोफे पे बेथ जाता है और वह पहले से hi राज कारन और मनीष बैठे थे..

राज- पापा आप इतनी जल्दी आ गए आज

पापा- अरे हां बीटा और एक बात राहमा मैंने संजना को अपने गर पे रहने के लिए बुला दिया है आज से वो हमारी बेटी बांके रहेगी हमारे साथ.

रेशमा - ऐ अच्छा किया जी अपने बिचारि बिलकुल अकेली इतने सालो से रही .

फॉर प्रताप उनको पूरी बात बता देता है की सोल्लगे वो गुंडे लोग वाली निशा लेके आए रही है संजना को वो साडी बात बता देती है..

ऐ बात सुनके पैराहन होते हुए .

रेशमा- लेकिन ऐ तो दिक्कत की बात हो गयी जी अब राज को कुछ हो गया तो .

परतप- तुम टैनॉन न लो मैंने मंगल को इस काम पे लगा दिया है.. वो सब हैंडल कर लेगा और राज को कोई दिखात भी नहीं होंगी..

रेशमा- मंगल भाई को काम दिया है तो फॉर मुझे कुछ प्रॉब्लम नहीं है ..

क्युकी माँ और मई दोनों जानते थे की मंगल क्या कर सकता है और उसका मुकाबला करना इतना आसान नहीं वो कोई भी काम हो अपने तरीके से हैंडल करता hai..dilhi मई मंगल के नाम से अचे अचे कोई फटती पड़ी रहती hai..or जब प्रॉब्लम मेरे परिवार की हो तो और भी जातक हो जाता है..

राज- पापा अपने क्यों मंगल को बेजा मई शम्भलता न अपने तरीके से.

परतप- नहीं तुम अभी ऐसे जगदे मई मत पदों तुम्हे अभी मस्ती के दिन है. इसलिए तुम अपनी स्टूडेय मई धयान दो..

राज- ok पापा और ऐ अपने अच्छा किया संजना को यहाँ गर पे रखने का निर्णय लेके

परताप- मुझे पता था की मेरा बीटा यही करने वाला था इसलिए मेने पहले hi तुम्हारा काम कर दिया ..

ऐसे hi हमलोग बाटे करते रहे और इतने मई गर के बहार कार रुकी और उसमे से काजल निशा अंकिता और संजना निकली ..और वो लोग सामान लेके गर की दूर बेल्ल बजायी...

माँ ने जेक दूर खोला और सामने संजना निशा उन सब को देख के बोली.

रेशमा - आ गयी बेटी तुम एक मिनिट बेटी यही रुको तुम मई अभी आयी..

और माँ अंदर एके हमको बताया की संजना और वो सब आ गेट hai..or वो खुद आरती की थाली लेके आ गयी..

और फिर संजना की आरती और तिलक करके माँ ने उसे अंदर आने के लिए कहा तो संजना भी ऐसा प्यार देख के इमोशनल हो गयी और उसकी आँख मई से ासु आ गए .

रेशमा- अरे मेरी बेटी रू क्यों रही है..

संजना- अन्तेय ऐ तो खुसी के आंसू है क्युकी मेने आज तक कभी एक माँ का प्यार क्या होता है देखा नहीं है आज मसहूस करके मेरी आंख मई से पानी आ गया और संजना रेशमा और प्रताप का पेअर चुके कड़ी हई तो रेशमा माँ ने संजना को अपने गले लगा लिया ..

निशा - माँ मई बी आपकी बेटी हु...

ऐसा बोलके वो भी माँ के गले लग गयी और सब हसने लगे और माहौल खुशनुमा हो गया..

और सब लोग अंदर एके सोफे पे बेथ गए..

निशा अंकिता काजल संजना मनीष कारन mai.papa और माँ सब बेथ गए और बाते करने लगे फॉर सब लोगो ने सूफी पि और एक एक करके सब लोग गर चले गए बाकि बचे निशा संजना माँ पापा और मई..

रेशमा- निशा बेटी तुम संजना को ऊपर वो दूसरा बैडरूम है न उसमे सामान रख दो और उस रूम की सफाई कार्डो तुम दोनों मई इतने मई खाना बना देती हु.

निशा - जी माँ हम अभी जेक काम पूरा कर देते है..

संजना - दीदी आप मुझे रूम बता दीजिये मई खुद साफ़ सैफई कर दूंगी आप बैठिये ..

निशा- अरे नहीं संजना मई हेल्प करुँगी तुम्हारी तुम अकेली क्यों तुम मेरी बहन नहीं हो क्या..

संजना- नहीं दीदी ऐसी बात नहीं है..

निशा- तो फिर चुप बिलकुल चुप चलो मेरे साथ..

संजना- जी दीदी..

और दोनों चली गयी ऊपर रूम मई और मई वह बैठे बैठे संजना को hi दरख रहा था कितनी मौसम दिखती थी जैसे स्वर्ग की पारी हो... और उसमे hi खोया हुवा था mai..or पापा मुझे देख रहे the..or मुसकुरा रहे थे.

पापा- यययय मेरा शेर कहा खोया हुवा है..

राज- एक दम हब्दादि mai..kuch...kuhh..nahi पापा.

वो तो मई ऐसे hi सोच रहा था..

