Incest Deewanapan... - Page 5 - SexBaba
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Incest Deewanapan...

अपडेट-32

ममी मेरे होंठो को चूसने lgi.mami पर सेक्स की गर्मी चढ़ चुकी thi.mami

पागलो जैसे मेरा होंठो को दांतो मैं काट रही thi.main भी पूरी जोर लगा कर

ममी के होंठ चूस रहा था.

ममी ने इक हाथ निचे लेजा मेरा मोटा लुंड हाथ मैं पकड़ liya.mami मेरे

होंठ चुस्ती हुई , मेरा लुंड मुठिया रही thi.kafi देर लुंड सहलाने के बाद ममी

ने लुंड अपनी छूट की पहनको मैं फसा diya.mami तोह काफी छुडासी हो गई thi.mane

भी कसकर इक ढाका मारा और आधे से जायदा लुंड ममी की छूट को फाड़ता हुआ अंदर

घुस गया.

mami:-(chekhte हुए) अह्हह्ह्ह्ह रवि धीरे कर तेरे अह्ह्ह्ह बहुत बड़ा है रीई ,

अह्ह्ह मेरी छूट फैट गई.

मने ममी की बात पर दयँ नै दिया और थोड़ा उठ कर ममी की टंगे अपने कण्डु

पर रख इक कास कर ढाका और मर दिया.

"fffaatttcchhhh"ki आवाज़ करता लुंड जड़ तक छूट मैं घुस gya.mami के मोह सी इक

दर्द भरी चीख निकल गई.

mami:-ahhhhh कमीने खा था धीरे कर आइइइइइ माआ फाड् दी मेरी बुर अह्ह्ह्हह

मादरचोद आह्ह्ह्हह्ह बहनचोद अब अह्ह्ह्ह क्या देख रहा है अह्ह्ह्हह छोड़ अब

मुझे.

ममी की गळ्यां सुन मुझे जोश ा gya.main ममी के घुटने उनकी चुचु पर लगा

तेज़ तेज़ ढके मरने लगा.

मैं ममी के ऊपर चढ़ा तेज़ तेज़ ममी को छोड़ रहा tha.mami भी अपनी गांड

निचे से उठा कर मेरे मोठे लुंड पर मर रही थी.

"पांच पांच पांच पांच पांच अह्ह्ह्ह ओह्ह्ह सी अह्ह्ह्ह की आवाज़ों का शोर गूंज उठा था

कमरे मैं.

ममी की छूट अब काफी पानी छोड़ चुकी थी , अब लुंड गप्पआगापपप छूट मैं जा

रहा था.

मैं सुपडे तक लुंड बहार निकल कर जोरदार ढके के साथ छूट मैं पेल देता.

थोड़ी देर बाद मने ममी को घोड़ी बना diya.mami की उठी हुई मस्त मोती गांड

देख मैं सब कुछ भूल गया , मैं मैं के चितदो को चाटने lga.main इक दो बार

तोह ममी के चूतड़ों को काट भी दिया.

mami:-(chekhte हुए) अह्ह्ह्ह रवि मदर छोड़ अह्ह्ह क्यों काट रहा है अह्ह्ह्हह

बहनचोद छूट मैं लोयडा दाल आह्हः सेल मादरचोद अह्ह्ह छूट छोड़ सेल.

मुझे ममी की गळ्यां सुन गुस्सा ा gya.mane छूट पर लुंड रख इक hi ढके मैं

पूरा दाल दिया.

आह्ह्ह्ह हहह सेल धीरे मर.

मने तेज़ तेज़ ममी की छूट को फाड़ना सुरु कर diya.mami की छूट पानी छोड़ रही

थी.

ravi:-le मेरी रंडी अह्ह्ह साली कितने दिनों से तड़फा रही है अब ले मोटा लुंड अह्ह्ह्ह

साली मेरी रंडी है तू अह्ह्ह्हह.

मने ममी की छूट मर मर कर लाल करदी thi.mami का पानी निकलने वाला tha.ab

उनकी गळ्यां भी तेज़ हो गई थी.

मने ममी के चिताड़ पकड़ कास कास कर 10-15 ढके मरे तोह ममी का पानी

छूट gya.ahhh ओह्ह्ह मेरे राजा अह्ह्ह्ह मैं गई.

ममी का पानी निकलते hi वो ढेली पद gai.mami को घोड़ी बना छोड़ने मैं बड़ा

मज़ा ा रहा tha.meri जांगू की मर से ममी के चिताड़ पोरे लाल हो गए थे.

अब मेरा भी पानी निकलने वाला था , मने भी पूरी जान से ढके मरने सुरु जार

दिए.

थप थप थप पांच पांच पांच की आवाज़ों का शोर तेज़ हो गया .

ममी मेरे ढको को सेह नै पाई और निचे गिर gai.mami पेट के बल लेती हुई thi.main

ममी के ऊपर लेट उनको छोड़ने लगा.

नरम गांड पर मेरी जांगू के टकराने से थप थप की आवाज़ ुचि हो गई.

मने कास कास कर 10-12 ढके लगाए और ममी की छूट मैं hi छूट gya.mera पानी

ममी की छूट की गहरायिओं मैं छूटने लगा.

मने अपनी आँखें बंद किये छूट से लुंड बहार निकल इक और लेट gya.mami की सांसे

भी काफी तेज़ चल रही थी.......
 
अपडेट-33

मैं ममी के साथ लेता हुआ tha.mami की आँखें बंद thi.mera दिल तोह कर रहा था

के अभी ममी की गांड मारो पर मैं रत को मज़े से ममी को छोड़ना चेहता था.

मैं उठ कर बाथरूम चला गया और लुंड को अछि त्र साफ करने लगा.

मेरे पीछे hi ममी ा gai.mami नंगी मेरे सामने कड़ी thi.mami की छूट थोड़ी

खुल चुकी थी और लाल छेद से पानी टपक रहा था.

ममी जैसे hi मेरे करीब आयी मने ममी को पकड़ कर अपने सीने से लगा लिया.

ममी मेरी बहो मैं कसमसाने लगी.

मैं ममी के गलो को चूमने लगा.

mami:-ravi अब बस कर , रत मैं कर लेना.

ravi:-par मुझे तोह अभी आपकी छूट मारनी है.

mami:-tu समज़ता क्यों नै , राधा ऐनी वाली है.

ravi:-toh क्या हुआ.

mami:-rat को जो करना है कर लेना.

मने भी ममी को जयादा परेशान नै किया और बाथरूम से बहार ा गया.

मने अपने कपडे पहने और घर के हल मैं ा gya.mane मोबाइल निकला और सीमा

को फ़ोन कर diya.abhi इक दो रिंग hi गई थी के सीमा ने मेरा फ़ोन उठा लिया.

ravi:-(muskrtae हुए) हलो सीमा कैसी हो.

saima:-achi हु , पर तुम्हारी यद् ा रही है.

ravi:-mera दिल भी नै लग reha.acha अपने बारे मैं और बताते न.

saima:-kya बताओ.

ravi:-tumne अज्ज तक किसी से प्यार क्यों नै किया.

saima:-(herian होते हुए) यह कैसा सवाल है.

ravi:-are जान मेरा मतलब इतने सालो से तुम कोई भी ाचा लड़का नै दिखा.

saima:-(ab क्या कहु) नै मुझे तुम जैसा कोई नै मिला.

ravi:-acha जान खाना खा रही हो टाइम पर.

saima:-bus इक बार तुमको देखना है.

ravi:-acha सीमा तुम आकर मिलता हु.

saima:-bye जणू , उम्म्मा.

सीमा का प्यार से भरा हुआ चुमन मुझे ाचा laga.dil को इक सकूं सा मिल गया.

पर मुझे यह बात शता रही थी के सीमा ने मुझे hi क्यों chuna.muzme ऐसा क्या

खास है , जो सीमा जैसी पड़ी लिखी लड़की मुज़से प्यार करने lagi.main यही सोच hi

रहा था के गेट पर थोड़ी आवाज़ hui.mane गेट खोला तोह मेरे सामने राधा

कड़ी थी.

राधा ने इक बार मेरी और देखा और फिर शरमाते हुए अंदर चली gai.muze राधा का

शर्माना ाचा laga.radha सीधा रसोई मैं चली गई.

मने ऊपर की और देखा तोह ममी कही नै दिखी , मतलब ममी सो रही होंगी.

मैं राधा के पीछे रसोई मैं ा gya.radha झुक कर फ्रीज़ मैं से पानी निकल रही

thi.radha के पतले से घागरे मैं उसके मोठे चिताड़ और बड़ी गांड देख मेरे मन

मैं फिर से काम तरंगे जागने लगी.

मेरे लुंड मैं तनाव आना सुरु हो गया.

मैं राधा के पास जाने के लिए अग्गे बढ़ने लगा.

राधा जब सीधी कड़ी हुई तोह उसने मेरी तरफ अपना सूंदर सा चेहरा कर लिया.

मैं राधा के पास जाने laga.jaise जैसे मेरे कदम बाद रहे थे , राधा के सांसे

और उसके दिल की धड़कने भी बढ़ने लगी थी.

मैं अभ राधा के इक डैम सामने आकर खड़ा हो gya.radha ने अपनी काली आँखों से

पलके जपका मेरी और देखा और फिर शर्मा कर चेहरा निचे कर लिया.

मने राधा की थोड़ी को पकड़ उसका चेहरा ऊपर किया और अपने होंठ राधा की और

बढ़ाने lga.radha की सांसे तेज़ चलने लगाई.

मुझे राधा के गुलाबी होंठो का कम्पन ाचा लग रहा था , राधा की तेज़ सांसे

मेरे चेहरे पर पद रही thi.mane राधा के होंठो के ऊपर अपने होंठ इक बार

लगा वापिस खींच लिए.

मैं राधा के आँखों मैं देखने lga.radha की अखन मस्ती मैं बंद थी.

राधा बिना पालक जपकाये मेरी आँखों मैं देख रही thi.mane राधा के होंठो

पर अपने होंठ रख दिए.

मैं राधा के ऊपर वाले होंठ को चूसने lga.kya नरम होंठ थे राधा के ,

मेरे मोह जैसे शेड दाल दिया गया हो.

मीठे होतनो का रास पीने मैं मज़ा ा रहा tha.radha भी कुछ देर बाद मेरा साथ

देने लगी.

राधा ने मेरा चेहरा अपने हाथो मैं पकड़ मेरे होंठ पोरे कास कर चूसने

लगी.

मैं भी राधा का जोश देख हरिजन रह gya.radha ने मेरे मोह मैं अपनी जीभ

दाल di.main राधा के जीभ चुस्त हुआ अपने हाथ उसके मस्त चितदो तक ले गया.

मैं होंठ चूसते हुए राधा के चिताड़ अपने हाथो मैं भर कास कर निचोड़

दिए.

अह्ह्ह्हह इक सिसकी भरी आवाज़ के साथ राधा ने अपनी एड़ियों को उठा liya.ab राधा

परिओ की ऊँगली पर कड़ी थी.

मैं राधा के कास कास कर चिताड़ दबाने lga.radha और भी मस्ती मैं आकर मेरे

होंठ चूसने लगी.

मने अपने इक हाथ को राधा की मोती गांड की दरार मैं ऊपर से निचे तक फेर

diya.apne कुंवारे छेद पर मेरे हाथ का स्पर्श प् राधा की सिसकी निकल गई.

राधा मुज़से कास कर लिपट gai.mera लुंड अब राधा के गोर पेट पर चूब रहा था.

मैं अब कास कर राधे को चितदो को मसलने लगा.

राधा भी मस्ती मैं आकर मेरे गर्दन मेरे चेहरे को चूमने लगी.

मैं राधा के सामने निकगे बेथ gya.radha के नंगी कमर , और उसकी गोल नाभि

देख मेरा बुरा हल हो गया.

मने अपने होंठो से राधा के पेट को चुम लिया.

उफ़ अह्ह्ह इक मादक सिसकी राधा के मोह से निकल gai.radha मेरे बालो मैं उंगलियाँ

फेरने लगी.

