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- Dec 5, 2013
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सभी..... अपने अपने घर पहुंच जाते है....
मिस मैरी ( मैं में) - इसका मतलब जो मुझे 2 रात से उठा के ले गया था और छोड़ रहा था वोह एक भूत था....
क्या मई अब भूत के बच्चे की माँ बन जाउंगी...... मेरे पति को जब पता चलेगा तोह क्या होगा.....
इसी उधेड़ बन में मिस मैरी लगी हुई थी....
संजू और प्रेमा भी घर पहुंच चुके थी....
प्रेमा और संजू को वापस लौटा देख नूरी तै बहुत खुस हुई......
नूरी तै - कैसा रहा तुम्हारा जंगल सफारी...
प्रेमा ;- बहुत hi भयानक....
नूरी - क्या.. ऐसा क्यों बोल रही... है..
प्रेमा ने फिर सब बता दिया....
प्रेमा की बात सुनके नूरी भी थोड़ा सकते में आ गयी....
नूरी - इतना सब कुछ हो गया....
प्रेमा - हां... लेकिन प्लीज तै जी आप मम्मी पापा को मत बताना इस बारे में वार्ना वोह डाटेंगे....
नूरी - ठीक है नहीं बताउंगी.... अब चल जा सो जा तू भी थक गयी होगी...
अगली सुबह..... वनराज और सविता कही बहार जा रहे होते है तोह वोह साथ में प्रेमा को भी चलने को कहते है...... प्रेमा का मैं तोह नहीं था लेकिन क्या करे बाप के आगे बीन बजने से कुछ नहीं होगा..... इसलिए वोह भी उनके साथ चली गयी....
तभी नूरी तै को कुछ ऐसा suja……jisse उसके होंटो के मुस्कान और बढ़ gaye……wo
घर के पीछे बने संजू के कमरे के तरफ gaye….aur बहार से ही संजू को आवाज़
dee……Noori तै के आवाज़ सुन कर संजू बहार आया…
संजू:= जी मालकिन……
नूरी तै:= सुन तुन ऐसा कर आज सहर चला जा दुकान par……tumhen तो पता है की सेठ
जी नहीं hai….aaj वहां जाकर थोड़ा काम देख ली की, वहां के लोग ठीक से काम
कर रहे है की, nahi….dukan बंद होते ही घर आ jana…aur हाँ वहां सहर
मैं ही कुछ खा lena….lauten मैं तुम्हें देर हो जायेगे……
संजू:= जी मालकिन मैं अभी चला जाता हूँ…………
संजू घर से निकल कर सहर के तरफ चल padha…….sahar गाओं से कोई 3-4 कम दूर
tha….paidal चल कर भी वहां 20-25 मिनट मैं फुक्हा जा सकता
tha……..udhar संजू के जाने के बाद लैला घर पर आ gaye…..aur घर के
छोटे मोठे काम करने लगी.
नूरी तै:= लैला सुन………
लैला:= जी दीदी………..
नूरी तै:= लैला वो आज संजू का खन्ना मत banana……wo सहर गया hai…….aaj रात वो दुकान पर ही rukega…….khanna वहीँ खा लेगा………..
लैला:= (नूरी तै के बात सुन लैला उदास हो गए) जी दीदी…….
आज लैला का मान भी काम मैं नहीं लग रहा tha…….usse रह रह कर संजू के
याद आ रही thee.usne बेमन से खन्ना तैयार काया, और अपनी बेटी और अपना खन्ना लेकर घर वापिस चली gaye……raat के 8 बजे संजू दुकान बंद होने के बाद संजू
घर वापिस के लये सहर से गाओं के और chala…..charo तरफ घन्ना कोहरा चाय
हुआ tha……raat के अँधेरे और सन्नाटे सी, संजू के गांड फट रही thee…..sunsan
रस्ते पर चलते हुए, मनो उससे ऐसा लग रहा था जैसे कोई उसका पीछा कर रहा
हो……
वो बार बार पीछे मुद कर dekhata..par पीछे कोई नहीं hota……Sanju के हालत
ख़राब होती जा रही thee…….sadak के दोनों तरफ खेत thee..ganne के फसल मैं
हवा चलने से अजीब से सरसाहट hoti…aisa लगता मनो अभी खेतों मैं से कोई
निकल कर उससे धार dabochega……..par ये सिर्फ संजू का वहां था. दर के मरे उसके
हाथ पेअर थरथर कनाप रहे thee…..phir अचानक से खेतों मैं से एक नेवला बड़ी
तेजी से सड़क पार करके दूसरे तरफ के खेतो मैं gaya……Sanju तो दर के मरे
चीख पढ़ा…
पर इतने सुनसान रस्ते पर उसकी चीख सुनाने वाला भी नहीं tha…….usse ऐसा लग
रहा था की, उसके दिल के धड़कन रुक jaynge…….Jaise तैसे संजू किसी तरह गाओं
phuncha………aur चैन के सांस lee……ussne सोच लाया था की, वो नूरी तै को बोल
देगा की, वो अग्गे से रात को सहर अकेला नहीं jayega….wo बुरी तरहं से डरा हुआ
था…… अभी अभी जंगल में भूतनी के साथ कांड का दर भी संजू भी छाया हुआ था संजू को रह रह कर ये डर सताया जा रहा था की कही वोह दोनों भूतनी माँ बेटी उस भूत के मौत का बदला लेने न आ जाये…..
उससे दूर नॉक kaya…..Noori तै तो जैसे उसके ही इन्तजार मैं बैठी थे…….
नूरी तै:= कोण है बहार ?
संजू:= जी मैं हूँ संजू………..
संजू के आवाज़ सुनते ही, नूरी तै के होंटो पर मुस्कान फेल gaye……ussne जल्दी से
दूर khola.jaise दूर खुला संजू ऐसे अंदर aya..jaise उसकी मौत उसके पीछे लगी
ho…..uska डरा हुआ चेहरा देख नूरी तै भी घबरा gaye…..Sanju सीधा अंदर
चला gaya….Noori तै ने दूर बंद काया, और संजू के पीछे अनजान मैं आ गए.
“क्या हुआ री इतना घबराया हुआ क्यों है”
संजू नीचे चटाई पर बेथ gaya….wo सच मैं भोत डरा हुआ tha…….bhoot
देखा तो नहीं पर सुना जरूर था उसने भूतों के बारे main……”wo वो मैं
मुजी रस्ते मैं दर लग रहा था….” संजू ने घबराहट मैं हड़बड़ाते हुए
कहा….
नूरी तै:= दर लग रहा था किस्से. ?
संजू:= वो रस्ते मैं भोत अँधेरा tha…..main अग्गे से रात को नहीं जाऊंगा………….
नूरी तै को संजू के भोलेपन हस्सी आ gaye……”main आज यहीं सो जॉन malkin…muje
आज भोत दर लग रहा है” संजू ने नूरी तै के तरफ देखते हुए kaha……..Sanju के ये
बात सुन नूरी तै को ऐसा laga..mano आज उसकी मान के मुराद पूरी होने को कोई नहीं
रोक सकता….
नूरी तै:= (खुस होते हुए) हाँ हाँ क्यों नहीं यहाँ क्यों तुन मेरे कमरे मैं सो
jana……isme डरने के काया बात hai……..khanna तो खाया न तूने……..
संजू:= हाँ मालकिन खन्ना खा लाया था………
नूरी तै:= तू चल मेरे कमरे main……main अभी अत्ति हूँ………
ये कह कर नूरी तै किचन मैं आ gaye……Sanju को अब्ब भी ऐसा लग रहा tha.jaise
उसके पीछे कोई ho…wo डरता हुआ नूरी तै के रूम मैं आ gaya…..wo सहमे हुए
खड़ा tha….thodi देर बाद अचानक नूरी तै के अंदर ऐनी की हैट सुन कर संजू बुरी
तर्हां हिल gaya………par जब नूरी तै को उसने देखा, तो उसकी सांस मैं सांस
aye…….Noori तै हाथ मैं गिलास लाये कड़ी thee…..usne गिलास को टेबल पर रखा, और
मुद कर दूर बंद कर daya……door बंद करने के बाद उसने ोधी हुई शैवाल को
उतर कर टांग दया.
नूरी तै:= (संजू के हालत का अंदाज़ा नूरी तै को हो चूका tha…..abb वो इसे मोके को जाया
नहीं देने छथि थी) तुन अभी तक खड़ा hai….chal बैठा जा पलंग par……(glass
को टेबल पर से उठाते हुए) ये ली. पी ली, (नूरी तै ने संजू के तरफ पकड़ा हुआ
गिलास बढ़ा दया…..
संजू:= ये काया है मालकिन…….
नूरी तै:= दूध hai…….garam है, पी lee…….thand काम हो जायगे…..
संजू:= इसकी क्या जरूरत थी. मालकिन
नूरी तै:= ली पकड़ और पी jaa..abb जायदा बातें ना बना…..
संजू ने नूरी तै के हाथ से गिलास ले लाया, और खड़े खड़े पीने laga……..Noori तै बीएड
के सामने कड़ी हो gaye…..aur अपनी साड़ी उतारें lagee…..Sanju दूध का घोंट
भरते हुए उसके गड़रिए बदन को देख रहा tha….room मैं लालटेन के लाइट चारो
तरफ पहेली हुई thee…..Noori तै ने होंटो पर कामुक मुस्कान लाये हुए संजू से
kaha…..”aram से बेथ कर डेक ओह्ह दूध पी. ऐसे कब तक खड़ा रहेगा” जो नूरी तै
बोलने वाली थी. संजू को कुछ कुछ समाज मैं आ गया tha…….par संजू ने उस
तरफ जदया धयान नहीं दया.
नूरी तै ने अपनी साड़ी उतर कर रख dee……abb उसके बदन पर महरून कलर का
ब्लाउज और पेटीकोट था. नूरी तै उसमे मैं बाला के खूबसूरत लग रही thee…..Sanju
अपनी नज़रें नूरी तै पर सी हटा नहीं पा रहा tha……Noori तै बीएड पर आकर बेथ
gaye…….aur संजू के सर को सहलाते हुए boli….”arre अँधेरे से काया डरना, तुन रोज
रात पीछे अकेला ही सोता है naa…phir आज कैसे दर गया तुन”
संजू:= वो मालकिन मैं लालटेन जगा कर सोता हूँ…….
नूरी तै:= अच्छा ठीक है, अग्गे से कभी तुजे रात को नहीं bejunge……chal अब्ब आराम
से दूध पी ली…
संजू:= मालकिन वो मुझसे पाया नहीं जा रहा……..
नूरी तै:= क्यों क्या हुआ.
संजू:= आप ने इससमे घी क्यों दाल daya…muje दूध मैं घी पसंद नहीं
है……
नूरी तै:= तेरे लये ाचा है ghee……..pee जा मुझे पता है आज कल तुन भोत मेहनत
करता है……
नूरी तै के बात सुन कर संजू एक दम से झेंप gaya……Sanju ने दूध ख़तम काया,
और गिलास को टेबल पर रख daya……jaise ही संजू गिलास को टेबल पर रख कर मुदा
तो, उसने देखा के नूरी तै रजाई के अंदर घुसी हुई उसके तरफ खा जाने वाली नज़रों से
देख रही hai……”abb वहां खड़ा क्या है. सोना नहीं है काया…..” नूरी तै ने संजू
को kaha……..par संजू को समाज मैं नहीं आ रहा था की, वो सोये गए कहाँ. क्योंकि
वो नूरी तै के साथ बीएड पर तो सोने के बारे मैं सोच नहीं सकता……
संजू:= पर मालकिन मैं कहाँ लेटूँगा…..
नूरी तै:= अरे इतना बड़ा पलंग hai…yahi सोयेगा और कहा……..
संजू:= आपके साथ मालकिन पर…….
नूरी तै:= चल कुछ नहीं hota…..aaja……..
ये कह कर नूरी तै ने एक तरफ से रजाई को थोड़ा सा ऊपर उठा laya…..Sanju कापते
हुए कदमो के साथ बीएड पर चढ़ gaya……….aur नूरी तै के साथ रजाई मैं घुस
gaya..jaise ही वो नूरी तै के पास लेता. नूरी तै के बदन से उठ रही मंतर्मुग्ध कर देने वाली खुस्भु ने उससे पागल बना daya…..Noori तै उसके बेहद करीब लेती हुई thee……dono एक दूसरे के जिस्म से उठ रही गरमी को साफ़ महसूस कर पा रहे थी…..
नूरी तै:= संजू बीटा मेरे झांगों मैं भोत दर्द हो रहा hai…..thodi देर दबा देगा……
संजू:= जी मालकिन दबा देता हूँ……….
नूरी तै:= (पेट के बल उल्टा लेटते हुए ) सच संजू तुन कितना अच्छा hai…mere हर दया हुआ काम कर देता है. चल ये रजाई हटा दी, और मेरे झांगों के अच्छे से मालिश कर दी……
जैसे ही नूरी तै ने संजू को मालिश के बात बोली, उससे उस रात के घटना याद आ gaye…..jab नूरी तै अपनी झांगों के मालिश करवाते हुए अपनी छूट का दीदार संजू को करवाया tha….”malkin तेल से मालिश करूँ” संजू ने उत्सुक होते हुए कहा…….
नूरी तै:= हाँ तेल ले aa…….aur अच्छे से मालिश कर दी………
संजू बीएड से उतर कर सामने पढ़ी तेल के बोतल उठा कर जैसे ही पलट तो उसका
कलेजा हलक को आ gaya…samane नूरी तै उलटी लेती हुई thee…peeche से उसके भरी
गांड महरून कलर के पेटीकोट मैं पहाड़ के तरह उभरी हुई thee…..jisse देख
संजू का लुंड फड़फ़ने laga……aur वहीँ उसके पेअर जैम गए.
नूरी तै:= वहां क्यों रुक gaya….chal aaja…..bhot सर्दी है……
संजू:= वो मालकिन मुझे भोत तेज पेशाब आ रहा है……
नूरी तै:= तो जाकर कर aa…….mene कहा रोक रखा है तुजे…….
संजू:= पर वो मालकिन पीछे अँधेरा होगा……
नूरी तै:= (अपने सर को झटके हुए ) चल मैं तेरे साथ चलती हूँ…..
जब दोनों रूम से निकल कर घर के पीछे के तरफ ए तो, उन्होंने देख बहार जोरो
के बारिश लगी हुई है, (जा तुन मूट का मैं यहीं कड़ी हुई, नहीं तो मैं भी भीग जाउंगी) संजू ने हाँ मैं सर हिलाया और बाथरूम के तरफ भागते हुए gaya……par बारिश से बच न paya.uske कपड़े एक दम गीले हो gaye…..jab संजू वपिस आया तो नूरी तै ने देखा वो पूरी तरहं से भीगा हुआ है…….
नूरी तै:= तुन यही रुक मैं तेरे लये कुछ लती hun..agar गीले कपड़े अंदर लेकर गया
तो, सारा घर गीला कर देगा……
ये कह कर नूरी तै अंदर चली गए. बारिश के कारन सर्दी और बढ़ गए थी……
थोड़ी देर बाद जब नूरी तै वापिस ए, उसके हाथ मैं एक लुंगी thee…….”aur तो कुछ
मिला नहीं अब्ब यही पहन ली” नूरी तै ने उसकी तरफ वो लुंगी बढ़ा dee……..aur पलट
कर कमरे के तरफ जाने लगी” सरे कपड़े निकल दी और इससे पहन कर अंदर आ
जा. बहार भोत सर्दी है” नूरी तै के जाने के बाद संजू ने अपने गीले कपड़े उतरे
और वो लुंगी पहन कर कपड़ो को वहीँ टांग दया, और कमरे के तरफ चल पढ़ा.