पापा- सोच रहे थे या देख रहे थे...

राज - सरमाके क्या पापा नहीं मई कुछ नहीं देख रहा था मई तो सोल्लगे का सोच रहा तह..

पापा- हस्ते हुए हचा बाबा चल थिक अब किसी है तुम्हारी तबियत

राज - बस थिक हु पापा अब मुझे कोई तकलीफ नहीं hai..aisa लग रहा है की जिसे कुछ लगा hi नहीं था मुझे और कुछ दुःख भी नहीं रहा मुझे..

परतपसिंग- कल डॉक्टर आएंगे सुबह मेटि बात हो गयी है unse...wo देख लेंगे..

raj.ok पापा.

उधर निशा और संजना दोनों ने मिलके एक जानते मई पूरा रूम साफ़ करके संजना का सामान कलेट कर diya..phir दोनों फ्रेष होक निचे आये और एके राज और पापा के पास बेथ गए..

पापा- निशा बेटी हो गया क्या काम पूरा..

निशा- हां पापा हो गया ..

रेशमा - चलो राज खाना बन गया है सब लोग डाइनिंग टेबल पे अजाजो ...

फिर हमलोगो ने खाना खाया और बाते की फिर खाना कहते वक्त माँ बोली ..

राहमा- आज से तुम मुझे सिर्फ माँ कहोगी अन्तेय नहीं सामजी..

संजना- जी मा..

परताप- मुझे पापा.

संजना- जी पापा..

निशा- मुझे तो दीदी.

संजना- जी दीदी..

राज- एक मिनिट और मुझे सिर्फ राज ok... हम आज से फ्रेंड्स ok

संजना- जी आप को राज hi कहूँगी

राज- स्माइल करते ह्यूए ..ok.

रेशमा और प्रताप ऐ देख रहे थे और अंदर hi अंदर हंस रहे थे की राज कितना कुश लग रहा था संजना से बाटे करते vakt.unko भी मस्ती सूजती है तो वो .राज को चिढ़ाने के लिए.

रेशमा- क्यों हां तुजे क्यों नाम से हां मई माँ ऐ पापा ऐ दीदी तुम को क्या प्रॉब्लम hai...hhammmm

राज- अपने मन मई .अरे कुछ सोच जल्दी नहीं तो तेरी लगने वाली hai..be....kya हररत थी मुझे नाम से बोलना ऐसा कहने की.. अरे क्या माँ आप भी मेरे पास दीदी तो है hi मुझे गर्ल्स मई कोई फ्रेंड्स नहीं hai.to मुझे फ्रेंड चाइये इसलिए बोलै की मुझे नाम se..or सरमाके भाग गया अपने रूम मई..

प्रताप- लो जी ऐ तो इतनी सी बात मई शर्मा गया..

निशा - इसको क्या हो गया है अचानक से...

संजना भी शर्मा रही..

रेशमा- अरे कोई बात नहीं बीटा तुम्हे बुरा तो नहीं लगा है ने हमारी मजाक से..

संजना - नहीं माँ ऐसा कुछ नहीं हुवा है.. आप लोगो ने मुज अनाथ को इतना प्रेम दिया है. और माँ और डैड कहते हो तो अप्प लोगो का पूरा हक़ है. मुझे डाटने का मजाक करने का मुझे आप सब से कभी बुरा नहीं लग सकता

रेशमा- गले लगा के मेरी प्यारी बच्ची ... कितनी समझदार है..

पापा- ऑफिस निकल जाते है..

माँ और निशा और संजना माँ को मदद करती है गर के काम mai...or मई अपने रूम मई सो गया था जेक
 
अपडेट-25
पापा- ऑफिस निकल जाते है..

माँ और निशा और संजना माँ को मदद करती है गर के काम mai...or मई अपने रूम मई सो गया था जेक.

@स्टार्ट@

मई रूम जेक सो गया और वह पापा ने मंगल को बेजा था जग्गू को समजने वह क्या होता है जरा देख लेते है..

जग्गू का फार्म हाउस

मंगल अपने आदमी लेके वह पे जाता है और वह फार्महासे पे गेट पे hi मंगल की गद्दी रोकी जो गेट पे गुंडई थे उन्होंने तो मंगल ने कार का गिलास उतरा

गुंडा- कोण हो भाई किसको मिलना है.

मंगल- जग्गू से मिलना है.

गुंडा- क्या काम है भाई से अभी नहीं मिल सकते तुम भाई की इजाजत के बिना मई अंदर नहु जाने दूंगा.

मंगल- अबे लोडे तेरे भाई को फ़ोन लगा और बता की मंगलभाई मिलने आया है तुमको यदि उसको पता चला तो वो खुद यहाँ डोड़के चला आया गए..

गुंडा- ारी मंगल भाई अआप माफ़ करना भाई आपको पहचाना नहीं मेने कभी आपको देखा नहीं था इस लिए पहचान नहीं पाया आपका नाम मेने बहुत सुना है.. अभी जग्गू भाई को फ़ोन करता हु..

गुंडा जग्गू भाई को फ़ोन लगता है..

गुंडा - हैल्लो भाई..

जग्गू - बोल बे क्या काम है..

गुंडा- भाई मंगल भाई आया है..