मने अपनी जीभ राधा की गोल नाभि के घेरे मैं फिर दी , मेने अखन ऊपर करके

देखा तोह राधा अपनी अखन बंद किये अपने होंठो को काट रही थी.

मने अपनी जीभ राधा की नाभि मैं दाल उसे कास कर चूमने लगा.

अहह ऊह्ह्ह अहह राधा सिस्कियाँ लेती हुई , मेरे बालो को सहलाने लगी.

मैं कुछ देर राधा के गोर पेट को चूमता रहा.

मैं खड़ा हुआ और राधा के होंठो को इक बार फिर जी बार कर चूमने लगा.

मने अपने हाथो को राधा के कैसे हुए मस्त दूध पर रख उनको मसल दिया.

राधा ने अपने हाथो को मेरे हाथो पर रख diya.radha अब अपने हाथो से मेरे

हाथो पर दबा बना रही थी , जैसे कह रही हो , हैं निचोड़ दो , कास कर दबा दो.

मने भी देर न करते हुए राधा के चुचु को मसलना सुरु कर diya.radha के

दूध काफी बड़े और ठोस the.mere जोर से दबाने पर राधा के मोह से दर्द भरी

सिस्कियाँ निकल रही थी.

मैं चोली के ऊपर से hi राधा के चुचु को मसल रहा tha.radha की ओह्ह्ह अह्ह्ह्ह

ममअअअ जैसे सिस्कियाँ अब बाद गई थी.

मने खींच कर राधा को अपने सीने से लगा liya.mane जैसे hi राधा की चोली को

हाथ मैं पकड़ा , राधा ने मुझे ढाका दिया और अपने कमरे की और बहज गई.

मैं भी राधा के पीछे भागने lga.ab राधा की खैर नै thi.main राधा के पीछे

बाघ रहा था.

राधा अपने रूम मैं जाते hi दरवाजा बंद करने लगी थी के मने गेट को ढाका

दे दिया.

राधा मुस्कराते हुए पीछे हटने lgi.radha के होंतु पर मुस्कराहट थी और मेरे

लुंड मैं तनाव था.....

 
अपडेट-34

राधा पीछे हैट रही थी , पर कब तक पीछे जाती , आखिर उसकी जंगे बीएड से टकरा

gai.ab राधा और पीछे नै जा सकती थी.

मैं राधा के और करीब जाने lga.radha की सांसे फिर से तेज़ चलने लगी.

जैसे hi मैं राधा पर लपका , राधा इक तरफ को हो गई और मैं बीएड पर गिर गया.

राधा मुझे देख हसने lgai.main फिर उठा और राधा की तरफ भगा.

राधा कमरे मैं ेहडेर ोहडेर बाघ रही thi.achank मने राधा को पकड़ hi

लिया.

मने राधा को घुमा कर अपने सीने से लगा liya.bas कुछ hi पल थे और मेरे

होंठ राधा के होंठो से जुड़ गए.

मैं राधा के होंठ चूसने laga.pta नै क्या कशिश थी राधा के गुलाबी होंठो

मैं के जितना भी चुस्त उतना hi चूसने का मन करता.

मने राधा को बीएड पर लिटा diya.main राधा के ऊपर चढ़ gya.mere होंठ राधा

के होंठो के होंठो का रास पे रहे थे और मेरे हाथ राधा के मस्त उठे होये

दूध को दबा रहे थे.

चोली मैं कैसे हुए चुके , मस्त होंठ , मेरा दिल अब राधा की मस्तानी छूट

देखने का कर रहा था.

मैं निचे हुआ और राधा की घागरा उतरने lga.muze इक पल भी नै लगा और राधा का

घागरा उसकी जांगू से सरकता हुआ मने निकल कर फेक दिया.

राधा की माकन जैसी जंगे देख मेरा बुरा हल हो gya.mane अपने होंठ राधा की

दूध जैसी सफेद जंग पर रख उसे चूमने लगा.

राधा की अह्ह्ह अहह की सिसकियाँ निकलने lagi.radha को गुदगुदी हो रही थी , मैं

राधा की गोरी मुसल जंग को जीभ से छत्ता हुआ चुम रहा tha.ik बार तोह मने

राधा की जंग को काट hi लिया.

अह्ह्ह्ह मा इक मस्त सिसकी राधा के मोह से निकल गई.

मने राधा की मस्तानी रास से बेगि छूट देखि जो के दोनों जांगू के बेच फल्ली हुई

thi.chut के होंठ आपस मैं मिले होये the.fulle हुए होंठो का जुड़े होना इस बात

का सबूत था के राधा अभी कुवारी है.

मने अपना हाथ जैसे hi राधा की छूट पर फेरा , अह्ह्ह्हह इक सिसकी राधा के मोह से

निकल गई , और राधा ने अपनी गोरी जांगू को आपस मैं जोड़ लिया.

मेरा हाथ की ऊँगली पर राधा का नमकीन पानी लग gya.bahut पानी छोड़ रही थी

राधा की छूट.

ravi:-mera लुंड देखे गई.

radha:-ohhh हैं दिखा न मुझे .

मने अपनी लोर उतर कर फेक di.ab राधा के सामने कला रंग का बड़ा लम्बा और मोटा

लुंड tha.jo सैप की त्र फुकरे मर रहा था.

राधा ने मोठे लुंड के जबरदस्त सुपडे को देख अपने गुलाबी होंठो पर जीभ फेर

ली.

मने अग्गे बढ़कर राधा की चोली उतर di.ab राधा के कैसे हुए चुके मेरी आँखों

के सामने the.chuche बड़े और ठोस थे , और उनके निपल पोरे तन चुके थे.

मैं राधा के चुचु को हाथ मैं पकड़ मसलने lga.radha सिस्कियाँ लेने लगी.

radha:-ahhhhh बाबू जी लाल कार्डो इनको , अह्ह्ह्ह माँ बहुत तंग करते हैं मुझे

अह्ह्ह.

राधा के मोह से सुनने की देर थी , मैं उसके कैसे हुए मस्त चुचु पर टूट

pda.main करीब 10 मिंटो तक राधा के चुके कास कर दबाता reha.radha के चुके

इक डैम लाल हो गए थे.

मैं चुचु पर ज़ुका और अपनी जीभ निकल निपल पर फेर di.radha ने मेरा सर पकड़

अपने चुचु पर दबा diya.main राधा का निपल दबा दबा कर चूसने लगा.

मैं राधे के गोल और मोठे चुचु के निपल को मोह मैं भर कास कास कर खींच

रहा था , अचानक से राधा का बदन अकड़ गया , वो बहुत जोर सी चिलाती हुई पानी

छोड़ गई.

राधा हफ्ते हुए मेरे सर पर हाथ फिर रही थी.

मैं उठा और अपना लुंड राधा के मोह के सामने कर diya.radha ने मेरे तत्तो को

सहलाते हुए मेरे लुंड को चूसना सुरु कर दिया , जब राधा को काफी मज़ा आया तोह

वह पागलो की त्र मेरा लुंड मोह मैं भर भर कर चूसने लगी.

मैं अपने पोरे जोर से राधा के दूध को मसल रहा था और राधा मेरा मस्त

लुंड चूसने मैं लगी हुई थी.

radha:-babu जी आपका लुंड तोह बहुत मस्त है.

ravi:-tuze पसंद आया के नै.

radha:-esa लुंड किसी को भी पसंद ा jaye.main तोह ऐसे चूस चूस कर लाल कर

दूंगी.

रवि:- मुझे तेरी छूट चटनी है.

radha:-main कड़ी होती हु , तू मेरी छूट और गांड को जी भर के चाट.

राधा जैसे hi कड़ी हुई , उसकी फुल्ली हुई चिकनी छूट मुझे दिख जाती है , मैं राधा

के छूट पर अपना मोह लगा पागल कुत्ते की त्र चाटने लग गया , और राधा मेरा सर

अपनी छूट पर दबा रही थी.

radha:-ahhhh बाबू जी ओह्ह अहह ऐसी hi अह्ह्ह और छतो आअह्ह्ह फिआला कर छतो.

फिर राधा अपनी इक तंग मेरे कंडे पर रख देती hai.ab राधा की फुल्ली हुई छूट और भी मेरे सामने खुल कर ा गयी थी.

मैं राधा की तंग को पकड़ कास कर उसकी छूट के डेन को जीभ से खुरदने लग

गया.

फिर मने राधा को बीएड पर लिटा diya.mane राधा के पेट के बल किया , और राधा की

मस्तानी गांड ऊपर की और उठ गई.

मैं अज्ज राधा की गांड मरना चाहता था , छूट तोह कबि भी मर सकता था.

मैं दोनों हाथो से चिटेड़ो को फैला का देख्या , राधा की मस्त गांड का इक छोटा सा

छेद मेरी आँखों के सामने ा गया.

मने अपना मोह राधा के नरम गद्देदार चितदो पर लगा diya.main अपने दांतो से

राधा के चितदो को काटने लगा.

मुझे ममी के उठने का दर tha.mane अपने लुंड की खाल खींच मोटा सूपड़ा बहार

निकला और लुंड पर थूक लगा गांड के छोटे से छेद पर दबा दिया.

काफी टाइट छेद था राधा की गांड ka.mera लुंड फिसल गया.

मेने अपना मोह छेद के पास किया और छेद के ऊपर थूक diya.mane अपनी बड़ी ऊँगली

मोह मैं दाल थूक से गीली की और गांड के छेद मैं दाल दी.

radha:-aaaaahhhhhhhhhhhhh मायआ निकालो बहार अह्ह्ह दर्द कर रहा है.

ravi:-bus कुछ देर और.

मने अपनी ऊँगली तेज़ तेज़ अंदर बहार करने lga.kuch देर मैं राधा को भी मज़ा

ऐनी lga.mane देर न करते हुए अपना लुंड हाथ मैं पकड़ मसला पर राधा की

गांड के छेद मैं रख दबा दिया.

मेरा मोटा लुंड गांड के छोटे से छेद को छेरता हुआ अंदर घुस गया.

radha:-aahhhhhhhh माआआ माररररर गजाआईईई निकालो बहार अह्ह्ह्हह्हह

aiiiiiiiiiiiii मेरी गांड फैट गई अह्ह्ह्हह्हह बाबू जी छोड़ दो मुझे अह्ह्ह्हह.

मने दर्द की परवाह न करते हुए इक कास कर ढाका mara.mera लुंड आधा राधा

की गांड मैं घुस gya.radha तोह जैसे साँस लेना hi भूल gai.radha की आँखों मैं

आंसू बह रहे the.mane राधा के मोह पर हाथ रख थोड़ा सा लुंड बहार निकल इक

कास कर और ढाका मर दिया.

"faaaatttttccchhhhh"ki आवाज़ करता लुंड सारा गांड मैं घुस गया.

"गग्गूउऊउउउनंनंन्न gggguuunnnn"ki आवाज़े राधा के मोह से निकल रही thi.uska

रोना और भी तेज़ हो गया था.

मैं राधा को धीरे धीरे छोड़ने lga.radha अब भी उठने की कोससिह कर रही

thi.par मैं ताबड़तोड़ ढके उसकी गांड मैं लगा रहा था.

कमरे मैं थप थप थप थप थप थप पांच पांच पांच पांच की ावज़ाओ का शोर

गूंज रहा tha.mere ढके अब तेज़ हो रहे थे , और राधा के चिताड़ मेरे ढके से

लाल पद गए थे.

जब मेने राधा के मोह से हाथ हटाया तोह उसका दर्द अब सिस्क्याइँ मैं बदल

चूका था.

radha:-aahhhh ओह्ह्ह अह्ह्ह बाबू जी अह्ह्ह छोड़ो मुझे अह्ह्ह्हह कितना ाचा छोड़ते हो

अह्ह्ह्हह फाड् दो मेरी गांड को.

मने राधा को घुमा कर सीधा किया और उसकी टंगे उठा अपने कंदो पर रख

di.radha ने अपने हाथ से मेरा लुंड पकड़ा और अपनी गांड के छेद पर रख दिया.

