Apne Pyaare rishte - Page 13 - SexBaba
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Apne Pyaare rishte

अपडेट 109



अभी में अपने कमरे में आके आज के बारे में hi सोच रहा था की सबसे पहले ममी से सम्बन्ध फिर जंगल में किया हुआ कांड फिर गांव में जो डाकुओं को मारा वही सब दिमाग में चल रहा था

में अभी सबके बारे में सोच hi रहा था की तभी मेरे रूम में गाइड आ जाता है

ग :- क्या बात है राज आज तोह तुमने कमल कर दिया अपने शक्तियों का जिस प्रकार से तुमने इस्तेमाल किया अपने दोनों रूपों को अपने साथ भी कर लिया शाब्बाश

में :- शुक्रिया गुरुवार लेकिन

ग :- तुम यही सोच रहे हो न की जंगल में तुमने कैसे तुरंत hi अपने दोनों चरों पे काबू प् कर उनकी शक्तिया भी इस्तेमाल कर पाए

में :- जी

ग :- ये वही विद्या है जिससे तुमने अपने hi परिवार को ख़तम करने का प्रयास किया था

जब मेने गाइड की बात सुनी तोह मेरा तोह दिमाग ने hi काम करना बंद किया

में :- (शॉक से) क्या

ग :- है लेकिन इस बार तुमने उसकी ऊर्जा को सँभालने में सक्षम थे इसीलिए तुम्हारे अंतर्मन ने स्वयं hi तुम्हे उस विद्या का स्मरण कराया

में :- ठीक है तोह क्या हम अगले चक्र की और बढे कल सुबह मेरे पास समय काम होगा

ग :- क्या तुम चक्रों को संभल पाओगे

में :- जी में संभल लूंगा

ग :- ठीक है तोह तुम फिर से उसी विद्या का स्मरण करो और में तुम्हारा मार्गदर्शन करता हूँ

गाइड की बात सुनके में ध्यान में बैठ जाता हु

ग :- तोह शुरू करे राज

में :- जी बिलकुल

ग :- तीसरा चक्र है मणिपुर चक्र ये अग्नि तत्त्व से जुड़ा हुआ होता है यह चक्र तुम्हे तुम्हारे भाग्य को नियंत्रित करने और शक्तिशाली महसूस करने की अनुमति देता है. इस चक्र को खोलने के लिए "राम" मन्त्र का जाप किया जाता है. इस चक्र से तुम अपने भाग्य को नियंत्रित कर सकते हो.

उसके बाद चौथा चक्र अनहता. ये चक्र तुम्हारे वायु तत्त्व से जुड़ा हुआ होता है अहंता चक्र प्रेम से जुड़ा है. ये तुम्हारे रिश्तों को मजबूत बनता है इसको जागृत करने की लिए तुम्हे "याम" मन्त्र का जाप करना होगा

ग :- अब तुम्हे दोनों चरों से जुडी जरूरी जानकारी मेने प्रदान कर दी है अब तुम आगे की प्रक्रिया प्रारम्भ करो

गाइड ने जब मुझे आज्ञा दी तोह में भी ध्यान लगाने लगा इस बार मेने किसी एक नहीं बल्कि एक साथ 2 चक्रों को जागृत कर रहा था न सिर्फ जागृत करना था बल्कि उन्हें काबू भी करना था जो आसान नहीं था

जब मेने ध्यान लगाने लगा तोह सर्व प्रथम में अपने अंतर्मन में झक कर अपने कुण्डलिनी को जागृत किया और उससे मेने आज 4 भागों में विभज के 4रो चक्रों में प्रवाहित किया मेरे मुलधर और स्वादिष्ठान चक्र तोह पहले hi पूर्ण तरीके से काबू कर लिया था तोह अब मुझे बस 2 हिस्सों पर hi फोकस करना था तोह मेने जब अपने कुण्डलिनी के हिस्सों पर ध्यान केंद्रित करने लगा तोह मेरे शरीर को झटके लगने सुरु हुए ऐसे झटके मुझे पहले भी फील हुए थे जब में चक्रों को जागृत करना चाहता लेकिन ये उससे कही ज्यादा ताकतवर और खतरनाक झटके थे ऐसा लगता की ये मेरे अंदर की आँतड़ियों को hi फाड़ देंगे क़िब्ताभी मुझे गाइड की आवाज सुनाई देने लगी

ग :- राज डरो मत ये तामसिक विद्या है इसीलिए ये जितनी जल्दी तुम्हे ताकत देती है उतने hi ज्यादा कष्ट भी ये पग पग पर तुम्हे डराएगी तुम्हे हानि पहुचायेगी लेकिन तुम्हे इन सब पर नहीं केवल अपने लक्ष्यों पर hi काबू रखना है

जहा ये सब हो रहा था वही दूसरी तरफ इस समय मां ममी अपने कमरे में बैठे थे और ममी वही काढ़ा पि रही थी लेकिन वह उन्हें इतना कड़वा लग रहा था की पूछो मत उनसे वह निगला hi नहीं जा रहा था खैर जैसे तैसे उन्होंने पूरा गिलास ख़तम किया वही मां ममी के ाओसे रिएक्शन देख के शॉकेड थे

मां :- अगर इतना hi कड़वा है तोह मत पियो वोसे क्या पि रही हो

ममी :- ये मेरी एक दोस्त ने दिया है वह आयुर्वेदा में एक्सपर्ट है उसे मेरी कंडीशन के बारे में पता है इसीलिए उसने ये ख़ास काढ़ा दिया और कहा है की ये मेरे अंदर के सरे ड्रग्स को निकल के बहार फेक देगा

मां :- ाचा लेकिन क्या ये जेन्युइन तोह है या बस ऐसे हिवकुछ पौधे पकड़ा दिए हो

ममी :- उसपे मुझे पूरा भरोसा है

अभी मां ममी बात hi कर रहे थे की तभी ममी को वोमिट होने लगी तोह ममी तुरंत भागते हुए बाथरूम चली गयी फिर कुछ hi देर में अंदर से शावर की आवाज आने लगी

फिर जब ममी बहार आयी तोह मां ने पूछा

मां :- तुम्हारी तब्येत तोह ठीक है

ममी :- है शायद ये उसी काढ़े का असर है जो वोमिट के टास्ते धीरे धीरे सारा ड्रग बहार निकल रहा है (कुछ सोच के) सुनिए न

मां :- है बोलो

ममी :- मेने जब अपनी दोस्त को अपने माँ न बनाने के बारे में बताया तोह उसने मुझे ये एक और दवा दी और कहा इसे दूध के साथ लेना जिससे किसी के भी अंदर जोश बढ़ जाता है और उसके बचे पैदा करने की क्षमता भी बढ़ जाती है

मां :- पर

ममी (इमोशनल ड्रामा करते हुए) :- प्लीज ये ले लीजिये में नहीं चाहती की में कभी भी आपको धोका दू भले hi इसमें आपकी मर्ज़ी hi क्यों न हो

मां :- पर

ममी :- (भोला चेहरा बनके) प्लीज

मां :- ok

फिर मां वह गोली खा लेते है

वही मेरे रूम में

में इस वक़्त अपने अंतर्मन में hi था इसीलिए मुझे ये तोह पता नहीं चला की मुझे ध्यान में बैठे कितना समय हुआ है लेकिन ये फिक्स था की मुझे बहुत समय हो गया है क्यूंकि मेने अब तक मणिपुर चक्र को पूरी तरीके से और अहंता चक्र को भी करीब करीब पूरा काबू कर लिया था फिर जब मेने अपने अहंता चक्र पे भी काबू प् लिया तोह में अपने ध्यान से उठ गया तोह मेने देखा की में अपने कमरे में hi हु लेकिन मेरे शरीर में अब जरा भी ऊर्जा नहीं बची थी में बहुत थक गया था इसीलिए में पहले बाथरूम जेक फ्रेश हुआ और फिर सो गया