जग्गू - kyaaa.....mangal भाई भोस्डिके कहा तूने उनको रोका क्यों बे अंदर आने नहीं तो गांड मर जाएँगी..

गुंडा- ऐ सुनके गुंडा भी दर गया साला जग्गू भी डरता है इससे वो भी दर के मरे थार थार कपङे laga.or भाई जाने दो गाडी माफ़ करना...

मंगल गाड़ी अंदर लेता है इतने मई जग्गू भी अंदर से मंगल भाई का नाम सुनके दौड़ता हुवा बहार आ गया कार कम्प्लेट उसके फार्महासे के अंदर के दूर के पास खड़ी करदी और जैसे hi गाडी रुकी जग्गू दौड़ते हुए आया और गाडी का दूर खोले ke..mangal भाई को नमस्ते करने लगा..

जग्गू- भाई आप ीदार मुझे खबर करदी होती तो मई आजा ता idhar..apko मिलने.

मंगल- काम थोड़ा परसनल था इसलिए आना पड़ा..

जग्गू - आइये न भाई अंदर..

मंगल और उनके खास आदमी सब जो सिक्योरिटी के ड्रेस मई थे और सब एक से बढ़कर एक और सबके पास लाइसेंस वाली बॉडी गार्ड गन thi...kul मिलके 5 से 6 लोग थे जो दो मंगल के बाजु मई और दो मगल के पीछे.

और दो आगे चल रहे थे और मंगल भाई बीच mai..chal रहा था देखने से तो लग रहा था जैसे कोई कम हो ऐसा रुतबा था मंगल का.

जग्गू अंदर एके भाई को सोफे पे बिठा ने को बोलता है और वो खुद खड़ा हो जाता है भाई के बाजु मई..

मंगल- जग्गू बेथ इधर..

जग्गू - बेथ जाता है सोफे पे जो भाई के सामने था. और बोलै भाई क्या लो गए अप्प ठंडा या गरम .

मंगल- अभी मई ठंडा या गरम करने नहीं आया हु एक इम्पोर्टेन्ट काम के लिए आया हु..

जग्गू- हां बोलिये न भाई क्या बात है.

मंगल- जागु मेने सुना है तेरे भाई का जगदा हुवा था और हॉस्पिटल मई है..

जग्गू - हां भाई सोल्लगे मई किसी लड़के ने उसको इतना मारा है की वो ाब्ब कोमा चला गया hai..or कब कोमा से बहार aayengaa..bhai ऐ भी कुछ समाज नहीं आ रहा है..

मंगल- किसने किया ऐ पता है तुमको.

जागु - भाई उसका नाम तो कुछ पता नहीं hai.lekin उसका विडिओ हमें मिला है मई उसको छोडूंगा नहीं कही भी ho...mere आदमी हर जगह उसकी और वो लड़की की तलश कर रहे है..

जागु..- लेकिन भाई आप क्यों पूछ रहे हो .

मनगल- देख जग्गू मेरी बात धायण से सुन जिसने भी मारा है तेरे भाई को वो मेरे बड़ा भाई का लड़का है..

जागु..- kyaa...bhai ऐ आप क्या बोल रहे हो..

मंगल- हां तुम सही सुन रहे हो..

जग्गू - ऐ मेरे भाई ने आपके भतीजे से कहा पंगा ले लिया भाई माफ़ करदिजयेगा उसको उसको उसकी किये की सजा मिल गयी है उसको कुछ करना मत भाई मई आपको उसके किये के लिए माफ़ी मांगता हु और मंगल भाई के पेअर पकड़ लेता है..

मंगल- देख जगदा तेरे भाई ने सुरु किया था.. और उसने भी राज को चाकू मारा था इसलिए राज ने उसको मारा तो फिर अब राज को भी लगा है और तेरे भाई को भी इसलिए तुजसे कहता हु की अब राज और संजना से दूर रहना और उनको कुछ भी हुवा तो फिर तुजे बाटने की जरुरत नहीं है मुझे मि क्या कर सकता हु..

जग्गू.- बही देखिये मुझे मालूम नहीं था इसलिए मेने उसको खोजने के लिए अपने लोगो को बेजा यदि मुझे मालूम होता तो मई कभी ऐसा नहीं करता .

मंगल- देख तेरे भाई का जो भी खर्चा होंगे वो मई दूंगा और बॉम्बे की हॉस्पिटल मई उसका इलाज करने के लिए मैने बंदोबस्त कर लिया है . वो बिलकुल ठीक हो जाएंगे उसकी गाररतंतय मेरी लेकिन जो राज को कुछ हुवा या उस लड़की को तो मई किसीको नहीं छोडूंगा ..

जग्गू - नहीं भाई हम आपकी कही बात मने न ऐसा कभी नहीं होंगे आपकी वजह से hi मई आज इतना बड़ा बना हु नहीं तो मई कही गात्र मई साद रहा होता..

मई. और अप्प मेरे भाई का इलाज करवा रहे हो और उसको थिक करने का कह रहे हो तो मई आपका ऐ एहसान कभी नहीं बोलूंगा..