जब संजू नूरी तै के रूम मैं पहुंचा तो, नूरी तै बीएड पर लेती हुई thee……”darwaja
बंद कर दी” नूरी तै ने संजू के बदन को घोरते हुए kaha…uski नज़र संजू के
मांसल और सिकलने बदन पर से हैट नहीं रही thee…..Sanju ने दरवाजा बंद काया,
और तेल के बोतल उठा कर नूरी तै के बीएड के तरफ बढ़ा. नूरी तै ने देखा संजू बुरी
ताहरां से कनाप रहा hai………usse संजू पर तरस आ गया……
नूरी तै:= अरे तुन तो भोत कनाप रहा hai….chal चोर ये मालिश वालिश आज लेत जा…….
ये कह कर नूरी तै ने रजाई को एक तरफ से उठा कर अंदर ऐनी के लये इशारा काया……
संजू को यकीन नहीं हो रहा था की, वो पेटीकोट और ब्लाउज मैं लेती हुई हुसैन के
देवी नूरी तै के बेहद करीब सोने वाले hai….ye देखते और सोचते ही संजू के
बेजान लुंड मैं जान पढ़ने lagee…..aur खड़ा होकर उसकी पहनी हुई लुंगी को
अग्गे से उठाने laga…….jis पर नूरी तै के नज़र पढ़ते ही, नूरी तै के होंटो पर
कामुक मुस्कान फेल गए……
संजू घबराते हुए नूरी तै के पास जाकर रजाई मैं घुस gaya……..dono करवट के
बल लेते हुए एक दूसरे के बेहद नज़दीक लेते हुए thee…..Noori तै के गरम सांसे को
संजू अपने चहरे पर महसूस करके मदहोश हुआ जा रहा tha….sardi और
उत्सकता के कारन उसका पूरा बदन थार-2 कनाप रहा tha…..Sanju के हालत देख
नूरी तै भी थोड़ा पेरशान हो gaye….jo नूरी तै कुछ देर पहले वासना के अग्ग मैं
जल रही thee……..Sanju के हालत देख उसकी वासना जैसे हवा हो gaye…..abb तो उससे
सच मैं संजू के चिंता होने लगी thee….usne संजू के दोनों हाथों को अपने
हाथों मैं लेकर रगड़ना शुरू कर दया……..
नूरी तै:= तुम्हारे हाथ तो बर्फ जैसे ठन्डे पढ़ गए हैं……
नूरी तै ने संजू के पास सरकते हुए kaha….abb दोनों के बदन एक दूसरे को टच हो
रहे the…..Noori तै के बदन के गरमी महसूस करते ही संजू के बदन मैं जैसे
अग्ग लग गए ho….uske बदन से उठाई मादक खुसबू से संजू बेताब होता जा
रहा tha…….usne अपने चेहर को ब्लाउज से बहार झांक रही नूरी तै चुच्यों के
पास ले gaya……Noori तै जो ऑंखें बंद कए हुए संजू के हाथों के तलवो को रगड़ कर
गरम करने के कोशिश कर रही थी, संजू के गरम सांसों को अपनी चुच्यों पर
महसूस करते ही सिहर उठी…
......
नूरी तै ने अपनी ऑंखें खोल कर संजू के तरफ देखा, संजू अपनी अध् खुली हुई आँखों
से नूरी तै के गुदाज चुच्यों के तरफ देख रहा tha….aur उसके नथुनों से गरम
हवा निकल कर उसकी चुच्यों से टकरा रही thee…..jisse एक बार फिर वासना अपना
असर नूरी तै के दिमाग पर दिखने lagee…..wo एक तक संजू के भोले भले चहरे के
तरफ देख रही thee……uske मासूम चहरे को देख नूरी तै के दिल के अंदर जो प्यार
उमड़ रहा था. उसको बयां करना तो सिर्फ नूरी तै के बस के ही बात है……
नूरी तै नेसंजु के हाथों को चोर अपनी एक बाजु को उसके कमर मैं डालते हुए संजू के
अपने तरफ खेंचा, जिससे संजू जो की अपनी अध् खुली आँखों से नूरी तै के चुच्यों को
देख रहा था. वो होश मैं आया, और अपने आँखों को ऊपर करके नूरी तै के तरफ
देखने laga….badle मैं नूरी तै ने एक प्यार भरी मुस्कान के साथ उसके सर पर
हाथ लेजाकर उसके बालों को सलहते हुए उसके चहरे को अपनी चुच्यों से सत्ता
laya…….Sanju के लये ये सीधा सीधा संकेत था……
संजू के दहकते हुए होंठ नूरी तै के फाफते हुए चुच्यों के ऊपर वाले हिस्से पर
जा lagee…..aur अपनी चुच्यों पर संजू के होंटो नूरी तै के बदन मैं करंट सा
दौड़ gaya………”ahhh संजू” कहते हुए उसने संजू को और अपने से सत्ता लाया……
संजू भी अब्ब पोरे जोश मैं था. नूरी तै अपनी चुच्यों को ऊपर नीचे करने
lagee….jisse संजू के होंठ नूरी तै के चुच्यों पर रगड़ खाने lagee…..Noori तै के
सांसे अब्ब भोत तेज चल रही thee…….achank से संजू ने अपना हाथ नूरी तै के झांग
पर रख दया…. संजू को उस समय भोत बड़ा झटका laga….Noori तै का पेटीकोट उसकी
झांगों से काफी ऊपर चढ़ा हुआ था….
संजू का हाथ झांग पर पढ़ते ही नूरी तै के बदन मैं मस्ती के लहर दौड़
gaye….”ahhhh सीईई संजू” नूरी तै के मादक सिसकी सुन संजू को जैसे होश आया, उसने
अपना हाथ उसकी झांग से हटा laya…..isse पहले के संजू अपना हाथ पीछे करता,
नूरी तै ने संजू का हाथ पकड़ अपनी दोनों झांगों के बीच मैं दबा लाया. संजू को
ऐसे लगा मनो उसका हाथ किसी देहक रही भट्टी के अंदर चला गया ho….inti गरम
जगह तो और कहीं हो नहीं सकती……
संजू भी अब्ब नूरी तै के रंग मैं रंगने लगा था, उसका लुंड अब्ब धोती मैं
पूरी तर्हां से तन चूका tha….aur उसको पता भी नहीं चला की, कब उसका लुंड धोती
के कपड़े को साइड करके बहार आ चूका था. और नूरी तै के छूट पर पेशट के
ऊपर से रगड़ खाने laga……Noori तै के छूट मैं मनो अग्ग लग गए हो, अब्ब उससे
बर्दास्त करना मुश्किल होता जा रहा tha…..Noori तै ने संजू के हाथ को जो की उसने अपनी
झांगों मैं दबा रखा था, उससे बहार निकल दया, और अपनी ऊपर वाली टांग को
उठा कर संजू के कमर पर रख कर अपना पेटीकोट कमर तक उठा दया…….
संजू के 8 इंच के लुंड का मोटा सुपड सीधा नूरी तै के छूट के फांकों पर जा
laga…..uski ऑंखें मदहोशी के आलम मैं बंद होने lagee……..Sanju के हाथ पेअर
कामुकता के कारन कैंप रहे थी. नूरी तै के छूट के फांकों ने संजू के लुंड के
सुपड को चूम कर सवागत kaya…..aur सुपड के चारो तरफ फेल
gaye………”umhhhhh ओह्ह्ह्हह्हह संजू “ मादक सिसकी भरते हुए नूरी तै उससे और जोर से
अपने से चिपका laya….aur अपनी कमर को धीरे अग्गे के तरफ करते हुए संजू के
लुंड पर अपनी छूट दबाने लगी….
संजू के लुंड का सुपड अब्ब सीधा नूरी तै के
छूट पर टिका हुआ था…..
संजू अपने लुंड के सुपड पर नूरी तै के छूट से बह रहे गरम लिसल्स पानी को
महूस करके, और उजेजात हो gaya…..aur उसने भी अपनी कमर को अग्गे के तरफ
धकेलना शुरू कर दया…
संजू के लुंड का सुपड नूरी तै के टाइट छूट के छेद को
फैलता हुआ अंदर घुस्सने laga……Noori तै को संजू के मोठे लुंड का सुपड अपनी छूट
के दीवारों पर रगड़ खता हुआ महसूस हुआ, तो वो पागलो के तर्हां संजू के
चहरे पर चुंबन के बारिश करने लगी……..
और संजू उसकी चुदाई करने
लगा
नूरी तै:= ओह्ह्ह संजू मेरी राजा ओह्ह्ह्हह्ह पुच-2 ओह्ह्ह्हह्ह मेरे jannnnn…….haan
छोड़ दाल मुजीई कब से तरस रही है ये तेरी मालकिन ओह्ह्ह्हह्ह संजू……..
ये कहते हुए नूरी तै ने संजू को बाँहों मैं भरते हुए अपने ऊपर खेंच
laya…..iss खेंचा तानी मैं संजू के धोती उसके बदन से अलग हो gaye……abb
संजू का सारा वजन नूरी तै के ऊपर आ चूका tha…..Noori तै ने संजू के कमर को दोनों
तरफ से पकड़ कर अपनी गांड को ऊपर के तरफ उछाला. संजू का मोटा लुंड नूरी तै के
टाइट छूट मैं रगड़ खता हुआ आधेसे जायदा अंदर चला gaya…..Noori तै के
ऑंखें मस्ती मैं बंद हो gaye…….apne होंटो को दांतो मैं चाबते हुए उसने
अपनी टांगों को पहला लाया. टंकी संजू आराम से उसके छूट मैं अपना लुंड अंदर
बहार कर सके…….
नूरी तै का बदन पूरा ऐंठ चूका tha……abhi तक कोई बचा न होने के कारन और
सेठ से भोत काम चूड़ी हुई नूरी तै के छूट किसी जवान लड़की के छूट के तर्हां टाइट
thee…..Sanju को उसके छूट अपनी लुंड पर कासी हुई महसूस हो रही thee…..jo की लैला
के छूट से कहीं जायदा टाइट थी…….
संजू वासना के सागर मैं गोथे खा
रहा tha……par नूरी तै के छूट जिस हिसाब से पानी चोर रही थी, उससे संजू का लुंड
बिना किसी दिकत के अंदर के और बढ़ता जा रहा था……
नूरी तै:= ओह्ह्ह्हह संजू हैं दाल दे धेरेईई -2 पूरा अंदर कर दी……
ुंहःहःहः siiiiiiiiiiiiii ओह्ह्ह्हह
और संजू का लुंड पूरा का पूरा नूरी तै के छूट मैं समां गया…..
संजू बुरी तरह चुदाई करने लगा
नूरी तै - आआअह्हह्ह्ह्हह... आआह्ह्हह्ह्ह्ह.......
नूरी तै के छूट
के छेद के चला पोरो तर्हां पहला हुआ tha….aur नूरी तै अपनी ऑंखें बंद कए हुए
सिसाय रही थी……
संजू के लुंड के सख्ती को महसूस करके, उसकी छूट लगतार
पानी बहा रही theee…..Sanju ने नूरी तै के कामुक चहरे के और देखा. संजू का
लुंड झाड़ तक नूरी तै के छूट मैं समय हुआ था. नूरी तै ने भी अपनी अध् खुली
आँखों से संजू के आँखों मैं dekha……jaise कह रहे हो अब्ब रुक क्यों गए……..
संजू ने धीरे-2 अपनी गांड को ऊपर के और उठाना चालू kaya……uska लुंड नूरी तै
के छूट के दीवारों से रगड़ खता हुआ बहार ऐनी laga…….jiss नूरी तै के रोम-2
मैं मस्ती के लहर दौड़ gaye……aur उसकी ऑंखें एक बार फिर से बंद हो
gaye…….Noori तै अपनी छूट पर होने वाले पहले प्रहार के लये अपने आप को जैसे
तैयार कर रही thee……tej चलती सांसों के साथ हिलती हुई बड़ी-2 चुच्यां जिससे देख
संजू पागल हुआ जा रहा tha……apne लुंड को सुपड तक बहार निकल कर संजू एक पल
के लये ruka…jaise वो भी पहले झटके के तैयारी कर रहा हो…….
नूरी तै जिसस्ने के संजू के कमर को दोनों हाथों से कास के पकड़ा हुआ tha……..usne
अपनी पकड़ ढीली कर dee….uske हाथ उसकी कमर पर कनाप रहे thee….aur अपनी
टांगों को घुटनो से मोड़ कर जितना हो सकता था ऊपर उठा laya……Sanju एक पल के
लये और रुका, और फिर अपनी गांड को पूरी रफ़्तार के साथ अग्गे के तरफ देखला पूरे
कमरे मैं थप के जोर से आवाज़ गूंज uthi……”unghhh ओह्ह्ह्हह्ह संजू” नूरी तै ने
अपने होंटो को चबाते हुए kaha…….Sanju का लुंड पूरी रफ़्तार से एक बार उसकी छूट
के गेहरों मैं कर चूका था…….
संजू के मुँह से भी आह निकल gaye…….Noori तै ने उससे अपने ऊपर खेंच कर
अपने से चिपका लाया…. संजू भी पूरी मस्ती मैं आ चूका tha……ussne एक बार
फिर अपने लुंड को सुपड तक बहार निकला, और फिर अपनी गांड को पूरी रफ़्तार से
ढाका देते हुए, अपने लुंड को नूरी तै के छूट के गेहरों मैं उतर
daya…..”ohhhhh जग जग जियो मेरी लालललल……” नूरी तै के ऐसे बातें संजू को और जोश
दिला रही थी….. वो संजू के लुंड के नसों को अपनी छूट मैं फूलता हुआ साफ़
महसूस कर पा रही थी……
संजू के इन दो जबरदस्त ढकों ने उसकी छूट मैं और सरसराहट बढ़ा दी……
उससे दर था की, कहीं संजू जोश मैं आकर जल्दी ना झाड़ बैठे, और उससे जून ही
सुलगता हुआ चोर dee……Sanju के रफ़्तार को काम करने के लये, उसने अपनी टांगों को
उसकी कमर पर कास laya…….aur अपने दोनों हाथों से अपने ब्लाउज के बटन खोल
कर अपनी 38 साइज के चुच्यों को आज़ाद कर दया……
आज तो संजू के किस्मत उस पर मेहरबान हो गए thee…….Noori तै के गुदाज और कासी
हुई चुच्यों को देख संजू से रहा नहीं gaya……aur पालक झपकते ही नूरी तै के
लेफ्ट चुकी को जितना हो सकता था, मुँह मैं भर laya…….apne निप्पल पर संजू के
गरम जीभ और लार को महसूस करते ही, उसके बदन मैं मस्ती के लहर दौड
gaye……..usne अपने बाँहों को संजू के पीठ पर कास लाया…….
संजू उसका निप्पल चूसते पूरी रफ़्तार से अपने लुंड को उसकी छूट के अंदर बहार
करने laga……aur नूरी तै अपनी गांड को बिस्तर ऊपर उठाये हुए उसके देखो के
रफ़्तार को काम करें के कोशिश करने लगी…..
नूरी तै:= ओह्ह्ह रुक जाआआआ संजू ढेरी -2 उफ्फ्फफ्फ्फ़ टूंणन्न सुन ना मेरे बात ओह्ह्ह
कितना मोटा है री तेरा मुंसल ओह्ह्ह्हह ढेरी ढेरी हैं बेताआए ऐसे
हीइ ढेरी -2 छोड़ड़ड़ अपनी मालकिन को ओह्ह्ह बेटा आराम सी पहले मेरे इन
चुच्यों को जी भर के चूस ओह्ह्ह betaaaa…….main कहीं बाघी थोड़ी जा रही
hunnn……..roj तुजे छुडवांगी बेटा ओह्ह्ह ढेरी…
संजू:= (नूरी तै के निप्पल को मुँह से निकलताते हुए ) सच मालकिन आप रोज
मुज्सेयी……..