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आज के लिए इतना hi


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अपडेट 110



में अपने ध्यान से उठ गया तोह मेने देखा की में अपने कमरे में hi हु लेकिन मेरे शरीर में अब जरा भी ऊर्जा नहीं बची थी में बहुत थक गया था इसीलिए में पहले बाथरूम जेक फ्रेश हुआ और फिर सो गया

अभी में सो रहा था की तभी मुझे मेरे लुंड पर कुछ हलचल महसूस हुई जिससे मेरी नींद टूट गयी

जब मेने अपनी आखे खोली तोह देखा की ममी बीएड पर मेरे बगल में बैठ के मेरे लुंड को घूर रही थी और अपने हाथों से धीरे धीरे हिला रही थी

में (शॉकेड से) :- ममी ये सब क्या अगर कोई ऊपर आज्ञा तो क्या होगा और आप ऐसे क्यों कर रही हो

ममी :- राज मुझे बहुत बेचैनी हो रही है मेरा बहुत मैं कर रहा प्ल्ज़ मेरी खुजली मिटा दे और

मैंने सबके कमरों का गेट लगा दिया है और मां को भी धोके से नींद की दवा दे दी है

इतना बोलते hi ममी ने पागलो की तरह मुझ पे झपट पड़ी और एक hi झटके में लोअर निचे खींच दिया और

पागलो की तरह लुंड को पकड़ कर अपनी छूट पे रगड़ ने लगी और न जाने क्या क्या बाद बढ़ए जा रही थी

ममी :- आअह्ह्ह मा राज दाल दे न फाड़ दे इसे जब से तूने मुझे छोड़ा है में पागल हो गयी हु मैं करता है की बस तुझसे चुदती रहो

लुंड की रगड़ से उनकी छूट भी गीली हो के रास बहा रही थी और उनकी तड़प भी मुझसे देखि नहीं जा रही थी तो उन्हें वही घोड़ी बना के लुंड को छूट पे सेट किया और जोर से धक्का मारा और आधा लुंड अंदर

ममी :- उउउउउइइइइमा मरगयीईइ में आअह्ह्ह राज आआह्ह ऐसे hi फाड़ दे इसे बहुत तंग कर रही है

ममी की बात सुनके मैंने उनकी कमर पकड़ के 2/4 धक्के तेज़ मारे और पूरा लुंड जड़ तक उनकी छूट में दाल दिया

ममी :- आआह्ह्ह मेरे लाल आह ऊऊफफफ थोड़ी देर ऐसे hi महसूस करने दे ताकि कुछ सकूं मिले

में :- मेरी प्यारी ममी सकूं तो ढंग से चुद के hi मिलेगा वैसे आज तुम बिलकुल पागलो जैसा बिहेव कर रही हो ऐसे मत किया करो किसी ने देख लिया तो गड़बड़ हो जाएगी

ममी :- राज क्या करू में बहुत ज्यादा बेचैनी हो रही थी अगर तू आज मेरा साथ नहीं देता तो में कुछ भी दाल लेती इस में ाःह ऐसे hi आठ थोड़ा तेज़्ज़ कर मार ऐसे hi मार फाडड्ड फे मम्मा आह्हः ईएसस एस्सस उफ्फ्फ ुउउइइइइइमा

हम दोनों को चुदाई करते हुए 20 मं हो चुके थे और ममी झड़ने लगी थी

ममी ;- आअह्ह्ह राज में गयी उफ्फ्फ्फ़ माआ

पैर में धक्के मरता रहा तेज़ तेज़

में :- उउउफ ममी क्या छूट है तुम्हारी दिल कर रहा है की बस छोड़ता hi राहु

ममी :- बस मेरे लाल में थक गयी हु तो मेरे मुँह में दाल दे में चूस कर कर देती हु

में :- अभी तो बहुत बेचैन थी अब कैसे थक गयी हो

ममी :- शायद जड़ी बूटी का असर हो और वैसे भी तूने सारा जिस्म ढीला कर दिया प्ल्ज़ राज मान जा न

में :- ठीक है और लुंड उनकी छूट से निकल के मुँह के सामने कर दिया जिसे उन्होंने बड़े प्यार से अपने मुँह में लिया और अंदर बहार करने लगी एक अलग hi मजा आ रहा था

में :- ऊऊह्ह्ह्ह ममी ऐसे hi क्या बात है बहुत मजा आ रहा है एक hi दिन में कहा से सिख लिया सब उउउफ आह्हः ममी में आने वाला हु उउउफ

पैर ममी ने लुंड नहीं छोड़ा और आँखों से मुँह में hi झड़ने के लिए कहा तो मैं भी उनके बाल पकड़ के मुँह में धक्के लगाने लगा जैसे की में उनका मुँह hi चबोड़ रहा हु और कुछ hi देर में सारा माल उनके मुँह में भर दिया लगातार मुँह में लगते धक्को के साथ विरए की कुछ बूंदे बहार भी गिर रही थी जिस से एक तार सा बन रहा था और जब उनसे बर्दास्त न हुआ तो लुंड को बहार निकाल दिया और साँसे लेने के बाद लुंड पैर लगे पानी को फिर से चाट ने लगी और जब तक लुंड साफ़ न हुआ तब तक चाट टी रही

थोड़ी देर बाद जब हम नार्मल हुए तो मैंने ममी से पूछा

में :- ये इतना मस्त लुंड चूसना कहा से सीखा

ममी :- तेरे लिए सीखा है मेरे लाल ब्लू मूवी देख के ताकि तुझे खुश कर सकू क्यों मजा नई आया

में :- मजा इतना मजा आया की पूछो मत पैर अब जल्दी से कपडे पहनो बहुत देर हो गयी है अगर कोई उठा तोह हम पकड़े जायेंगे

ममी :- हां सच में इस छूट के चक्कर में टाइम भी भूल गयी सब के दरवाजे भी बहार से लॉक है मतलब शक पका होगा

फिर हम दोनों ने अपने कपडे पहने और फाई ममी निचे गयी और सबके दरवाजे धीरे धीरे से खोल दिए जिससे कुण्डी की आवाज न आये और किसी को शक भी न हो फिर में भी सो गया अब तोह में पहले से hi थका हुआ था और अभी ममी के साथ इतनी मेहनत भी की थी अब अगर भूकंप भी आ जाये तोह भी में उठने वाला नहीं था

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आज के लिए इतना hi


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अपडेट 111



जहा एक तरफ मेरी लाइफ में सब सही से जा रहा था वही दूसरी तरफ मुंबई में वसीम ने भी अपने काम को अंजाम देना शुरू कर दिया था (अपडेट 49 में जिस ड्राइवर की बात हुई थी वह) उसने अपने ट्रक में बहुत सी मॉडिफिकेशन्स कर ली थी जिससे वह उस बॉस का जो भी सामान है उसे बिना किसी को शक गए समुग्गले कर पाए अभी वह अपना ट्रक ड्राइव कर राग था उसके बगल में उसका एक चेला भी बैठा था इस वक़्त वसीम बहुत hi ज्यादा डरा हुआ था वही उसका चेला उसे इतना डरा हुआ देख कर शॉकेड था क्यूंकि अभी तक उन दोनों ने बहुत सी स्मगलिंग की थी भले वह ड्रग्स हो या एंटीक्वेस आज के पहले उसने वसीम को इतना डरा हुआ कभी नहीं देखा था

चेला :- उस्ताद आज आप बड़े डरे डरे दिख रहे हो क्या बात है आज टन न कोई बड़ा कन्साइनमेंट है न कोई बड़े डॉन का माल है बस एक रेड बॉक्स वोह भी हमने अचे से छुपा के रखा है

वसीम :- भले hi वह छोटा बॉक्स हो लेकिन अगर उसे कुछ हुआ तोह समझले की वह बाद में उससे पहले वह रेड बॉक्स hi हमारी जान लेगा