छेद पर लुंड लगते hi मेने ढाका लगा दिया , लुंड की hi बार मैं पूरा घुस गया.

radha:-aahhhhhhh उफ्फफ्फ्फ़ मरोगे क्या मुझे अह्ह्ह्हह धीरे करो आआह्ह्ह्हह.

मैं सटासट ढके राधा की गांड मैं मरने लगा , राधा की गांड अब चिकनी हो गई

थी , अब मेरा लुंड फिसल फिसल कर जा रहा था.

मैं राधा के ऊपर झुक गया और उसके होठ चूसते हुए ढके मरने lga.radha का

बदन इक बार फिर अकड़ गया और उसकी छूट ने पानी छोड़ diya.mere ढके अब और एज़ हो

gye.radha की आँखों मैं पानी ा गया.

थप थल ठप की ावज़ाओ का शोर और तेज़ हो गया.

करीब 15 मिंटो तक राधा की गांड मरने के बाद मेरा पानी राधा की गांड मैं hi

निकल गया.

मने राधा की गांड से लुंड निकला और इक साइड मैं लेट gya.radha को अब कुछ आराम

mila.radha ने अपनी टंगे सीधी कर ली.

मैं भी चाट की और देख लम्बी लम्बी सांसे ले रहा था.

कुछ देर बाद हम दोनों ने कपडे पहन लिए.

ravi:-kyu मज़ा आया मेरी जान को.

radha:-(sharmate हुए) हैं बहुत मज़ा आया.

ravi:-kal को तेरी छूट फाड़ोगे , त्यार रहना.

radha:-hain मुझे भी छूट मैं तेरा मोटा लुंड लेना है.

अचानक ममी की आवाज़ हमरे कानो मैं padi.radha ने मेरे होंटो को चूमा और

बहार बहग gai.main भी मुस्करता हुआ बहार की और चल दिया.

मैं अपने कमरे मैं गया और बीएड पर लेट gya.ajj मैं काफी थक गया था , पता hi

नै चला कब नंद ा गई....

 
अपडेट-35

मैं कोई शाम के 5 बजे तक सोता reha.jab मैं उठा तोह अज्ज का सारा दिन आँखों से

गुजर gya.ajj मने अपनी खुबौरात ममी की छूट मरी थी , और चुलबली राधा की

कातिलाना गांड.

दोनों इक से बढ़कर इक thi.mami की छूट का रसीला पानी और राधा की गांड का टाइट

छेद , दोनों ने मेरे लुंड को अपना दीवाना बना लिया tha.ab मैं चाहता था दोनों

दिल खोल कर मुज़से छुड़वा ले.

मैं बाथरूम मैं गया और नहा liya.ab मने इक ुंडेरवेअर hi पहना था , क्यों की

दोनों घोड्यां की छूट और गांड तोह मैं मर hi चूका था , अब रत को दोनों को इक

साथ छोड़ना था , तोह ऐसी लिए मैं घर के हॉल की तरफ चल दिया.

घर के हॉल मैं आया तोह देखा के ममी इक तंग दूसरी तंग पर रख कोई किताब

पद रही thi.main ममी के पास बेथ गया.

"अज्ज क्या सारा दिन नंगे hi rehoge."mami ने मुस्कराते हुए पूछा.

"क्या करू ममी आपकी छूट का दीवाना हो चूका hu."mane अपना लुंड मसलते हुए

कहा.

"अभी तक मन नै भरा तेरा , मेरी तोह बंद बज गई hai."mami ने इक गहरी साँस लेते

हुए बोलै.

"ममी यह लुंड घोडा के लुंड जैसा है , देखो फिर से खड़ा हो gya"mane

ुंडेरवेअर से लुंड बहार निकल ममी को दिखते हुए कहा.

"बेशर्म कही के , राधा रसोई मैं है , अगर उसने देख लिया toh"mami हस्ते हुए

मेरे लुंड की और देखती बोली.

"ममी आप कहो तोह राधा की छूट भी फाड् du"mane ममी के और करीब बैठते हुए

पूछा.

"नै , वो तुम कुछ नै करने देगी , अगर उसने किसी को बता दिया" ममी ने थोड़ा

डरते हुए कहा.

"अरे ममी मने आपकी छूट फाड् दी तोह राधा क्या चीज़ है , अप्प बस हैं

kaho."mane ममी का हाथ अपने लुंड पर रखते हुए बोलै.

"देख लो तुम्हारी मर्ज़ी , अगर कुछ हुआ तोह मेरी कोई ज़िम्मेदारी nai"mami ने मेरे

लुंड के सुपडे को मसलते हुए बोलै.

मने ममी की बात का कोई जवाब नै diya.mane ममी को अपने बहो मैं भर लिया.

हॉल से रसोई एकदम सामने थी , और कबि भी राधा बहार ा सकती thi.par मुझे कोई

दर नै था.

मने अपनी जीभ मोह से बहार निकली और ममी की गाल पर फिर दी.

"आह्ह्ह्हह ravi"mami की मस्ती भरी सिसकी निकल गई.

मैं अपनी जुबान को ममी की गलो पर चलने lga.mami की सांसे तेज़ हो रही थी ,

ममी मेरे लुंड को सहलाने lgi.mami के गोर हाथो मैं मेरा कला लुंड बहुत

सूंदर लग रहा tha.main ममी के होंठो पर अपनी जीवा घुमा रहा tha.mami के

लाल होंठो पर मेरी लाल जीवा , अति सूंदर लग रही थी.

मैं जाट से अपनी जीवा ममी के मोह मैं दाल di.mami मेरी और हरिजन हुई देख रही

thi.main ममी के मोह मैं अपनी जीवा हिलने lga.meri जीवा मैं के दांतो मैं

लगने लगी.

ममी की गरम सांसे मेरी जीवा को लग रही thi.or फिर ममी ने अपनी जीवा को भी काम

पर लगा diya.ab मेरी जीभ और ममी की जीभ आपस मैं खेलने lgi.mera मज़े से

बुरा हल tha.mane ममी के होंठो पर अपने होंठ रख दिए.

उफ्फ्फ मस्त और रसीले होंठ , दिल किया खा जाओ enko.main ममी के मोह मैं अपनी जीभ

चलता हुआ उनके होंठो का रसपान करने लगा.

ममी के हाथ अब तेज़ हो गए थे मेरे लुंड par.mane ममी की चुचु को अपने

हाथो मैं भर liya.bde बड़े और मोठे चुके मेरे हाथ मैं नै समै रहे थे.

मैं ममी के मोठे दूध को हाथ मैं भर कास कर दबाने lga.mami मस्ती

मैं मेरी होंठो को और तेज़ निचोड़ने लग गई.

मैं ममी के ऊपर वाले होंठ को मोह भर कास कास कर निचोड़ रहा tha.mami के

होंठो की साडी लिपस्टिक मैं खा gya.mami के दूध ब्रा मैं काफी ठोस the.unko

दबाने मैं काफी जोर लग रहा tha.jaise मैं किसी बड़े से गुब्बारे को दबा रहा हु.

ममी के निपल पोरे तन चुके the.mami की आँखें मैं मदहोशी सहने लगी

thi.mami की छूट अपना रास छोड़ने लगी thi.mami की छूट का दाना , छूट मैं खुजली

बड़ा रहा tha.mami अपनी जांगू को आपस मैं रगड़ रही thi.ab ममी लुंड चाहती

thi.jab छूट मैं गर्मी बाद जाये तोह ममी कुत्ते का लुंड भी छूट मैं ले सकती

थी.

ममी की टंगे अब कप रही थी.

मने ममी की सदी का पलु अब निचे गिरा दिया tha.ab मैं ममी के ब्लाउज के

ऊपर से hi उनके मस्त दूध को निचोड़ रहा था.

ममी मेरे होंठो को चुस्ती हुई , सिस्कियाँ ले रही thi.mami की सिस्कियाँ अब बढ़ने

लगी थी.

करीब 10 मिंट तक मैं ममी के होंठ चुस्त रहा , उनका दूध को मसलता

reha.jab मैं ममी से अलग हुआ और मने रसोई की तरफ देखता तोह राधा हरिजन हुई

हमे देख रही थी.

राधा की सांसे तेज़ thi.uska इक हाथ अपनी जांगू के अग्गे tha.matlab वो अपनी छूट को

मसल रही thi.radha की नज़रे जैसे hi मुज़से मिली वो अंदर बाघ गई.

ममी ने अपनी आँखें कुछ देर बाद खोली.

"तुमने तोह मेरी जान निकल दी , कोई ऐसी भी होंठ चुस्त hai"mami मेरे लुंड से

हाथ हटती बोली.

"ममी तुम कमरे मैं जाकर कपडे उतरो , मैं अभी aya"main ममी की इक जंग

को कास कर मसलते हुए बोलै.

"आह्ह्ह्ह जाती हु , जल्दी आना , छूट मैं बहुत खुजली हो रही है.

"अभी आया मेरी जान , तू छूट की मालिश kar"main ममी की छूट को सदी के ऊपर से

मसलता हुआ बोलै.

"ठीक है "इतना बोल ममी मेरा लुंड को सहलाती हुई , चली गई.

मैं ुंडेरवेअर उतर नंगा हो गया और रसोई मैं राधा की तरफ चल diya.rasoi मैं जा मेने देखा राधा सेल्फ पर सर टिका कुछ सोच रही thi.vo थोड़ा ज़ुकी हुई

थी.

मैं धीरे धीरे राधा के पीछे ा gya.mane एकदम से राधा को पीछे से पकड़

लिया.

मेरा खड़ा लुंड राधा के घागरे की ऊपर से hi गांड मैं घुसने लगा.

गांड के तपते छेद पर मेरे मोठे लुंड का सुपडे लगते देख राधा अह्ह्ह्ह की

आवाज़ निकलती हुई , सीधी कड़ी हो गई.

मेरा लुंड राधा की गांड की दरार में चूब सा गया.

"आअह्ह्ह्ह बाबू जी , मत करो ab"radha ने अपनी गांड मेरे लुंड पर और दबा

di.muze ऐसा लग रहा था , जिअसे मेरा लुंड धीरे धीरे राधा की नरम गांड के

अंदर जा रहा था.

"क्या हुआ मेरी जान , आह्हः अब घागरा उतर भी de"mane राधा की गर्दन को कुत्ते

की तरह चाट ते हुए बोलै.

"अह्ह्ह नै बाबू जी , अब और नै , रत को कर lena"radha थोड़ा अग्गे होने लगी.

पर अग्गे सेल्फ थी , राधे की जंगे अब सेल्फ के किनारो पर लग gai.ab राधा और अग्गे नै

जा सकती थी.

"अपनी मस्त गदराई गांड मैं मेरा मोटा लुंड लेलो न इक bar"mane राधा के चितदो

को हाथ से पलस्ता हुए राधा से पूछा.

"अह्ह्ह बाबू जी , अप्प बहुत गंदे हो , मुझे गरम कर diya"radha अपनी गांड को

मेरे लुंड पर कास कर रगड़ातु हुई बोली.

मैं और कुछ नै बोलै और राधा का घागरा पकड़ कर निचे खेच dyia.radha के

मोठे चितोड़ और गांड की गहरी दरार अब मेरे सामने thi.mane राधा को पीछे की तरफ

किच्च कर थोड़ा ज़ुका दिया.

राधा की गांड थोड़ी फ़ैल gai.radha के चिताड़ अब अलग हो gye.gand के फ़टे हुए छेद के

निचे थोड़े थोड़े बालो वाली नाज़ुक सी छूट मुझे दिखाई di.chut के होंठ आपस मैं

जुड़े हुए थे और छूट का दाना थोड़ा सा गिला लग रहा tha.mane अपना इक हाथ छूट

पर फेयर दिया.

"आह्ह्ह्हह्ह मा बाबू जी कुछ करो आह्हः नै तोह मैं मर jaogi"radha अपनी

आँखें बंद किये सिसकती हुई बोली.

मने अपना चेरा राधा की छूट के पास ले gya.mane अपनी नक् छूट के छेद के पास

की तोह मीठी सी सुंगंड मेरे नक् मैं समै गई.

मने अपनी जीभ बहार निकल राधा के छूट के होंठो को चाट दिया.