नूरी तै:= (अपनी मदहोशी से भरी ऑंखें खोल कर संजू के तरफ देखते हुए) हाँ
मेरे जानन तेरे इस मोठे लुंड को तो अब्ब रोज अपनी छूट मैं lungi…….abb आराम से
chod…….bol जल्द बजी नहीं करेगा ना…
संजू:= नहीं मालकिन आप जैसे kaho……..mai वैसे ही करूँगा……..
नूरी तै ने अपने दोनों के ऊपर रजाई खेंच ली, “ अहह बेटा लिए चूस ली
बीटा………” और ये कहते हुए उसने संजू के सर को अपनी चुच्यों पर दबा
daya……….Sanju भी जैसे इसी पल के इन्तजार कर रहा tha…..usne भी फिर से उसकी
चुकी के निप्पल को मुँह मैं भर laya…..aur जोर जोर से उसकी चुकी को चूसते हुए,
धीरे अपने लुंड को उसकी छूट के अंदर बहार करने laga…….Sanju का दोसरा हाथ
अब्ब नूरी तै के दूसरी चुकी पर आकर उसे मसलने लगा tha……Sanju के इस हरकत से
नूरी तै के होंटो पर कामुक मुस्कान फेल गए….
नूरी तै:= हाँ मेरी सोना मसल दी मेरे चुहकयों को ओह्ह्ह्हह राजाआआ.. मैं
तो कब्ब से ओह्ह ढेरी बेताऑ ओह्ह्ह्हह तेरे लुंड अपनी फुद्दी मैं लेने के लये
तड़प रही थी. ओह्ह्ह्ह अह्ह्ह्हह अह्हह्ह्ह्ह धेरेईई संजू ओह्ह्ह्हह्ह्ह्ह
नूरी तै के छूट से निकल रहे कॉमर्स से संजू के लुंड पूरी तरहं बिग कर
चिकना हो गया tha…aur बिना किसी रोक टोक के उसकी छूट के अंदर बहार हो रहा
tha……Sanju ने अपने होंटो को उसके निप्पल से हत्या और उसके गर्दन को चाटते हुए
उसके गैलन पर किश करने lagee……Noori तै ने भी दोनों हाथों से संजू के सर को
पकड़ laya…….aur उसके बैलन को सहलाने lagee……..”siiiiiii ओह्ह्ह्हह्ह संजू छोड़
मुजीई ओह्ह्ह्हह हॉँण्णन तेरे ये मालकिन बरसों से तरस रही है ओह्ह्ह्हह्ह हाँ
छोड़ बीटा जोर से छोड़ ओह्ह्ह दाल दे अपना पूरा लुंड ओह्ह्ह्हह”
नूरी तै अब्ब पूरी तरहं गरम हो चुकी थी, और झड़ें के करीब पहुंच रही
thee…..usne अपनी परिजन को , जो संजू के कमर के चारो और कास रखे थे हटा कर
अपनी झांगों को पूरा खोल laya……aur अपनी गांड को ऊपर के और उछलने
lagee……Sanju का लुंड फातच-2 के आवाज़ के साथ नूरी तै के छूट के अंदर बहार होने
laga…..rajai मैं गरमी इस कदर बढ़ गए thee….ki दोनों पसीने से तर हो
गए…… नूरी तै ने रजाई को एक तरफ पटक daya…….aur संजू के सर को पकड़ कर
अपने होंटो को उसके होंटो पर लगा daya……Sanju भी अब्ब कहाँ रुकने वाला
था……..
जैसे ही नूरी तै ने अपने होंटो को उसके होंटो पर rakha….usne नूरी तै के दोनों होंटो
को चूसना शुरू कर daya…..neeche अपनी कमर को पूरी रफ़्तार से हिलाते हुए, संजू
अपना लुंड नूरी तै के छूट के अंदर बहार करता जा रहा thaa….aur नूरी तै भी अपनी
गांड को बिस्तर से ऊपर उठ कर संजू का लुंड अपनी छूट मैं लड़ रही थे ………..
फिर तो जैसे नूरी तै के छूट से सैलाब उमड़ padha……uska पूरा बदन अकड़
gaya……aur उसने अपने नाख़ून संजू के पीठ मैं गधा daye…….Laila के खिली हुई
के छूट के मुकाबले नूरी तै के कासी हुई छूट मैं संजू का लुंड भी और टिक नहीं
पाया, और एक के बाद एक वेरये के बौछार कर उसके छूट के दीवारों को बिगहोने
laga…….wasna का तूफान ठंडा पढ़ चूका tha….par अब्ब भी दोनों एक दूसरे के
होंटो को चूस रहे थी……..
नूरी तै:= (संजू के होंटो से अपने होंटो को अलग करते हुए, उखड़ी हुई सांसों के साथ)
संजू बीटा आज तूने मुझे वो सुख दया है, जसिके लये मैं कई सालों से तड़प रही
hun……aaj ये तुम मेरे नौकर नहीं , मैं तुम्हारी दासी बन कर rahunge…….tuje
दुनिया के हर वो चीज़ milege…..jis पर तुम हाथ रख डोज. ये नूरी तै का वडा है
तुमसे……
संजू:= वो मालकिन मुझे वो………
नूरी तै:= हाँ बोल मेरे राजा अगर कुछ चाहिए तो……
संजू:= नहीं वो मैं कह रहा था की, आप मुझे रोज से सब करने देंगे…..
नूरी तै:= ओह्ह्ह मेरे लाल बस इतनी से बात कहने के लये इतना पेरशान क्यों हो रहा
hai……seedha क्यों नहीं कहता की तुन मुझे रोज छोड़ना छठा hai…….hai न
बोल…….
संजू:= (शरमाते हुए) हाँ मालकिन………
नूरी तै:= छोड़ लेना मेरे राजा जब तुम्हारा दिल kare……par दिन मैं थोड़ा धयान
रखना किसी को पता नहीं चलना chahye…….chal चोर ये सब अभी तो आज पूरी रात
पढ़ी है……..
ये कहते हुए नूरी तै ने संजू को अपने ऊपर से हटा कर बीएड पर लेता दया, और खुद
उसके टांगों के बीच मैं जाकर घुटनो के बल बेथ gaye…….Sanju का अध् खड़ा
लुंड अभी भी काफी लम्बा और मोटा लग रहा tha…..jisse देख नूरी तै के आँखों मैं
एक बार फिर से वासना जाग uthi……usne अपने काम रास से भेज संजू के लुंड को
मुठी मैं पकड़ लाया, और तेजी से हिलने लगी……
संजू:= ओह्ह्ह मालकिन धीरे ओह्ह्ह्ह…….
नूरी तै ने के तरफ मुस्कारते हुए संजू के तरफ देखा, और फिर अपनी कमर पर ीखते
हुए पेटीकोट से संजू के गीले लुंड को साफ़ kaya……aur फिर झुक कर उसके लुंड के
सुपड को अपने होंटो के बीच मैं दबा laya……..Sanju का पूरा बदन कनाप
गया, उसने नूरी तै के सर को दोनों हाथों से कसके पकड़ लाया. “एक्य कर रही है
मालकिन आप, ओह्ह्ह्हह्ह “ नूरी तै ने संजू के बात पर धयान दये bina…uske लुंड को
चूसना शुरू कर daya……..Sanju मस्ती मैं आठ ओह्ह्ह कर रहा था……..
एक बार फिर से संजू के लुंड मैं तनाव एना चालू हो गया tha…….jise देख नूरी तै
के छूट के फांके एक बार फिर से कुलबुलाने lagee…….aur वो और तेजी से संजू के
लुंड को चूसते हुए, अपने मुँह के अंदर बहार करने lagee……uske हाथ लगतार
संजू के बॉल्स को सहला रहे thee……aur संजू के हाथ लगतार नूरी तै के खुले हुए
बालों मैं घूम रहे थी……
नूरी तै बार-2 अपनी मस्त से भरी अधखुली आँखों से संजू के चहरे को देख रही
thee…jo ऑंखें बंद कए हुए अपने लुंड को चुसवा रहा था……
नूरी तै ने संजू के
लुंड को मुँह से निकला, और संजू के बॉल्स को मुँह मैं भर चूसना चालू कर
daya….”ohhhh बस मालकिन ओह्ह्ह” संजू को ऐसा लगा मनो उसकी सांस अभी बंद हो
jayge….uska दिल भोत जोरो से धड़क रहा tha……jab संजू से बर्दास्त नहीं हुआ तो,
उसने नूरी तै को उसके बैलन से पकड़ कर खेंच कर अपने ऊपर लेता laya……Noori तै
के चुच्यां संजू छथि मैं आ धंसी………
दोनों हफ्ते हुए एक दूसरे के आँखों मैं देख रहे thee…..Sanju ने अभी भी
नूरी तै के बैलन को कसके पकड़ा हुआ tha….par नूरी तै के होंटो पर फिर भी
मुस्कान पहेली हुई thee…..neeche संजू का लुंड नूरी तै के छूट के ऊपर रगड़ खा
रहा tha……Noori तै संजू के आँखों मैं देखते हुए अपना एक हाथ नीचे ले गए,
और संजू के लुंड के पकड़ कर अपने छूट के छेद पर टिका daya…….aur संजू के
आँखों मैं देखते हुए धीरे-2 अपनी छूट को संजू के लुंड पर दबाने लगी……
नूरी तै के थूक से सना हुआ संजू का लुंड उसकी छूट के छेद को फैलते हुए अंदर
घुसाने लगा……
संजू को ऐसे लग रहा था, जैसे उसके लुंड का सुपड किसी छूट मैं नहीं, बल्कि किसी
तपती हुई भाटी के अंदर जा रहा ho…….Sanju के ऑंखें एक बार फिर से बंद हो
गए, नूरी तै ने संजू के दोनों हाथों को पकड़ कर अपनी चुच्यों पर रख कर अपने
हाथों से दबा daya….aur अपनी छूट को तब तक संजू के लुंड पर दबती रही, जब
तक के संजू के पूरा 8 इंच लम्बा लुंड उसकी छूट के गेहरायों मैं समां कर उसके
बच्चेदानी के छेद से जा तक्र्य……
नूरी तै:= (कनपटी हुई आवाज़ मैं) ओह्ह्ह्ह संजू तेरे लुंड कितना बड़ा hai,,,,,umhhhhhh
ओह्ह्ह्हह देख ना कैसे मेरे छूट को खोल रखा hai,………ohhhhhhh संजू…….
नूरी तै के छूट तो जैसे पहले से एक और जबरदस्त चुदाई के लये तैयार थी…..
और अपने अंदर कॉमर्स के नदी बहा रही thee……Sanju का लुंड अब्ब झाड़ तक नूरी तै के
छूट मैं घुसा हुआ था, और नूरी तै के छूट से कॉमर्स बह कर संजू के बॉल्स तक
आ रहा tha……Sanju ऑंखें बंद कए हुए, नूरी तै के चुच्यों को अपने हाथों से
मसल रहा tha…beech मैं वो उसके निप्पल्स को अपनी उंगलयों के बीच मैं दबा
कर खेंच deta…jisse नूरी तै एक दम से सिस्का उठती, और उसकी कमर अपने आप ही
अग्गे के और झटका खा जाती.
लुंड छूट के दीवारों से रगड़ खता, और नूरी तै के बदन मैं मस्ती के लहर
दौड़ जाती. “ हाँ संजू उफ़ और जोर से मसल, मेरे चूचक को ओह्ह्ह्ह ुंहःहःहः
अह्ह्ह्हह अह्ह्ह्ह Sanju…….chod दाल मुजीई. देख न मेरे फुद्दी कैसे पानी चोर
रही है, तेरे लुंड के लये ……..ओह्ह्ह्हह संजू ुंहःहः हाँ ऐसे और जोर से मसल
ओह्ह्ह्हह ओह्ह्ह्हह अह्ह्ह्हह” नूरी तै अपनी कमर को हिलाते सिसकारी भर रही thee……aur
अपने दोनों हाथों को संजू के हाथों पर दबा रही थी……..
संजू भी जोश मैं आकर नीचे लेते हुए ऊपर के और ढकें लगाने के कोशिश
कर रहा था. पर दुबला पतले संजू का बुसस नहीं चल रहा था, ऊपर जवानी से
भरपूर नूरी तै जैसे गदराई हुई औरत जो उसके लुंड पर उछाल रही thee……Sanju तो
बुसस अब्ब ऑंखें बंद कए हुए नूरी तै के टाइट छूट के मजे लूट रहा tha…..Noori तै
अब्ब एक दम गरम हो चुकी थी, उसने संजू के हाथों से अपने हाथ हत्ये और संजू
के ऊपर झुक कर उसके होंटो को अपने होंटो मैं भर laya…….jaise संजू के हाथ
आज़ाद हुए, संजू अपन हाथों को उसके गांड पर ले गया………..
और उसके चूतड़ों को जोर जोर से मसल कर दोनों तरफ फैलाने laga…….Noori तै ने अपने
होंटो को संजू के होंटो से हटाया, और संजू के सर के दोनों तरफ अपनी हाथलयों को
टिका कर अपनी गांड को पूरी रफ़्तार से ोप्पेर नीचे करके , अपनी छूट को संजू के
लुंड पर पटकें lagee…..Sanju का लुंड हर बाद करीब आधा बहार अत और फिर
पूरी रफ़्तार के साथ नूरी तै के छूट के दीवारों से रगड़ खता हुआ अंदर घुस
जाता….. नूरी तै तो मनो आज ऐसे निहाल हो गए थी, जैसे उससे सवर्ग मिल गया
हो……
नूरी तै:= हाँ संजू ुंहःहःह और जोर से मसल मरीईई गांड को ओह्ह्ह्ह अह्ह्ह्ह
संजू देखहहहह मेरे फुद्दी फिरर पानी चोर्ने वाली है अह्ह्ह्हह राजायआ ओह्ह्ह्हह्ह
ओह्ह्ह्हह्ह अह्हह्ह्ह्ह अह्ह्ह्हह्ह्ह्ह अह्ह्ह्हह्हह
नूरी तै का बदन एक बार फिर से आकड़ें laga…….aur उसके छूट से पानी नदी बह
nikali……….Sanju भी नीचे लेते हुए कमर हिलाते हुए झाड़ gaya……Noori तै झाड़
कर निढाल होकर संजू के ऊपर लुढ़क गए….
जब नूरी तै के सांसे दुरस्त हुई तो, नूरी तै संजू के ऊपर से उठ कर उसके बगल मैं
लेत gaye……poore रूम मैं अब्ब चुदाई के खुसबू छाए हुए thee…….Noori तै ने
करवट के बल लेटते हुए, संजू को अपने से चिपका लाया, और संजू ने भी उससे अपनी
बाँहों मैं भरते हुए, अपने फेस को नूरी तै के चुच्यों मैं दबा daya…..Noori तै
आज कई सालो बाद झड़ी थी, वो भी एक के बाद एक दो बार. अब्ब उससे अपना बदन
हलका महसूस हो रहा था…..
होंटो पर संतुस्ती भरी मुस्कान और दिल मैं सकूं tha…….abb ना तो संजू कुछ
बोल रहा था, और ना ही नूरी तै. दोनों एक दूसरे के आगोश मैं खोए हुए कब सो
गए, पता नहीं chala…….raat के 3 बजे के करीब संजू के नींद टोटी,
shayad….abhi वो पूरी तर्हां से जगा हुआ tha……Sanju के हिलने के कारन नूरी तै के
नींद भी उखड gaye……laaltain के रोशनी मैं उस्सने अपने आप को संजू के
बाँहों मैं एक दम नंगा paya….Sanju अब्ब भी उसके चुच्यों मैं मुँह
दबाये हुए ऊंघ रहा था….