चेला :- मतलब

अभी वह कुछ और बोलते की तभी एक वाइट कार उनके ट्रक के आगे आ गयी जिसे दोनों hi गाड़ियों में बहुत बड़ा एक्सीडेंट हुआ वह रास्ता पूरा सुनसान था तोह कोई मदद के लिए भी नहीं था एक्सीडेंट होने के बाद सब नार्मल था जब तक की वसीम के ट्रक के बैक साइड में धमाका न हुआ वह धमाका इतना बड़ा था की वह दोनों hi गाड़िया आग के चपेट में आ गयी अब इससे क्या होगा वह हम बाद में देल्हते है

वही दूसरी तरफ

इस वक़्त सब चीजों से अनजान में आराम से अपने कमरे में सो रहा था की तभी मुझे मेरे सपने में बहुत से लड़कियों की आवाजे आने लगी जैसे वह किसी को बुला रही है उनकी जान खतरे में है ऐसा उनकी आवाज से लग रहा था में अभी उनपर ध्यान देता की तभी मेरे सपने में दिख रहा चित्र बदल गया और अब मेरे सामने एक गोडावण था जो की बंद दिख रहा था लेकिन उसके बहार कुछ ट्रक्स खड़े थे और उन ट्रक्स के नंबर प्लेट से मुझे ये तोह पता चल गया की ये गोडावण पास के hi सहर में है

अभी में इन सब बातों पर ध्यान दे रहा था की तभी मेरे रूम के दरवाजे पे दस्तक हुई जिससे दरवाजा खुल गया शायद ममी ने ठीक से बंद नहीं किया था इस वक़्त में सिर्फ लोअर में लेता था की तभी वह जो भी मेरे रूम में आया था वह कुछ पल मुझे ऐसे hi देखता रहा और फिर रूम से भाग गया

वही मेरे सपने के अंदर में तरय कर रहा था की और कुछ जानकारी मिले की तभी मेरी नींद एक hi झटके में टूट गयी और में तुरत उठ गया

इस वक़्त में पूरा पसीने में लेथ पथ था और मेरी सास भी चढ़ी हुई थी

फिर में उठ कर ध्यान लगाने बैठा लेकिन आज न जाने में ध्यान नहीं लगा प् रहा था या फिर मेरा मन hi नहीं था की ध्यान लागू फिर में बिना ध्यान लगाए hi बाथरूम में जेक नाहा लिया और फ्रेश हो कर रेडी होने लगा hi था की पता नहीं मुझे क्या हुआ और में रेगुलर कपड़ों के अलावा स्पेशल कपडे जो मुझे दीदी ने गिफ्ट किये थे वह पहन लिए और फिर फोटो खींच कर दीदी को भेज दिया

जिस पर दीदी का कुछ रिप्लाई नहीं आया तोह में भी निचे चला आया जहा सब पहले से hi रेडी थे जहा मां कुछ ज्यादा hi खुश दिख रहे थे

कुछ देर पहले

सुबह जब मां की आँख खुली तोह नींद की दवाई की वजह से उनका सर दर्द करने लगा था तोह उन्होंने ममी को भी जगा दिया और उन्हें चाय बनाने को कहा जब ममी उठने को हुई तोह कल दिन भर और रात की चुदाई से उनके छूट में एक सिरहन सी उठ गयी और उनके मुँह से एक हलकी सी चीख निकली

मां :- तुम ठीक तो हो?

ममी :- आप ये क्यों पूछ रहे हो

मां :- तुम ऐसे चीखी क्यों

ममी :- (नाटक करते हुए) मुझसे क्या पूछते हो ये आपका hi काम है, क्या हो गया था आपको रत में मेरी तो हड्डी पसली एक करदी थी आपने आजतक अपने पहले कभी ऐसी चुदाई नहीं की थी आप तो पूरे जानवर बन गए थे मुझे तो दर था कहीं मेरी चीखें सुनकर कोई उठ न जाये

मां ममी के मुँह से अपनी तारीफ सुनकर शॉकेड, खुश और कन्फ्यूज्ड तीनो एक साथ हो गए

मां :- ाचा? मगर मुझे तो यद् नहीं और में कैसे

ममी :- मतलब आपको कुछ याद नहीं क्या राजत्वको आप मुझे कितनी बेरहमी से छोड़ रहे थे ाचा हुआ आप जल्दी सो गए नहीं तोह में चलने के भी लायक नहीं रहती

मां :- क्या सच्ची में ऐसा हुअए छोड़ो तुम्हे मज़ा आया क नहीं ये बताओ

ममी :- शर्मा कर ) वो कौन सी औरत होगी जो अपने पति की ऐसी चुदाई से मस्त नहीं होगी, मगर आजतक अपने पहले तो कभी ऐसा नहीं किया, कल क्या हो गया था आपको

मां :- मुझे तो खुद पता नहीं

ममी :- लगता है ये उस दवाई का असर है जो मेरी सहेली ने आपको देने को बोलै था

मां :- ाचा! फिर तो वो दवाई वाकई कमल की है तुम्हारी दोस्त से और माँगा लेना पैसे में दे दूंगा

ममी :- कमल की है ? आफत है आफत रत में मेरा तीन बार पानी निकला और आप तो रुक hi नहीं रहे थे 40 मिनट्स काम से काम अपने मुझे रोंडा अपने निचे मुझे तोह लगता है आपने कल ज्यादा दोसे ले लिया था दवाई का

अभी वह कुछ और बोलते की तभी मौसी ने ममी को बहार से hi आवाज दे दी तोह ममी लंगड़ाती हुई hi जल्दी से बात रूम में घुस गयी

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आज के लिए इतना hi


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अपडेट 112



अभी हम सब नानाजी के कुल देवता के मंदिर के लिए निकल hi रहे लेकिन ममी को रेडी होने में बहुत टाइम लग रहा था तोह नाना और बाकि सरे निकल गए में और ममी hi हवेली में रह गए थे

में :- ममी कितनी देर लगाओगी सब चले गए

ममी :- है आयी दो मिनट

में :- जल्दी करो

फिर जब ममी बहार आयी तोह में उन्हें देखता hi रह गया इस वक़्त ममी ने एक ब्लैक साड़ी पहनी थी जो उन्होंने अपने नाभि के निचे बंधी हुई थी मुझे खुदको ऐसा घूरते हुए देख ममी भी शर्मा रही थी जो उनके खूबसूरती में चार चाँद लगा रही थी

में उन्हें ऐसे hi घूरते हुए उनके पास चला गया और उन्हें पीछे से अपने बाँहों में भर के उनके नाभि में ऊँगली घूमने लगा और साथ में hi उनकी गर्दन भी चूमने लगा जिससे ममी को भी मज़ा आ रहा था की तभी ममी का फ़ोन बज उठा जब स्क्रीन पे नाम देखा तोह मां का कॉल था हम निकले की नहीं जानने के लिए किया था

हम जैसे hi होश में आये तोह एक दूसरे को देख के हम दोनों शरमाते हुए हसने लगे

फिर हम दोनों भी निकल गए में बाइक ड्राइव कर रहा था और ममी मेरे पीछे बैठी थी गांव के बॉर्डर तक तोह हम सहो से चल रहे थे लेकिन जैसे hi गांव का बॉर्डर क्रॉस हुआ ममी मेरे से चिपक गयी जिससे उनके सुडौल मम्मी मेरे कमर में चुभ रहे थे ऊपर से सड़क ख़राब होने के कारण बार बार ब्रेक लगाना पद रहा था जिसकी वजह से ममी के ठोस और मोठे चुके मेरे कमर में और जोर से लग रहे थे जिसका अहसास होते hi मेरी धड़कन बढ़ने लगी थी में जैसे एक अलग hi आसमान में पहुंच चूका था की तभी ममी ने जोर से मुझे आवाज दी जिससे में होश में आ गया और जब मेने सामने देखा तोह एक ट्रक हमारे तरफ hi आ रहा था की तभी मेने बाइक को राइट में मोड़ दिया लेकिन मुझे उस ट्रक में कुछ गड़बड़ लगी

में :- (ट्रक को देखते हुए) जैसें

जैसें :- समझ गया आका

ममी :- चलो राज

में :- है चलिए

लेकिन अब ममी भी मस्ती के मूड में आ गयी थी जिसकी वजह से वह फिर से मुझसे चिपक गयी और इस सिर्फ चिपकी नहीं बल्कि खुद से hi अपने मम्मी मेरी छाती में चुभा रही थी और अपना एक हाथ लेक मेरे लुंड पे रख के मसलने लगी