"आह्ह्ह्हह माआ मेरी छूट ahhh"radha ने सिसकी लेते हुए अपनी जंगे आपस मैं जोड़

ली.

मने राधा की जांगू को हाथ से खोला और राधा की छूट को मोह मैं भर चूसने

लगा.

राधा की टंगे कप रही थी और छूट पानी पे पानी छोड़ रही thi.main अपनी जीभ की

नोक छूट मैं घुसा राधा की छूट का नानकीन पानी पि रहा था.

"आह्ह्ह्हह ओह्ह्ह्ह उफ्फ्फ्फ़ अह्ह्ह "राधा सिस्कियाँ लेती हुई अपनी गांड मेरे मोह पर

रगड़ रही thi.mane अपनी इक ऊँगली छूट के छेद मैं एकदम से दाल दी.

"एआईईईई निकालो बहार अह्ह्ह्ह "राधा थोड़ा सा सीधा कड़ी हो gai.par मने ऊँगली

बहार नै निकली.

मैं तेज़ तेज़ ऊँगली छूट मैं अंदर बहार करने lga.chut का छेद लाफ़ी टाइट

tha.muze अपनी ऊँगली पर छूट का कसाव पूरा महसूस हो रहा था.

राधा फिर से मस्ती मैं आकर सिस्कियाँ लेने lgi.mane अपनी दूसरी ऊँगली भी छूट मैं

दाल di.radha को दर्द तोह हुआ , पर मैं छूट को चाट रहा था , तोह राधा का दर्द

कुछ काम हो गया.

"आह्ह्ह्हह्ह बाबू जीई , क्या छूट छाती है अपने अह्हह्ह्ह्ह मज़ा ा रहा सीईई अह्ह्ह

है उफ्फ्फ्फ़ और chato"radha अब अपने चितोड़ मेरे मोह मैं रगड़ रगड़ कर छूट

छठा रही थी.

मैं लपलप छूट को चुस्त जा रहा tha.mane छूट को चाट चाट कर लाल कर दिया

tha.karob 15 मिंट बाद राधा की सांसे इक बार तेज़ हो गई , उसका पूरा जिस्म अकड़ने लगा

और छूट से पानी की बुशर हो gai.sfad सा लिसलिसा पानी छूट के मोह से निकला और मेरे

मोह मैं जाने लगा.

मैं अपनी जीभ राधा की छूट मैं दाल उसका रास पे रहा था.

"आह्ह्ह्ह बाबू जी , अह्ह्ह्हह पिलो मेरा सीई अह्ह्ह पानी पिलो अह्ह्ह्हह अब और नै श जाता

अह्ह्ह्ह छोड़ दो अह्ह्ह्ह मुझे अह्ह्ह "राधा पता नै मदहोश क्या क्या बोले जा रही

थी.

मैं राधा की छूट का सारा पानी पे gya.ab मैं खड़ा हुआ तोह राधा पलट कर

मेरे सीने से चिपक गई...
 
अपडेट-36

मैं कमरे की तरफ जाने lga.mera लुंड हवा मैं ज़ुल रहा tha.kuch hi पीएलओ मैं

मेरा कमरा ा gya.mane देखा , ममी बीएड पर नंगी लेती हुई थी.

ममी की आँखें बंद थी , ममी अपनी जांगू को फैला कर छूट के डेन को मसल रही

थी.

ममी की जंगे छोड़ी होने के कारन ममी की छूट थोड़ी खुली हुई थी , और छूट का

लाल छेद मुझे दिख रहा tha.mami अपनी ऊँगली के नाकोहन से छूट का दाना कुराड़

रही थी.

मैं अंदर जाने hi लगा था के किसी ने मुझे पीछे से कास के पकड़ liya.yeh और कोई

नै राधा thi.vo भी एकदम पूरी nangi.radha के नंगे दूध मेरी पीठ मैं चुबने लगे.

राधा ने अपने हाथ मेरे पेट से बंडे हुए निचे लेजा कर मेरा फनफनते हुए लुंड

को पकड़ लिया.

"आह्ह्ह्हह्ह बाबू जी , कहा मुझे प्यासी छोड़ कर ा गए अह्ह्ह्ह अभ प्यास बजा do"radha मेरे लुंड के सुपडे को मसलती हुई बोली.

"अह्ह्ह्ह मेरी रंडी , जा अंदर और ममी की छूट चाट , जल्दी ja"mane राधा को पकड़

कर उसे कमरे मैं बेझ दिया.

राधा थोड़ा डर्टी हुई कमरे मैं चली gai.ander ममी बीएड पर लेती हुई छूट को

मसल रही थी.

"आह्ह्ह्ह रवि अजा अह्ह्ह्ह सीईई मर मेरी छूट को अह्ह्ह्हह साली मैं खुजली हो रही

है अह्ह्ह siii"mami आँखें बंद किये बुदबुदा रही थी.

जैसे hi राधा बीएड पर छड़ी , ममी ने आँखें खोल li.apne सामने इक कमसिन सी

लड़की को नंगा देख ममी के होंठो पर मुस्कान ा gai.mami ने राधा को खींच

कर अपने सीने से लगा लिया.

"साली क्या मॉल है तू , वो साला रवि तेरी छूट फाड् dega"mami ने राधा की गांड को

मसलते हुए बोलै.

"अह्ह्ह्ह मालकिन मैं स्सीइ छूट फड़वाने आयी hu"radha ने अपनी छूट ममी की छूट

पर रगड़ते हुए बोलै.

मेरी आँखों के सामने दो घोड़ी जैसी औरते thi.radha को ममी ने अपने ऊपर लेता

रखा tha.ab ममी राधा के होंठ चूस रही thi.main भी अंदर ा गया.

"मेरी रनडीईओ मुझे भूल गई kya"mene राधा की गांड पर थपड लगते हुए

पूछा.

"आह्ह्ह्ह बाबू जी , आपके बिना हम क्या कर सकती है अह्ह्ह्ह अब जल्दी karo."radha

ममी के ऊपर से उठती हुई बोली.

राधा के उठ ते hi ममी ने मुझे ढाका देकर बीएड पर गिरा diya.mami मेरे ऊपर

ा gai.mami ने अपने तपते गरम होंठ मेरे होंठो पर रख diye.mami मेरे

होंठो का रास पैन करने lgi.radha इक तरफ बैठी हमे देख रही thi.main ममी की

गांड मसलता हुआ , उनके होंठ चूस रहा tha.mami मेरे होंठो को दांतो मैं

काट रही thi.ik मीठा सा दर्द मेरे होंठो मैं हो रहा tha.kuch देर बाद ममी

ने मेरे होंठ छोड़ दिए.

"आह्ह्ह्ह यह लुंड आह्ह्ह्ह मेरी छूट मैं jayega"mami मेरी जांगू पर हाथ फिरती

हुई मेरे लुंड को पकड़ टी बोली.

ममी ने मेरे लुंड की खाल को पीछे खींच मेरे लुंड का गरम गुलाबी सूपड़ा

बहार निकल लिया.

"aahhhhhhhh"ik सिसकी मेरे मोह से निकल गई.

ममी ने मेरे लुंड के सुपडे को देखा और फिर अपनी नकली जीभ सुपडे के छेद

पर घुमा di.mera तोह मस्ती मैं बुरा हल हो gya.mami थोड़ी घोड़ी बनी हुई

thi.radha ने ममी की छूट को मोह मैं चूस लिया.

"आअह्हह्ह्ह्ह raaaddhhaa"mami ने सीसकरते हुए मेरे लुंड को कास के पकड़ लिया.

ममी ने अपने होंठ मेरे गरम लुंड के सुपडे पर रख diye.mami मेरे लुंड

का सूपड़ा मोह मैं भर कर चूसने lgi.radha छूट को ऊँगली से छोड़ा कर खूब

कुट्या की त्र चाट रही थी.

ममी ने मेरा लुंड चूस चूस कर खूब चिकना कर दिया tha.mera लुंड ममी के

थूक से सना चमक रहा tha.mami ने राधा को इक तरफ किया और मेरे पेट पर दोनों

तरफ टंगे कर बेथ गई.

जैसे hi ममी ने अपनी गांड थोड़ी ऊपर की तोह राधा को ममी की छूट के होंठ

खुले हुए दिखाई diye.dono होंठ अलग अलग हो गए थे और छूट का लाल छेद बहार

को निकला हुआ tha.gili छूट चमक रही थी , और छूट पूरी त्र से खुल चुकी

thi.radha ने अपनी छूट को देखा , उसकी छूट के होंठ अभी बंद the.kyu की वो

कुवारी थी.

मने राधा को खींच कर अपने तरफ गिरा diya.mane राधा का चेहरा पकड़ अपने

होंठ राधा के होंठो पर रख diye.radha मेरे होंठ चूसने लगी.

ममी ने थोड़ा ऊपर उठ अपनी छूट को मेरे लुंड पर रगड़ दिया .

"आह्ह्ह्हह्ह ममी "मने सीसकरते हुए अपनी गांड ऊपर को उठा di.mera लुंड ममी

की छूट से रगड़ खा गया.

ममी ने मेरा लुंड इक हाथ मैं पकड़ा और उसका सूपड़ा अपनी फटी हुई छूट के

छेद पर रख कर निचे को हो गई.

"आह्ह्ह्हह रवि आह्ह्ह्ह सीई बहुत बड़ा लुंड है अह्ह्ह्ह siiii"mami सिसकी बाहरी

हुई मेरे लुंड पर धीरे धीरे बैठने लगी.

मेरा लुंड धीरे धीरे ममी की छूट मैं गयाब होता जा रहा tha.muze ऐसा लग

रहा था जैसे माखन मैं लुंड दाल रहा hu.muze लुंड के सुपडे पर कुछ गिला

पानी जैसा महसूस हो रहा tha.yeh ममी की छूट का पानी था.

मुज़से और सेहन न हुआ मेने अपना पूरा जोर लगा ऊपर की तरफ गांड उठा ढाका लगा

दिया.

"faatttcchhhh"ki आवाज़ करता मेरा लुंड जड़ तक ममी की छूट मैं घुस गया.

"आइइइइइइ आह्ह्ह्ह राववीई सेल धीरे मर aahhhhh"mami चीखती हुई मुज़से बोली.

राधा मेरे होंठ छोड़ मुझे और ममी को देख रही thi.mera मोटा कला लुंड गोरी

चिकनी छूट मैं जड़ तक घुसा देख राधा की छूट भी पनिया गई थी.

ममी थोड़ा ऊपर को उठी तोह मेरे लुंड सुपडे तक बहार निकल आया , मेरा पूरा

लुंड ममी की छूट के रसीले पानी से बीघा हुआ tha.mami ने बिना देर किये मेरे

लुंड पर कूदना सुरु कर दिया.

गीली छूट मैं मेरा मोटा लुंड पांच पांच पांच पांच की ौज़े करता हुआ अंदर

बहार हो रहा था.

मने राधा को अपनी छूट मेरे मोह पर रखने के लिए kha.radha भी जाट से अपनज

छूट को मेरे मोह पर रख बेथ gai.main राधा की रसीली छूट को जानवरो जैसे

चाटने lga.radha की छूट पानी की नदी भ रही थी.

दूसरी तरफ ममी मेरे लुंड पर अपनी जांगू को खींच खींच कर मर रही thi.jaise hi

ममी की जंगे मेरी जांगू पर टकराती थप थप थप की अब्ज़ो का मदुर संगीत

छेद जाता.

ममी की सांसे अब तेज़ चल रही थी , छूट का गीलापन अब और भी बाद गया tha.or लुंड

का छूट मैं अंदर बहार होना भी तेज़ हो गया था.

मने राधा को उतर इक तरफ किया और ममी की चिकनी कमर को पकड़ कास कास कर

अपना मोटा लुंड छूट मैं पेलने लगा.