जिससे देख एक बार फिर नूरी तै के होंटो पर प्यार भरी मुस्कान फेल gaye……ussne
बड़े ही प्यार से एक बार संजू के माथे को चूमा, और फिर उसके बालों को प्यार से
सहालने lagee…..wo मान ही मान सोच रही थी की, इस रात के सुभे कभी न
ho…..par ये शयद मुंकिन नहीं tha……aur शायद कल चांदीमल भी वापिस आ
सकता tha…..aur जो प्यास उसकी आज कई सालो बाद बुजी है, शायद फिर पता नहीं कब
तक उससे इस जवान लुंड के लये प्यास रहना पढ़े……
ये सोचते हुए, नूरी तै लगतार अपने हाथ के उंगलयों को संजू के बालों मैं
घुमाये जा रही थी. जिससे संजू जो की अभी गहरी नींद मैं नहीं था. पूरी
तर्हां से जाग गया. उस्सने अपनी ऑंखें खोल कर नूरी तै के तरफ देखा. उसके होंठ
नूरी तै के गुदाज चुच्यों के निप्पल के बेहद करीब thee……Sanju से रहा नहीं
गया. और उस्सने नूरी तै के लेफ्ट निप्पल को मुँह मैं भर कर जोर से चूसना चालू कर
daya…..apne कड़क निप्पल पर महसूस करते ही, उसके बदन मैं सनसनी दौड़
गए……
नूरी तै ने दोनों हाथों से संजू के सर को पकड़ कर पीछे काया, जिससे नूरी तै का
निप्पल पक के आवाज़ से संजू के मुँह से बहार आ gaya……Sanju ने नूरी तै के फेस के
तरफ dekha…….dono के नज़रे अप्प्स मैं मिली, नूरी तै के आँखों मैं चाहत के
साथ-2 लाखों सवाल thee……kahan तो वो संजू को चांदीमल के खिलाफ इस्तेमाल
करके, चांदीमल के इज्जत के धजे उधना छथि थी……
और कहा आज वो खुद संजू के मुंसल लुंड के गुलाम हो कर रह गए thee….jo इस
वक़्त तन कर नूरी तै के छूट के पास उसकी झांगों को ठोकर मार रहा tha……jaise
नूरी तै के छूट के लये अपना रास्ता बनाना के कोशिश कर रहा tha……Noori तै ने संजू के
आँखों मैं देखते हुए, अपने होंटो को उसके होंटो के तरफ बढ़ा daya….aur
अगले ही पल संजू नूरी तै के चुच्यों को मसलते हुए, उसके होंटो को चूस रहा था…
नूरी तै ने अपने हाथों को संजू के पीठ पर कसके, उससे अपने ऊपर खेंच लाया….
जैसे ही संजू नूरी तै के ऊपर आया, नूरी तै ने अपनी टांगों को पहला लाया, जिससे संजू
का नीचे का धड़ उसकी गुदाज झांगों के बीच मैं आ gaya…..Sanju ने नूरी तै के
होंटो से अपने होंटो को हत्या, और उसके नैक और चुच्यों के ऊपर वाले हिस्से को
चूमने laga……Noori तै के बदन मैं एक बार फिर से वासना के आग बढ़कें
laggee……Noori तै अभी भी उसके पथ पर अपने हाथों को घुमा रही thee….aur
संजू के बदन के हर अनाज को चूमता और छठा हुआ नीचे उसके पेट पर आ
गया……..
नूरी तै अब्ब धीमे आवाज़ मैं सिसकिया भर रही thee……neend से अभी- जगी नूरी तै को
आज तक ऐसे खुमारी नहीं छाए thee…..ussne अपने दोनों हाथों को ऊपर लेजाकर
सर के नीचे रखे तकए को कास के पकड़ laya……uski कमर लगतार थरथरा रही
thee….uske पेट मैं उठ रही लहरों से जाहिर हो रहा था. की नूरी तै कितनी गरम हो
चुकी hai…..aur अब्ब उसके छूट मैं फिर से नमी ऐनी लगी thee…..”ohhh संजू
ओह्ह्ह्हह्ह मेरे jaaan…….uffffff और मत तड़पाओ अपनी मालकिन को ुंहःहः ुंहःहःह”
संजू ने एक बार नूरी तै के कामुक फेस के और dekha……uske पूरा चेहरा पसीने
के सुनहरी बूंदो से भीगा हुआ tha…..aur उसके रसीले होंठ थरथरा रहे
thee…….phir उस्सने अभी जीभ निकल कर नूरी तै के नाभि मैं घुसा dee……Noori तै
के बदन मैं करंट सा दौड़ gaya….usne तकए को चोर कर संजू के सर को दोनों
हाथों से पकड़ laya………..”ohhhhh संजू अह्हह्ह्ह्ह siiiiiiiiii नाहीई ओह्ह्ह्हह्हह मत
कर मेरे लालललललल ओह्ह्ह्हह्ह्ह्हह बुस्स्सस्स उफ्फ्फफ्फ्फ़ क्या कर रहा haiiiii….ohhh चोर दिए
राजाआं. “
संजू उसके नाभि और पेट के नीचले हिस्से को चूमता हुआ, और नीचे उसकी छूट
के तरफ जाने laga….jab नूरी तै को इस बात का अहसास हुआ, तो उस्सने अपनी झनगन को
भींचना शुरू कर दया…..
नूरी तै:= ओह्ह्ह सँजोऊ मत्तत्त कर naaaaa,…….main मेंननननननन मर जाउंगी ओह्ह्ह्हह
ुम्हह सीईई ओह्ह्ह्हह संजू नही नहीं ओह्ह्ह्ह ुँघठ ूंघ्हठ्ठ……….
नूरी तै के आवाज़ मनो उसके हलक मैं अटक गए ho….kuch पल्लों के लये उसकी सांस
रुक gaye…..aur उसके पूरा बदन ऐसे अकड़ गया, मनो जैसे उसको डोरा पढ़ गया
ho……….usne अपने हाथों से संजू के सर को पीछे करने के कोशिश की, पर उसको
लगा जैसे उसके बदन ने उसका साथ चोर daya……kuch पल्लों के ख़ामोशी के बाद
मनो जैसे रूम मैं तूफ़ान आ गया…….
नूरी तै लगभग छीकते हुए सिसकार्यं
भरने लगी…….
नूरी tai:=ohhh ुंहःहःहः अह्ह्ह्हह्हह अह्ह्ह्हह्हह अह्ह्ह्हह्हह बेटा ओह्ह्ह्हह्ह चोर दिए
मुजीब ओह्ह्ह्हह मैं पागल हो जाउंगी बेताऑ ओह्ह्ह्हह्हह मेरे फुद्दी को मत कर
बीटा ohhhh(Noori तै अपनी गांड को बीएड से ऊपर उछलते हुए मछली के ताहरां
तड़प रही थी)
उसके छूट का कॉमर्स इस्कदर उसके छूट को गीला कर रखा था की, उसकी छूट से
पानी निकल कर गांड के छेद को नाम कर रहा tha……jab मस्ती मैं आकर नूरी तै अपनी
गांड को ऊपर के और उछलती, तो संजू के जीभ नूरी तै के गांड के छेद पर रगड़
खा जाती,
और नूरी तै के बदन मैं और मस्ती के लहर दौड़ जाती. नूरी तै का पूरा
बदन मस्ती मैं कैंप रहा था…….
जब नूरी तै ने बर्दास्त नहीं हुआ तो, उस्सने संजू को कन्धों से पकड़ कर ऊपर
खेंच लाया, और अपना हाथ नीचे लेजाकर संजू के लुंड को पकड़ कर अपनी छूट के
छेद पर लगा daya……garam सुपड छूट के छेद पर लगते ही, जो सुख के
अनुभूति नूरी तै को हो रही थी, उसे शब्दों मैं बयां करना भोत मुश्किल था……
और संजू को ऐसे लग रहा था. जैसे उसके लुंड का सुपड किसी दहकती लावा का नदी
मैं चला गया हो. “ओह्ह मालकिन आपकी छूट भोत गरम है, मेरा लुंड पिगल
जायेगा”
संजू का बदन भी मस्ती मैं कनाप रहा tha…..usne अपनी कमर को अग्गे के
तरफ धकेला, संजू का लुंड का सुपड नूरी तै के छूट के छेद फैलता हुआ अंदर जा
ग़ुस्सा. और नूरी तै के मुँह से मस्ती भरी आह निकल gaye……Noori तै ने अपनी बाँहों
को संजू के पीठ पर कास लाये, और उसके होंटो को जो की उसकी छूट के कॉमर्स से
भीगे हुए थे, अपने होंटो मैं भर लाया……
संजू ने भी अपनी नूरी तै के होंटो को चूसते हुए एक और जोरदार ढाका मार कर अपना
पूरा का पूरा लुंड नूरी तै के छूट के गेहरों मैं उतर daya…….Noori तै के बदन
मैं मस्ती के लहर दौड़ गए. और संजू के पीठ पर तेज्जि से अपने हाथों को
फेरने lagee……aab संजू भी लगतार अपने लुंड को नूरी तै के छूट के अंदर
बहार कर रहा tha…..aur नूरी तै भी अपनी गांड को उछाल-2 कर अपनी छूट को संजू
के लुंड पर पटक रही थी…..
नूरी तै जो की थोड़ी देर पहले मायूस हो गए थी.
सब कुछ भूल कर एक बार फिर से अपनी झांगों को फैलाये हुए, संजू के लुंड को
अपनी छूट मैं ले रही थी…..
चुदाई के ये दौर करीब 15 घंटे chala……jhaden के बाद दोनों जब अलग हुए, दोनों भोत
थक चुके thee…..Agli सुभे जब नूरी तै उठी, तो उसने आपने आप को संजू के बाँहों
मैं एक दम नंगा paya….apni इस हालत को देख कर नूरी तै के होंटो पर मुस्कान आ
गए, उसने संजू के चहरे के तरफ देखा. जो अभी भी खाबों के दुनिया मैं
tha…….Noori तै ने झुक कर संजू के माथे को चूमा, और फिर उसके बालों को सहलाते
हुए उसके जग्य………..
संजू नींद से जगा, और नूरी तै के तरफ देखने laga…….”abb उठजाये शजायदे
सुभे हो गए है, वो लैला भी अत्ति होगी” ये कह कर नूरी तै ने एक बार संजू के
होंटो को चूमा, और फिर बीएड से उतर कर अपनी साड़ी पहने लगी, पीछे बीएड पर
लेता हुआ संजू नूरी तै के गड़रिए बदन को देख रहा था…. उससे अपनी किस्मत पर
विश्वास नहीं हो रहा था, की कल पूरे रात ये बदन उसकी बाँहों मैं tha…..aur
उसने नूरी तै को रात को जी भर कर छोड़ा था……
लैला के आने का टाइम हो रहा tha…..isslye संजू भी बीएड से उतर कर लुंगी पहनकर
पीछे बने अपने रूम मैं चला gaya….peeche जाने के बाद उसे अपने कपड़े
जो कल रात भीग गए थी, उन्हें सूखने के लये दाल दया, और दूसरे कपड़े
पहने कर सोच के लये खेतो के तरफ चला गया.
अब इधर..... गांव में
ढोलू.... के मैं में विचार आया.....
ढोलू... ( मैं में) - यार.... दुनिया में सभी रोस्टर बनते जा रहे है.... मुझे भी कुछ ऐसा hi काम करना चाहिए.... हवेली में जो भी आएगा उसको पहले तोह रोस्ट कर दूंगा बाद में रूम दूंगा.... हां... यही सही रहेगा....
ढोलू.... मटक मटक के हवेली की ऑर्डर जा रहा होता है....
रस्ते में गांव में उसको एक आदमी मिलता है...
ढोलू - मिल गया बकरा क्यों न इससे hi रोस्टिंग की शुरुआत करू..... रोस्टिंग कर कर के मुनावर भैया.... बिग बॉस जीत गए मई भी थोड़ा बहुत नाम कमा लूंगा..... चलो इस बकरे की हज़ामत बनता हु....
ढोलू - और... चाचा.... क्या हाल है...
आदमी - हाल तोह कुछ नहीं बीटा... सब बेहाल है.....
ढोलू - क्यों.... ठीक से टट्टी नहीं जा रही क्या...
आदमी - क्यों बीटा... घर वाले खाना नहीं देते क्या जो मेरी टट्टी के बारे पूछ रहे हो....
( चाचा रॉक
ढोलू भौककक...
)
ढोलू - खाना तोह मिलता है चाचा.... पर खाना खाने के बाद उसको पचाना भी होता है न उसके लिए किसी खुजली वाले कुत्ते की तलाश में था....... मिल जाता कोई तोह लगता एक ात करके...
आदमी - मई भी शामे hi कंडीशन में हु बीटा... तुम्हे भी मिल जायेगा कोई..... मुझे तोह मिल hi गया है.... अभी उसपे हाथ साफ़ करता हु....
चटककककक.....
ढोलू... - ारी चाचा ये मारा क्यों...
आदमी - ारी बिटवा का है na.....mujhe आज नंगा सोता देख मेरी बीवी ने कहा था की आज तुम्हे मलेरिया होगा.... इसलिए मई मच्चर बैठने से पहले hi छाता मार मार के मच्चर भगा रहा हु....
ढोलू - ( अबे साले...) - तोह अपने में मारो न छाता मुझे क्यों मार दिया...
आदमी- वोह क्या है न.... मई अपने में मारने से पहले चेक करना चाहता था की मेरे मारने से कोई मरता तोह नहीं है न... क्या पता मई अपने आप को मारता और मेरे 50 किलो के हाथ से मई मर जाता उससे पहले टेस्ट लेना बनता है न बिटवा...
ढोलू - अबे... ो.. ो.. ो... चाचा... जयादा मत फेको.... ये आपका हाथ 50 किलो का कब हो गया...
आदमी- कल hi हुआ है बीटा मैंने कल hi तराज़ू पे चेक किया....
ढोलू - ऐसा कैसे हो सकता है....
आदमी - क्यों नहीं हो सकता बीटा....
ढोलू - तुम्हे देख के तोह लगता है की तुम्हारी पूरी बॉडी का वेट 50 कग नहीं होगा...
आदमी - हां तोह मई भी तोह बोल रहा की बस मेरे हाथ का hi वेट 50 किलो हुआ है बॉडी का तोह 35 किलो है....
ढोलू - एईएन.... ये क्या बोल रहे हो चाचा... देखो सुबह सुबह झूट बोल रहे हो...
आदमी - नहीं... नहीं... मई झूट नहीं बोलता.... क्युकी मई सच्चा आदमी हु.... मैंने देश की भलाई के लिए क्या क्या किये है तुझे क्या मालूम मुझे झूठा कहता है तेरी तोह...
ढोलू - अच्छा ऐसा क्या किया है आपने देश के लिए.... कही किसी की गांड मार ली क्या...
आदमी -
तुझे कैसे पता.....
ढोलू - ारी तुम जैसे से और क्या hi उम्मीद रखूँगा..... वैसे कौन थी वोह बदनसीब बताओ जरा... कही किसी लड़के को लड़की समझ के चढ़ तोह नहीं गए न...
आदमी - तुझे कैसे पता वोह लड़का था...
कही तू hi तोह नहीं था वोह.... हां... तू hi था... तभी मई सोचु... आज सुबह सुबह मुझसे बात करने कौन आ गया.... लगता है कल की मेरी परफॉरमेंस पसंद आयी तुझको.... अब तोह मेरा भी मूड हो रहा..... ा.. चल न झाड़ियों में... जल्दी से 1 राउंड पेलने दे...
ढोलू.. - नहीं.. नहीं... नहीं...

बचाओ..... बचाओ.... करके वह से भाग गया...
ढोलू - नहीं.. नहीं... भाड़ में गयी रोस्टिंग... नहीं करना मुझे रोस्टिंग..... ये साला... सांड मुझे hi पेलने के चक्कर में था... कैसे कैसे लोग रहते है साला संस्कार नाम hi चीज़ hi नहीं है
.