में :- आह्हः ममी मरना है क्या अभी एक्सीडेंट होते हुए बचा है

ममी :- मुझे फरक नहीं पड़ता तुम मेरे साथ हो तोह मुझे कुछ और नहीं चाहिए और अब तोह तुम्हारे मां भी हम पर शक नहीं करेंगे

में :- क्यों

फिर ममी ने मुझे अपना पूरा प्लान बताया

में :- इसकी क्या जरुरत थी मां तोह वैसे भी हमारा साथ hi दे रहे थे

ममी :- है सही है लेकिन में नहीं चाहती की मेरे बेटे को कोई भी नाजायज बोले इसीलिए ये करना जरुरी था

में :- ाचा ठीक है

फिर ऐसे hi मस्ती करते हुए हम दोनों अपने मंजिल पर भी पहुंच गए जिधर पहुंचने में hi आराम से 4 से 5 घंटे लग गए होंगे

जब हम उस गाओ पहुंचे तोह उस गांव को बिलकुल नयी दुल्हन की तरफ सजाया गया था लेकिन वह एक अजीब सी ख़ामोशी छायी हुई थी हम जैसे hi उस गांव में पहुंचे ममी मेरे से दूर होक सीधी बैठ गयी जब नाना ने हमे आता देखा तोह वह चल के हमारे पास आये

नाना :- बड़ी जल्दी आये तुम लोग

ममी :- राज को बोलिये कितनी तेज गाड़ी चलता है ये

नाना :- ठीक है चलो अभी आराम कर लो

फिर नाना हमे लेके वही के एक घर में घुस गए जो इस गांव में सबसे बढ़िया लग रहा था

में :- नानाजी यहाँ इतनी शांति क्यों है

नानाजी :- अभी सब अपने घर पे आराम कर रहे है गर्मी के वजह से कोई घर के बहार नहीं निकतला है

में :- ाचा

फिर में भी नानाजी के साथ चल पड़ा जब हमने उस घर के अंदर गए तोह वह पहले से hi सब मौजूद थे फिर हम सब ने मिलकर खाना खाया और इस वक़्त सूरज भी सर पे चढ़ा हुआ था तोह कोई भी बहार नहीं निकलना छह रहा था इसीलिए सब अपने अपने कमरों में आराम करने चले गए लेकिन में बैठे बैठे बोआर हो गया था तोह में भी अपने कमरे में आकर ध्यान लगाने लगा और जल्द hi पहुंच गया अपने दोस्तों के पास मतलब अंतर्मन में

जहा में पंहुचा तोह मुझे शॉक लगा क्यूंकि वह मेरे जैसा hi दिखने वाला एक और शख्स दिखा लेकिन उसने किसी तांत्रिक के तरह कपडे पहने हुए थे वह और जैसें अभी कुछ बाते कर रहे थे

में :- (उस तांत्रिक से) ओह्ह hello सर आप कोण है और यहाँ कैसे आये

किंग :- राज ये भी हमारे जैसा तुम्हारा hi रूप है ये एक तांत्रिक है जब तुमने तामसिक विद्या के प्रयोग से अपने चक्रों को पूर्ण तरह से जागृत कर के उन्हें अपने काबू में किया तभी तुम्हारा ये रूप प्रकट हुआ

में :- ाचा तोह तांत्रिक महोदय आपका इस अंतर्मन की दुनिया में स्वागत है में राजवीर

तांत्रिक :- तुम्हारे अंतर्मन में आने के बाद सब ज्ञात हो गया है मुझे और तुम्हारे शर्ते भी तुम्हारे (जैसें के तरफ इशारा करके) गुलाम ने बता दी है

में :- ok लेकिन एक बात और यहाँ कोई भी गुलाम और आका नहीं है यहाँ हम सब भाइयों की तरह है तोह आपसे रिक्वेस्ट है की आप भी हमारे भाई बन के रहिये

तांत्रिक :- ठीक है तोह चलो सौदे की विधि पूर्ण कर लेते हैं

में :- चलो

फिर में और तांत्रिक दोनों उसी श्वेत प्रकाश कुञ्ज के निचे खड़े हो गए और एक दूसरे से हाथ मिला के वडा किया

तांत्रिक :- मुझे राजवीर की शर्ते मंजूर है और उसके शरीर के बदले में उसे अपनी साडी तांत्रिक और तामसिक शक्तिया और विद्या प्रदान करता हु

उसके इतने बोलते hi हम दोनों के शरीर से इस बार काली किरणे निकल के उस प्रकाश कुञ्ज में समां गयी

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आज के लिए इतना hi


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अपडेट 113



तांत्रिक :- मुझे राजवीर की शर्ते मंजूर है और उसके शरीर के बदले में उसे अपनी साडी तांत्रिक और तामसिक शक्तिया और विद्या प्रदान करता हु

उसके इतने बोलते hi हम दोनों के शरीर से इस बार काली किरणे निकल के उस प्रकाश कुञ्ज में समां गयी

जिसे देख कर में शॉक हो गया क्यूंकि जब फर्स्ट टाइम ऐसा हुआ था तोह वाइट किरणे निकली थी लेकिन अब ब्लैक

में :- ब्लैक किरणे क्यों निकली इस बार पहले तोह वाइट थी

तांत्रिक :- क्यूंकि उस वक़्त तुम्हारा सौदा सात्विक ऊर्जा से हुआ था लेकिन इस बार तामसिक ऊर्जा से समझे

में :- ok

फिर में अपना ध्यान तोडा तोह टाइम वही थम गया था तोह अभी भी वही समय था जो देख के मेरा मूड ऑफ हो गया मुझे लगा था की कुछ टाइम पास हो जायेगा लेकिन यहाँ तोह उल्टा hi हो गया

फिर में अपने कमरे से निकल के नानाजी के कमरे में चला गया शायद वह कुछ टाइम पास हो जाये

में :- (नाना से) नानाजी में अंदर आ सकता हु

नाना :- आओ राज तुम्हे मुझसे पूछने की जरुरत नहीं है

में :- में यहाँ बोआर हो रहा था तोह सोचा आपके पास कोई काम हो तोह बता दो मेरा टाइम पास हो जायेगा

नाना :- नहीं मेरे पास तोह कोई काम नहीं है है लेकिन तुम्हारे टाइम पास के लिए कुछ जरूर है

इतना बोलके नाना ने उसी कमरे में पड़ी एक पुराने से संदूक से कुछ किताबे निकल ली

में :- ये क्या है नानाजी

नाना :- तुम बड़े भाग्यशाली हो राज जो इस वक़्त हम इस गाओं में है

में :- मतलब क्या है नानाजी

नानी :- कुछ नहीं राज ये हमारा जन्मस्थल है यही से तुम्हारे नाना का बचपन और हमारे खानदान का राज पथ सब शुरू हुआ था और ये जो किताबे पकड़ी हुई है ये तुम्हारे नाना की पुश्तैनी धरोहर है

नाना :- इन शार्ट ये समझ लो की ये मेरे दादाजी को बहुत बड़े साधु और पंडित थे उनकी पर्सनल डायरीज और कुछ पुराणी किताबे है

में :- वाओ मुझे ऐसे पुराणी चीजे बहुत पसंद है

नाना :- ाचा पहले पता होता तोह और ाचा होता हमारे हवेली में ऐसी कई चीजे पड़ी है तुम्हे सब दिखाऊंगा इस बार