"आह्ह्ह्हह्ह्ह्ह धीरे कर रवि अह्हह्ह्ह्ह मेरी छूट फैट जाएगी अह्हह्ह्ह्ह ममअअअअअ

सीईई अह्ह्ह्ह धीरे अह्हह्ह्ह्ह क्या लुंड है तेरा अह्ह्ह्हह्हह मेरा पानी छुट्नर वाला

है आह्ह्ह्हह्ह और तेज़ अह्ह्ह्ह फाड् दे मेरी छूट को ahhhh"mami मेरे आँखों मैं

आँखें दाल छूट मैं लुंड का मज़ा ले रही थी.

राधा भी ममी की बाटे सुन गरम हो गई thi.radha अपने चुचु को मेरे होंठो

पर रगड़ रही thi.radha के तने हुए निपल मेरे होंठो पर चूब रहे the.mane

अपना मोह खोल राधे के निपल चूसने लगा.

ममी अब अपनी पूरी जान लगा , छूट को मेरे लुंड पर पटकने लगी.

"आह्ह्हह्ह्ह्ह रवि आह्ह्ह्हह मैंनं जाने सीईई अहहह्ज वाली हु अह्ह्ह तेज़ कर

ahhh"mami ने मेरे लुंड को छूट से सुपडे तक बहत निकल छूट मैं भरते हुए

कहा.

करीब 5 मिंट ममी मेरे लुंड पर उछलती रही , "aahhhhhhhhhhh माआ "इक लम्बी

सिसकी के साथ ममी की छूट ने पानी की बुशर छोड़ di.mami जटके कहती हुई पानी

छोड़ने लगी.

मेरा भी बुरा हल tha.mane ममी को इक तरफ किया और राधा को जबरदस्ती पकड़

कर लिटा दिया.

मने राधा की टंगे छोड़ी की और लुंड को छूट के छेद पर रख diya.radha की

सांसे तेज़ चल रही thi.uski नज़रे मेरे लुंड पर तिकी हुई thi.use दर था के इतना

मोटा लुंड छोटी सी छूट मैं कैसे jayega.mane अपने लुंड का सूपड़ा राधा की

छूट के छेद मैं घिसा दिया.

"aaaaahhhhhh"radha ने ससकते हुए अपनी गांड ऊपर को उठा दी. मने थोड़ा जोर दाल

लुंड का सूपड़ा थोड़ा सा छूट के लाल छेद मैं फसा दिया.;

मने राधा के चेहरे को इक बार देखा और फिर कास कर इक ढाका छूट मैं जड़

diya.dhaka इतना जबरदस्त था के मेरा लुंड छूट की दीवारों को फाड़ता हुआ आधा

अंदर घुस गया.

"ाआईईई आह्ह्हह्ह्ह्ह माआआ मररररररत गाइइइइइइइ आह्ह्ह्हह्ह निकालो बहार

अह्हह्ह्ह्ह बचो अह्ह्ह्हह बचो मालकिन अह्हह्ह्ह्ह दर्द हो रहा है ahhhh"radha

रट हर चखने लगी.

मैं राधा के ऊपर लेट उसके होंठ चूसने lga.radha के आंसुओ का नमकीन पानी

मेरे मोह मैं जा रहा था.

मैं राधा के दूध को कास कास कर मसलने लगा.

कुछ देर बाद राधा थोड़ा ठीक हुई तोह मने इक और ढाका मर दिया , मेरा पूरा

लुंड जड़ तक राधा की छूट मैं घुस गया.

"आअह्हह्ह्ह्हह माआआ आइईईईईई बाबू जी छोड़ दो ahhhhh"radha की चीख पोरे

घर मैं गूंज गई थी.

मैं कुछ देर रुक gya.mane राधा को मोठे दूध को मोह मैं भर चूसने

lga.fir कुछ देर बाद मैं अपने होतनो को राधा के होंठो पर रगड़ने lga.muze

थोड़ी देर बाद महसूस हुआ के राधा मेरे होंठो को चूस रही है.

मैं लुंड को थोड़ा बहार निकल इक ढाका मारा.

"आह्ह्ह्हह बाबू जी dhere"radha मेरे होंठो को चुस्ती हुई boli.mera हर ढाका अब

राधा को मज़ा दे रहा tha.mane राधा का चेहरा देखा तोह उसके चेहरे पर इक

मुस्कान थी और गलो पर लाली शै हुई thi.etna देखते hi मने जोर जोर से ढके

लगाने सुरु कर दिए....

"आह्ह्हह्ह्ह्ह बाबू जी अह्ह्ह और तेज़ tez"radha ेटंस बोलते hi पानी छोड़ gai.uska बदन

दिला पड़ने lga.radha को ऐसा लगा जैसे छूट के रस्ते उसकी साडी ताकत hi निकल गई

ho.mere भी लुंड अब जवाब देने वाला था.

राधा का गरम पानी अब मैं और न बर्दाश्त कर स्का और मेरे लुंड ने राधा की

छूट की गहरायिओं मैं पानी छोड़ना सुरु कर दिया.

राधा की सांसे भी तेज़ चल रही thi.ham दोनों इक दूसरे की बहो मैं बहे दाल लेट

gye.mera लुंड अभी भी राधा की छूट मैं hi था.........
 
अपडेट-37

मैं राधा से अलग hua.mera लुंड अब ढीला पद चूका tha.subah से यह मेरी तीसरी

चुदाई thi.ab मैं काफी थक भी चूका था.

मने देखा के राधा अध् खुली आँखों से मुझे देख रही thi.radha के गोर गोर

दूध लाल पद चुके the.radha की छूट पर जब मेरी नज़र गई , तोह मने देखा के

छूट का छेद अब खुल चूका था , मेरा और राधा का सफेद पानी छूट के लाल छेद से

बहार निकल रहा था.

राधा की छूट पर थोड़ा खून भी लगा हुआ था , यह मेरे घोड़े जैसे लुंड के

कारन हुआ था.

राधा उठने लगी तोह इक दर्द भरी सिसकी उसके मोह से निकल गई.

"अह्ह्ह्हह maaa"radha अपनी छूट पर हाथ फेरते हुए फिर से लेट गई.

मैं उठा और राधा को अपनी गॉड मैं उठा निचे उसके रूम की तरफ जाने लगा.

radha:-babu जी अप्प बहुत अचे हो.

ravi:-vo कैसे.

radha:-app जानते थे के मैं चल नै सकती , अप्प मुझे गॉड मैं उठा ले जा रहे

हो.

ravi:-are तुम्हारी छूट फड़ी है , अब तुम्हारी सेवा भी तोह करनी पड़ेगी.

मने राधा के चितदो को थोड़ा मसल diya.radha मेरे गॉड मैं थी , मैं धीरे

धीरे सदियां उतर रहा tha.radha मेरे सीने पर अपना सर लगाए आँखें बंद

किये मुस्करा रही thi.radha के मुस्कराने का कारन यह था के मेरा इक हाथ उसकी

गांड की दरार मैं घुसा हुआ tha.main राधा की गांड के छेद को कुरेद रहा था.

इक दो बार तोह मने अपनी ऊँगली भी राधा की गांड मैं दाल di.mane राधा के

चेहरे की और देखा तोह उसकी गलो पर लाली शै हुई थी.

मैं जब राधा के कमरे मैं आया और उसे बीएड पर लिटा जाने लगा तोह राधा ने मेरा

हाथ पकड़ लिया.

radha:-(sharmate हुए) अप्प यही रुक जाओ न , मेरे पास.

राधा के मोह से सुन मैं खुश हो गया , पर मैं कुछ और hi सोच रहा था.

मैं राधा को अपने साथ शहर वाले घर लिजना चाहता tha.vha जब चाहे मैं

राधा की छूट मर सकता था.

radha:-kya सोच रहे ो.

ravi:--(muskrate हुए) नै राधा अभी तुम आराम करो , कल मैं तुम्हारी छूट

मरोगे.

इतना बोल मैं वापिस ऊपर अपने रूम मैं ा gya.mane देखा ममी नंगी छूट

फैला कर सोइ हुई thi.chut के लाल छेद से मेरे घड़ा सफफ रास बह कर निचे गिर रहा

था.

मैं भी ममी के पास hi लेट गया.

रत के 11:00 बजे ममी ने मुझे उठा diya.mami इक काली निघ्त्य मैं मेरे सामने

कड़ी thi.mami के चेहरे पर इक मुस्कान थी.

mami:-(muskrate हुए) रवि बीटा खाना तोह खा lete.chalo ायो खाना खाने के

लिए.

ravi:-jii ममी.

मैं उठा और अपनी धोती पहन निचे ा gya.mere बदन पर मेरी धोती थी , और

मेरा सीना पूरा नंगा था.

मने देखा राधा पहले hi वह बैठी हुई thi.mami खाना टेबल पर लगा diya.ham

टीनू खाने लगे.

mami:-ravi कल हम वापिस जा रहे है.

ravi:-mami इक बात कहु.

mami:-hain बोलो.

ravi:-mami क्यों न राधा को भी अपने साथ ले chale.yha वो अकेली हो जाएगी.

mami:-(muskrate हुए) लगता है जनाब को राधा की छूट पसंद ा गई है.

ravi:-nai ममी ऐसी कोई बात नै.

mami:-radha अपने कपडे इक बैग मैं दाल do.ham कल निकल रहे है.

राधा मुसकरतै हुई मेरी तरफ देख रही thi.radha के होंठो पर इक सूंदर

मुस्कान थी.

खाना ख़तम कर हम तीनो सोने के चले gye.main तोह काफी थक चूका था , बीएड

पर लेट ते hi नंद ा गई.

सुबह जब मैं उठा तोह अज्ज काफी खुश tha.main वापिस घर जाने के लिए त्यार होने

लगा.

मुझे सीमा और कोमल की यद् ा रही thi.saima को देखे बिना अब रहा नै जा रहा

था.

मने अपना बैग पैक किया और निचे की और जाने lga.main थोड़ा सा देरी से उठा था ,

मने देखा के ममी त्यार सोफे पर बैठी हुई थी.

मैं भी ममी के पास बेथ gya.main बैठा था के राधा रसोई से तीन कप चाय के

लेकर ा गई.

राधा ने ममी को और मुझे चाय di.radha के होंठो पर इक मुस्कान thi.main राधा

को देखने लगा.

हमने चाय ख़तम की और घर की तरफ चल diye.radha के बाप को ममी ने कॉल कर

दिया था के राधा अब हमरे साथ शहर मैं rehegi.radha भी खुश हो gai.yha

ाकि इस घर मैं रह रह कर राधा का मन भी बहार कही और जाने का कर रहा था.

हमारी कार अभ घर की और दौड रही thi.main ममी और राधा कार के पिछली सीट पर

बैठे the.main ममी और राधा के बिच बैठा tha.mere दोनों तरफ हसन मस्त

घोड्यां बैठी थी.

मेरा मन कुछ करने को hua.mane देखा ड्राइवर अपनी धुन मैं कार चला रहा

tha.mane ममी की और देखा वो बहार सड़क पर देख रही thi.radha का भी यही

हल था.

मैं कुछ मस्ती करने की मूड मैं tha.mane अपना हाथ राधा की जंग पर रख

diya.radha ने अपनी कातिल निगाहो से मुझे देखा और मुस्करा कर कार के शीशे से

बहार की और देखने लगी.

मने राधा की जंग को हाथ मैं भर मसल diya.radha की टंगे कम्प गई.

राधा मेरे कण के पास चेहरा कर बोली.

radha:-babu जी क्या करते हो , कोई देख लेगा.

ravi:-kuch नै होता तू मज़ा ले मेरी राधा.

मने राधा की जंग को सहलाना सुरु कर diya.radha थोड़ा दर रही थी के कही

ड्राइवर पीछे न देख ले.

मैं अभी बहुत कुछ करने वाला था के ममी मेरे कण मैं बोली.

mami:-ravi यह कुछ मत करो , जो करना है घर जाकर करना.

ममी के डाटने के बाद मैं चुप चाप बेथ gya.fir सरे रस्ते मैं चुप hi

reha.par राधा मेरी जांगू के साथ अपनी जंगे रगड़ टी rehi.main जब भी राधा की

तरफ देखता राधा मुस्करा देती.