मिस मैरी ( मैं में) - इसका मतलब जो मुझे 2 रात से उठा के ले गया था और छोड़ रहा था वोह एक भूत था....
क्या मई अब भूत के बच्चे की माँ बन जाउंगी...... मेरे पति को जब पता चलेगा तोह क्या होगा.....
इसी उधेड़ बन में मिस मैरी लगी हुई थी....
संजू और प्रेमा भी घर पहुंच चुके थी....
प्रेमा और संजू को वापस लौटा देख नूरी तै बहुत खुस हुई......
नूरी तै - कैसा रहा तुम्हारा जंगल सफारी...
प्रेमा ;- बहुत hi भयानक....
नूरी - क्या.. ऐसा क्यों बोल रही... है..
प्रेमा ने फिर सब बता दिया....
प्रेमा की बात सुनके नूरी भी थोड़ा सकते में आ गयी....
नूरी - इतना सब कुछ हो गया....
प्रेमा - हां... लेकिन प्लीज तै जी आप मम्मी पापा को मत बताना इस बारे में वार्ना वोह डाटेंगे....
नूरी - ठीक है नहीं बताउंगी.... अब चल जा सो जा तू भी थक गयी होगी...
अगली सुबह..... वनराज और सविता कही बहार जा रहे होते है तोह वोह साथ में प्रेमा को भी चलने को कहते है...... प्रेमा का मैं तोह नहीं था लेकिन क्या करे बाप के आगे बीन बजने से कुछ नहीं होगा..... इसलिए वोह भी उनके साथ चली गयी....
तभी नूरी तै को कुछ ऐसा suja……jisse उसके होंटो के मुस्कान और बढ़ gaye……wo
घर के पीछे बने संजू के कमरे के तरफ gaye….aur बहार से ही संजू को आवाज़
dee……Noori तै के आवाज़ सुन कर संजू बहार आया…
संजू:= जी मालकिन……
नूरी तै:= सुन तुन ऐसा कर आज सहर चला जा दुकान par……tumhen तो पता है की सेठ
जी नहीं hai….aaj वहां जाकर थोड़ा काम देख ली की, वहां के लोग ठीक से काम
कर रहे है की, nahi….dukan बंद होते ही घर आ jana…aur हाँ वहां सहर
मैं ही कुछ खा lena….lauten मैं तुम्हें देर हो जायेगे……
संजू:= जी मालकिन मैं अभी चला जाता हूँ…………
संजू घर से निकल कर सहर के तरफ चल padha…….sahar गाओं से कोई 3-4 कम दूर
tha….paidal चल कर भी वहां 20-25 मिनट मैं फुक्हा जा सकता
tha……..udhar संजू के जाने के बाद लैला घर पर आ gaye…..aur घर के
छोटे मोठे काम करने लगी.
नूरी तै:= लैला सुन………
लैला:= जी दीदी………..
नूरी तै:= लैला वो आज संजू का खन्ना मत banana……wo सहर गया hai…….aaj रात वो दुकान पर ही rukega…….khanna वहीँ खा लेगा………..
लैला:= (नूरी तै के बात सुन लैला उदास हो गए) जी दीदी…….
आज लैला का मान भी काम मैं नहीं लग रहा tha…….usse रह रह कर संजू के
याद आ रही thee.usne बेमन से खन्ना तैयार काया, और अपनी बेटी और अपना खन्ना लेकर घर वापिस चली gaye……raat के 8 बजे संजू दुकान बंद होने के बाद संजू
घर वापिस के लये सहर से गाओं के और chala…..charo तरफ घन्ना कोहरा चाय
हुआ tha……raat के अँधेरे और सन्नाटे सी, संजू के गांड फट रही thee…..sunsan
रस्ते पर चलते हुए, मनो उससे ऐसा लग रहा था जैसे कोई उसका पीछा कर रहा
हो……
वो बार बार पीछे मुद कर dekhata..par पीछे कोई नहीं hota……Sanju के हालत
ख़राब होती जा रही thee…….sadak के दोनों तरफ खेत thee..ganne के फसल मैं
हवा चलने से अजीब से सरसाहट hoti…aisa लगता मनो अभी खेतों मैं से कोई
निकल कर उससे धार dabochega……..par ये सिर्फ संजू का वहां था. दर के मरे उसके
हाथ पेअर थरथर कनाप रहे thee…..phir अचानक से खेतों मैं से एक नेवला बड़ी
तेजी से सड़क पार करके दूसरे तरफ के खेतो मैं gaya……Sanju तो दर के मरे
चीख पढ़ा…
पर इतने सुनसान रस्ते पर उसकी चीख सुनाने वाला भी नहीं tha…….usse ऐसा लग
रहा था की, उसके दिल के धड़कन रुक jaynge…….Jaise तैसे संजू किसी तरह गाओं
phuncha………aur चैन के सांस lee……ussne सोच लाया था की, वो नूरी तै को बोल
देगा की, वो अग्गे से रात को सहर अकेला नहीं jayega….wo बुरी तरहं से डरा हुआ
था…… अभी अभी जंगल में भूतनी के साथ कांड का दर भी संजू भी छाया हुआ था संजू को रह रह कर ये डर सताया जा रहा था की कही वोह दोनों भूतनी माँ बेटी उस भूत के मौत का बदला लेने न आ जाये…..
उससे दूर नॉक kaya…..Noori तै तो जैसे उसके ही इन्तजार मैं बैठी थे…….
नूरी तै:= कोण है बहार ?
संजू:= जी मैं हूँ संजू………..
संजू के आवाज़ सुनते ही, नूरी तै के होंटो पर मुस्कान फेल gaye……ussne जल्दी से
दूर khola.jaise दूर खुला संजू ऐसे अंदर aya..jaise उसकी मौत उसके पीछे लगी
ho…..uska डरा हुआ चेहरा देख नूरी तै भी घबरा gaye…..Sanju सीधा अंदर
चला gaya….Noori तै ने दूर बंद काया, और संजू के पीछे अनजान मैं आ गए.
“क्या हुआ री इतना घबराया हुआ क्यों है”
संजू नीचे चटाई पर बेथ gaya….wo सच मैं भोत डरा हुआ tha…….bhoot
देखा तो नहीं पर सुना जरूर था उसने भूतों के बारे main……”wo वो मैं
मुजी रस्ते मैं दर लग रहा था….” संजू ने घबराहट मैं हड़बड़ाते हुए
कहा….
नूरी तै:= दर लग रहा था किस्से. ?
संजू:= वो रस्ते मैं भोत अँधेरा tha…..main अग्गे से रात को नहीं जाऊंगा………….
नूरी तै को संजू के भोलेपन हस्सी आ gaye……”main आज यहीं सो जॉन malkin…muje
आज भोत दर लग रहा है” संजू ने नूरी तै के तरफ देखते हुए kaha……..Sanju के ये
बात सुन नूरी तै को ऐसा laga..mano आज उसकी मान के मुराद पूरी होने को कोई नहीं
रोक सकता….
नूरी तै:= (खुस होते हुए) हाँ हाँ क्यों नहीं यहाँ क्यों तुन मेरे कमरे मैं सो
jana……isme डरने के काया बात hai……..khanna तो खाया न तूने……..
संजू:= हाँ मालकिन खन्ना खा लाया था………
नूरी तै:= तू चल मेरे कमरे main……main अभी अत्ति हूँ………
ये कह कर नूरी तै किचन मैं आ gaye……Sanju को अब्ब भी ऐसा लग रहा tha.jaise
उसके पीछे कोई ho…wo डरता हुआ नूरी तै के रूम मैं आ gaya…..wo सहमे हुए
खड़ा tha….thodi देर बाद अचानक नूरी तै के अंदर ऐनी की हैट सुन कर संजू बुरी
तर्हां हिल gaya………par जब नूरी तै को उसने देखा, तो उसकी सांस मैं सांस
aye…….Noori तै हाथ मैं गिलास लाये कड़ी thee…..usne गिलास को टेबल पर रखा, और
मुद कर दूर बंद कर daya……door बंद करने के बाद उसने ोधी हुई शैवाल को
उतर कर टांग दया.
नूरी तै:= (संजू के हालत का अंदाज़ा नूरी तै को हो चूका tha…..abb वो इसे मोके को जाया
नहीं देने छथि थी) तुन अभी तक खड़ा hai….chal बैठा जा पलंग par……(glass
को टेबल पर से उठाते हुए) ये ली. पी ली, (नूरी तै ने संजू के तरफ पकड़ा हुआ
गिलास बढ़ा दया…..
संजू:= ये काया है मालकिन…….
नूरी तै:= दूध hai…….garam है, पी lee…….thand काम हो जायगे…..
संजू:= इसकी क्या जरूरत थी. मालकिन
नूरी तै:= ली पकड़ और पी jaa..abb जायदा बातें ना बना…..
संजू ने नूरी तै के हाथ से गिलास ले लाया, और खड़े खड़े पीने laga……..Noori तै बीएड
के सामने कड़ी हो gaye…..aur अपनी साड़ी उतारें lagee…..Sanju दूध का घोंट
भरते हुए उसके गड़रिए बदन को देख रहा tha….room मैं लालटेन के लाइट चारो
तरफ पहेली हुई thee…..Noori तै ने होंटो पर कामुक मुस्कान लाये हुए संजू से
kaha…..”aram से बेथ कर डेक ओह्ह दूध पी. ऐसे कब तक खड़ा रहेगा” जो नूरी तै
बोलने वाली थी. संजू को कुछ कुछ समाज मैं आ गया tha…….par संजू ने उस
तरफ जदया धयान नहीं दया.
नूरी तै ने अपनी साड़ी उतर कर रख dee……abb उसके बदन पर महरून कलर का
ब्लाउज और पेटीकोट था. नूरी तै उसमे मैं बाला के खूबसूरत लग रही thee…..Sanju
अपनी नज़रें नूरी तै पर सी हटा नहीं पा रहा tha……Noori तै बीएड पर आकर बेथ
gaye…….aur संजू के सर को सहलाते हुए boli….”arre अँधेरे से काया डरना, तुन रोज
रात पीछे अकेला ही सोता है naa…phir आज कैसे दर गया तुन”
संजू:= वो मालकिन मैं लालटेन जगा कर सोता हूँ…….
नूरी तै:= अच्छा ठीक है, अग्गे से कभी तुजे रात को नहीं bejunge……chal अब्ब आराम
से दूध पी ली…
संजू:= मालकिन वो मुझसे पाया नहीं जा रहा……..
नूरी तै:= क्यों क्या हुआ.
संजू:= आप ने इससमे घी क्यों दाल daya…muje दूध मैं घी पसंद नहीं
है……
नूरी तै:= तेरे लये ाचा है ghee……..pee जा मुझे पता है आज कल तुन भोत मेहनत
करता है……
नूरी तै के बात सुन कर संजू एक दम से झेंप gaya……Sanju ने दूध ख़तम काया,
और गिलास को टेबल पर रख daya……jaise ही संजू गिलास को टेबल पर रख कर मुदा
तो, उसने देखा के नूरी तै रजाई के अंदर घुसी हुई उसके तरफ खा जाने वाली नज़रों से
देख रही hai……”abb वहां खड़ा क्या है. सोना नहीं है काया…..” नूरी तै ने संजू
को kaha……..par संजू को समाज मैं नहीं आ रहा था की, वो सोये गए कहाँ. क्योंकि
वो नूरी तै के साथ बीएड पर तो सोने के बारे मैं सोच नहीं सकता……
संजू:= पर मालकिन मैं कहाँ लेटूँगा…..
नूरी तै:= अरे इतना बड़ा पलंग hai…yahi सोयेगा और कहा……..
संजू:= आपके साथ मालकिन पर…….
नूरी तै:= चल कुछ नहीं hota…..aaja……..
ये कह कर नूरी तै ने एक तरफ से रजाई को थोड़ा सा ऊपर उठा laya…..Sanju कापते
हुए कदमो के साथ बीएड पर चढ़ gaya……….aur नूरी तै के साथ रजाई मैं घुस
gaya..jaise ही वो नूरी तै के पास लेता. नूरी तै के बदन से उठ रही मंतर्मुग्ध कर देने वाली खुस्भु ने उससे पागल बना daya…..Noori तै उसके बेहद करीब लेती हुई thee……dono एक दूसरे के जिस्म से उठ रही गरमी को साफ़ महसूस कर पा रहे थी…..
नूरी तै:= संजू बीटा मेरे झांगों मैं भोत दर्द हो रहा hai…..thodi देर दबा देगा……
संजू:= जी मालकिन दबा देता हूँ……….
नूरी तै:= (पेट के बल उल्टा लेटते हुए ) सच संजू तुन कितना अच्छा hai…mere हर दया हुआ काम कर देता है. चल ये रजाई हटा दी, और मेरे झांगों के अच्छे से मालिश कर दी……
जैसे ही नूरी तै ने संजू को मालिश के बात बोली, उससे उस रात के घटना याद आ gaye…..jab नूरी तै अपनी झांगों के मालिश करवाते हुए अपनी छूट का दीदार संजू को करवाया tha….”malkin तेल से मालिश करूँ” संजू ने उत्सुक होते हुए कहा…….
नूरी तै:= हाँ तेल ले aa…….aur अच्छे से मालिश कर दी………
संजू बीएड से उतर कर सामने पढ़ी तेल के बोतल उठा कर जैसे ही पलट तो उसका
कलेजा हलक को आ gaya…samane नूरी तै उलटी लेती हुई thee…peeche से उसके भरी
गांड महरून कलर के पेटीकोट मैं पहाड़ के तरह उभरी हुई thee…..jisse देख
संजू का लुंड फड़फ़ने laga……aur वहीँ उसके पेअर जैम गए.
नूरी तै:= वहां क्यों रुक gaya….chal aaja…..bhot सर्दी है……
संजू:= वो मालकिन मुझे भोत तेज पेशाब आ रहा है……
नूरी तै:= तो जाकर कर aa…….mene कहा रोक रखा है तुजे…….
संजू:= पर वो मालकिन पीछे अँधेरा होगा……
नूरी तै:= (अपने सर को झटके हुए ) चल मैं तेरे साथ चलती हूँ…..
जब दोनों रूम से निकल कर घर के पीछे के तरफ ए तो, उन्होंने देख बहार जोरो
के बारिश लगी हुई है, (जा तुन मूट का मैं यहीं कड़ी हुई, नहीं तो मैं भी भीग जाउंगी) संजू ने हाँ मैं सर हिलाया और बाथरूम के तरफ भागते हुए gaya……par बारिश से बच न paya.uske कपड़े एक दम गीले हो gaye…..jab संजू वपिस आया तो नूरी तै ने देखा वो पूरी तरहं से भीगा हुआ है…….
नूरी तै:= तुन यही रुक मैं तेरे लये कुछ लती hun..agar गीले कपड़े अंदर लेकर गया
तो, सारा घर गीला कर देगा……
ये कह कर नूरी तै अंदर चली गए. बारिश के कारन सर्दी और बढ़ गए थी……
थोड़ी देर बाद जब नूरी तै वापिस ए, उसके हाथ मैं एक लुंगी thee…….”aur तो कुछ
मिला नहीं अब्ब यही पहन ली” नूरी तै ने उसकी तरफ वो लुंगी बढ़ा dee……..aur पलट
कर कमरे के तरफ जाने लगी” सरे कपड़े निकल दी और इससे पहन कर अंदर आ
जा. बहार भोत सर्दी है” नूरी तै के जाने के बाद संजू ने अपने गीले कपड़े उतरे
और वो लुंगी पहन कर कपड़ो को वहीँ टांग दया, और कमरे के तरफ चल पढ़ा.