में :- okay

फिर में वह साडी किताबे लेके अपने कमरे में आ गया और पढ़ने लगा

उन्हें पढ़ते हुए ऐसा लग रहा था की किसी महँ पंडित ने अपने नोट्स बनाये है इसमें कई सरे मंत्र और विद्या लिखी हुई थी उसीमे कुछ मनुस्क्रिप्टस भी थे जिनमे बहुत से मंत्र लिखे थे जो बहुत पुराणी लिपि में लिखी थी लेकिन जैसें के होते मुझे किस चीज की चिंता थी उसने मेरे मंद में साडी नयी पुराणी भाषाएँ जैसे ट्रांसफर कर दी थी तोह में उन मनुस्क्रिप्टस को भी आराम से पढ़ प् रहा था जैसे जैसे में उन्हें पढ़ रहा था तोह मुझे ऐसा लग रहा था की ये ज्ञान अपने आप बढ़ते जा रहा है खैर में सब छोड़ के बस उन साडी किताबों पर hi फोकस्ड कर रहा था में तब तक नहीं रुका जब तक साडी किताबे और मनुस्क्रिप्टस पढ़ न ली

जब में अपने कमरे से बहार निकला तोह निचे सब मौजूद थे तोह मेने वह किताबे जेक नाना को थमा दी

नाना ने जब मुझे किताबे वापस करते देखा तोह उनके चेहरे पर मुस्कान आ गयी

नाना :- क्या हुआ किताबे पढ़ के बोआर हो गए क्या जो वापस कर रहे हो

में :- बोआर वह भी किताबों से बिलकुल नहीं बल्कि ये साडी पढ़ ली है और है तोह बताइये मुझे और पढ़ने का मन कर रहा है

जब मेने ये बोलै तोह नाना शॉक हो गए

में :- वैसे नानाजी मेरा एक सवाल था

नाना :- है बोलो

में :- इस में कुछ मनुस्क्रिप्टस भी है और जहा तक मुझे पता है मनुस्क्रिप्टस को हर कुछ सैलून में फिर से लिखना पढता है तोह इन्हे लिखता कोण है

नाना :- यही गांव के लोग लिखते है उनके लिए ये किसी खजाने से काम नहीं है और गांव में भी कुछ hi लोग है जिन्हे ये लिपि आती है

में :- ाचा वैसे पूजा कब राखी है हमे यहाँ आये 4-5 घंटे तोह हो गए होंगे

मेरे इतना बोलते hi स्वाति और सनिका हसने लगे

में :- ये क्यों है रहे है

नानी :- क्यूंकि हमे यहाँ आये 4-5 घंटे नहीं बल्कि पुरे 10 घंटे हो गए है

में :- (शॉक से) क्या

फिर ऐसे hi कुछ देर बाते करके हम खाना खाने बैठ गए जो गांव वालों ने बनाया था तब मुझे पता चला की पूजा कल सवेरे राखी है फिर खाना खाने बाद हम सब कमरे अपने अपने कमरों में सोने चले गए

में अपने कमरे में पहुंचने के बाद जैसें को याद किया और देखते hi देखते वह मेरे सामने प्रकट हो गया फिर उससे कुछ देर बाटे करके उसे भेज दिया जिसके बाद ममी मेरे कमरे में आ गयी जहा उनसे भी कुछ बाते करने बाद उनकी चुदाई करके उनके छूट को अपने पानी से भर दिया और फिर वह भी चली गयी

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आज के लिए इतना hi


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अपडेट 114



जब ममी मेरे कमरे से चली गयी तोह में भी अपने बीएड से उठा और सबसे पहले अपने कमरे के सरे दरवाजे और खिड़कियों को अचे से लॉक कर दिया और अपने कपडे भी पहन लिए और फिर जैसें को याद किया तोह वह तुरंत hi मेरे सामने प्रकट हो गया

जैसें :- आज्ञा आका

में :- सबसे पहले ये आका बोलना बंद करो मेने बोलै न हम सभी भाइयों जैसे है

जैसें :- जैसा आप कहे

में :- अब चले

जैसें :- जी

में :- लेकिन जायेंगे कैसे इतनी दूर तक ड्राइव नहीं कर सकते हमे जल्द से जल्द वापस भी आना है

जैसें :- आप भूल रहे हो अब आप उड़ भी सकते हो और न सिर्फ उड़ सकते हो बल्कि अगर आप चाहो तोह में अपने जादू से आपको चुटकी में एक जगह से दूसरी जगह पंहुचा दूंगा

में :- नहीं मुझे अपने पंखों की मदद से उड़कर देखना है कितना मजा आता है

जैसें :- जैसा आप कहे वैसे में एक बात बोल सकता हु

में :- है बोलो

जैसें :- आपको अपने आप को और आपकी पहचान को छुपाये रखना चाहिए जिससे आपको hi आगे चल के बेहतर होगा

में :- है ये तुमने सही कहा ये करना जरूरी है तोह हम पहचान कैसे छुपायेंगे मेरे पास मास्क है

जैसें :- मास्क से कुछ नहीं होगा में बताता हु कैसे

फिर जैसें धुआँ बन गया और सीधा मेरे शरीर में समां गया और कुछ hi देर में मेरे शरीर के ऊपर एक कवच आ गया जो कुछ ऐसा था



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में अपना नई लुक देख कर शॉक hi हो गया था ऐसे लग रहा था की कोई डेमों hi धरती पे आ गया हो जिसे देख में बहुत hi एक्साइट और खुश था

में :- जैसें कहा हो तुम और ये लुक का आईडिया कहा से आया

में जैसें को बुला रहा था लेकिन इस बार वह मेरे सामने नहीं आया लेकिन उसकी आवाज में सुन सकता था

जैसें :- में आपके अंदर हूँ ये जो पहचान मेने दी है ये जिन्नों के सम्राट का लूम है और ये में hi हु आसान भाषा में शरीर आपका और लुक और शक्तिया मेरी अब आप जब भी इस लुक को धारण करोगे हम दोनों जुड़ जायेंगे और आपके बस सोचने भर से आप मेरी हर एक शक्ति उसे कर पाओगे

में :- बेहतरीन

फिर में उस घर के टेर्रेस पर चला गया और अपने ड्रैगन विंग्स निकल लिए



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अब में बिलकुल ऐसा दिख रहा था फिर हम दोनों चल पड़े हमारे लक्स्य पे

ा स्माल फ़्लैश बैक

इस वक़्त में बाइक चला रहा था और ममी मेरे पीछे बैठी थी जिससे ममी के ठोस और मोठे चुके मेरे कमर में और जोर से लग रहे थे जिसका अहसास होते hi मेरी धड़कन बढ़ने लगी थी में जैसे एक अलग hi आसमान में पहुंच चूका था की तभी ममी ने जोर से मुझे आवाज दी जिससे में होश में आ गया और जब मेने सामने देखा तोह एक ट्रक हमारे तरफ hi आ रहा था की तभी मेने बाइक को राइट में मोड़ दिया लेकिन मुझे उस ट्रक में कुछ गड़बड़ लगी

ये वही ट्रक था जो मुझे आज सपने में देखा था जिसकी पहचान मेने उसके नंबर प्लेट से की थी जैसे hi मुझे इस बात का एहसास हुआ मेने तुरंत hi जैसें को उस ट्रक का पीछा करने का आर्डर दिया

में :- (ट्रक को देखते हुए) जैसें

जैसें :- समझ गया आका

इतना बोलके वह इनविजिबल होक उस ट्रक के पीछे चला गया

बैक तो प्रेजेंट

और वही जब मेने कुछ देर पहले उसे बुलाया तोह वह वापिस आया और मुझे उसने पूरी रिपोर्ट दी तोह मुझे पता चला की वह ट्रक चोरी का था लेकिन अब तक उस ट्रक से कोई बुरा काम नहीं किया गया था

अभी हम उसी गोडावण के तरफ जा रहे थे जो मेने सपने में देखा था

में कुछ hi देर में उड़ते हुए उस गोडावण के पास पहुंच गए

में :- ये जगह बड़ी शांत दिख रही है

जैसें :- अक्सर शांत जगहों पर hi ऐसे काम होते है

में :- सही कहा चलो अंदर चल के देखते है

फिर में और जैसें उस गोडावण के अंदर चले गए

में :- (छिलके) hello कोई है क्या यहाँ है मर. किडनैपर्स आप हो क्या यहाँ

जैसें :- आप ये क्या कर रहे हो आप को नहीं लगता की ये काम शांति से करना चाहिए

में :- वह मेरा कुछ बिगड़ सकते नहीं और जब तक हम है उन लड़कियों का कुछ बिगड़ने देंगे नहीं तोह घबराना क्यों.