दुपहर के कोई 12 बजे हम घर ा gye.main जैसे hi घर मैं आया कोमल मुझे

देख खुश हो gai.komal ने ब्लू टाइट जीन पहनी थी और उसके साथ येलो टॉप , जो

के उसके खूबसूरत जिस्म पर पूरा फसा हुआ था.

कोमल ने तोह मुझे घर के अंदर पेअर भी नै रखने diya.komal भाग कर आयी और

मेरे गले लग gai.komal मेरे चेहरे को चूमने lagi.komal तोह पागलो जैसे मेरा

चेहरा चुम रही थी.

कोमल ने मेरा हाथ पकड़ा और मुझे घर के ऊपर अपने रूम मैं ले गई.

कोमल ने मुझे बीएड पर बैठा , मेरे साथ बेथ gai.komal ने मेरा हाथ अपने

हाथो मैं पकड़ लिया.

komal:-(muskrate हुए) भइआ अप्प के बिना दो दिन बड़ी मुश्किल से कटे.

ravi:-komal तू भी न , जब मैं गाओं चला गया तब क्या करेगी.

komal:-"bhyia मैं आपके साथ गाओं जाओगी , मैं आपके बिना नै रह sakti"komal ने

अपना सर मेरे कंडे पर रखते हुए बोली.

ravi:-acha , तोह आपके पड़ने का किया होगा.

komal:-bhyia अप्प उसकी चिंता मत करो , बस मुझे आपके साथ रहना है.

ravi:-komal तुम न अभी भी बची हो.

komal:-nai , अब मैं आपकी प्यारी कोमल हु.

कोमा ने मेरा माथा चूमते हुए keha.komal के सरीर से ा रही मादक सुंगंड

मुझे इक अलग एहसास दे रही thi.jo एहसास मुझे कोमल के करीब आकर होता था , वो

शयद और किसी के पास न हो.

कोमल ने अज्ज सारा दिन मेरा साथ नै choda.komal तोह मुझे कही जाने hi नै दे रही

thi.komal बस बाटे कर रही थी , उसकी बाटे थी के काम hi नै हो रही thi....bagvan

बच्ये कोमल की बहुत साडी बातो से........
 
अपडेट-38

ravi:-komal अब मुझे छोड़ रही हो या अज्ज मेरे गला लग कर बैठी रहूगी.

कोमल मेरी बात सुन शर्मा gai.uske होंठो पर मुस्कान देख दिल मैं कुछ

अजीब सा हो रहा था.

komal:-(sharmate हुए) भइआ अब मैं चलती hu.app निचे ा जाना.

कोमल जाते हुए मेरी गाल पर इक चुमन दे gai.ab क्या करू इस कोमल ka.yh तोह

पगला गई है लगता.

मैं उठा और बाथरूम मैं चला gya.nha कर बहार आया और सूंदर से कपडे

पहन लिए.

अभी मैं कपडे पहन कर बीएड पर बैठा hi था के कोमल फिरसे ा गई.

ravi:-ab क्या हुआ गुडिअ , कुछ लेना था तुमको.

komal:-bhyia सीमा के बारे मैं बात करनी थी.

ravi:-acha बातो क्या जरुरी बात करनी है तुमको.

komal:-(darte हुए) भइआ वो सीमा अछि लड़की नै है.

ravi:-yh क्या बकवास कर रही ho.tum जानती हो न वो मुज़से कितना प्यार करती है.

komal:-(mera चेहरा देखते हुए) भइआ वो सीमा और सीमा दोनों इक दूसरे की

फ्रेंड्स हैं.

ravi:-(herian होते हुए) यह तुम क्या कह रही ho.tum गलत बोल रही है.

komal:-bhyia यही सच hai.mane सब पता किया hai.saima और सीमा इक hi कॉलेज

मैं पड़ती हैं.

ravi:-yeh कैसे हो सकता है.

komal:-bhyia सीमा की जॉब आपके ऐनी के बाद लगी hai.mami को खास मिलके उसने

यह जॉब ली थी.

मैं तोह हरिजन हुआ कोमल की बातो को सुन रहा tha.main सोच रहा था के सीमा

को सीमा के बारे मैं पता है , और कही दोनों मिली हुई तोह नै.

komal:-bhyia सीमा रोज़ सीमा को मिलने कॉलेज हॉस्टिले जाती hai.app इस बारे मैं

सीमा से पूछ जरूर लेना.

इतना बोल कोमल मेरे रूम से चली गई.

मैं उठा और शूरति के रूम की तरफ चल diya.muze यद् आया था के मैं शूरति को

मिला hi नै था.

शूरति अपने कमरे मैं बीएड पर पेट के बल लेती हुई कोई किताब पद रही thi.shurti की

मस्त गदराई गांड ऊपर को उठी हुई thi.gand की गहरी दरार इक पतली सी लोर मैं दिख

रही thi.shurti अपनी तंग को ऊपर उठाये अपनी गांड पर मर रही थी.

मैं शूरति के पास जाकर बेथ gya.shurti डरते हुए इक डैम से उठी , और चिलाती हुई

मेरे गले लग gai.jis त्र शूरति ने मुझ पर शिलांग लगाई , मैं अपना बैलेंस खो

गया और बीएड पर गया.

शूरति मेरे ऊपर गिर gai.shurti के मोठे मस्त दूध मेरे सीने मैं डाब से गए.

उफ़ शूरति के हाथ बीएड पर लग गए थे और उसके मोठे चुके मेरे सीने मैं डाब

से गए थे.

"aahhhhhh"meri और शूरति की इक सिसकी निकल gai.ham दोनों के लिए टाइम थम सा गया

था.

शूरति के घने मुलाम बालो की सुगंद मेरे नक् मैं जा रही thi.muze मदहोश

कर रही थी.

शूरति के नाज़ुक बदन का पूरा भर मेरे पहलवानी सरीर पर फूल की त्र लग रहा

था.

शूरति तोह जैसे खो से गई थी.

शूरति थी भी बहुत sunder.uski काली आँखें , गुलाबी होंठ , जो थोड़े पतले थे ,

तीखा चेहरा , बिलकुल प्रियंका चोपड़ा जैसी सूरत थी उसकी.

शूरति की पतली कमर और बड़े चुके , उनके तने हुए निपल लुंड की हालत ख़राब

करने के लिए काफी थे.

मेरा लुंड धीरे धीरे खड़ा होने lga.shurti को जब मेरे लुंड का थोड़ा आभास

हुआ तोह वो थोड़ा सा हिली.

शूरति उठने लगी , पर मने उसकी पीठ पर हाथ रख उसे अपने से कास लिया.

"आह्ह्हह्ह्ह्ह भइआ कुछ चूब रहा है पेट main"shurti ने मेरे कानो के पास अपने

होंठ रखते हुए बोली.

"नै , यह तुम्हारा वहां है , शयद मेरा हाथ hoga"mane शूरति को झूठ बोलते

हुए कहा.

मैं शूरति की पथ को सेहला रहा tha.shurti की सांसे अब तेज़ तेज़ चल रही thi.shurti

का पेट अब उसके हिलने से मेरे लुंड को रगड़ रहा था.

शूरति इक जटके से उठ कर बेथ gai.main अभी भी लेता हुआ tha.shurti ने मेरे लुंड

की तरफ देखा , जो के तम्बू जैसा बना हुआ tha.meri लोर लुंड वाले हिस्से दे फूली हुई

थी.

शूरति को मेरे लुंड की लम्बाई , और मोटाई पता चल रही thi.shurti के गोर मस्त

दूध अब उसके साँस लेने से ऊपर निचे हो रहे the.shurti के लाल होंठ अब कम्प

रहे थे.

शूरति बीएड से उठी और खिड़की के पास आकर रुक gai.vo बहार देखते हुए अपनी सांसो

को कण्ट्रोल करने लगी.

मने शूरति की और देखा , शूरति की पीठ इक कमर इक डैम पतली और गांड बहार की तरफ

निकली हुई thi.uski लोर उसकी गांड से पूरी कासी हुई thi.shurti के बड़े बड़े मस्त

गदराये चिताड़ अब और भी बड़े लग रहे थे.

चितदो के बिच का कटाव अब और भी सेक्सी लग रहा tha.shurti काम की देवी लग रही

thi.muzse और नै सेहन हुआ , मैं उठा और शूरति के पीछे जाकर खड़ा हो गया.

मेरा मस्त लुंड शूरति की मोती गांड मैं डाब सा gya.shurti ने अह्हह्ह्ह्ह भरी और

अपने हाथो से खिड़की को पकड़ लिया.

मने शूरति से चिपके हुए अपने हाथ शूरति के हाथो पर रख diye.mane अपने

हाथो से शूरति के हाथो को दबा diya.shurti थोड़ा पीछे को हो gai.ab हम दोनों इक

दूसरे से पूरी त्र चिपक गए the.ab हम दोनों के बिच मैं से हवा भी नै गुजर

सकती थी.

मेरे लुंड का मोटा सूपड़ा शूरति को अपनी गांड के दरार मैं महसूस हो रहा

tha.na तोह शूरति कुछ बोल रही थी और न hi main.ham दोनों खामोश थे पर

हमारे सांसे , हमारा जिस्म , हमारे जिस्म की गर्मी सब कुछ बयान कर रहा था

के कब हम दोनों इक दूसरे के इतने करीब ा गए थे.

5 मिंट तक हम ऐसे hi खड़े rehe.fir हम दोनों अलग हो gye.shurti अलग होते hi

बहार की तरफ जाने lagi.vo मुज़से नज़रे भी नै मिला रही thi.mane भी उसे रोका नै.

मैं जब भी शूरति के पास अत , मुझे शुरतु के बदन की खुसबू , इक अलग एहसास

deti.shurti के बदन की खुशबु , ममी के बदन की खुशबु से अलग थी.

शूरति का जिस्म मुझे उसकी और खींच रहा tha.par मैं कुछ करना नै चाहता था.

जब तक शूरति खुद न kahe.akhir मेरी बहिन जैसी थी , अगर वो नाराज़ हो गई

toh.nai मैं शूरति को दुःख नै देना चाहता था.

शूरति गेट के पास गई और इक पल किये रुक gai.fir मैं शूरति ने जो किया , मैं तोह

हरिजन हो gya.mera लुंड फटने को त्यार हो गया.

शूरति गेट के पास गई और धीरे धीरे निचे झुकने lagi.shurti की बड़ी सी मस्त गांड

अब और भी छोड़ी होने lagi.esa लग रहा था के पतली से लोर मैं से शूरति के चूतड़

बहार न निकल ए.

शूरति की लोर इतनी कासी हुई थी गांड पर के क्या kahu.uske गोल गांड का उबार , उसके

नरम चिताड़ , और उसका यु घोड़ी बनना , मेरा बुरा हल कर रहा था.

शूरति अपने पेअर को थोड़ा सहलाने lagi.shyad वो अपने संदल को ठीक करने की

कोससिह कर रही थी.

मेरा मन कर रहा था के कायदे के ऊपर से hi लुंड शूरति की गांड मैं घुसा

du.shurti ज़ुकी होइ बहुत हसन लग रही थी.

शूरति ने उसी त्र झुके हुए मेरी तरफ देखा और थोड़ा सा मुस्करा padi.shurti की

मुस्कराहट मेरे दिल को शू से गई.

मैं जैसे hi अग्गे बड़ा , शूरति मुझे जीभ दिखा बहार बाघ gai.shurti का ऐसे बाघ

कर जाना मुझे ाचा लगा.

मैं अब बहार जाने hi लगा था के सीमा का फ़ोन बज utha.ik डैम से कोमल की बाटे

मेरे दिमाग मैं घूम gai.ab मुझे कोमल की बातो पर विश्वास करना था यह नै ,

यह मैं बता भी नै सकता था........

 
अपडेट-39

मने सीमा का फ़ोन उठा लिया.

saima:-hlo जान कैसे ho.etni देर क्यों लगा दी.

ravi:-bas ऐसे hi , तुम बताओ क्या कर रही हो.

saima:-tume यद् कर रही hu.ajj कल तुम सोने खा देते हो.

ravi:-acha , मेरी इतनी यद् क्यों ा रही है.

saima:-(sharmate हुए) वो तुमसे मिलने का मन कर रहा है , इक बार मिलो न आकर.

ravi:-(haste हुए) तुम ऐसा करो , मुझे लेने ा जाओ.

saima:-main , न बाबा न , अगर तुम्हारी ममी ने देख लिया तोह.

ravi:-are मेरी जान , तुम घर से थोड़ा डोर मुझे कॉल कर देना.

saima:-hain यह ठीक रहेगा , मैं अभी आयी.