मंगल- तो फिर थिक है तू अपने आदमी को बोल गए की अब से राज और संजना से दूर रहे और ऐ बात यही ख़तम हो जनि चाइये . और बॉम्बे के लिए मेरी वह बात हो गयी है ये ले वह की हॉस्पिटल का कार्ड और जेक मेरा no पे बात करा देना. और वह इलाज सुरु हो जाएंगे..

जागु..- ठीक है भाई जैसा आप कहे मई कल सुबह hi निकल जाऊंगा फ्लाइट से इलाज करवाने और मेरे आदमी ो को भी बोल देता हु की वो लोग वापस आ जाए और राज और संजना को तंग न करे ..

मंगल- ok तो फिर मई चलता हु..

जग्गू- भाई इधर अप्प ए हो तो कुछ तो lijiye.thanda या गरम या फिर रात का खाना खाके जाईये..

मंगल- खाना खाने बाद मई आऊंगा mai..lekin तू इतना कह रहा hai.to कूफ़े मंगवा दे..

फिर मंगल कफ पाइक अपने आदमी के साथ निकल जाता है. सीधा ऑफिस के लिए..

उधर ऑफिस पे शाम के 7 बजे the.or पापा और सोनिया ऑफिस से रिलेटड बाटे कर रहे थे और इतने मई मंगल आता है..

mangal-namste भाई..

प्रताप- नमस्ते मंगल आ गया तू.

मंगल- हां भाई..

प्रताप- क्या हुवा जागू से मिलके आया की nahi..kya कहा उसने

मंगल- भाई जग्गू को तो मालूम hi नहीं था की राज मेरे भाई का लड़का hai..phir मंगल सब बता देता hai..jo बात वह हई थी वो.


परतप- जग्गू ने अपने लिए अच्छा किया हमरी ऑफर मनके नहीं to.unska नमो निशान मिट जाता.

सोनिया- क्या हुवा सर ..

फिर सोनिया को जब पता चलता है तो वो बोलती है.

सोनिया - सर इतनी बड़ी प्रॉब्लम हो गयी और अपने हमको बतया hi नहीं na..hum भी राज को मिल न लेते हॉस्पिटल मई आके..

प्रटप- कोई बात नहीं अब वो बिलकुल ठीक है. और गर पर आराम कर रहा है तुम मंगल के साथ चली जाना और मिल लेने गर जेक राज को.

मंगल- हां सोनू तुम मेरे साथ चलना मई भी काम की वजह से जा नहीं पाया राज मुझसे रूत जाएंगे कल जेक मिल लेंगे..

परतप- चलो अब्ब गर भी निकलना होंगे..

और सब गर के लिए निकल जाते है..
 
अपडेट-26
प्रटप- कोई बात नहीं अब वो बिलकुल ठीक है. और गर पर आराम कर रहा है तुम मंगल के साथ चली जाना और मिल लेने गर जेक राज को.

मंगल- हां सोनू तुम मेरे साथ चलना मई भी काम की वजह से जा नहीं पाया राज मुझसे रूत जाएंगे कल जेक मिल लेंगे..

परतप- चलो अब्ब गर भी निकलना होंगे..

और सब गर के लिए निकल जाते है..

@स्टार्ट@

इधर मेरी नींद करीब 7:30 बजे खुली और अब्ब मुझे पहले से काफी अच्छा महसूस हो रहा था जैसे लग रहा था कोई गांव hi नहीं लगा है ऐसा लगता tha.or मई फ्रेस होक निचे आया .

तो मैंने निचे देखा की निशा टीवी देख रही है और सजाना माँ के साथ खाना बना रही थी किचन मई मई आके सीधा निचे सोफे पे बेथ गया.

निशा- अरे बेतु तू उठ गया कब का सो रहा था .अब किसा लग रहा है.

राज- हां दी वो क्या था न मुझे आज जोरो की नींद आ रही थी तो मई सो गया था और अब पहले से बेहतर है..

हम दोनों बाटे कर रहे थे तो इतने मई गर की दूर बेल्ल बजी तो मई गया दूर खोलने तो देखा पापा आ गए थे..

परताप- अरे राज बीटा तू अब्ब किसा है तू..

राज- बस पापा बिलकुल थिक हु

फिर पापा अंदर गए और फ्रेस हयूए और फिर इतने मई हम लोग संजना मई पापा निशा माँ चारो खाना कहने बैठे और बाते की..

फिर मई सीधा जेक टीवी देखने लगा और माँ निशा और संजना मिलके बाकि का काम करने लगे और पापा मेरे पैसा आके बैठे .

परताप- राज उस जागु को मंगल ने ाची तरह समजा दिया है अब वो तुजे और संजना को परेशां नहीं करेगा..

राज- और वो मोन्तेय किसा है पापा

पापा- मोंटी कोमा मई है और उसके इलाज के लिए मंगल ने उनको कल सुबह hi बॉम्बे बेज देंगे और वह उसका इलाज होंगे मंगल ने सारा इंतजाम कर दिया है..

राज- हम्म पापा ऐ काम आप ने अच्छा किया. मंगल भाई किधर है अभी तक मुझे मिलने भी नहीं आये है..

पापा- वो तेरा hi काम करने गया था और उसे पता hi नहीं था की तुजे मिलने आये वैसे भी वो कल आने वाला है तुजे मिलने.