जैसें :- लेकिन यहाँ कोई हलचल नहीं हुई

में :- में भी वही सोच रहा हु (कुछ सोच कर) जैसें क्या तुम मुझे वफ सपना दिखा सकते हो

जैसें :- कोशिस करता हु

फिर ठीक मेरे सामने एक मैजिकल स्क्रीन आ गयी जिसमे वही सपना दिख रहा था और इस बार में उसे और भी गौर से देख रहा था

में :- (अचानक से) रुको रुको

जैसें :- क्या हुआ

में :- वह देखो उस ट्रक के मिरर में मून रेड कलर में दिख रहा है

जैसें :- ये तोह रक्त चाँद है

में :- रक्त चाँद क्या होता है

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आज के लिए इतना hi


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अपडेट 115



फिर ठीक मेरे सामने एक मैजिकल स्क्रीन आ गयी जिसमे वही सपना दिख रहा था और इस बार में उसे और भी गौर से देख रहा था

में :- (अचानक से) रुको रुको

जैसें :- क्या हुआ

में :- वह देखो उस ट्रक के मिरर में मून रेड कलर में दिख रहा है

जैसें :- ये तोह रक्त चाँद की रात है

में :- रक्त चाँद की रात क्या होता है

जैसें :- रक्त चाँद की रात मतलब आज से कई कब्जों वर्ष पहले जब पृथ्वी पे केवल बड़े जीवों का राज था जिन्हे आप दिनोसौर्स के नाम से जानते हो उस समय पुरे संसार के अँधेरे के ताकत के मालिक या फिर सम्पूर्ण तामसिक शक्तियों के राजा भी आप उन्हें कह सकते हो

उनकी जब मौत हो रही थी तोह उन्होंने अपने सम्पूर्ण शक्तियों को एक अंगठी में कैद किआ था और उसे चाँद के बीचो बिच गहराई में छुपा दिया था

और जब वह मरे तोह बहुत से देवी देवता असुर या बड़े बड़े राजा महाराजा हर वह शख्स जिसे इन शक्तियों के बारे में जानकारी थी वह सब उस अंगूठी को ढूंढते हुए चाँद पर आये

लेकिन उन्हें अंगूठी तोह नहीं मिली लेकिन चाँद पर उन सबके बिच महा भयंकर युद्ध जरूर शुरू हो गया जिससे उस राजा की आत्मा जो अपनी शक्तियों के पास hi बैठी अपनी मुक्ति के लिए तप कर रही थी उसने अपने सरे शक्तियों की मदद से वह मौजूद हर एक को मौत के घाट उतर दिया

और उसी वक़्त से उस रात का नाम रक्त चाँद की रात पद गया

और उस राजा ने अपनी hi शक्तियों को खुद से महादे शिव शंकर के चरणों में समर्पित कर दिया और उनसे ये वचन मांग लिया की

चाहे परिस्थिति कैसी भी हो कोई कितना hi बड़ा तप करे लेकिन जब तक वह इन शक्तियों के लायक नहीं बनता तब तक ये शक्तिया वह किसी को न दे और जब ये बात पुरे संसार में पता चली तोह सबने उन शक्तियों की आस hi छोड़ दी

क्यूंकि वह जानते थे की न वह किसी भी सूरत में स्वयं महादेव से युद्ध में जित पाएंगे और न hi उन शक्तियों के काबिल बन पाएंगे

में :- लेकिन इस बात का इस वक़्त क्या काम

जैसें :- इस कहानी का एक हिस्सा और है जिसके बारे में हर कोई नहीं जानता मुझे भी मेरे दादाजी ने बताई थी

में :- तोह क्या है वह बात

जब मेने ये पूछा तोह जैसें का चेहरा ऐसा हो गया था की जैसे किसी बड़े धर्म संकट में फास गया हो

में :- क्या हुआ जैसें ऐसे अचानक से चुप कैसे हो गए

जैसें :- माफ़ करना आका लेकिन में असमंजस में फस चूका हु

में :- कैसे

जैसें ;- मेने अपने दादा को वचन दिया था की में किसी को भी उस बात के बारे में नहीं बताऊंगा लेकिन एक जीन का ये कानून होता है की उन्हें उनके आका का हर हुकुम मान न होता है नहीं तोह उनकी शक्तिया या फिर जान भी चीनी जा सकती है

में :- बस इतनी सी बात कहा मुझे कोई एग्जाम देना है जो मुझे साडी बाते पता होनी hi चाहिए और न मेने तुम्हे कोई हुकुम दिया है मत बताओ बस इतना बताओ रक्त चाँद की रात का और लड़कियों का क्या सम्बन्ध है

जैसें :- एक खास वजह के लिए रक्त चाँद की रात को 101 कुंवारी लड़कियों की बलि दी जाएगी

में :- ाचा चलो फिर यहाँ से वापस चलते है अब जो भी होगा रक्त चाँद की रात को होगा

जैसें :- जी चलिए

उसके बाद में जैसे उड़ते हुए आया था वैसे hi उड़ता हुआ चला भी गया

वही दूसरी तरफ एक कमरे में इस वक़्त एक लड़की बंधी हुई जमीं पर पड़ी हुई थी और दर्द से चिल्लाये जा रही थी लेकिन मुँह पर बंधी हुई पट्टी की वजह से उसकी आवाज बहार नहीं निकल प् रही थी उसी कमरे में बिलकुल उसी हालत में और भी बहुत सी लड़किया पड़ी हुई थी

खैर जोसे तैसे उस लड़की ने अपने मुँह की पट्टी हटाई और जोर जोर से मदद के लिए चिल्लाने लगी वही उस कमरे के बहार कोई था जिसके कानो तक ये आवाज पहुंच भी गयी लेकिन उन लड़कियों की बदकिस्मती की वह बाँदा पूरा नशे में धुत्त था और ऊपर से वह उन्ही लोगों का आदमी था जिन्होंने उन लड़कियों का किडनैप किआ था

उस लड़की की आवाज सुन के वह आदमी अंदर आया और अपने हाथों में पकड़ी हुई दारू की बॉटल उसी लड़की के मुँह के बिलकुल सामने फोड़ देता है

आदमी :- (नशे में) शांत बिलकुल शांत नहीं तोह अगली बार बॉटल को ते सर पे फोड़ूंगा

फिर आदमी उस लड़की के मुँह पे फिर से पट्टी बांध देता है और बहार चला जाता है

वही वह लड़की फिर से एक बार अपने मुँह को छुड़ा देती है और इस चीखती नहीं है बल्कि पास में hi पड़े काच के टुकड़े को अपने मुँह में भर के उससे अपनी रस्सियां काट लेती है जब सब लड़किया उसे रस्सियां काटते हुए देखती है तोह वह सब उस लड़की के तरफ उम्मीद के नज़रों से देखने लगते है

लड़की :- (बाकि लड़कियों से) में समझती हु आप सब भी यहाँ से निकलना चाहते है लेकिन अगर एक साथ सब चले गए तोह वह हमे मार देंगे इसीलिए में अभी बहार जाती हु और पुलिस के साथ वापिस आती हु चिंता मत करना

इतना बोलके वह लड़की वह से निकलने लगी उसने अपने हाथों में उसी बॉटल का एक बड़ा टुकड़ा ले लिया था जिसने उसने बहार खड़े शराबी के गर्दन में घुसा दिया और बहार निकली hi थी की और दो लोग उसके सामने आ गए लेकिन

उस लड़की ने भी बिना किसी के डरे उन दोनों को भी मार गिराया और उन्ही मेसे एक की गाड़ी लेके निकल गयी लेकिन यहाँ भी उस लड़की की किस्मत में साथ नहीं दिया और एक ट्रक ने आके उस गाड़ी को इतनी तेज टक्कर मरी की न सिर्फ वह गाड़ी बल्कि उस ट्रक में भी आग लग गयी और जल्द hi एक बहुत बड़ा धमाका हुआ