जब संजू नूरी तै के रूम मैं पहुंचा तो, नूरी तै बीएड पर लेती हुई thee……”darwaja
बंद कर दी” नूरी तै ने संजू के बदन को घोरते हुए kaha…uski नज़र संजू के
मांसल और सिकलने बदन पर से हैट नहीं रही thee…..Sanju ने दरवाजा बंद काया,
और तेल के बोतल उठा कर नूरी तै के बीएड के तरफ बढ़ा. नूरी तै ने देखा संजू बुरी
ताहरां से कनाप रहा hai………usse संजू पर तरस आ गया……
नूरी तै:= अरे तुन तो भोत कनाप रहा hai….chal चोर ये मालिश वालिश आज लेत जा…….
ये कह कर नूरी तै ने रजाई को एक तरफ से उठा कर अंदर ऐनी के लये इशारा काया……
संजू को यकीन नहीं हो रहा था की, वो पेटीकोट और ब्लाउज मैं लेती हुई हुसैन के
देवी नूरी तै के बेहद करीब सोने वाले hai….ye देखते और सोचते ही संजू के
बेजान लुंड मैं जान पढ़ने lagee…..aur खड़ा होकर उसकी पहनी हुई लुंगी को
अग्गे से उठाने laga…….jis पर नूरी तै के नज़र पढ़ते ही, नूरी तै के होंटो पर
कामुक मुस्कान फेल गए……
संजू घबराते हुए नूरी तै के पास जाकर रजाई मैं घुस gaya……..dono करवट के
बल लेते हुए एक दूसरे के बेहद नज़दीक लेते हुए thee…..Noori तै के गरम सांसे को
संजू अपने चहरे पर महसूस करके मदहोश हुआ जा रहा tha….sardi और
उत्सकता के कारन उसका पूरा बदन थार-2 कनाप रहा tha…..Sanju के हालत देख
नूरी तै भी थोड़ा पेरशान हो gaye….jo नूरी तै कुछ देर पहले वासना के अग्ग मैं
जल रही thee……..Sanju के हालत देख उसकी वासना जैसे हवा हो gaye…..abb तो उससे
सच मैं संजू के चिंता होने लगी thee….usne संजू के दोनों हाथों को अपने
हाथों मैं लेकर रगड़ना शुरू कर दया……..
नूरी तै:= तुम्हारे हाथ तो बर्फ जैसे ठन्डे पढ़ गए हैं……
नूरी तै ने संजू के पास सरकते हुए kaha….abb दोनों के बदन एक दूसरे को टच हो
रहे the…..Noori तै के बदन के गरमी महसूस करते ही संजू के बदन मैं जैसे
अग्ग लग गए ho….uske बदन से उठाई मादक खुसबू से संजू बेताब होता जा
रहा tha…….usne अपने चेहर को ब्लाउज से बहार झांक रही नूरी तै चुच्यों के
पास ले gaya……Noori तै जो ऑंखें बंद कए हुए संजू के हाथों के तलवो को रगड़ कर
गरम करने के कोशिश कर रही थी, संजू के गरम सांसों को अपनी चुच्यों पर
महसूस करते ही सिहर उठी…
......
नूरी तै ने अपनी ऑंखें खोल कर संजू के तरफ देखा, संजू अपनी अध् खुली हुई आँखों
से नूरी तै के गुदाज चुच्यों के तरफ देख रहा tha….aur उसके नथुनों से गरम
हवा निकल कर उसकी चुच्यों से टकरा रही thee…..jisse एक बार फिर वासना अपना
असर नूरी तै के दिमाग पर दिखने lagee…..wo एक तक संजू के भोले भले चहरे के
तरफ देख रही thee……uske मासूम चहरे को देख नूरी तै के दिल के अंदर जो प्यार
उमड़ रहा था. उसको बयां करना तो सिर्फ नूरी तै के बस के ही बात है……
नूरी तै नेसंजु के हाथों को चोर अपनी एक बाजु को उसके कमर मैं डालते हुए संजू के
अपने तरफ खेंचा, जिससे संजू जो की अपनी अध् खुली आँखों से नूरी तै के चुच्यों को
देख रहा था. वो होश मैं आया, और अपने आँखों को ऊपर करके नूरी तै के तरफ
देखने laga….badle मैं नूरी तै ने एक प्यार भरी मुस्कान के साथ उसके सर पर
हाथ लेजाकर उसके बालों को सलहते हुए उसके चहरे को अपनी चुच्यों से सत्ता
laya…….Sanju के लये ये सीधा सीधा संकेत था……
संजू के दहकते हुए होंठ नूरी तै के फाफते हुए चुच्यों के ऊपर वाले हिस्से पर
जा lagee…..aur अपनी चुच्यों पर संजू के होंटो नूरी तै के बदन मैं करंट सा
दौड़ gaya………”ahhh संजू” कहते हुए उसने संजू को और अपने से सत्ता लाया……
संजू भी अब्ब पोरे जोश मैं था. नूरी तै अपनी चुच्यों को ऊपर नीचे करने
lagee….jisse संजू के होंठ नूरी तै के चुच्यों पर रगड़ खाने lagee…..Noori तै के
सांसे अब्ब भोत तेज चल रही thee…….achank से संजू ने अपना हाथ नूरी तै के झांग
पर रख दया…. संजू को उस समय भोत बड़ा झटका laga….Noori तै का पेटीकोट उसकी
झांगों से काफी ऊपर चढ़ा हुआ था….
संजू का हाथ झांग पर पढ़ते ही नूरी तै के बदन मैं मस्ती के लहर दौड़
gaye….”ahhhh सीईई संजू” नूरी तै के मादक सिसकी सुन संजू को जैसे होश आया, उसने
अपना हाथ उसकी झांग से हटा laya…..isse पहले के संजू अपना हाथ पीछे करता,
नूरी तै ने संजू का हाथ पकड़ अपनी दोनों झांगों के बीच मैं दबा लाया. संजू को
ऐसे लगा मनो उसका हाथ किसी देहक रही भट्टी के अंदर चला गया ho….inti गरम
जगह तो और कहीं हो नहीं सकती……
संजू भी अब्ब नूरी तै के रंग मैं रंगने लगा था, उसका लुंड अब्ब धोती मैं
पूरी तर्हां से तन चूका tha….aur उसको पता भी नहीं चला की, कब उसका लुंड धोती
के कपड़े को साइड करके बहार आ चूका था. और नूरी तै के छूट पर पेशट के
ऊपर से रगड़ खाने laga……Noori तै के छूट मैं मनो अग्ग लग गए हो, अब्ब उससे
बर्दास्त करना मुश्किल होता जा रहा tha…..Noori तै ने संजू के हाथ को जो की उसने अपनी
झांगों मैं दबा रखा था, उससे बहार निकल दया, और अपनी ऊपर वाली टांग को
उठा कर संजू के कमर पर रख कर अपना पेटीकोट कमर तक उठा दया…….
संजू के 8 इंच के लुंड का मोटा सुपड सीधा नूरी तै के छूट के फांकों पर जा
laga…..uski ऑंखें मदहोशी के आलम मैं बंद होने lagee……..Sanju के हाथ पेअर
कामुकता के कारन कैंप रहे थी. नूरी तै के छूट के फांकों ने संजू के लुंड के
सुपड को चूम कर सवागत kaya…..aur सुपड के चारो तरफ फेल
gaye………”umhhhhh ओह्ह्ह्हह्हह संजू “ मादक सिसकी भरते हुए नूरी तै उससे और जोर से
अपने से चिपका laya….aur अपनी कमर को धीरे अग्गे के तरफ करते हुए संजू के
लुंड पर अपनी छूट दबाने लगी….
संजू के लुंड का सुपड अब्ब सीधा नूरी तै के
छूट पर टिका हुआ था…..
संजू अपने लुंड के सुपड पर नूरी तै के छूट से बह रहे गरम लिसल्स पानी को
महूस करके, और उजेजात हो gaya…..aur उसने भी अपनी कमर को अग्गे के तरफ
धकेलना शुरू कर दया…
संजू के लुंड का सुपड नूरी तै के टाइट छूट के छेद को
फैलता हुआ अंदर घुस्सने laga……Noori तै को संजू के मोठे लुंड का सुपड अपनी छूट
के दीवारों पर रगड़ खता हुआ महसूस हुआ, तो वो पागलो के तर्हां संजू के
चहरे पर चुंबन के बारिश करने लगी……..
और संजू उसकी चुदाई करने
लगा
नूरी तै:= ओह्ह्ह संजू मेरी राजा ओह्ह्ह्हह्ह पुच-2 ओह्ह्ह्हह्ह मेरे jannnnn…….haan
छोड़ दाल मुजीई कब से तरस रही है ये तेरी मालकिन ओह्ह्ह्हह्ह संजू……..
ये कहते हुए नूरी तै ने संजू को बाँहों मैं भरते हुए अपने ऊपर खेंच
laya…..iss खेंचा तानी मैं संजू के धोती उसके बदन से अलग हो gaye……abb
संजू का सारा वजन नूरी तै के ऊपर आ चूका tha…..Noori तै ने संजू के कमर को दोनों
तरफ से पकड़ कर अपनी गांड को ऊपर के तरफ उछाला. संजू का मोटा लुंड नूरी तै के
टाइट छूट मैं रगड़ खता हुआ आधेसे जायदा अंदर चला gaya…..Noori तै के
ऑंखें मस्ती मैं बंद हो gaye…….apne होंटो को दांतो मैं चाबते हुए उसने
अपनी टांगों को पहला लाया. टंकी संजू आराम से उसके छूट मैं अपना लुंड अंदर
बहार कर सके…….
नूरी तै का बदन पूरा ऐंठ चूका tha……abhi तक कोई बचा न होने के कारन और
सेठ से भोत काम चूड़ी हुई नूरी तै के छूट किसी जवान लड़की के छूट के तर्हां टाइट
thee…..Sanju को उसके छूट अपनी लुंड पर कासी हुई महसूस हो रही thee…..jo की लैला
के छूट से कहीं जायदा टाइट थी…….
संजू वासना के सागर मैं गोथे खा
रहा tha……par नूरी तै के छूट जिस हिसाब से पानी चोर रही थी, उससे संजू का लुंड
बिना किसी दिकत के अंदर के और बढ़ता जा रहा था……
नूरी तै:= ओह्ह्ह्हह संजू हैं दाल दे धेरेईई -2 पूरा अंदर कर दी……
ुंहःहःहः siiiiiiiiiiiiii ओह्ह्ह्हह
और संजू का लुंड पूरा का पूरा नूरी तै के छूट मैं समां गया…..
संजू बुरी तरह चुदाई करने लगा
नूरी तै - आआअह्हह्ह्ह्हह... आआह्ह्हह्ह्ह्ह.......
नूरी तै के छूट
के छेद के चला पोरो तर्हां पहला हुआ tha….aur नूरी तै अपनी ऑंखें बंद कए हुए
सिसाय रही थी……
संजू के लुंड के सख्ती को महसूस करके, उसकी छूट लगतार
पानी बहा रही theee…..Sanju ने नूरी तै के कामुक चहरे के और देखा. संजू का
लुंड झाड़ तक नूरी तै के छूट मैं समय हुआ था. नूरी तै ने भी अपनी अध् खुली
आँखों से संजू के आँखों मैं dekha……jaise कह रहे हो अब्ब रुक क्यों गए……..
संजू ने धीरे-2 अपनी गांड को ऊपर के और उठाना चालू kaya……uska लुंड नूरी तै
के छूट के दीवारों से रगड़ खता हुआ बहार ऐनी laga…….jiss नूरी तै के रोम-2
मैं मस्ती के लहर दौड़ gaye……aur उसकी ऑंखें एक बार फिर से बंद हो
gaye…….Noori तै अपनी छूट पर होने वाले पहले प्रहार के लये अपने आप को जैसे
तैयार कर रही thee……tej चलती सांसों के साथ हिलती हुई बड़ी-2 चुच्यां जिससे देख
संजू पागल हुआ जा रहा tha……apne लुंड को सुपड तक बहार निकल कर संजू एक पल
के लये ruka…jaise वो भी पहले झटके के तैयारी कर रहा हो…….
नूरी तै जिसस्ने के संजू के कमर को दोनों हाथों से कास के पकड़ा हुआ tha……..usne
अपनी पकड़ ढीली कर dee….uske हाथ उसकी कमर पर कनाप रहे thee….aur अपनी
टांगों को घुटनो से मोड़ कर जितना हो सकता था ऊपर उठा laya……Sanju एक पल के
लये और रुका, और फिर अपनी गांड को पूरी रफ़्तार के साथ अग्गे के तरफ देखला पूरे
कमरे मैं थप के जोर से आवाज़ गूंज uthi……”unghhh ओह्ह्ह्हह्ह संजू” नूरी तै ने
अपने होंटो को चबाते हुए kaha…….Sanju का लुंड पूरी रफ़्तार से एक बार उसकी छूट
के गेहरों मैं कर चूका था…….
संजू के मुँह से भी आह निकल gaye…….Noori तै ने उससे अपने ऊपर खेंच कर
अपने से चिपका लाया…. संजू भी पूरी मस्ती मैं आ चूका tha……ussne एक बार
फिर अपने लुंड को सुपड तक बहार निकला, और फिर अपनी गांड को पूरी रफ़्तार से
ढाका देते हुए, अपने लुंड को नूरी तै के छूट के गेहरों मैं उतर
daya…..”ohhhhh जग जग जियो मेरी लालललल……” नूरी तै के ऐसे बातें संजू को और जोश
दिला रही थी….. वो संजू के लुंड के नसों को अपनी छूट मैं फूलता हुआ साफ़
महसूस कर पा रही थी……
संजू के इन दो जबरदस्त ढकों ने उसकी छूट मैं और सरसराहट बढ़ा दी……
उससे दर था की, कहीं संजू जोश मैं आकर जल्दी ना झाड़ बैठे, और उससे जून ही
सुलगता हुआ चोर dee……Sanju के रफ़्तार को काम करने के लये, उसने अपनी टांगों को
उसकी कमर पर कास laya…….aur अपने दोनों हाथों से अपने ब्लाउज के बटन खोल
कर अपनी 38 साइज के चुच्यों को आज़ाद कर दया……
आज तो संजू के किस्मत उस पर मेहरबान हो गए thee…….Noori तै के गुदाज और कासी
हुई चुच्यों को देख संजू से रहा नहीं gaya……aur पालक झपकते ही नूरी तै के
लेफ्ट चुकी को जितना हो सकता था, मुँह मैं भर laya…….apne निप्पल पर संजू के
गरम जीभ और लार को महसूस करते ही, उसके बदन मैं मस्ती के लहर दौड
gaye……..usne अपने बाँहों को संजू के पीठ पर कास लाया…….
संजू उसका निप्पल चूसते पूरी रफ़्तार से अपने लुंड को उसकी छूट के अंदर बहार
करने laga……aur नूरी तै अपनी गांड को बिस्तर ऊपर उठाये हुए उसके देखो के
रफ़्तार को काम करें के कोशिश करने लगी…..
नूरी तै:= ओह्ह्ह रुक जाआआआ संजू ढेरी -2 उफ्फ्फफ्फ्फ़ टूंणन्न सुन ना मेरे बात ओह्ह्ह
कितना मोटा है री तेरा मुंसल ओह्ह्ह्हह ढेरी ढेरी हैं बेताआए ऐसे
हीइ ढेरी -2 छोड़ड़ड़ अपनी मालकिन को ओह्ह्ह बेटा आराम सी पहले मेरे इन
चुच्यों को जी भर के चूस ओह्ह्ह betaaaa…….main कहीं बाघी थोड़ी जा रही
hunnn……..roj तुजे छुडवांगी बेटा ओह्ह्ह ढेरी…
संजू:= (नूरी तै के निप्पल को मुँह से निकलताते हुए ) सच मालकिन आप रोज
मुज्सेयी……..