मैं सीमा से बात कर खुश हो gya.saima को मिलकर सब कुछ जानना चाहता

tha.saima कोण है , खा से आयी , क्या उसने मुझे सब कुछ सच बत्तत्या है , सब

कुछ जानना चाहता था.

मैं भी नहा के त्यार हो gya.ghar के हॉल मैं आकर मने देखा कोमल वह बैठी

हुई थी.

मैं जनता था के कोमल मुझे बहुत से सवाल करने वाली है.

अब क्या करू कुछ समाज मैं नै ा रहा tha.par मने कोमल को प्यार से समझने

का फैसला किया.

मैं कोमल के पास ा गया.

komal:-(muze देखते हुए) भइआ कहा जा रहे o.jao कमरे मैं आराम करो.

ravi:-vo वो कोमल मैं अभी आया दो मिंट मैं.

komal:-app ने 5 घंटे सफर किया hai.abhi आपको आराम की जरूरत है.

ravi:-tum भी न , कोमल तुम मेरी कसम मुझे जाने दो.

कोमल कड़ी हुई और मेरे पास ा gai.komal मेरी आँखों मैं देखने लग gai.komal

की आँखों मैं मुझे बहुत प्यार दिख रहा tha.ajj मेरा जाने को मन नै कर रहा

tha.par सीमा और सीमा के बारे मैं सब कुछ पता करना था.

komal:-(rote हुए) मैं आपसे प्यार करती hu.app अगर जाना चाहते हो तोह जा ायो.

मने थोड़ा मुस्करा कर कोमल को गले लगा liya.mane इक चुमन कोमल की गाल पर

कर diya.komal मेरे सीने से लग gai.kafi देर वो मुझे बहो मैं भर कर कड़ी

rehi.fir कोमल मुज़से अलग हुई और मैं घर के बहार निकल गया.

कोई 15 मिंट बाद मुझे सीमा अति दिख gai.saima ने व्ही ब्लैक सूट पहना tha.jo

उसदिन पहन कर आयी thi.bahut खूबसूरत लग रही थी.

सीमा मेरे पास आयी और मुझे अपने साथ बैठा लिया स्कॉटी पर.

पता नै सीमा मुझे खा लेजा रही thi.par सीमा मुझे शहर के बीचु बिच इक पार्क

मैं ले आयी.

मने देखा वह कई लड़के और लड़कियाँ बैठे बाटे कर रहे थे.

सीमा ने मेरा हाथ पकड़ा और मुझे पेड़ो के पीछे इक खली जगा पर ले गई.

मैं सीमा के साथ निचे घास पर बेथ gya.main सीमा से कुछ सवाल करना

चाहता था , पर समाज मैं नै ा रहा था के कैसे सुरु करू.

saima:-kya हुआ कुछ परेशान लग रहे हो.

ravi:-hain वो तुमसे इक बात करनी है.

saima:-(serious होते हुए) क्या बात करनी है मेरी जान को.

ravi:-main तुम्हारे बारे मैं सब कुछ जानना चाहता हु.

saima:-tume बता तोह दिया था mane.main सीमा खान हु.

ravi:-acha तोह मुझे तुम्हारे maa-baap से मिलना है अभी.

saima:-(rote हुए) तुम मेरे प्यार पर शक कैसे कर सकते हो.

ravi:-es मैं शक करने जैसी कोई बात nai.ham दोनों इक होने वाले hain.hme इक

दूसरे के बारे मैं सब कुछ पता होना चाहयिआ न.

saima:-par मने तुम सब कुछ बता दिया है.

ravi:-nai तुमने झूठ bola.tumne खा था के तुम दुकान से सीधा घर जाती हो.

saima:-hain तोह मेने सच hi बोलै था.

ravi:-tum कॉलेज मैं पड़ने जाती हो.

saima:-(ese कैसे पता चल गया) नै नै मैं कही पड़ने नै जाती.

ravi:-dekho सीमा मने तुमसे प्यार किया है , तुम्हारी हर बात का मुझे पता है ,

तुम अभी झूठ बोल रही हो.

saima:-hain मैं कॉलेज मैं पड़ती hu.es मैं गलत क्या hai.kya मुझे पड़ना नै

चाइये.

ravi:-tume मने कब roka.main तुम्हारे बारे मैं सब कुछ जानना चाहता हु.

saima:-bta तोह दिया ab.ab और कुछ नै बचा है.

ravi:-seema को जानती हो.

सीमा का नाम सुन सीमा का चेहरा एकदम फीका पद gya.saima को समाज मैं नै

ा रहा था के अब वो क्या जवाब de.uski ख़ामोशी मुझे चूब रही थी.

मैं चाहता था के सीमा मुझे बता दे ,.पर सीमा थी के चुप thi.jaise उसकी जुबान

को टाला लग गया हो.

आखिर क्या छुपा रही थी saima.vo क्या जंतु है सीमा के बारे main.kahi सीमा

मुजसर बदला लेने के लिए तोह यह सब नै कर rehi.kon है सीमा उसकी असलियत क्या

hai.yeh सरे सवाल मेरे दिमाग मैं घूम रहे थे.......

 
अपडेट-40

मैं यही सोच रहा था के सीमा उठ कर जाने लगी.

ravi:-are तुम खा जा रही ho.apne बारे मैं और बताओ न.

सीमा ने मेरी तरफ गुस्से से देखा और रट हुए मेरी तरफ ा गई.

saima:-(gusse मैं और रट हुए) क्या अपने बारे , अपने बारे मैं लगा रखा है.

ravi:-yahi के तुम कोण हो और सीमा को कैसे जानती हो.

saima:-seema मेरी छोटी बहिन है.

मैं सीमा की बात सुन हरिजन हो gya.mera तोह पूरा सरीर सुन पद gya.agar कोई

मुझे काट भी देता तोह मुझे कुछ पता न lagta.mera दिमाग काम करना छोड़ रहा

tha.meri तोह सांसे hi थम गई थी.

सीमा उस सीमा की बड़ी बहिन है , जिसको मैं बचपन से चाहता tha.yeh बागवान

ने किया कर दिया.

सीमा के पिता तोह अपनी बेटी की तरफ देखने वाले को hi जिन्दा काट देते है.

मने तोह उनकी बेटी से प्यार किया hai.main अपनी गर्दन पर हाथ फेरने lga.jaise यह

अब बचने वाली नै थी.

पर अगर सीमा सरपंच की बेटी है , तोह वो यह क्या कर रही hai.eske पिता के पास

इतनी दौलत है के ममी के दुकान को 10 सेकण्ड्स मैं खरीद सकते हैं.

अगर उनको पता चला के उनकी बेटी इक दुकान पर काम करती है तोह मेरा क्या होगा.

अब मुझे कोमल की बाटे यद् ा रही thi.kya करू कुछ समाज मैं नै ा रहा था.

saima:-(rote हुए) मोह बंद करो , वार्ना माखी घुस जाएगी.

मने सीमा की और देखा और उसके माथे को चेक किया.

कही मेरे गुस्सा करने से सीमा को भूकर तोह नै हो गया.

ravi:-(ladkhdati हुई आवाज़ मैं) ttt..tt..tuu..mm मेरे गाओं की हो.

saima:-hain , मैं तुम जानती हु.

अब इक और जतका मैं फिर से हरिजन हो गया.

saima:-tumne फिर मोह खोल liya.mane कहा बंद करो , माखी घुस जाएगी.

मैं कुछ समबलता हुआ बोलै.

ravi:-tum मेरे बारे मैं सब कुछ जानती हो.

saima:-hain बाबा , तुम मेरी जान जो हो.

ravi:-yar मेरा सर घूम रहा hai.main लेटना चाहता हु.

saima:-(muskrate हुए) मेरी गॉड मैं सर रख लेट जाओ.

सीमा ने मुझे अपनी गॉड मैं सर रख लिटा diya.ab कुछ ाचा लग रहा था.

ravi:-ab मुझे सब कुसग बता do.ke तुम यह क्या कर रही हो.

सीमा ने मेरे माथे को चुम लिया.

saima:-bat तब की है , जब हम बचपन मैं स्कूल मैं पड़ते the.main , सीमा

से दो साल बड़ी थी.

इक दिन स्कूल मैं जब तुमने 5तह क्लास मैं इक लड़की की जान बचाई थी , तुम कुछ

यद् है.

ravi:-(thoda सोच कर) हैं , हैं यद् आया , मने इक लड़की को बचाया था शयद

हैं वो तोह सीमा thi.do लड़के उसे मर रहे थे.

saima:-hain मेरी छोटी बहिन थोड़ी जिद्दी है , उसने उन लड़को की बहिन की आँख पेन

मर कर निकल दी thi.seema बहुत घमंडी है.

ravi:-hain यह तुमने ठीक कहा.

saima:-agar तुम न होते तोह वो लड़के सीमा की आँख निकल dete.main तोह तुम्हारी उसी

दिन से कर्जदार हु.

पर मैं तुम मिल नै सकीय , तुम इक बार मने देखा था , पर मैं तुम बुला न

स्की.

ravi:-par तुम ममी की दुकान पर किऐसे आयी और तुम कैसा पता चला के मैं यह

ऐनी वाला हु.

saima:-(haste हुए) इस मैं उसने मेरी हेल्प ki.vo बहुत अछि है.

ravi:-tum किसकी बात कर रही हो.

saima:-tumari बहिन कोमल.

कोमल का नाम सुनते मैं इक मिंट मैं उठ कर बेथ gya.eska मतलब कोमल सब

जानती thi.matlab मेरा यह आना , ममी का दुकान मैं काम देना , सीमा का

सेक्रेटरी बन न , यह सब कोमल का प्लान था.

पर कोमल तोह ऐसे मेरे साथ बाटे करती थी जैसे कोमल को कुछ पता hi न हो.

कोमल को सब पता था , कोमल मुझे इतना प्यार करती है , मुझे अज्ज पता चला.

saima:-kaha खो गए तुम.

ravi:-yahi सोच रहा हु के तुमने और कोमल ने मेरा पोपट बना दिया.

saima:-(haste हुए) तुम्हारी बहिन बहुत चालक है.

ravi:-par तुम कोमल को कब मिली.

saima:-komal जिस कॉलेज मैं +2 क्लास कर रही है , उस कॉलेज में मैं भी

पड़ती हु.

ravi:-acha तोह तुमने कोमल को व्ही पहचान लिया.

saima:-nai , सीमा और कोमल इक hi क्लास मैं hai.seema ने मुझे कोमल से मिलवा

diya.bato hi बातो मैं मुझे पता चला के कोमल हमारे गाओं की है और तुम्हारी

छोटी बहिन है.

ravi:-or फिर तुमने मेरे बारे मैं सब पता कर लिया.

saima:-hain , यह बात सच है , कोमल को मेरी बातो से पता चला के मैं तुमसे

प्यार करती hu.par गाओं मैं तुमसे मिलना और प्यार करना असबाव tha.es लिए मने

और कोमल ने इक प्लान बना लिया और तुम यह बुला लिया.

ravi:-par तुम मुज़से प्यार क्यों hua.akhir तुम और भी तोह कई लड़के मिल सकते थे.

saima:-komal से मुझे पता चला के तुम कितनी म्हणत से उसे पड़ा रहे ho.ik कच्चे

घर मैं रह कर पिछले 8 सालो से तुमने खेतो मैं दिन रत इक कर अपनी बहिन को

पढ़ाया था.

मैं तुम्हारी दीवानी हो gai.meri आँखों से असनु बहने लगे.