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आज के लिए इतना hi


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अपडेट 116



उस लड़की ने भी बिना किसी के डरे उन दोनों को भी मार गिराया और उन्ही मेसे एक की गाड़ी लेके निकल गयी लेकिन यहाँ भी उस लड़की की किस्मत में साथ नहीं दिया और एक ट्रक ने आके उस गाड़ी को इतनी तेज टक्कर मरी की न सिर्फ वह गाड़ी बल्कि उस ट्रक में भी आग लग गयी और जल्द hi एक बहुत बड़ा धमाका हुआ

जैसे hi उन गाड़ियों में धमाका हुआ वैसे hi एक आलिशान कमरे में सो रही लड़की की नींद भी अचानक तेज चीख के साथ खुल गयी

ये क्या ये तोह वही लड़की है जिसका एक्सीडेंट हुआ

उस लड़की की आवाज सुन के उसके सभी घर वाले भी उसके कमरे में आ गए

इंट्रोडक्शन बाद में

ल. माँ :- क्या हुआ बीटा फिर से वही सपना देखा क्या

ल :- है माँ फिर से वही सपना पता नहीं उसका क्या मतलब है हर दिन मुझे वही सपना आता है (मन में) अब आपको कैसे बताऊ माँ वह सपना नहीं ब्लकि सच है

ल. दादा :- में बोल्टवहु किसी विद्वान पंडित को लक्ष्मी की कुंडली दिखानी चाहिए

ल. माँ :- है पिता जी आप सही कह रहे हो अभी में अपने कुल गुरु को कॉल करती हूँ

फिर सब ऐसे एक एक कर के उस लड़की जिसका नाम लक्ष्मी था उसके कमरे से निकल जाते है

अभी उस कमरे में केवल वह अकेली hi थी उसने उठ के तुरंत hi अपने कमरे के दरवाजा बंद कर देती है

वह जैसे hi आयने के सामने कड़ी होती है तोह तुरंत hi आयने में उसके बदले किसी और का hi रूप दिखाई देने लगता है

कुछ इस तरह

लक्ष्मी :- (आयने में देखते हुए) मुझे बार बार उसी एक्सीडेंट का सपना क्यों आता है

आयने के अंदर का रूप :- वह तुम्हे तुम्हारे फर्ज की याद दिला रहा है की तुम्हे अभी उन सभी लड़कियों को भी बचाना है नहीं तोह वह दुष्ट उन सब की बलि चढ़ा देगा

ल :- तुम्हे भी पता है जैसे hi मुझे होश आया और मेने तुम्हारे बारे में जाना हम दोनों गयी थी वह लेकिन क्या हुआ वह कोई नहीं था अब क्या पुरे इंडिया में उन्हें कहा ढूंढेंगे

रूप :- तुम्हे ढूंढने की जरुरत नहीं है सही समय पे सही जगह का पता अपने आप चल जायेगा अभी बस तुम अपने मिशन पे फोकस करो

ल :- तुम्हारे हिसाब से अब तक हमने 3 पावर्स को अनलॉक किआ है

1सत में किसी का भी मंद कण्ट्रोल कर शक्ति हूँ

2ंद में हवा में उड़ सकती हूँ

3रद मेरे अंदर 50 हाथियों की ताकत है

र :- इन शक्तियों पे इतना घमंड मत करो ये अभी भी अपने लौ लेवल पे है

ल :- लेकिन आम मनुष्यों के लिए काफी है

फिर लक्ष्मी अपने कमरे में hi बने वाशरूम में जेक फ्रेश होने लगती है

वही दूसरी तरफ इस वक़्त सुबह के 3 बज रहे थे आज पूजा के लिए सब जल्दी उठने वाले थे इसीलिए मुझे यही वक़्त सही लगा ध्यान लगाने के लिए बैठा था की तभी मेरे सामने गाइड आ गया

ग :- गुड मॉर्निंग राज

में :- आ गए आप चलिए अब हम बाकि बचे चक्रों को जागृत करने की प्रक्रिया की शुरुवात करते है

ग :- बड़े उत्साहित दिक् रहे हो क्या बात है

में :- न जाने पिछले कुछ दिनों से मुझे ऐसा लग रहा है की जो जिम्मेदारी मेरे ऊपर है उसके लिए में तैयार नहीं हु मुझे अभी और बहुत कुछ जानना है बहुत कुछ सीखना है

ग :- अब तुम्हे तुम्हारे कर्त्तव्य और लक्ष्य का अनुमान होने लगा है याद रखना इन सब भावनाओं को अपनी कमजोरी नहीं बल्कि अपना लक्स्य बनाना असली वीर वह नहीं होता जो शक्तिशाली हो बल्कि वह होता है जो शक्तिशाली महसूस हो

में :- मतलब

ग :- बताऊंगा सब बताऊंगा लेकिन सही समय आने पर अभी तुम अपने बचे हुए चक्रों के बारे में जान लो

पांचवे क्रमांक पे आता है विशुद्ध चक्र ये चक्र तुम्हारे आकाश तत्त्व से जुड़ा हुआ होता है यह चक्र तुम्हारे शारीरिक और आध्यात्मिक आवाज से जुड़ा हुआ है. मन्त्रों का जाप और सांस लेने के व्यायाम इस चक्र की शक्ति को बढ़ा सकते हैं. इसे जागृत करने के लिए "हम" मंत्र का जाप किया जाता है इसके मदद से तुम कठिन से कठिन मंत्र भी आराम से बोल पाओगे

फिर आता है अजना चारा जिसका ऊर्जा स्त्रोत तुम्हारे मस्तिष्क से जुड़ा हुआ होता है यह चक्र तुम्हारे माथे के बीच में स्थित है इसीलिए इसे त्रिनेत्र चक्र भी कहा जाता है इस चक्र को जागृत करने के लिए ॐ मन्त्र का जाप किया जाता है. अंजना चक्र तुम्हारी जागरूकता और मार्गदर्शन से जुड़ा है. इस चक्र को जागृत कर तुम अपने त्रिनेत्र और अपनी पुराणी सभी शक्तिया जिन्हे मेने बाँध दिया था उन्हें फिर से प् सकोगे

आखरी है सहस्रारा चक्र इसे जागृत करने के लिए आह मंत्र का जाप किया जाता है यह चक्र आध्यात्मिक सम्बन्ध से सम्बंधित है. इसके मदद से तुम्हे आध्यात्म से जुड़ा सम्पूर्ण ज्ञान तुम्हे प्रदान किया जायेगा

गाइड की बात सुनके में और भी ज्यादा एक्ससिटेड हो गया था की मुझे मेरा त्रिनेत्र और स्लो मोड पुनः मिलेगा और न जाने ऐसे कितनी शक्तिया थी जिन्हे एक्स्प्लोर करने से पहले hi गाइड ने बांध दिया था

फिर क्या में लग गया ध्यान लगाने दो गुना जोश के साथ

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आज के लिए इतना hi


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(दादा जी) ठाकुर समशेर परताप सिंह

(दादी जी) संध्या देवी

(चाचा) ठाकुर धर्मवीर प्रताप सिंह

(चची) शर्मीला सिंह

मीणा और रीना :- सिस्टर्स

रीना हीरो की लवर और सेक्स पार्टनर

मीणा ज्यादातर अपने नाना के पास रहती है

(छोटे चाचा) :- ठाकुर वीर प्रताप सिंह

(में) :- ठाकुर राजवीर प्रताप सिंह

रजनी :- हीरो की असली माँ (डेड)

रणवीर :- हीरो के पिता (डेड)

नाना :- शेखर चौधरी

नानी :- सिमा चौधरी

बी. मां :- अरुण

ममी :- कामिनी

स. मां :- संजय

मौसी :- दीपा

सनिका :- मौसी की बेटी

स्वाति :- सनिका की दोस्त

(गाइड) आचार्य राघवेंद्र

काल :- हीरो इन्ही के शक्तियों का उत्तराधिकारी है

(हीरो के रूप)