राज- आने दो उनको ाची से खातिरदारी करूँगा कितने दिन हो गए मुझसे मिलने भी नहीं आये है.

पापा और मई बाते कर रहे थे और इतने मई माँ , निशा और संजना आये काम पूरा करके.

पापा- संजना बीटा किसा लग रहा है हमारे गर पे..

संजना - नहीं पापा आपलोगो का इतना प्यार मिलता है की मुझे किसी चीज की कमी महसूस hi नहीं होती है..

निशा- माँ मई तो सोने जा रही hu..muje नींद आ रही है.. गुड नाईट आल.

राज- गुड नाईट दी.

डैड- मई भी सोने जा रहा हु.

और माँ भी थोड़ी देर बेथ के चली गयी और रहे मई और संजना .

राज- तुम्हे नींद नहीं आ रही है संजना .

संजना - नहीं अभी नयी जगह है ओस लिए एडजस्ट होने मई थोड़ा टाइम तो लगे गए न..

राज- मुझे भी अभी नींद नहीं आ रही है .

संजना - अब किसी है आपकी तकबीयत

राज - मई तो बिलकुल ठीक hu..chalo हम दोनों टेरेस पे जेक बेथ ते hai..waha खुले आसमान मई ठंडी हवा का मजा लेते है.

संजना - ok चलो.

मई और संजना तरस पे आ गए और वह भी हमें बैठने के लिए सोफे रखे है कभी कभी हम रात को वह बेथ के बाते करते है..

संजना - वाह क्या जगह है बेटने के लिए

राज- हां हमलोग कभी कभी इधर सब लोग बैठते है..

संजना- अच्छा गर बनवाया है पापा ने.

राज- हां ऐ सब माँ की प्लानिंग है ..

sanjna-ek बात कहु मेरी बजह से आप को कितनी तकलीफ उठानी पद रही है..

राज- ऐसा कुछ नहीं है तुम्हारी जगह की और भी होता तो मई उसकी हेल्प करता ..

संजना- वो गुंडे अब आपका को तंग करेंगे और फिर से जगदा होंगे तो

राज- अब्ब ऐसा कुछ नहीं होंगे

संजना- वो कैसे ..

राज- फिर पापा ने जो बात बताई वो सब मई ने बता दिया संजना को..

संजना - ऐ मंगल भाई कोण है..

राज - वो मेरे गुरु hai..or पापा को अपना भाई मानते है और हमरे बिसनेस मई सेक्रेटरी टोटल जिम्मेदारी उनकी है वो सब वही कण्ट्रोल करते है और हमारा सारा फण्ड भी वो सँभालते है..

संजना- काफी क्लोज है आपकी फॅमिली के.

राज- कसे नहीं हमरे फॅमिली मेंबर hi hai.or वैसे भी मुझे मिलने कल आने वाले है..

संजना- वैसे अपने सोल्लगे मई कोनसे बरंच मई एडमिशन लिया है.

राज- मैंने कंप्यूटर की फिल्ड लिया hai..or तुम ने .

संजना- मई ने भी वो hi ब्रांच लिया है..

राज- चलो सो जाते है बाकि बाटे कल करेंगे..

संजना - सही कहा अपने गुड नाईट

राज- गुड नाईट संजना

और हम दोनों सो गए अपने अपने रूम मई जेक..

सुबह मेरी नींद माँ के उठाने से खुली गाड़ी मई देखा तो सुबह के 9 बज गए थे..

माँ- उठ बीटा कॉफ़ी नहीं पीना क्या

राज- गुड मॉर्निंग माँ बस 10 मिनिट मई अभी निचे आया ..

फिर मई फ्रेस हुवा और निचे आ गया मैंने माँ से पूछा की

राज- निशा और संजना कहा है..

माँ - वो दोनों बहार गर्दन मई है .

राज- अच्छा

फिर मैंने कफ पिया और उठा और मई भी वह गर्दन मई जेक बेथ गया उनके पास

निशा- गुड मॉर्निंग दिकू

राज- गुड मॉर्निंग दी..

संजना- गुड मॉर्निंग राज जी..

जैसी hi संजना बोली मेरी नजर उसपे गयी वो क्या लग रही थी एकदम अप्सरा जैसी लग रही बिलकुल गोरा रंग और उसपे उसने कपड़ो मई ब्लैक कलर का सिंपल से ड्रेस मई खुले लम्बे बाल और आंखे ेकुड़ुम नील रंग की मई तो उसमे खोसा गया था और एकदम दीदी ने देखा तो वो बोली raj...raj... दो तीन बार पुकारा तब जेक मुझे होसे आया तो मई बोलै

राज- हआ दीदी गुड मॉर्निंग संजना

निशा- कहा खो गया thaa..haaa

राज- कुछ नहीं दी कहा भी नहीं खोया था..

वो सब छोड़ा न दी अप्प सोल्लगे नहीं जाना क्या अप्प दोनों को

निशा- नहीं आज्ज हम दोनों शॉपिंग पे जायेंगे..

राज- अच्छा दी एक काम करना अप्प संजना के लिए भी ाची कपडे ले लेना और उसको जो भी जरूरत हो वो भी ले लेना ..