नूरी तै:= (अपनी मदहोशी से भरी ऑंखें खोल कर संजू के तरफ देखते हुए) हाँ
मेरे जानन तेरे इस मोठे लुंड को तो अब्ब रोज अपनी छूट मैं lungi…….abb आराम से
chod…….bol जल्द बजी नहीं करेगा ना…
संजू:= नहीं मालकिन आप जैसे kaho……..mai वैसे ही करूँगा……..
नूरी तै ने अपने दोनों के ऊपर रजाई खेंच ली, “ अहह बेटा लिए चूस ली
बीटा………” और ये कहते हुए उसने संजू के सर को अपनी चुच्यों पर दबा
daya……….Sanju भी जैसे इसी पल के इन्तजार कर रहा tha…..usne भी फिर से उसकी
चुकी के निप्पल को मुँह मैं भर laya…..aur जोर जोर से उसकी चुकी को चूसते हुए,
धीरे अपने लुंड को उसकी छूट के अंदर बहार करने laga…….Sanju का दोसरा हाथ
अब्ब नूरी तै के दूसरी चुकी पर आकर उसे मसलने लगा tha……Sanju के इस हरकत से
नूरी तै के होंटो पर कामुक मुस्कान फेल गए….
नूरी तै:= हाँ मेरी सोना मसल दी मेरे चुहकयों को ओह्ह्ह्हह राजाआआ.. मैं
तो कब्ब से ओह्ह ढेरी बेताऑ ओह्ह्ह्हह तेरे लुंड अपनी फुद्दी मैं लेने के लये
तड़प रही थी. ओह्ह्ह्ह अह्ह्ह्हह अह्हह्ह्ह्ह धेरेईई संजू ओह्ह्ह्हह्ह्ह्ह
नूरी तै के छूट से निकल रहे कॉमर्स से संजू के लुंड पूरी तरहं बिग कर
चिकना हो गया tha…aur बिना किसी रोक टोक के उसकी छूट के अंदर बहार हो रहा
tha……Sanju ने अपने होंटो को उसके निप्पल से हत्या और उसके गर्दन को चाटते हुए
उसके गैलन पर किश करने lagee……Noori तै ने भी दोनों हाथों से संजू के सर को
पकड़ laya…….aur उसके बैलन को सहलाने lagee……..”siiiiiii ओह्ह्ह्हह्ह संजू छोड़
मुजीई ओह्ह्ह्हह हॉँण्णन तेरे ये मालकिन बरसों से तरस रही है ओह्ह्ह्हह्ह हाँ
छोड़ बीटा जोर से छोड़ ओह्ह्ह दाल दे अपना पूरा लुंड ओह्ह्ह्हह”
नूरी तै अब्ब पूरी तरहं गरम हो चुकी थी, और झड़ें के करीब पहुंच रही
thee…..usne अपनी परिजन को , जो संजू के कमर के चारो और कास रखे थे हटा कर
अपनी झांगों को पूरा खोल laya……aur अपनी गांड को ऊपर के और उछलने
lagee……Sanju का लुंड फातच-2 के आवाज़ के साथ नूरी तै के छूट के अंदर बहार होने
laga…..rajai मैं गरमी इस कदर बढ़ गए thee….ki दोनों पसीने से तर हो
गए…… नूरी तै ने रजाई को एक तरफ पटक daya…….aur संजू के सर को पकड़ कर
अपने होंटो को उसके होंटो पर लगा daya……Sanju भी अब्ब कहाँ रुकने वाला
था……..
जैसे ही नूरी तै ने अपने होंटो को उसके होंटो पर rakha….usne नूरी तै के दोनों होंटो
को चूसना शुरू कर daya…..neeche अपनी कमर को पूरी रफ़्तार से हिलाते हुए, संजू
अपना लुंड नूरी तै के छूट के अंदर बहार करता जा रहा thaa….aur नूरी तै भी अपनी
गांड को बिस्तर से ऊपर उठ कर संजू का लुंड अपनी छूट मैं लड़ रही थे ………..
फिर तो जैसे नूरी तै के छूट से सैलाब उमड़ padha……uska पूरा बदन अकड़
gaya……aur उसने अपने नाख़ून संजू के पीठ मैं गधा daye…….Laila के खिली हुई
के छूट के मुकाबले नूरी तै के कासी हुई छूट मैं संजू का लुंड भी और टिक नहीं
पाया, और एक के बाद एक वेरये के बौछार कर उसके छूट के दीवारों को बिगहोने
laga…….wasna का तूफान ठंडा पढ़ चूका tha….par अब्ब भी दोनों एक दूसरे के
होंटो को चूस रहे थी……..
नूरी तै:= (संजू के होंटो से अपने होंटो को अलग करते हुए, उखड़ी हुई सांसों के साथ)
संजू बीटा आज तूने मुझे वो सुख दया है, जसिके लये मैं कई सालों से तड़प रही
hun……aaj ये तुम मेरे नौकर नहीं , मैं तुम्हारी दासी बन कर rahunge…….tuje
दुनिया के हर वो चीज़ milege…..jis पर तुम हाथ रख डोज. ये नूरी तै का वडा है
तुमसे……
संजू:= वो मालकिन मुझे वो………
नूरी तै:= हाँ बोल मेरे राजा अगर कुछ चाहिए तो……
संजू:= नहीं वो मैं कह रहा था की, आप मुझे रोज से सब करने देंगे…..
नूरी तै:= ओह्ह्ह मेरे लाल बस इतनी से बात कहने के लये इतना पेरशान क्यों हो रहा
hai……seedha क्यों नहीं कहता की तुन मुझे रोज छोड़ना छठा hai…….hai न
बोल…….
संजू:= (शरमाते हुए) हाँ मालकिन………
नूरी तै:= छोड़ लेना मेरे राजा जब तुम्हारा दिल kare……par दिन मैं थोड़ा धयान
रखना किसी को पता नहीं चलना chahye…….chal चोर ये सब अभी तो आज पूरी रात
पढ़ी है……..
ये कहते हुए नूरी तै ने संजू को अपने ऊपर से हटा कर बीएड पर लेता दया, और खुद
उसके टांगों के बीच मैं जाकर घुटनो के बल बेथ gaye…….Sanju का अध् खड़ा
लुंड अभी भी काफी लम्बा और मोटा लग रहा tha…..jisse देख नूरी तै के आँखों मैं
एक बार फिर से वासना जाग uthi……usne अपने काम रास से भेज संजू के लुंड को
मुठी मैं पकड़ लाया, और तेजी से हिलने लगी……
संजू:= ओह्ह्ह मालकिन धीरे ओह्ह्ह्ह…….
नूरी तै ने के तरफ मुस्कारते हुए संजू के तरफ देखा, और फिर अपनी कमर पर ीखते
हुए पेटीकोट से संजू के गीले लुंड को साफ़ kaya……aur फिर झुक कर उसके लुंड के
सुपड को अपने होंटो के बीच मैं दबा laya……..Sanju का पूरा बदन कनाप
गया, उसने नूरी तै के सर को दोनों हाथों से कसके पकड़ लाया. “एक्य कर रही है
मालकिन आप, ओह्ह्ह्हह्ह “ नूरी तै ने संजू के बात पर धयान दये bina…uske लुंड को
चूसना शुरू कर daya……..Sanju मस्ती मैं आठ ओह्ह्ह कर रहा था……..
एक बार फिर से संजू के लुंड मैं तनाव एना चालू हो गया tha…….jise देख नूरी तै
के छूट के फांके एक बार फिर से कुलबुलाने lagee…….aur वो और तेजी से संजू के
लुंड को चूसते हुए, अपने मुँह के अंदर बहार करने lagee……uske हाथ लगतार
संजू के बॉल्स को सहला रहे thee……aur संजू के हाथ लगतार नूरी तै के खुले हुए
बालों मैं घूम रहे थी……
नूरी तै बार-2 अपनी मस्त से भरी अधखुली आँखों से संजू के चहरे को देख रही
thee…jo ऑंखें बंद कए हुए अपने लुंड को चुसवा रहा था……
नूरी तै ने संजू के
लुंड को मुँह से निकला, और संजू के बॉल्स को मुँह मैं भर चूसना चालू कर
daya….”ohhhh बस मालकिन ओह्ह्ह” संजू को ऐसा लगा मनो उसकी सांस अभी बंद हो
jayge….uska दिल भोत जोरो से धड़क रहा tha……jab संजू से बर्दास्त नहीं हुआ तो,
उसने नूरी तै को उसके बैलन से पकड़ कर खेंच कर अपने ऊपर लेता laya……Noori तै
के चुच्यां संजू छथि मैं आ धंसी………
दोनों हफ्ते हुए एक दूसरे के आँखों मैं देख रहे thee…..Sanju ने अभी भी
नूरी तै के बैलन को कसके पकड़ा हुआ tha….par नूरी तै के होंटो पर फिर भी
मुस्कान पहेली हुई thee…..neeche संजू का लुंड नूरी तै के छूट के ऊपर रगड़ खा
रहा tha……Noori तै संजू के आँखों मैं देखते हुए अपना एक हाथ नीचे ले गए,
और संजू के लुंड के पकड़ कर अपने छूट के छेद पर टिका daya…….aur संजू के
आँखों मैं देखते हुए धीरे-2 अपनी छूट को संजू के लुंड पर दबाने लगी……
नूरी तै के थूक से सना हुआ संजू का लुंड उसकी छूट के छेद को फैलते हुए अंदर
घुसाने लगा……
संजू को ऐसे लग रहा था, जैसे उसके लुंड का सुपड किसी छूट मैं नहीं, बल्कि किसी
तपती हुई भाटी के अंदर जा रहा ho…….Sanju के ऑंखें एक बार फिर से बंद हो
गए, नूरी तै ने संजू के दोनों हाथों को पकड़ कर अपनी चुच्यों पर रख कर अपने
हाथों से दबा daya….aur अपनी छूट को तब तक संजू के लुंड पर दबती रही, जब
तक के संजू के पूरा 8 इंच लम्बा लुंड उसकी छूट के गेहरायों मैं समां कर उसके
बच्चेदानी के छेद से जा तक्र्य……
नूरी तै:= (कनपटी हुई आवाज़ मैं) ओह्ह्ह्ह संजू तेरे लुंड कितना बड़ा hai,,,,,umhhhhhh
ओह्ह्ह्हह देख ना कैसे मेरे छूट को खोल रखा hai,………ohhhhhhh संजू…….
नूरी तै के छूट तो जैसे पहले से एक और जबरदस्त चुदाई के लये तैयार थी…..
और अपने अंदर कॉमर्स के नदी बहा रही thee……Sanju का लुंड अब्ब झाड़ तक नूरी तै के
छूट मैं घुसा हुआ था, और नूरी तै के छूट से कॉमर्स बह कर संजू के बॉल्स तक
आ रहा tha……Sanju ऑंखें बंद कए हुए, नूरी तै के चुच्यों को अपने हाथों से
मसल रहा tha…beech मैं वो उसके निप्पल्स को अपनी उंगलयों के बीच मैं दबा
कर खेंच deta…jisse नूरी तै एक दम से सिस्का उठती, और उसकी कमर अपने आप ही
अग्गे के और झटका खा जाती.
लुंड छूट के दीवारों से रगड़ खता, और नूरी तै के बदन मैं मस्ती के लहर
दौड़ जाती. “ हाँ संजू उफ़ और जोर से मसल, मेरे चूचक को ओह्ह्ह्ह ुंहःहःहः
अह्ह्ह्हह अह्ह्ह्ह Sanju…….chod दाल मुजीई. देख न मेरे फुद्दी कैसे पानी चोर
रही है, तेरे लुंड के लये ……..ओह्ह्ह्हह संजू ुंहःहः हाँ ऐसे और जोर से मसल
ओह्ह्ह्हह ओह्ह्ह्हह अह्ह्ह्हह” नूरी तै अपनी कमर को हिलाते सिसकारी भर रही thee……aur
अपने दोनों हाथों को संजू के हाथों पर दबा रही थी……..
संजू भी जोश मैं आकर नीचे लेते हुए ऊपर के और ढकें लगाने के कोशिश
कर रहा था. पर दुबला पतले संजू का बुसस नहीं चल रहा था, ऊपर जवानी से
भरपूर नूरी तै जैसे गदराई हुई औरत जो उसके लुंड पर उछाल रही thee……Sanju तो
बुसस अब्ब ऑंखें बंद कए हुए नूरी तै के टाइट छूट के मजे लूट रहा tha…..Noori तै
अब्ब एक दम गरम हो चुकी थी, उसने संजू के हाथों से अपने हाथ हत्ये और संजू
के ऊपर झुक कर उसके होंटो को अपने होंटो मैं भर laya…….jaise संजू के हाथ
आज़ाद हुए, संजू अपन हाथों को उसके गांड पर ले गया………..
और उसके चूतड़ों को जोर जोर से मसल कर दोनों तरफ फैलाने laga…….Noori तै ने अपने
होंटो को संजू के होंटो से हटाया, और संजू के सर के दोनों तरफ अपनी हाथलयों को
टिका कर अपनी गांड को पूरी रफ़्तार से ोप्पेर नीचे करके , अपनी छूट को संजू के
लुंड पर पटकें lagee…..Sanju का लुंड हर बाद करीब आधा बहार अत और फिर
पूरी रफ़्तार के साथ नूरी तै के छूट के दीवारों से रगड़ खता हुआ अंदर घुस
जाता….. नूरी तै तो मनो आज ऐसे निहाल हो गए थी, जैसे उससे सवर्ग मिल गया
हो……
नूरी तै:= हाँ संजू ुंहःहःह और जोर से मसल मरीईई गांड को ओह्ह्ह्ह अह्ह्ह्ह
संजू देखहहहह मेरे फुद्दी फिरर पानी चोर्ने वाली है अह्ह्ह्हह राजायआ ओह्ह्ह्हह्ह
ओह्ह्ह्हह्ह अह्हह्ह्ह्ह अह्ह्ह्हह्ह्ह्ह अह्ह्ह्हह्हह
नूरी तै का बदन एक बार फिर से आकड़ें laga…….aur उसके छूट से पानी नदी बह
nikali……….Sanju भी नीचे लेते हुए कमर हिलाते हुए झाड़ gaya……Noori तै झाड़
कर निढाल होकर संजू के ऊपर लुढ़क गए….
जब नूरी तै के सांसे दुरस्त हुई तो, नूरी तै संजू के ऊपर से उठ कर उसके बगल मैं
लेत gaye……poore रूम मैं अब्ब चुदाई के खुसबू छाए हुए thee…….Noori तै ने
करवट के बल लेटते हुए, संजू को अपने से चिपका लाया, और संजू ने भी उससे अपनी
बाँहों मैं भरते हुए, अपने फेस को नूरी तै के चुच्यों मैं दबा daya…..Noori तै
आज कई सालो बाद झड़ी थी, वो भी एक के बाद एक दो बार. अब्ब उससे अपना बदन
हलका महसूस हो रहा था…..
होंटो पर संतुस्ती भरी मुस्कान और दिल मैं सकूं tha…….abb ना तो संजू कुछ
बोल रहा था, और ना ही नूरी तै. दोनों एक दूसरे के आगोश मैं खोए हुए कब सो
गए, पता नहीं chala…….raat के 3 बजे के करीब संजू के नींद टोटी,
shayad….abhi वो पूरी तर्हां से जगा हुआ tha……Sanju के हिलने के कारन नूरी तै के
नींद भी उखड gaye……laaltain के रोशनी मैं उस्सने अपने आप को संजू के
बाँहों मैं एक दम नंगा paya….Sanju अब्ब भी उसके चुच्यों मैं मुँह
दबाये हुए ऊंघ रहा था….