किंग

योद्धा

साधु

तांत्रिक

एंजेल

साइड चरक्टेर्स

मीरा माँ :- हीरो के लिए माँ सामान और हीरो की पहली सेक्स पार्टनर

साक्षी :- हीरो पर क्रश है और उसकी सेकंड सेक्स पार्टनर

कजरी :- ये भी हीरो की सेक्स पार्टनर है

भीमा :- दादाजी का राइट हैंड

शेरा :- भीमा का छोटा बीटा

संग्राम :- भीमा का बड़ा बीटा

शिवा :- भीमा का भतीजा

बिल्ला :- नानाजी का राइट हैंड

सम अपकमिंग करैक्टर

लक्ष्मी :- मैं हीरोइन

लक्ष्मी के परिवार के बारे में बाद में जानेनेगे थे वास् नॉट तो मच इम्पोर्टेन्ट

डेविल :- ****

जैसें :- हीरो का जीन और जिन्नलोक का राजकुमार

मर. नेगेटिव :- थे ओने ऑफ़ थे विलन

एंड सम मोरे चरक्टेर्स अरे कमिंग इन फ्यूचर

जिन चरक्टेर्स का कहानी में ज्यादा रोल नहीं है उन्हें इग्नोर किआ गया है
 
अपडेट 117



गाइड की बात सुनके में और भी ज्यादा एक्ससिटेड हो गया था की मुझे मेरा त्रिनेत्र और स्लो मोड पुनः मिलेगा और न जाने ऐसे कितनी शक्तिया थी जिन्हे एक्स्प्लोर करने से पहले hi गाइड ने बांध दिया था

फिर क्या में लग गया ध्यान लगाने दो गुना जोश के साथ

इस वक़्त हम सभी गांव के बीचो बिच खड़े थे और हमारे सामने वही मंदिर था जहा आज पूजा होने वाली थी जब हम वह पहुंचे तोह उस मंदिर को पूरा फूलों से सजाया गया था और वह लगभग आधा गांव मौजूद था

नाना :- (गांव वालों से) मेरे प्यारे गांव वालो आप सब इतने सैलून से हमारे पुश्तों की धरोहर और इस मंदिर की निस्वार्थ रक्षा और देखभाल करते आ रहे हो इसलिए आप सब का शुक्रिया

गांव का मुखिया :- ये कैसी बात करते हो सर्कार आप भी तोह हमे हर महीने धन राशि देते हो जिससे हम सब के बचे पढ़ पते है और ये तोह हमारा कर्म है की हम इन सभी चीजों का ध्यान रखे

मां :- तोह फिर चलिए इस पूजा को सम्पन्न कर के हम अपने इन संबंधों को और भी मजबूत करे

मुखिया :- जी सर्कार हमने पंडित जी को न्यौता भिजवा दिया है वह किसी भी पल आते होंगे.

अभी मुखिया इतना बोलै hi था की तभी उस मंदिर में एक मेरे hi उम्र का लड़का और उसके साथ एक बूढ़ा आदमी था

लड़का :- (नाना से) प्रणाम सर्कार

नाना :- आओ मोहन आज तुम भी आये हो (उस बूढ़े से) चलिए पंडित जी पूजा प्रारम्भ करते है समय निकला जा रहा है

लड़का :- माफ़ करना सर्कार मेरे दादाजी की आवाज अचानक से बैठ गयी है जिससे वह मंत्र जाप नहीं कर पाएंगे और पिताजी भी इस वक़्त सहर में है

नाना :- ठीक है तोह तुम्हे तो ये मंत्र आते होंगे न इस बार तुम ये मंत्र पथ कर लो

लड़का :- नहीं सर्कार मुझे इन मन्त्रों का ज्ञान नहीं है

जब नानाजी ये सब बाटे कर रहे थे तोह में बाकि घर वालों के साथ थोड़ा दूर खड़ा था लेकिन फिर भी मुझे सब सही से सुनाई दे रहा था लेकिन वह किसी और को कुछ समझ नहीं आ रहा था की हो क्या रहा है

में :- क्या हुआ नानाजी अब तक हमने पूजा का आरम्भ क्यों नहीं किया

फिर नानाजी मेरे साथ सब को सचाई बता देते है जिसे सुन सब टेंशन में आ जाते है

में :- इसमें कोनसी बड़ी बात है वह मंत्र में पढ़ लूंगा

लड़का :- सहरी बाबू ये आपके बस की बात नहीं है शुद्ध संस्कृत में मंत्र है आपसे न होगा

में :- तेरे दादा मंत्र पढ़ नहीं पाएंगे और तुझे मंत्र पढ़ना आता नहीं तोह शांत hi रह (नाना से) नानाजी जब में आपकी दी हुई किताबे पढ़ रहा था तोह मुझे इस पूजा की बुइ साडी जानकारी मिल गयी थी और उसमे सरे मंत्र भी थे जिसे मेने याद कर लिया था भरोषा कीजिये मुझ पर

नाना :- ठीक है राज लेकिन याद रखना अगर इस पूजा में जरा सी भी गलती हुई तोह हमारे पुरे परिवार पर देवताओं का प्रकोप गिरेगा जिससे बचना न मुमकिन है

में :- आप चिंता मत कीजिये नानाजी

फिर उसके बाद सरे गांव वाले मिलके मुझे मंदिर के पीछे बने कमरे में ले गए जहा सारा सामान रखा था सारा सामान लेके वह बहार चले गए और गांव के मुखिया ने मुझे उसी कमरे में रखा हुआ एक वस्त्र दिया जो बिलकुल पंडितों जैसा था जिसे पहन के जब में सबके सामने आया तोह सब शॉक रह गए क्यूंकि ये वस्त्र कुछ इस प्रकार थे

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जिससे मेरा शरीर सब को साफ़ दिख रहा था जिससे सबकी नज़र मुझ पर hi टिक गयी थी

एक बात तोह बताना तोह भूल गया सुबह जब मेने अपने सातों चालरों पे पूरी तरीके से काबू कर लिया तोह उससे मेरे शरीर में बहुत से बदलाव भी आये जिससे मेरा शरीर पहले से कई गुना मजबूत और शक्तिशाली हो गया था और उसी के साथ पहले से ज्यादा अट्रैक्टिव भी

फिर उसके बाद सब गांव वालों ने मिलके पूजा की साडी तैयारियां कर ली थी और जब मेने पूजा का प्रारम्भ किया तोह वह खड़े सब जान चौक गए क्यूंकि मेरे मुँह से सब मंत्र बिलकुल स्पष्ट और पुरे ऊर्जा के साथ निकल रहे थे में जैसे जैसे मंत्र पढ़ रहा था वैसे वैसे मेरा त्रि नरता मुझे उसके आगे के मंत्र उनका उच्चारण और अर्थ सब बताता जा रहा था जिससे में और भी तेजी से और कॉन्फिडेंस से मंत्र पढ़ रहा था ऐसे hi लगातार 3-4 घंटे मंत्र पढ़के पूजा की समाप्ति हो गयी

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जब मेने सबके चेहरे देखे तोह उनके चेहरे पर आये आस्चर्य के भाव hi बता रहे थे की वह कितने शॉकेड है ये सब देख कर अब में पूजा समाप्ति के लिए उठने hi वाला था की तभी मेरे दिमाग में कुछ और मंत्र सुनाई देने लगे जो की बोलने में बहुत कठिन थे लेकिन त्रि नेत्र और सप्त चक्रों के मदद से अब मेरे लिए कुछ भी कठिन नहीं था

जब में वह मंत्र पढ़ रहा था तोह कुछ गांव वालों ने मुझे रोकने का प्रयास किया लेकिन वह खड़े पंडित ने उन्हें रोक दिया

जब पूजा ख़तम हुई तोह हर तरफ तेज हवाएं चलने लगी और मंदिर के सरे घंटे 🔔 भी बजने लगे थे जब मेने आस पास देखा तोह सब जैसे पॉज हो गए थे

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आज के लिए इतना hi


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