संजना - जी उसकी कोई आअवश्क्ता hi नहीं है मेरे पास कपडे है..

निशा- भाई मई उसके लिए hi शॉपिंग पे जा रही हु ..और हां क्या बोली तू की कपड़ो की जरुरत नहीं तुम्हारे पास तो 3 से 4 जोड़ी hi ड्रेस है .और तुम कहती हो मेरे पास है..

संजना- मुझे चलेगा दीदी मई इतने hi कपडे रखती हु जितनी जरुरत हो अप्प मेरे लिए क्यों पइसे बर्बाद कर रहे हो..

राज- संजना कर दी न तुमने पराये वाली बात तुम ने अभी तक हमको तुम्हारी फॅमिली की तरह नहीं मानती हो इस लिए मन कर रही हो न.

संजना- नहीं ऐसा नहीं है राज ji..mai तो सिर्फ...

निशा- मुझे कीच नहीं सुन न तुम मेरे साथ चलोगी और कपडे भी लेने पड़े गए अब्ब तो तुमको मेरे जितने कपडे और सब सामन रखना पड़े गए अपने लिए.

राज- हां दी सही कहा अपने संजना तुम हम लोगो को अपना मानती हो तो लेने hi पड़ेंगे सामन ..

संजना- ok मई ले लुंगी बाबा बस अब खुस

निशा - राज ने कहा तो मान गयी और मई तेरी बड़ी दीदी नहीं हु kyaa..haaa

संजना- शर्मा के नहीं दीदी ऐसी बात नहीं है..

राज- क्या दी अप्प भी कुछ भी बोलती रहती हो..

हमलोग बाटे hi कर रहे थे और इतने मई एक ब्लैक कलर की होमर कार एके ृति है और उसमे se...kuch बॉडीगार्ड निचे उतरे और कार का बैक डोर खोला तो उसमे से मंगल भाई बहार nikle.or साथ मई एक खूबसऊरत लड़की जो हमरे ऑफिस के ड्रेस मई थी वो बहार निकली..

उनको देल्हते hi मई खड़ा हुवा और दौड़ता हुवा उनके सामने जेक रुका.

राज- अरे मंगल bhai...app इधर और मई जेक उनके गले लग गया..

मंगल - भी मुझे देख के क्यों मेरे शेर भाई केसा है तू...

राज- मई तो एकदम फिट हु लेकिन आपसे बहुत नाराज हु.

मंगल- क्यों क्या हुवा तुमको क्यों नाराज है.

निशा- भइया क्युकी अप्प जो इतने दिन बाद याए हो हमरे गर... अब तो हमें भूल hi गए हो आप अंदर चलिए अभी तो आपकी बजने वाली है..

मंगल- ारी निशा मेरी बेहेन किसी है tu...or हां सॉरी राज मई काम मई फास गया था. इस लिए नहीं आ पाया इधर..

राज- अच्छा चलिए अंदर..

फिर हमलोग अंदर आ गए और सोफे पे बैठे hi थे और इतने mai..papa और माँ उनके रूम से आये ..

हम लोगो को देख के पापा और माँ एक साथ बोले .

माँ- अरे आज सुरुज कहा से निकला है राज.

और हमरी नजर उनकी तरफ जाती है और मंगल माँ और पापा को देख के खड़ा हो जाता है और सीधा माँ को जेक पेअर छटा है और पापा के भी पेअर चेके नमस्ते करता है..

मंगल भी माँ को माँ कहता था इस लिए .

मंगल- माँ अप्प किसी हो..

माँ- अब जेक अपनी माँ की याद आ रही है तुमको हआ.

पापा- मंगल आज तो तुम्हारी खेर नहीं है..

मंगल- अरे माँ माफ़ कार्डो मुझे थोड़ा काम ज्यादा था इसलिए नहीं आ पाया आप लोगो से मिलने..

माँ- फिर भी तुम्हे टाइम निकलना पड़े गए हमको मिलने के लिए.

मंगल- माफ़ क्र दो न माँ मई अब से 2 से 3 दिन मई आ आता रहूँगा ना.

माँ- चल अब बेथ और क्या पिएंगे बोल कॉफी या टिया.

मंगल- मुझे तो आपकी हाथ की कफ पीना है..

अब्ब माँ की नजर सोनिया पे जाती है..

माँ- अरे सोनिया तुम भी आयी हो आज

सोनिया- हां मेम मई भी सुना था राज सर को चाकू लगा है तो मई भी आ गयी मंगल जी के साथ.

माँ सोनिया को जानती थी क्युकी माँ कभी कभी पापा के साथ ऑफिस जाती थी इसलिए वो ऑफिस मई सब को जानती thi..lekin मई कभी गया नहीं था और जब गया था तब मेरी उम्र भीत छोटी थी..

और माँ कफ बनाने के लिए चली गयी..

पापा - सोनिया इसे मिलो ऐ hai..raj मेरा बीटा..

सोनिया- hi राज सर नीस तू मीट यू

राज- hi सोनिया जी... शामे तू यू

पापा- और ऐ है निशा मेरी बेटी..

सोनिया- hi निशा मेडम

निशा- hi सोनिया दीदी मेडम नहीं दीदी कहो..