जिससे देख एक बार फिर नूरी तै के होंटो पर प्यार भरी मुस्कान फेल gaye……ussne
बड़े ही प्यार से एक बार संजू के माथे को चूमा, और फिर उसके बालों को प्यार से
सहालने lagee…..wo मान ही मान सोच रही थी की, इस रात के सुभे कभी न
ho…..par ये शयद मुंकिन नहीं tha……aur शायद कल चांदीमल भी वापिस आ
सकता tha…..aur जो प्यास उसकी आज कई सालो बाद बुजी है, शायद फिर पता नहीं कब
तक उससे इस जवान लुंड के लये प्यास रहना पढ़े……
ये सोचते हुए, नूरी तै लगतार अपने हाथ के उंगलयों को संजू के बालों मैं
घुमाये जा रही थी. जिससे संजू जो की अभी गहरी नींद मैं नहीं था. पूरी
तर्हां से जाग गया. उस्सने अपनी ऑंखें खोल कर नूरी तै के तरफ देखा. उसके होंठ
नूरी तै के गुदाज चुच्यों के निप्पल के बेहद करीब thee……Sanju से रहा नहीं
गया. और उस्सने नूरी तै के लेफ्ट निप्पल को मुँह मैं भर कर जोर से चूसना चालू कर
daya…..apne कड़क निप्पल पर महसूस करते ही, उसके बदन मैं सनसनी दौड़
गए……
नूरी तै ने दोनों हाथों से संजू के सर को पकड़ कर पीछे काया, जिससे नूरी तै का
निप्पल पक के आवाज़ से संजू के मुँह से बहार आ gaya……Sanju ने नूरी तै के फेस के
तरफ dekha…….dono के नज़रे अप्प्स मैं मिली, नूरी तै के आँखों मैं चाहत के
साथ-2 लाखों सवाल thee……kahan तो वो संजू को चांदीमल के खिलाफ इस्तेमाल
करके, चांदीमल के इज्जत के धजे उधना छथि थी……
और कहा आज वो खुद संजू के मुंसल लुंड के गुलाम हो कर रह गए thee….jo इस
वक़्त तन कर नूरी तै के छूट के पास उसकी झांगों को ठोकर मार रहा tha……jaise
नूरी तै के छूट के लये अपना रास्ता बनाना के कोशिश कर रहा tha……Noori तै ने संजू के
आँखों मैं देखते हुए, अपने होंटो को उसके होंटो के तरफ बढ़ा daya….aur
अगले ही पल संजू नूरी तै के चुच्यों को मसलते हुए, उसके होंटो को चूस रहा था…
नूरी तै ने अपने हाथों को संजू के पीठ पर कसके, उससे अपने ऊपर खेंच लाया….
जैसे ही संजू नूरी तै के ऊपर आया, नूरी तै ने अपनी टांगों को पहला लाया, जिससे संजू
का नीचे का धड़ उसकी गुदाज झांगों के बीच मैं आ gaya…..Sanju ने नूरी तै के
होंटो से अपने होंटो को हत्या, और उसके नैक और चुच्यों के ऊपर वाले हिस्से को
चूमने laga……Noori तै के बदन मैं एक बार फिर से वासना के आग बढ़कें
laggee……Noori तै अभी भी उसके पथ पर अपने हाथों को घुमा रही thee….aur
संजू के बदन के हर अनाज को चूमता और छठा हुआ नीचे उसके पेट पर आ
गया……..
नूरी तै अब्ब धीमे आवाज़ मैं सिसकिया भर रही thee……neend से अभी- जगी नूरी तै को
आज तक ऐसे खुमारी नहीं छाए thee…..ussne अपने दोनों हाथों को ऊपर लेजाकर
सर के नीचे रखे तकए को कास के पकड़ laya……uski कमर लगतार थरथरा रही
thee….uske पेट मैं उठ रही लहरों से जाहिर हो रहा था. की नूरी तै कितनी गरम हो
चुकी hai…..aur अब्ब उसके छूट मैं फिर से नमी ऐनी लगी thee…..”ohhh संजू
ओह्ह्ह्हह्ह मेरे jaaan…….uffffff और मत तड़पाओ अपनी मालकिन को ुंहःहः ुंहःहःह”
संजू ने एक बार नूरी तै के कामुक फेस के और dekha……uske पूरा चेहरा पसीने
के सुनहरी बूंदो से भीगा हुआ tha…..aur उसके रसीले होंठ थरथरा रहे
thee…….phir उस्सने अभी जीभ निकल कर नूरी तै के नाभि मैं घुसा dee……Noori तै
के बदन मैं करंट सा दौड़ gaya….usne तकए को चोर कर संजू के सर को दोनों
हाथों से पकड़ laya………..”ohhhhh संजू अह्हह्ह्ह्ह siiiiiiiiii नाहीई ओह्ह्ह्हह्हह मत
कर मेरे लालललललल ओह्ह्ह्हह्ह्ह्हह बुस्स्सस्स उफ्फ्फफ्फ्फ़ क्या कर रहा haiiiii….ohhh चोर दिए
राजाआं. “
संजू उसके नाभि और पेट के नीचले हिस्से को चूमता हुआ, और नीचे उसकी छूट
के तरफ जाने laga….jab नूरी तै को इस बात का अहसास हुआ, तो उस्सने अपनी झनगन को
भींचना शुरू कर दया…..
नूरी तै:= ओह्ह्ह सँजोऊ मत्तत्त कर naaaaa,…….main मेंननननननन मर जाउंगी ओह्ह्ह्हह
ुम्हह सीईई ओह्ह्ह्हह संजू नही नहीं ओह्ह्ह्ह ुँघठ ूंघ्हठ्ठ……….
नूरी तै के आवाज़ मनो उसके हलक मैं अटक गए ho….kuch पल्लों के लये उसकी सांस
रुक gaye…..aur उसके पूरा बदन ऐसे अकड़ गया, मनो जैसे उसको डोरा पढ़ गया
ho……….usne अपने हाथों से संजू के सर को पीछे करने के कोशिश की, पर उसको
लगा जैसे उसके बदन ने उसका साथ चोर daya……kuch पल्लों के ख़ामोशी के बाद
मनो जैसे रूम मैं तूफ़ान आ गया…….
नूरी तै लगभग छीकते हुए सिसकार्यं
भरने लगी…….
नूरी tai:=ohhh ुंहःहःहः अह्ह्ह्हह्हह अह्ह्ह्हह्हह अह्ह्ह्हह्हह बेटा ओह्ह्ह्हह्ह चोर दिए
मुजीब ओह्ह्ह्हह मैं पागल हो जाउंगी बेताऑ ओह्ह्ह्हह्हह मेरे फुद्दी को मत कर
बीटा ohhhh(Noori तै अपनी गांड को बीएड से ऊपर उछलते हुए मछली के ताहरां
तड़प रही थी)
उसके छूट का कॉमर्स इस्कदर उसके छूट को गीला कर रखा था की, उसकी छूट से
पानी निकल कर गांड के छेद को नाम कर रहा tha……jab मस्ती मैं आकर नूरी तै अपनी
गांड को ऊपर के और उछलती, तो संजू के जीभ नूरी तै के गांड के छेद पर रगड़
खा जाती,
और नूरी तै के बदन मैं और मस्ती के लहर दौड़ जाती. नूरी तै का पूरा
बदन मस्ती मैं कैंप रहा था…….
जब नूरी तै ने बर्दास्त नहीं हुआ तो, उस्सने संजू को कन्धों से पकड़ कर ऊपर
खेंच लाया, और अपना हाथ नीचे लेजाकर संजू के लुंड को पकड़ कर अपनी छूट के
छेद पर लगा daya……garam सुपड छूट के छेद पर लगते ही, जो सुख के
अनुभूति नूरी तै को हो रही थी, उसे शब्दों मैं बयां करना भोत मुश्किल था……
और संजू को ऐसे लग रहा था. जैसे उसके लुंड का सुपड किसी दहकती लावा का नदी
मैं चला गया हो. “ओह्ह मालकिन आपकी छूट भोत गरम है, मेरा लुंड पिगल
जायेगा”
संजू का बदन भी मस्ती मैं कनाप रहा tha…..usne अपनी कमर को अग्गे के
तरफ धकेला, संजू का लुंड का सुपड नूरी तै के छूट के छेद फैलता हुआ अंदर जा
ग़ुस्सा. और नूरी तै के मुँह से मस्ती भरी आह निकल gaye……Noori तै ने अपनी बाँहों
को संजू के पीठ पर कास लाये, और उसके होंटो को जो की उसकी छूट के कॉमर्स से
भीगे हुए थे, अपने होंटो मैं भर लाया……
संजू ने भी अपनी नूरी तै के होंटो को चूसते हुए एक और जोरदार ढाका मार कर अपना
पूरा का पूरा लुंड नूरी तै के छूट के गेहरों मैं उतर daya…….Noori तै के बदन
मैं मस्ती के लहर दौड़ गए. और संजू के पीठ पर तेज्जि से अपने हाथों को
फेरने lagee……aab संजू भी लगतार अपने लुंड को नूरी तै के छूट के अंदर
बहार कर रहा tha…..aur नूरी तै भी अपनी गांड को उछाल-2 कर अपनी छूट को संजू
के लुंड पर पटक रही थी…..
नूरी तै जो की थोड़ी देर पहले मायूस हो गए थी.
सब कुछ भूल कर एक बार फिर से अपनी झांगों को फैलाये हुए, संजू के लुंड को
अपनी छूट मैं ले रही थी…..
चुदाई के ये दौर करीब 15 घंटे chala……jhaden के बाद दोनों जब अलग हुए, दोनों भोत
थक चुके thee…..Agli सुभे जब नूरी तै उठी, तो उसने आपने आप को संजू के बाँहों
मैं एक दम नंगा paya….apni इस हालत को देख कर नूरी तै के होंटो पर मुस्कान आ
गए, उसने संजू के चहरे के तरफ देखा. जो अभी भी खाबों के दुनिया मैं
tha…….Noori तै ने झुक कर संजू के माथे को चूमा, और फिर उसके बालों को सहलाते
हुए उसके जग्य………..
संजू नींद से जगा, और नूरी तै के तरफ देखने laga…….”abb उठजाये शजायदे
सुभे हो गए है, वो लैला भी अत्ति होगी” ये कह कर नूरी तै ने एक बार संजू के
होंटो को चूमा, और फिर बीएड से उतर कर अपनी साड़ी पहने लगी, पीछे बीएड पर
लेता हुआ संजू नूरी तै के गड़रिए बदन को देख रहा था…. उससे अपनी किस्मत पर
विश्वास नहीं हो रहा था, की कल पूरे रात ये बदन उसकी बाँहों मैं tha…..aur
उसने नूरी तै को रात को जी भर कर छोड़ा था……
लैला के आने का टाइम हो रहा tha…..isslye संजू भी बीएड से उतर कर लुंगी पहनकर
पीछे बने अपने रूम मैं चला gaya….peeche जाने के बाद उसे अपने कपड़े
जो कल रात भीग गए थी, उन्हें सूखने के लये दाल दया, और दूसरे कपड़े
पहने कर सोच के लये खेतो के तरफ चला गया.
अब इधर..... गांव में
ढोलू.... के मैं में विचार आया.....
ढोलू... ( मैं में) - यार.... दुनिया में सभी रोस्टर बनते जा रहे है.... मुझे भी कुछ ऐसा hi काम करना चाहिए.... हवेली में जो भी आएगा उसको पहले तोह रोस्ट कर दूंगा बाद में रूम दूंगा.... हां... यही सही रहेगा....
ढोलू.... मटक मटक के हवेली की ऑर्डर जा रहा होता है....
रस्ते में गांव में उसको एक आदमी मिलता है...
ढोलू - मिल गया बकरा क्यों न इससे hi रोस्टिंग की शुरुआत करू..... रोस्टिंग कर कर के मुनावर भैया.... बिग बॉस जीत गए मई भी थोड़ा बहुत नाम कमा लूंगा..... चलो इस बकरे की हज़ामत बनता हु....
ढोलू - और... चाचा.... क्या हाल है...
आदमी - हाल तोह कुछ नहीं बीटा... सब बेहाल है.....
ढोलू - क्यों.... ठीक से टट्टी नहीं जा रही क्या...
आदमी - क्यों बीटा... घर वाले खाना नहीं देते क्या जो मेरी टट्टी के बारे पूछ रहे हो....
( चाचा रॉक
ढोलू - खाना तोह मिलता है चाचा.... पर खाना खाने के बाद उसको पचाना भी होता है न उसके लिए किसी खुजली वाले कुत्ते की तलाश में था....... मिल जाता कोई तोह लगता एक ात करके...
आदमी - मई भी शामे hi कंडीशन में हु बीटा... तुम्हे भी मिल जायेगा कोई..... मुझे तोह मिल hi गया है.... अभी उसपे हाथ साफ़ करता हु....
चटककककक.....
ढोलू... - ारी चाचा ये मारा क्यों...
आदमी - ारी बिटवा का है na.....mujhe आज नंगा सोता देख मेरी बीवी ने कहा था की आज तुम्हे मलेरिया होगा.... इसलिए मई मच्चर बैठने से पहले hi छाता मार मार के मच्चर भगा रहा हु....
ढोलू - ( अबे साले...) - तोह अपने में मारो न छाता मुझे क्यों मार दिया...
आदमी- वोह क्या है न.... मई अपने में मारने से पहले चेक करना चाहता था की मेरे मारने से कोई मरता तोह नहीं है न... क्या पता मई अपने आप को मारता और मेरे 50 किलो के हाथ से मई मर जाता उससे पहले टेस्ट लेना बनता है न बिटवा...
ढोलू - अबे... ो.. ो.. ो... चाचा... जयादा मत फेको.... ये आपका हाथ 50 किलो का कब हो गया...
आदमी- कल hi हुआ है बीटा मैंने कल hi तराज़ू पे चेक किया....
ढोलू - ऐसा कैसे हो सकता है....
आदमी - क्यों नहीं हो सकता बीटा....
ढोलू - तुम्हे देख के तोह लगता है की तुम्हारी पूरी बॉडी का वेट 50 कग नहीं होगा...
आदमी - हां तोह मई भी तोह बोल रहा की बस मेरे हाथ का hi वेट 50 किलो हुआ है बॉडी का तोह 35 किलो है....
ढोलू - एईएन.... ये क्या बोल रहे हो चाचा... देखो सुबह सुबह झूट बोल रहे हो...
आदमी - नहीं... नहीं... मई झूट नहीं बोलता.... क्युकी मई सच्चा आदमी हु.... मैंने देश की भलाई के लिए क्या क्या किये है तुझे क्या मालूम मुझे झूठा कहता है तेरी तोह...
ढोलू - अच्छा ऐसा क्या किया है आपने देश के लिए.... कही किसी की गांड मार ली क्या...
आदमी -
ढोलू - ारी तुम जैसे से और क्या hi उम्मीद रखूँगा..... वैसे कौन थी वोह बदनसीब बताओ जरा... कही किसी लड़के को लड़की समझ के चढ़ तोह नहीं गए न...
आदमी - तुझे कैसे पता वोह लड़का था...
कही तू hi तोह नहीं था वोह.... हां... तू hi था... तभी मई सोचु... आज सुबह सुबह मुझसे बात करने कौन आ गया.... लगता है कल की मेरी परफॉरमेंस पसंद आयी तुझको.... अब तोह मेरा भी मूड हो रहा..... ा.. चल न झाड़ियों में... जल्दी से 1 राउंड पेलने दे...
ढोलू.. - नहीं.. नहीं... नहीं...
बचाओ..... बचाओ.... करके वह से भाग गया...
ढोलू - नहीं.. नहीं... भाड़ में गयी रोस्टिंग... नहीं करना मुझे रोस्टिंग..... ये साला... सांड मुझे hi पेलने के चक्कर में था... कैसे कैसे लोग रहते है साला संस्कार नाम hi चीज़ hi नहीं है
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