कोमल भी रोने लगी thi.pta नै क्यों मुझे उसकी आँखों मैं तुम्हारे लिए इतना प्यार

दिखा के मेरा प्यार भी उसके सामने फीका पद गया.

ravi:-(rote हुए) हैं कोमल तोह मेरी जान hai.main भी उससे बहुत प्यार करता हु.

saima:-hain मैं जानती hu.tumari अच्छी और अपने परिवार के लिए इतना प्यार देख

मेरा दिल तुम पर ा गया.

मैं तुमको पाना चाहती thi.main तुम्हारे बिना इक पल भी नै रह सकती थी.

ravi:-acha , पर अगर मैं तुमको न मिलता , हैं सच उस दिन मने तुम मना कर

दिया था.

saima:-hain जब तुमने मुझे मना किया , मैं घर जाकर बहुत roi.etna रोना मुझे

कबि नै आया tha.fir मने कोमल को सब कुछ फ़ोन पर बता दिया.

कोमल ने मुज़से कहा के भइआ तुम कल hi आकर खुद कहेगे के वो तुमसे प्यार

करते hain.or हुआ भी ऐसा hi , तुमने मुझे अपना बना लिया.

ravi:-baap रे बाप , मैं तोह हरिजन hu.are मैं खुद को चालक समज़ता था पर

कोमल इतनी चालक है , मुझे पता hi नै था.

saima:-ab तुम सब कुछ पता चल गया , अब क्या सोचा तुमने.

ravi:-shiiii , अपना मोह बंद करो.

सीमा इक डैम खामोश हो gai.mane सीमा का चेहरा अपने हाथों मैं पकड़

लिया.

सीमा को पता था के मैं क्या करना चाहता हु.

मैं अपने होंठ सीमा के होंठो के पास ले gya.mane अपने होंठ सीमा के

होंठो पर रख diye.main सीमा के होठनो का रास पीने लगा.

सीमा के नरम गुलाबी होंठ शहद की त्र मीठे लगा रहे the.main सीमा के

चेहरा कास कर पकड़ उसके होंठो को कास कर चूस रहा था.

मैं कबि सीमा के ऊपर के होंठ चुस्त तोह कबि निचे vala.saima के होंठ

मैं काफी देर चुस्त reha.main सीमा को छोड़ना चाहता था पर सीमा ने अपनी

जीभ मेरे मोह मैं दाल दी.

मैं सीमा की जीभ को मोह मैं दबा चूसने लगा.

आखिर सीमा के साँस उखाड़ने lagi.saima की आँखों मैं असनु ा गए the.par वो

मुझे छोड़ hi नै रही थी.

मने जबरदस्ती सीमा को पीछे kiya.vo हाफति हुई मेरे सीने से चिपक गई.

सीमा की आँखों मैं असनु the.main उसकी पथ सेहला रही थी.

पर मुझे अब कोमल की बंद बजानी thi.komal की तोह अब खैर नै थी.....

 
अपडेट-41

अभी मैं कोमल के बारे मैं hi सोच रहा tha.par मने सोचा अभी सीमा तोह

पास है , अभी सीमा से प्यार करता हु.

ravi:-saima अब चले kya.dekho 4 बज gye.komal इंतज़ार कर रही होगी.

saima:-(muskrate हुए) ाचा तोह चलो , पर कब तुम मेरे पिता जी से बात कर रहे

हो.

ravi:-(herian होकर) किस लिए.

saima:-are बुद्दू , मेरे पिता जी से मेरा हाथ जो मग्न है तुम.

ravi:-(herian होते हुए) क्या , तुम किया मेरी जान logi.tera बाप मुझे मर देगा.

saima:-(haste हुए) यह तोह तुम पहले सोचना चाहिए था.

अब क्या करू , हैं कोमल से बात करता hu.komal hi मेरी हेल्प करेगी.

saima:-kha खो गए हो tum.ab बता भी दो कब ायोगे हमारे घर.

ravi:-muze घर छोड़ दो , तुम कल बता दूंगा.

saima:-acha चलो घर.

मैं और सीमा घर की तरफ निकल pde.ab मुझे कोमल पर बहुत गुस्सा ा रहा

tha.komal ने मुझे फसा दिया था , अब अगर सीमा को मना कर दिया तोह इसका दिल टूट

जायेगा और अगर सीमा का दिल टुटा तोह कोमल भी दुखी हो जाएगी.

अब कोमल hi कोई रास्ता दिखा सकती hai.fir मने सब बागवान पर छोड़ दिया.

saima:-tum बहुत अचे हो.

ravi:-vo कैसे.

saima:-(muskrate हुए) देखो न , अगर तुम्हारी जगा कोई और होता तोह मैं पार्क से

बच कर नै अति.

मैं सीमा की बात समाज gya.or मने सीमा के को कास कर पकड़ liya.saima ने इक

बार मेरी और मुस्करा कर देखा और फिर अग्गे देख मंद मंद मुस्कराने लगी.

ravi:-saima तुम्हारे होंठ बहुत खूबसूरत हैं.

saima:-(shatmate हुए) मुझे क्या पता.

ravi:-acha अपनी वो कब दिखा रही हो.

saima:-kya.

ravi:-vo वाली.

मने अपना इक हाथ सीमा के पैट पर रखते हुए सीमा की छूट को हाथ से मसल

दिया.

saima:-aahhhhh हाथ हटा लो.

ravi:-abhi तुमने खा था कुछ करते nai.ab कर रहा हु तोह तुम परेशान हो रहे हो.

saima:-acha जी , कोमल से बात करुँगी.

ravi:-nai , नै कोमल को कुछ नै बताना.

saima:-kyu दर गए क्या.

मैं कुछ नै bola.bas चुप चाप से सीमा की खूबसूरत गर्दन पर इक चुमन

दे दिया.

सीमा भी काफी खुश thi.ab अपनी सचाई बता कर उसका भी मन हल्का हो गया था.

सीमा ने मुझे घर से थोड़ी डोर उतर दिया और फिर चली गई.

मैं घर की तरफ ा gya.ab कोमल की खैर नै थी.

मैं घर के अंदर आया तोह कोमल मुझे कही नै dikhi.main उसे ढूढ़ने लगा.

पर कोमल थी kaha.akhir मैं अपने कमरे की और ा gya.muze पता था के कोमल यह

जानती होगी के मुझे सब पता चल गया है.

इस लिए चुप रही hogi.par अज्ज मुझे वो मुज़से चुप नै सकती.

मने अपने कमरे को जैसे hi ढाका दिया , मैं सामने का नज़ारा देख हरिजन रह

गया.

कोमल बीएड पर पीठ के बल सोइ होइ किसी से फ़ोन पर बात कर रही थी.

कोमल ने इक शार्ट कापरी पहनी thi.uski गोरी दूध जैसी पिण्डलियों देख मेरी अखन

व्ही थम गई.

कोमल अपने गोरी एड़िओं को अपने गांड पर मरती हुई , किसी से हस्ती हुई बाटे कर रही

थी.

कोमल के एडीईओं जब उसकी नरम गांड पर लगती तोह इक कम्पन सी कोमल के चितदो

मैं पैदा होती.

काफी देर तक मैं व्ही खड़ा रहा , कोमल की सुंदरता देख मैं खो सा गया

tha.main भूल hi गया था के मुझे तोह कोमल से लड़ना है.

मने जोर से दरवाजा बंद किया और अंदर से कुण्डी लगा दी.

कोमल ने मेरी तरफ देखा और मोबाइल बंद कर diya.komal थोड़ा अब भी मुस्करा

रही थी.

komal:-(muskrate हुए) भइआ क्या हुआ , अप्प ने दरवाजा क्यों बंद किया.

ravi:-abhi बता देता हु.

मैं कोमल के पास ा gya.mane बीएड पर चढ़कर कोमल का हाथ पकड़ लिया.

komal:-bhyia अहह छोड़ो मुझे.

ravi:-yeh सब तूने किया , मुझे गाओं से यह बुला कर , फिर सीमा को मेरे पास बेह्जा

और मुझे उसके साथ बंद दिया.

komal:-app को सब पता चल गया.

ravi:-hain मेरी पारी ,अब तेरी खैर नै.

मने कोमल को बीएड पर लिटा दिया और उसे बहो को पकड़ लिया.

ravi:-ab सारा दिन तुझे ऐसे hi बीएड पर लिटा कर रखुगा.

komal:-(wow मज़ा ा गया यार) नै भाई यह गलत है , छोड़ो मुझे.

ravi:-(abhi छोड़ दो नै इसकी और खिचाई करता हु) तूने मेरा पोपट बना दिया.

komal:-(bhyia आपसे प्यार जो इतना है) भइआ छोड़ो नै तोह ममी को बता दूंगी.

ravi:-tune उसदिन मुझे मारा था , क्युकी मने तुम्हारे होंठो को चूमा था.

komal:-(wow ग्रेट यार) तोह अब अप्प मुझ अबला नारी के साथ क्या करना चाहते हो.

ravi:-(ab देखु कैसे डर्टी है) तुम्हारे होंठो पर इक चुमन दूंगा.

komal:-(main भी यही चाहती हु , के अप्प मुझे चुम लो) भइआ देखो उसदिन मने

क्या खा tha.agar अज्ज अप्प मेरे साथ कुछ किया तोह मैं कबि आपके साथ बात नै

करुँगी.

ravi:-mat करना , मुझे तुमसे क्या लेना है , अब मेरे पास सीमा जो है.

komal:-(dekho कमीना लड़की मिली तोह मुझे भूल गया) ओह तोह अप्प जाओ न उसके पास ,

मुज़से क्या लेने ए हो.

ravi:-yar तुमसे अछि तोह रमा है , मुझे इक चुमन तोह रोज़ मिटा था.

komal:-(yeh होंठ तोह आपके हे हैं) ाचा तोह जाओ अपनी रमा के पास , छोड़ दो

मुझे.

कोमल हाथ छुड़ाने की कोससिह कर रही थी पर उसका जोर नै लग रहा tha.mane

कोमल के हाथ कास कर पकडे हुए थे और उसके ऊपर ज़ुका हुआ था.

इतना भी नै ज़ुका था के मेरा सीना उसके दूध से लग जाता.

komal:-bhyia अप्प मुझे छोड़ रहे हो जा मैं रो दू.

ravi:-ik चुमन hi तोह माँगा है देदो न.

komal:-(yeh पूरा जिस्म आपका है) नै भइआ अप्प ऐसे नै कर सकते.

मने कोमल के होंठो के पास अपने होंठ कर liya.ham दोनों की सांसे इक दूसरे के

चेहरे पर पद रही थी.

कोमल की गरम सांसो मैं इक खिचाव था , जो मुझे उसकी और खींच रहा था.

मैं अपना आतम विस्वाश खो रहा था.

komal:-(man मैं) भइआ चूस लो मेरे होंठ , मैं आपकी होना चाहती hu.pls

रुकना मत , ायो और करीब ayo.oh आपकी गरम सांसे , मुझे पागल कर रही है , मैं

मदहोश हो रही हु.

भइआ ी लव ु , मैं आपसे बहुत प्यार करती hu.or करीब ायो , बस थोड़ा सा और ,

हमारे होंठ मिलने वाले है.

ravi:-(man मैं) अरे पगली मैं तोह मज़ाक कर रहा hu.usdin की त्र तेरे दिल को

ठेस नै पहुँच ने दूंगा.

मैं तुमसे बहुत प्यार करता हु , पर तुम कही फिर से नाराज़ हो गई toh.par क्या

करू कोई ताकत मुझे खींच रही है तेरी तरफ.

कोमल और रवि के होंठ काफी करीब ा चुके थे पर रवि कोमल के दुखी नै करना

चाहता था.

इसलिए रवि ने कोमल को छोड़ दिया.

कोमल उठ कर बेथ गई और रवि के कंडे पर अपना सर रख दिया.

komal:-(man मैं) इक नंबर का फत्तू है , इतनी खूबसूरत लड़की को बिना किश किये

छोड़ diya.mere तोह तन बदन मैं अग्ग लगा di.abhi अपने कमरे मैं जाती हु.

कोमल ने रवि की गाल को चूमा और रूम से बहार चली गई.

रवि व्ही बीएड पर लेट गया और चाट की तरफ देखने लगा.....

 
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