सोनिया - ok निशा दीदी

पापा - और ऐ है मेरी बेटी संजना

सोनिया - hi.. संजना मेडम

संजना - hi.. मुझे भी आप दीदी आखो सोनिया दीदी.

राज- अच्छा पापा ऐ सोनिया जी हमरे ऑफिस मई काम करती है क्या.

मंगल- कभो ऑफिस भी आता नहीं है तो फिर कहा से पता चलेगा भाई ..हआ

पापा- हां मंगल सही कहा तुमने.. सोनिया हमरी ऑफिस की सेक्रेटरी है यही सब सटटफ को संभालती है..

राज- ोोू अच्छा ऐसा है .अब तो ऑफिस एक बार जरूर आऊंगा अप्प लोगो से मिलने..

मंगल- हां बे अब्ब तो तुमको आना hi पडेगा रविवार के दिन चट्टी होती है न तुम्हारी..

राज- हां मई जरूर आऊंगा मुझे भी आपसे बहुत काम है..

पापा - हां शै कहा..

सोनिया - राज सर आप एकदिन आईये अप्पके सब से ऑफिस मई परिचय करवाउंगी..

राज- ok मई जरूर औंग..

इतने मई माँ कूफ़े लेके आ गयी और हम लोग कूफ़े पिटे ह्यूए बाते करने लगे इधर मई पापा और मंगल बात कर रहे थे और दूसरे सोफे पे संजना सोनिया निशा और माँ बाटे कर रहे थे.

और इतने मई डॉक्टर आती है जो हमारी फॅमिली डॉक् थी..
 
अपडेट-27
राज- ok मई जरूर औंग..

इतने मई माँ कूफ़े लेके आ गयी और हम लोग कूफ़े पिटे ह्यूए बाते करने लगे इधर मई पापा और मंगल बात कर रहे थे और दूसरे सोफे पे संजना सोनिया निशा और माँ बाटे कर रहे थे.

और इतने मई डॉक्टर आती है जो हमारी फॅमिली डॉक् थी..

@ स्टार्ट@

पहले थोड़ा परिचय करवा दू आपलोगा का जो नई है

1.मंगल भाई- इसकी उम्र 30 साल की hai..ae है पापा के भाई जैसा बल्कि पापा को अपना बड़ा भाई hi मंटा hai..or हरिकका बीटा hai..or हमारा बिज़नेस क सभी काम हैंडल करता है प्लस हर तरह से एक्सपर्ट है फ्लाइट स्किल ा कमांडो जैसी hai..papa ने पूरी तरह से उसे बचपन से स्पेशल तरीने किया है मई भी उनको भइया कहता हु और गुरु bhi.or हमारा बिज़नेस का पूरा अकॉउंट इनका hi जवाबदारी है.

2.सोनिया- उम्र इसकी 26 की है अभी तक सदी नहीं की है फिगर इसका लाजवाब है क्युकी दिखने साउथ ास्ट्रीस जैसी लगती है 32-30-36 की साइज इसकी गांड देख के हर एक का लुंड खड़ा होजाय .और हमरी ऑफिस मई पापा की सेक्रेटरी है और ऑफिस का पूरा वर्क और एम्प्लॉय को हैंडल करना इसका काम है..

3.डॉ अनु - ऐ हमारी फॅमिली डॉक् है और सिटी हॉस्पिटल मई हेड डॉक्टर भी hai..dikhne मई एकदम रापचिक माल लगती hai.umar मई 30 की है..

साडी नहीं की है अभी भी..

अब्ब्ब सुरु करते है कहानी..

हम लोग बात hi कर रहे थे और डॉक्टर ने दूर बेल्ल बजी तो निशा ने दूर खोला तो सामने डॉ अनु कड़ी थी और उनको लेके वो अंदर आयी ..

जैसे hi निशा और डॉ अंदर आये हमारी नजर उनपे गयी तो माँ बोली.

माँ- अनु किसी है तू..

डॉ अनु - अन्तेय मई तो बिलकुल ठीक हु

माँ- अच्छा बेथ तू मई कफ लती हु..

फिर हम सब बारी बरी मिले अनु से फिर अनु बोली.

डॉ अनु- क्या राज कहा चोट लगा के आया है मई कही बहार गयी थी तो तुमने मुझे फ़ोन करके बताया क्यों नहीं की तुम्हे चाकू लगा था.

राज- हम क्या करे हम तो आपकी hi हॉस्पिटल आये थे लेकिन आप तो कही बहार गयी हुयी थी तो..

डॉ अनु..- अच्छा बता अब्ब कहा चोट लगी है तुम्हे..

पापा- अनु पहले कॉफ़ी तो पि ले फिर बाद मई राज का ड्रेसिंग करना..

फिर माँ कूफ़े देती है और फिर डॉ अनु मुझे अपने रूम मई ले जाती है और मैंने अपना गांव वाली जगह दिखाई तो डॉक्टर ने मेरी पाटिया खोली तो गांव एकदम चला गया था एकदम पहले जैसा हो गया था जैसा की कोई गांव hi ना लगा हो ऐसा हो गया thaa.ae देख क डॉ अनु बोली.

डॉ अनु- राज कहा गांव लगा है तुम्हे तुम तो बिलकुल फिट हो.

राज- क्या आपको गांव नहीं दिख रहा जहा मुझे पाटिया लगी थी वह तो गांव लगा था.

डॉ अनु - क्या ! इधर तो कोई चाकू लगने का भी निशान नहीं है..

राज- ऐ कैसे हो सकता है इतना जल्दी गांव कैसे चला गया.

डॉ अनु - तुम्हे दर्द है की नहीं अभी वह पर.

राज- नहीं डॉ मुझे तो कुछ नहीं हो रहा वह पर बिलकुल फिट एंड फाइन लग रहा है..

डॉ अनु - अब्ब तो ड्रसिंग तो होगी नहीं तुम्हारी क्यों की तुम तो एक दम फिट हो.. इस लिए पाटिया भी नहीं लगा रही हु .

राज- ठीक है डॉ अब तो मई गर क बहार और सोल्लगे भी जा सकता हु ना.

डॉ अनु - हां अब्ब तुम कही भी जा सकते हो..

फिर मई और डॉ दोनों बहार आये तो माँ बोली .

माँ- अनु केसा है उसका गांव अब्ब..

डॉ अनु - राज का गए तो एकदम चला गया है और अब्ब तो दिखाई भी नहीं देता लगता है कोई गांव भी नहीं लगा ऐसा दीखता है..

माँ- क्या इतना जल्दी रिकवर कैसे हो सकता है..

pratapsing(apne मन मई.) - लगता है उसका असर सुरु हो गया है ..अब्ब उसे खुश नहीं hoga..aee राज क्या है वो आगे कहानी मई पता चलेगा.

डॉ अनु - हां मई भी देख के हैरान थी की राज का गांव क्यों दिख नहीं रहा लेकिन राज का कहना है की अब्ब उसे कुछ दर्द भी नहीं हो रहा है..

मंगल- ऐ कैसे संभव है एक hi दिन मई रिकवर हो गया .

प्रताप- अरे इसमें सोचने वाली कोनसी बात है ऐ तो मेरे बेटे की रोज की म्हणत का फल है.

माँ - वो कैसे

परतप- वो इस लिए की राज हर रोज जिम करता है और फिट एंड फाइन रहता है इसलिए उसका बॉडी भी चलते है इसलिए सायद रिकवर होने मई टाइम नहीं लगा.

राज- हां पापा अपने बिलकुल सही कहा ऐसा hi..

डॉ अनु - हां सही कहा..

मंगल - दिखा जरा तुम्हे गांव कहा लगा था.

फिर मैंने अपनी टीशर्ट उतरी और जहा गांव लगा था वो जगह दिखाई.

जैसी hi मैंने अपनी टीशर्ट ुअत्तरी तो निशा , संजना, डॉ अनु , soniya.sab लड़किया मेरी बॉडी और मेरे सिक्स पैक कोई hi देख रहे थे..

मंगल- अरे राज तुम्हे तो कही गांव लगा hi नहीं है ऐसा दिकता है..

माँ- हां सही कहा .

राज - अब्ब मई एकदम फिट हु और डॉ ने भी बोलै है की अब मई सोल्लगे भी जा सकता हु..

माँ- क्या तू कही नहीं जायेगा अभी आराम करेंगे.

डॉ अनु - अरे अन्तेय अब्ब वो बिलकुल ठीक है अब वो कही भी जा सकता है..

परताप- अरे राज अब तुम सोल्लगे जा सकते ho..tum बिलकुल फिट हो..

मंगल- भाई अब हम चलते है ऑफिस

प्रताप- हां मई भी आ रहा हु रुको साथ hi चलते है..

फिर पापा , मंगल, सोनिया तीनो चले गए अपने ऑफिस.

माँ- अनु खाना खाके जाना तुम.

डॉ अनु - नहीं अन्तेय आज नहीं फिर कभी आउंगी मई आज तो हॉस्पिटल जाना पड़ेगा...

माँ- तुम टाइम तो निकलती hi नहीं हो.

राज- हां सही कहा माँ अपने.

माँ- अनु इस मिल ै है संजना मेरी दूसरी बेटी ..

डॉ अनु - क्या आपकी दूसरी बेटी..

माँ फिर डॉ अनु को साडी बात बताती है..

डॉ अनु - hi संजना

संजना- hi अनु दीदी आपको मिलके अच्छा लगा.

फिर डॉ चली जाती है और माँ अपना काम करने लग जाती है. मई संजना निशा बचे थे .

निशा- भाई आप चलोगे हमरे साथ शॉपिंग पे .

राज- हां दी मई भी आता हु आपलोगो के साथ मई भी बैठे बैठे बोर हो जाऊंगा इधर .

mom-rasoi मई से निकलते हुए कहा जाने की बात हो रही है.

निशा- मॉल मई जा रहे है हम शॉपिंग पे जा रहे hai..kya है न संजना के लिए कपडे भी लेने है.

माँ- हां संजना बेटी को जो भी चाहिए वो सब राज तुम उसको दिला देना

राज- हां माँ

माँ- तुम्हारे पास पइसे तो हिन् न

राज- हां माँ मेरे पास दो दो कार्ड है..

माँ- अच्छा निचे गरज मई से कार लेके जाना तुम तीनो

राज- ok माँ..

 
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